भारतीय शेयर बाजार में इन दिनों उतार-चढ़ाव का दौर जारी है, लेकिन कुछ स्टॉक्स ऐसे हैं जिन पर एक्सपर्ट्स अब भी मजबूत भरोसा जता रहे हैं। ऑटो सेक्टर की दिग्गज कंपनी Ashok Leyland उन्हीं में से एक है।
हालांकि पिछले कुछ समय में इस शेयर में खास तेजी देखने को नहीं मिली है, लेकिन ब्रोकरेज फर्म्स का मानना है कि आने वाले समय में इसमें अच्छा उछाल आ सकता है।
ब्रोकरेज की राय: 25% तक उछाल की संभावना
घरेलू ब्रोकरेज हाउस Motilal Oswal Financial Services ने Ashok Leyland के शेयर पर “Buy” रेटिंग दी है।
- मौजूदा कीमत: ₹149 (लगभग)
- टारगेट प्राइस: ₹185
- संभावित उछाल: करीब 25%
ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी के फंडामेंटल्स मजबूत हैं और आने वाले समय में कमर्शियल व्हीकल सेगमेंट में डिमांड बढ़ने से कंपनी को फायदा मिलेगा।
52-वीक हाई से नीचे, लेकिन मौका अभी भी है
Ashok Leyland का शेयर फरवरी 2026 में ₹215.35 के स्तर तक पहुंच चुका है, जो इसका 52 हफ्ते का उच्चतम स्तर है।
वहीं:
- 52-वीक लो: ₹95.20
- मौजूदा स्तर: हाई से काफी नीचे
इसका मतलब यह है कि शेयर अभी अपने पीक से नीचे ट्रेड कर रहा है, जिससे निवेशकों को एंट्री का मौका मिल सकता है।
कमर्शियल व्हीकल सेगमेंट में रिकवरी
ब्रोकरेज रिपोर्ट के अनुसार, भारत में कमर्शियल व्हीकल (CV) सेगमेंट में डिमांड लगातार सुधर रही है।
- GST दरों में कटौती के बाद डिमांड में सुधार
- छोटे फ्लीट ऑपरेटर्स की वापसी
- सभी सेगमेंट्स में पॉजिटिव ट्रेंड
सितंबर 2025 से शुरू हुआ यह रिकवरी ट्रेंड मार्च 2026 तक जारी रहा है।
यह संकेत देता है कि इंडस्ट्री धीरे-धीरे स्थिरता की ओर बढ़ रही है।
मार्च सेल्स ने दिया पॉजिटिव संकेत
कंपनी के हालिया बिक्री आंकड़े भी इस ट्रेंड को सपोर्ट करते हैं।
मार्च 2026 में:
- कुल बिक्री: 25,381 यूनिट
- पिछले साल: 24,060 यूनिट
- ग्रोथ: लगभग 5%
घरेलू बिक्री
- 23,743 यूनिट (5% वृद्धि)
मिडियम और हेवी कमर्शियल व्हीकल (M&HCV)
- 16,238 यूनिट (हल्की वृद्धि)
लाइट कमर्शियल व्हीकल (LCV)
- 7,505 यूनिट (पिछले साल 6,428)
LCV सेगमेंट में तेजी यह दिखाती है कि छोटे व्यवसाय और लॉजिस्टिक्स सेक्टर में गतिविधि बढ़ रही है।
कंपनी के वित्तीय नतीजे भी मजबूत
दिसंबर तिमाही (Q3 FY26) में कंपनी के प्रदर्शन में सुधार देखने को मिला।
- मुनाफा: ₹862.24 करोड़
- पिछला साल: ₹819.67 करोड़
- वृद्धि: 5.19%
रेवेन्यू
- ₹14,830 करोड़
- पिछले साल: ₹11,995 करोड़
हालांकि, खर्च भी बढ़ा है, लेकिन कंपनी ने मुनाफे में बढ़त बनाए रखी है।
जोखिम क्या हैं?
हालांकि आउटलुक पॉजिटिव है, लेकिन कुछ चुनौतियां भी बनी हुई हैं:
- कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें
- मिडिल ईस्ट में तनाव
- निर्यात में संभावित बाधाएं
इन कारणों से FY27 और FY28 के अनुमान में करीब 13% की कटौती की गई है।
यह दिखाता है कि वैश्विक कारक अब भी इस सेक्टर को प्रभावित कर सकते हैं।
क्यों एक्सपर्ट्स अब भी बुलिश हैं?
इन चुनौतियों के बावजूद ब्रोकरेज का भरोसा बना हुआ है, इसके पीछे कुछ मजबूत कारण हैं:
1. इंडस्ट्री रिकवरी
कमर्शियल व्हीकल डिमांड में लगातार सुधार
2. कंपनी की मजबूत पकड़
Ashok Leyland भारत के CV सेगमेंट में एक प्रमुख खिलाड़ी है
3. वैल्यूएशन आकर्षक
शेयर अभी हाई से नीचे है, जिससे अपसाइड की संभावना बनती है
4. लॉन्ग टर्म ग्रोथ
इन्फ्रास्ट्रक्चर और लॉजिस्टिक्स सेक्टर की ग्रोथ से फायदा
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
अगर आप इस स्टॉक में निवेश करने की सोच रहे हैं, तो कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है:
- यह शॉर्ट टर्म ट्रेड के बजाय मिड-टू-लॉन्ग टर्म के लिए बेहतर हो सकता है
- मार्केट वोलैटिलिटी को ध्यान में रखें
- एंट्री के लिए सही लेवल का इंतजार करें
क्या ₹200 के करीब जाएगा शेयर?
ब्रोकरेज के टारगेट ₹185 के हिसाब से देखें, तो यह शेयर ₹200 के करीब पहुंच सकता है, अगर:
- मार्केट सेंटिमेंट पॉजिटिव रहता है
- सेक्टर में डिमांड बनी रहती है
- ग्लोबल रिस्क कम होते हैं
हालांकि, यह पूरी तरह बाजार की स्थितियों पर निर्भर करेगा।
निष्कर्ष
Ashok Leyland का शेयर फिलहाल सुस्त जरूर दिख रहा है, लेकिन इसके फंडामेंटल्स और इंडस्ट्री ट्रेंड इसे एक संभावित ग्रोथ स्टॉक बनाते हैं।
ब्रोकरेज की 25% उछाल की भविष्यवाणी इस बात का संकेत है कि यह स्टॉक आने वाले समय में निवेशकों को अच्छा रिटर्न दे सकता है।
👉 लेटेस्ट शेयर मार्केट अपडेट्स के लिए विजिट करें:
www.newsjagran.in
Also Read:


