Tempsens IPO: टेंपसेंस इंस्ट्रूमेंट्स के शेयरों की लिस्टिंग का इंतजार कर रहे निवेशकों के लिए ग्रे मार्केट से मजबूत संकेत मिल रहे हैं। ₹300 के इश्यू प्राइस के मुकाबले 26 अगस्त को GMP करीब ₹308 बताया जा रहा है। इस हिसाब से शेयर की संभावित लिस्टिंग करीब ₹608 पर हो सकती है, यानी इश्यू प्राइस से लगभग 102.67% प्रीमियम। हालांकि, GMP अनऑफिशियल संकेतक है और वास्तविक लिस्टिंग कीमत इससे अलग हो सकती है।
Tempsens IPO Listing: पैसा डबल होने के संकेत
टेंपसेंस इंस्ट्रूमेंट्स का ₹650 करोड़ का आईपीओ 20 अगस्त से 24 अगस्त 2026 तक सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। आईपीओ को निवेशकों की ओर से जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली और यह कुल 184.22 गुना सब्सक्राइब हुआ। QIB कैटेगरी 302.88 गुना, NII कैटेगरी 314.44 गुना, रिटेल कैटेगरी 61 गुना और कर्मचारियों के लिए आरक्षित हिस्सा 124.95 गुना सब्सक्राइब हुआ।
कंपनी ने शेयरों का प्राइस बैंड ₹285 से ₹300 प्रति शेयर तय किया था। अपर प्राइस बैंड ₹300 को आधार मानें तो मौजूदा GMP ₹308 के हिसाब से अनुमानित लिस्टिंग प्राइस करीब ₹608 बनती है। यानी लिस्टिंग पर करीब ₹308 प्रति शेयर या 102.67% का संभावित फायदा दिख रहा है।
ध्यान रखें कि GMP किसी स्टॉक एक्सचेंज का आधिकारिक डेटा नहीं है। यह ग्रे मार्केट में चल रहे अनौपचारिक प्रीमियम पर आधारित होता है और लिस्टिंग से पहले इसमें तेजी से बदलाव हो सकता है।
50 शेयरों का था एक लॉट
Tempsens IPO में एक लॉट में 50 शेयर थे। ₹300 के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से एक लॉट के लिए निवेश ₹15,000 था। अगर GMP के आधार पर ₹608 की लिस्टिंग होती है तो एक लॉट की वैल्यू करीब ₹30,400 हो सकती है। यानी सैद्धांतिक तौर पर लगभग ₹15,400 का लिस्टिंग गेन बन सकता है।
लेकिन यह केवल GMP पर आधारित अनुमान है। वास्तविक बाजार कीमत लिस्टिंग के समय मांग, बाजार के रुख और कंपनी के प्रति निवेशकों की धारणा पर निर्भर करेगी।
Tempsens IPO Allotment Status कैसे चेक करें?
आईपीओ का अलॉटमेंट 25 अगस्त को फाइनल हो चुका है। निवेशक अपना स्टेटस BSE या KFin Technologies के जरिए देख सकते हैं।
BSE की वेबसाइट पर ऐसे चेक करें
- BSE की IPO अलॉटमेंट स्टेटस वेबसाइट पर जाएं।
- इश्यू टाइप में Equity चुनें।
- इश्यू नाम में Tempsens चुनें।
- अपना एप्लीकेशन नंबर या PAN दर्ज करें।
- कैप्चा पूरा करें।
- Search पर क्लिक करें।
- स्क्रीन पर शेयरों के अलॉटमेंट की जानकारी दिखाई देगी।
KFin Technologies से ऐसे देखें स्टेटस
- KFin Technologies की IPO स्टेटस वेबसाइट खोलें।
- Select IPO में Tempsens चुनें।
- Application Number, Demat Account या PAN में से विकल्प चुनें।
- संबंधित जानकारी दर्ज करें।
- Submit पर क्लिक करें।
- आपका अलॉटमेंट स्टेटस स्क्रीन पर दिखाई देगा।
184 गुना से ज्यादा सब्सक्राइब हुआ IPO
Tempsens IPO को सभी कैटेगरी के निवेशकों से मजबूत प्रतिक्रिया मिली। कुल सब्सक्रिप्शन 184.22 गुना रहा। QIB हिस्से की मांग 302.88 गुना और NII हिस्से की मांग 314.44 गुना रही, जबकि रिटेल निवेशकों का हिस्सा 61 गुना सब्सक्राइब हुआ।
₹650 करोड़ के इस इश्यू में ₹95 करोड़ का फ्रेश इश्यू और 1.85 करोड़ शेयरों का ऑफर फॉर सेल शामिल था। कंपनी के आईपीओ से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल कैपिटल एक्सपेंडिचर, कर्ज घटाने और सामान्य कॉरपोरेट जरूरतों के लिए किया जाना है।
क्या कारोबार करती है Tempsens?
Tempsens Instruments इंडस्ट्रियल तापमान मापने और तापमान नियंत्रण से जुड़े प्रोडक्ट्स बनाती है। कंपनी के उत्पादों में तापमान सेंसर, इंडस्ट्रियल हीटर और विशेष प्रकार के केबल शामिल हैं।
कंपनी का कारोबार सिर्फ भारत तक सीमित नहीं है। इसके उत्पादों की पहुंच 80 से ज्यादा देशों में बताई गई है। कंपनी का कारोबार खास तौर पर इंडस्ट्रियल और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर की जरूरतों से जुड़ा हुआ है।
कंपनी तापमान सेंसर के क्षेत्र में मजबूत बाजार स्थिति रखती है। इसके अलावा इलेक्ट्रिकल हीटर और MRO यानी Maintenance, Repair and Operations से जुड़े कारोबार में भी इसकी मौजूदगी है।
कंपनी की वित्तीय सेहत कैसी है?
Tempsens के वित्तीय आंकड़ों में पिछले कुछ वर्षों में अच्छी वृद्धि देखने को मिली है। वित्त वर्ष 2024 में कंपनी का रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस ₹278.04 करोड़ और PAT ₹40.92 करोड़ था। वित्त वर्ष 2026 में रेवेन्यू बढ़कर ₹455.86 करोड़ और शुद्ध मुनाफा ₹71.07 करोड़ हो गया।
यानी दो साल में कंपनी के कारोबार और मुनाफे में अच्छी बढ़ोतरी हुई है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक वित्त वर्ष 2026 में EBITDA करीब ₹113.17 करोड़ रहा।
मार्च 2026 के अंत में कंपनी का कुल उधार करीब ₹77.95 करोड़ था, जबकि रिजर्व और सरप्लस करीब ₹465.16 करोड़ था।
लिस्टिंग 28 अगस्त को होगी
Tempsens Instruments के शेयर 28 अगस्त 2026 को NSE और BSE पर लिस्ट होने वाले हैं।
लिस्टिंग से पहले GMP ₹300 के आसपास बना हुआ है, जिससे इश्यू प्राइस के मुकाबले 100% से ज्यादा प्रीमियम का संकेत मिल रहा है। हालांकि निवेशकों को यह समझना जरूरी है कि GMP को लिस्टिंग प्राइस की गारंटी नहीं माना जा सकता।
लिस्टिंग के दिन बाजार में अचानक उतार-चढ़ाव, निवेशकों की खरीद-बिक्री और कंपनी के वैल्यूएशन के कारण शेयर की शुरुआत GMP से काफी अलग स्तर पर भी हो सकती है। इसलिए केवल ग्रे मार्केट प्रीमियम देखकर निवेश या लिस्टिंग के बाद शेयर बेचने का फैसला करना जोखिम भरा हो सकता है।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सूचना के उद्देश्य से है। ग्रे मार्केट प्रीमियम अनऑफिशियल और बदलने वाला संकेतक है, इसे लिस्टिंग प्राइस की गारंटी नहीं माना जाना चाहिए। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह लें। NewsJagran.in किसी भी शेयर या आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता।


