Market Cues: 21 अगस्त को निफ्टी में फॉलोअप बाइंग का मजबूत संकेत नहीं दिखा। इंडेक्स पूरे कारोबारी सत्र में सीमित दायरे में रहा और मामूली बढ़त के साथ बंद हुआ। हालांकि, गुरुवार को बना बुलिश गैप अभी तक भरा नहीं गया है, जिसे बाजार के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।
निफ्टी 24,300 के आसपास मौजूद 10-डे और 20-डे EMA को पार करने में नाकाम रहा। ऐसे में बाजार की अगली दिशा के लिए 24,300 का स्तर बेहद अहम हो गया है। मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, निफ्टी अगर 24,300 को दोबारा हासिल करके इसके ऊपर टिकता है, तभी 24,350–24,500 के रेजिस्टेंस जोन की तरफ मजबूत बढ़त की उम्मीद बन सकती है। इसके नीचे रहने पर इंडेक्स में कंसोलिडेशन जारी रह सकता है।
निफ्टी के लिए 24,000 एक अहम सपोर्ट बना हुआ है, जबकि तत्काल सपोर्ट 24,150 के आसपास देखा जा रहा है। वहीं, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें बाजार की तेजी पर दबाव डाल रही हैं और निवेशकों को सतर्क रहने का संकेत दे रही हैं।
निफ्टी 50 के अहम सपोर्ट और रेजिस्टेंस
21 अगस्त को निफ्टी 50 24,252 के स्तर पर बंद हुआ। पिवट प्वाइंट के आधार पर आज के लिए प्रमुख स्तर इस प्रकार हैं:
- सपोर्ट: 24,218, 24,200 और 24,170
- रेजिस्टेंस: 24,277, 24,295 और 24,325
इन स्तरों के आसपास निफ्टी की चाल पर नजर रखना अहम होगा। 24,300 के ऊपर मजबूती बाजार में तेजी का भरोसा बढ़ा सकती है, जबकि कमजोरी की स्थिति में नीचे के सपोर्ट स्तर महत्वपूर्ण होंगे।
निफ्टी में क्या कह रहा है टेक्निकल सेटअप?
डेली चार्ट पर निफ्टी ने निचली शैडो वाली बेयरिश कैंडल बनाई है। हालांकि, 20 अगस्त को बना शुरुआती अपसाइड गैप अभी तक भरा नहीं गया है। यह एक सकारात्मक संकेत है और इससे संकेत मिलता है कि 24,000 के महत्वपूर्ण ट्रेंडलाइन सपोर्ट के आसपास इंडेक्स शॉर्ट-टर्म बॉटम बनाने की कोशिश कर सकता है।
वीकली चार्ट पर निफ्टी में गिरावट दर्ज हुई और लगातार एक और सप्ताह तक लोअर-हाई और लोअर-लो का पैटर्न बना रहा। हालांकि, छोटी लाल कैंडल की लंबी निचली शैडो इसे हैमर जैसे पैटर्न के करीब ले जाती है। यह पूरी तरह क्लासिकल हैमर नहीं है, लेकिन ऐसा सेटअप कई बार ट्रेंड में संभावित बदलाव का संकेत देता है।
टेक्निकल इंडिकेटर्स की बात करें तो डेली चार्ट पर RSI बढ़कर 49.09 पर पहुंच गया, लेकिन अभी भी सिग्नल लाइन के नीचे है। वहीं, MACD जीरो लाइन की ओर थोड़ा नीचे आया है। हालांकि, रेड हिस्टोग्राम बार लगातार एक और सेशन में छोटा हुआ है। इससे मंदी के मोमेंटम के कमजोर पड़ने और आने वाले सत्रों में रिकवरी की संभावना का संकेत मिल रहा है।
बैंक निफ्टी में दिखी मजबूती
बैंक निफ्टी ने शुक्रवार को बेंचमार्क निफ्टी 50 से बेहतर प्रदर्शन किया। इंडेक्स में 0.46 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई और यह अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर बंद हुआ।
बैंक निफ्टी के अहम लेवल
बैंक निफ्टी शुक्रवार को 57,762 पर बंद हुआ। पिवट प्वाइंट और फाइबोनैचि के आधार पर प्रमुख स्तर हैं:
पिवट प्वाइंट रेजिस्टेंस:
- 57,783
- 57,852
- 57,963
पिवट प्वाइंट सपोर्ट:
- 57,561
- 57,492
- 57,381
फाइबोनैचि रेजिस्टेंस:
- 58,137
- 58,714
फाइबोनैचि सपोर्ट:
- 57,400
- 57,135
डेली टाइमफ्रेम पर बैंक निफ्टी ने निचली शैडो वाली बुलिश कैंडल बनाई। इंडेक्स ने लगातार एक और सत्र में हायर-हाई और हायर-लो का पैटर्न बनाए रखा है, जो सकारात्मक संकेत है।
RSI बढ़कर 53.72 हो गया और इसमें पॉजिटिव क्रॉसओवर देखने को मिला। MACD भी धीरे-धीरे रेफरेंस लाइन की ओर ऊपर बढ़ रहा है। इसके अलावा, रेड हिस्टोग्राम बार का छोटा होना मंदी के दबाव में कमी और बुलिश मोमेंटम के मजबूत होने की संभावना की ओर इशारा करता है।
FII-DII फ्लो से क्या संकेत?
21 अगस्त को घरेलू संस्थागत निवेशकों यानी DIIs ने लगातार नौवें कारोबारी सत्र में खरीदारी की। उन्होंने करीब ₹2,124 करोड़ के शेयर खरीदे।
इसके विपरीत, विदेशी संस्थागत निवेशक यानी FIIs लगातार दूसरे सत्र में नेट सेलर रहे और उन्होंने करीब ₹543 करोड़ की बिकवाली की।
इस तरह घरेलू संस्थागत निवेशकों की लगातार खरीदारी बाजार को सहारा दे रही है, जबकि विदेशी निवेशकों की बिकवाली अभी भी बाजार के लिए चिंता का एक कारण बनी हुई है।
India VIX में 4 फीसदी से ज्यादा की रिकवरी
बाजार में उतार-चढ़ाव का संकेत देने वाला India VIX 4.01 फीसदी बढ़कर 11.195 पर पहुंच गया। हालांकि, यह अभी भी अपने शॉर्ट-टर्म मूविंग एवरेज और 12 के स्तर से नीचे है।
VIX का 12 से नीचे बने रहना फिलहाल तेजड़ियों के लिए राहत देने वाला संकेत माना जा सकता है। हालांकि, इसमें अचानक तेजी बाजार में बढ़ती अस्थिरता का संकेत दे सकती है, इसलिए ट्रेडर्स को इस इंडिकेटर पर भी नजर रखनी चाहिए।
Put-Call Ratio से क्या पता चलता है?
21 अगस्त को निफ्टी का Put-Call Ratio (PCR) घटकर 1.11 रह गया, जबकि पिछले कारोबारी सत्र में यह 1.12 था।
आमतौर पर 0.7 से ऊपर और खासकर 1 से अधिक PCR को बाजार में सकारात्मक भावना का संकेत माना जाता है। इसके विपरीत, 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर जाता PCR मंदी की भावना की ओर इशारा करता है।
मौजूदा 1.11 का स्तर बताता है कि ऑप्शन मार्केट में फिलहाल पूरी तरह नकारात्मक माहौल नहीं है।
F&O Ban में कौन-कौन से स्टॉक?
F&O सेगमेंट में उन शेयरों पर प्रतिबंध लगाया जाता है, जिनके डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स में ओपन पोजीशन मार्केट-वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती है।
F&O बैन में नए शामिल स्टॉक: कोई नहीं
F&O बैन में पहले से शामिल स्टॉक: SAIL
F&O बैन से बाहर हुए स्टॉक: बंधन बैंक, मणप्पुरम फाइनेंस
आज की ट्रेडिंग में किन स्तरों पर रखें नजर?
कुल मिलाकर निफ्टी के लिए 24,300 का स्तर निर्णायक बना हुआ है। इसके ऊपर टिकने पर 24,350–24,500 की तरफ तेजी का रास्ता खुल सकता है। वहीं, 24,300 के नीचे बने रहने पर बाजार में कंसोलिडेशन का दौर जारी रहने की संभावना है।
नीचे की तरफ 24,200–24,170 के सपोर्ट जोन पर नजर रहेगी। इसके बाद 24,000 का स्तर बेहद महत्वपूर्ण होगा। बैंक निफ्टी की तुलनात्मक मजबूती और मंदी के मोमेंटम में कुछ कमी बाजार के लिए सकारात्मक संकेत हैं, लेकिन FII बिकवाली और कच्चे तेल की कीमतों में तेजी को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
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