Stock Market Today: भारतीय शेयर बाजार के लिए आज का दिन कई बड़े घरेलू और वैश्विक ट्रिगर्स से प्रभावित रह सकता है। एक तरफ अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रस्तावित टैरिफ को लेकर भारत के लिए कुछ राहत की उम्मीद है, वहीं दूसरी ओर कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल, मिडिल ईस्ट में बढ़ता तनाव, विदेशी निवेशकों (FIIs) की बिकवाली और कमजोर वैश्विक संकेत बाजार पर दबाव बना सकते हैं। इसके अलावा आज NTPC, SBI Life, Tata Consumer Products और Shriram Finance जैसी निफ्टी कंपनियों के तिमाही नतीजों पर भी निवेशकों की खास नजर रहेगी।
बाजार की कमजोर शुरुआत के संकेत
गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार लगातार चौथे कारोबारी सत्र में गिरावट के साथ बंद हुआ। बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की ऊंची कीमतों ने निवेशकों की धारणा कमजोर कर दी।
- सेंसेक्स 363.66 अंक (0.47%) टूटकर 76,391.39 पर बंद हुआ।
- निफ्टी 50 126.65 अंक (0.53%) गिरकर 23,869.60 के स्तर पर बंद हुआ।
शुक्रवार सुबह GIFT Nifty करीब 23,695 के स्तर पर कारोबार करता दिखा, जो घरेलू बाजार में कमजोर शुरुआत का संकेत दे रहा है।
एशियाई बाजारों में भारी दबाव
आज एशियाई शेयर बाजारों में भी बिकवाली का माहौल है।
- जापान का निक्केई करीब 3% तक फिसला।
- दक्षिण कोरिया का कोस्पी भी लगभग 3% की गिरावट में कारोबार करता दिखा।
- अमेरिकी बाजारों में भी गुरुवार को बड़ी गिरावट देखने को मिली।
महंगे कच्चे तेल और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में तेजी के कारण:
- Dow Jones 500 अंकों से अधिक टूटा।
- Nasdaq करीब 2% गिरा।
- टेक्नोलॉजी शेयरों में भी दबाव बना रहा।
ट्रंप टैरिफ पर भारत को मिल सकती है राहत
अमेरिका में प्रस्तावित नए टैरिफ को लेकर भारत के लिए राहत की खबर सामने आई है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक:
- पहले भारत पर 12.5% टैरिफ लगाने का प्रस्ताव था।
- अब इसे घटाकर 10% किए जाने की संभावना है।
- यह टैरिफ भारत सहित लगभग 60 देशों पर लागू हो सकता है।
- प्रस्तावित शुल्क Forced Labor Investigation के तहत लगाया जा सकता है।
यदि यह राहत मिलती है तो भारत के निर्यात आधारित सेक्टरों पर दबाव कुछ कम हो सकता है।
मिडिल ईस्ट तनाव से बढ़ी बाजार की चिंता
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव ने वैश्विक निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है।
- अमेरिका ने ईरान के खिलाफ कड़े कदम उठाने के संकेत दिए हैं।
- ब्रिटेन ने तेहरान स्थित अपना दूतावास बंद कर दिया है।
- फ्रांस ने भी अपने दूतावास को खाली कराया है।
- हूती विद्रोहियों द्वारा जहाजों पर हमलों के बाद तनाव और बढ़ गया है।
इन घटनाओं का सीधा असर ऊर्जा बाजार और वैश्विक शेयर बाजारों पर दिखाई दे रहा है।
कच्चे तेल में जबरदस्त उछाल
ब्रेंट क्रूड दो महीने के उच्च स्तर पर पहुंच गया है।
मुख्य बातें:
- ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर बना हुआ है।
- WTI क्रूड 91 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर कारोबार कर रहा है।
- कुछ फिजिकल मार्केट में कीमतें 105 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंचने की चर्चा है।
- रेड सी और स्ट्रेट ऑफ हॉरमुज में बढ़ते तनाव ने सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ाई है।
महंगे कच्चे तेल का असर भारत जैसे आयातक देशों की अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार दोनों पर पड़ सकता है।
इंफोसिस के नतीजों ने किया निराश
आईटी सेक्टर की दिग्गज कंपनी Infosys के पहली तिमाही के नतीजे उम्मीद से कमजोर रहे।
मुख्य बिंदु:
- Constant Currency Revenue Growth केवल 1% रही।
- कंपनी ने अपने ग्रोथ गाइडेंस में कटौती की।
- मार्जिन अनुमान के आसपास रहे।
- अमेरिका में कंपनी का ADR करीब 2% गिरा।
इन नतीजों का असर आज आईटी शेयरों पर देखने को मिल सकता है।
इंडिगो पर महंगे ईंधन का असर
एविएशन कंपनी IndiGo के नतीजों में महंगे एविएशन फ्यूल का असर साफ दिखाई दिया।
- कंपनी की आय लगभग 20% बढ़ी।
- इसके बावजूद 382 करोड़ रुपये का घाटा दर्ज किया गया।
- जेट फ्यूल खर्च 86% बढ़ गया।
- ऑपरेटिंग मार्जिन में भी बड़ी गिरावट आई।
कंपनी प्रबंधन ने दूसरी तिमाही में भी चुनौतियां बने रहने की बात कही है।
कुछ कंपनियों ने दिए बेहतर नतीजे
जहां कुछ कंपनियों ने बाजार को निराश किया, वहीं कुछ कंपनियों ने बेहतर प्रदर्शन किया।
- Sona BLW का मुनाफा 47% बढ़ा।
- कंपनी का राजस्व 52% बढ़ा।
- Motilal Oswal Financial Services का ऑपरेटिंग प्रॉफिट 14% बढ़ा।
- एसेट एवं प्राइवेट वेल्थ मैनेजमेंट कारोबार का मुनाफा 46% बढ़ा।
इन शेयरों में आज सकारात्मक प्रतिक्रिया देखने को मिल सकती है।
आज इन कंपनियों के नतीजों पर रहेगी नजर
आज कॉर्पोरेट अर्निंग्स के लिहाज से बेहद अहम दिन है।
आज जिन प्रमुख कंपनियों के तिमाही नतीजे आएंगे उनमें शामिल हैं:
- NTPC
- SBI Life Insurance
- Tata Consumer Products
- Shriram Finance
- Bank of Baroda
- CG Power
- Laurus Labs
विशेषज्ञों का अनुमान है कि Shriram Finance का मुनाफा करीब 52% तक बढ़ सकता है।
FIIs की लगातार बिकवाली
विदेशी निवेशकों ने गुरुवार को भी भारतीय बाजार से पैसा निकाला।
- FIIs ने लगभग 3,000 करोड़ रुपये के शेयर बेचे।
- DIIs ने करीब 2,947 करोड़ रुपये की खरीदारी की।
लगातार विदेशी बिकवाली निकट अवधि में बाजार की चाल को प्रभावित कर सकती है।
आज किन बातों पर रहेगी सबसे ज्यादा नजर?
आज निवेशकों की निगाहें इन प्रमुख ट्रिगर्स पर रहेंगी:
- GIFT Nifty की चाल
- एशियाई बाजारों का प्रदर्शन
- कच्चे तेल की कीमतें
- अमेरिका-ईरान तनाव
- ट्रंप टैरिफ से जुड़े घटनाक्रम
- NTPC, SBI Life, Tata Consumer और Shriram Finance के Q1 नतीजे
- विदेशी निवेशकों की खरीद-बिक्री
- रुपये और बॉन्ड यील्ड की चाल
निष्कर्ष
आज का कारोबारी सत्र काफी उतार-चढ़ाव भरा रह सकता है। वैश्विक संकेत फिलहाल कमजोर हैं, कच्चे तेल की कीमतें ऊंचाई पर हैं और विदेशी निवेशकों की बिकवाली जारी है। हालांकि भारत के लिए संभावित टैरिफ राहत और मजबूत कॉर्पोरेट नतीजे कुछ शेयरों को सहारा दे सकते हैं। ऐसे में निवेशकों को किसी भी नई पोजिशन लेने से पहले वैश्विक संकेतों, कंपनियों के तिमाही नतीजों और बाजार के शुरुआती रुख पर विशेष ध्यान देना चाहिए।


