Gurugram Rain: गुरुग्राम में सोमवार की भारी बारिश के बाद कई इलाकों में जलभराव से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। राजीव चौक, नरसिंहपुर, इफ्को चौक, हीरो होंडा चौक, रेलवे रोड और पुराने गुरुग्राम के कई हिस्सों में पानी भर गया। ट्रैफिक जाम के बीच कई वाहन और स्कूल बसें फंस गईं। हालात को देखते हुए 25 अगस्त को स्कूलों में ऑनलाइन क्लास और कंपनियों को वर्क फ्रॉम होम की सलाह दी गई है।
Gurugram Rain: गुरुग्राम की हाई-राइज इमारतों, महंगे फ्लैट और चमचमाती लग्जरी कारों के लिए मशहूर तस्वीर सोमवार की तेज बारिश के बाद बदल गई। शहर के कई हिस्सों में इतना पानी भर गया कि सड़कों, अंडरपास और प्रमुख मार्गों पर आवाजाही मुश्किल हो गई। जलभराव का असर आम लोगों के साथ-साथ महंगे रिहायशी इलाकों और कॉरपोरेट हब पर भी दिखाई दिया।
भारी बारिश के बाद दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे सहित कई प्रमुख सड़कों पर यातायात प्रभावित हुआ। राजीव चौक, नरसिंहपुर, इफ्को चौक, रेलवे रोड, सेक्टर-5, पुरानी दिल्ली रोड, महरौली रोड और बसई रोड जैसे इलाकों में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। कई जगह वाहन पानी में फंसे नजर आए।
70-75 MM बारिश के बाद बिगड़े हालात
Outside Magnolias, Gurugram. Where flats sell for Rs 50 crore plus. Drainage system in Ggn is abysmal! One can keep posting, keep demanding accountabilty but nothing changes! Nothing ! pic.twitter.com/j2NxQTngNt
— vedika sud (@vedikas) August 24, 2026 गुरुग्राम में सोमवार को करीब 70 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। तेज बारिश के बाद शहर के निचले इलाकों में पानी तेजी से भर गया। नाहरपुर अंडरपास समेत कई जगहों पर जलभराव के कारण यातायात की रफ्तार धीमी हो गई।
पुराने गुरुग्राम के सदर बाजार, गुरुद्वारा रोड और पुरानी दिल्ली रोड पर भी लंबे समय तक जाम की स्थिति बनी रही। कई लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में सामान्य दिनों के मुकाबले काफी ज्यादा समय लगा।
राजीव चौक से साइबर हब तक ट्रैफिक प्रभावित
VIDEO | Gurugram: School buses carrying children stranded on waterlogged roads.
(Full video available on PTI Videos – https://t.co/n147TvrpG7) pic.twitter.com/3IhUxBKve6
— Press Trust of India (@PTI_News) August 24, 2026 जलभराव का सबसे ज्यादा असर शहर के प्रमुख ट्रैफिक कॉरिडोर पर देखने को मिला। सिरहौल बॉर्डर, राजीव चौक और नरसिंहपुर समेत कई इलाकों में वाहनों की आवाजाही बाधित रही।
साइबर हब के पास गेटवे टावर मेट्रो स्टेशन के सामने एक्सप्रेसवे के एक हिस्से में पानी भरने से यातायात प्रभावित हुआ। ट्रैफिक पुलिस ने स्थिति संभालने के लिए अलग-अलग स्थानों पर कर्मियों की तैनाती की।
स्कूल बसों में फंसे बच्चे, घंटों हुई देरी
#gurugram में हुई बारिश और जल भराव के चलते शीतला माता रोड में केंद्रीय विद्यालय की स्कूल वैन खराब होने के चलते कई घंटों तक फंसे रहे स्कूली बच्चे.. स्कूल ने नहीं ली कोई जिम्मेदारी, जिसके बाद वैन चालक ने अभिभावकों को ही फोन करके बुलाया… रोते रहे स्कूली बच्चे…. ये है @gurgaon pic.twitter.com/f2YvgmiBcO
— Sakshi Rawat (@sakshirawat9) August 24, 2026 भारी बारिश का असर स्कूली बच्चों पर भी पड़ा। जलभराव के कारण कई स्कूल बसें रास्ते में फंस गईं। कुछ बच्चों को घर पहुंचने में सामान्य समय से 5 से 6 घंटे तक अधिक लग गए।
बारिश और जाम के कारण अभिभावकों को भी काफी परेशानी हुई। बच्चों की सुरक्षा और लगातार खराब होते हालात को देखते हुए प्रशासन ने 25 अगस्त को जिले के सरकारी और निजी स्कूलों में कक्षाएं ऑनलाइन संचालित करने का निर्देश दिया।
कंपनियों को WFH की सलाह
Severe #waterlogging near Rail Vihar in Sector 47, Subash Chowk. This is the reality of #Gurugram @MunCorpGurugram @OfficialGMDA @cmohry @NayabSainiBJP @HTGurgaon @htTweets#haryana #monsoon #Gurgaon #rain pic.twitter.com/JsbXM5i83u
— Mihika Shah (@MihikaShahh) August 24, 2026 बारिश और जलभराव के कारण सड़कों पर ट्रैफिक दबाव बढ़ने की आशंका को देखते हुए कॉरपोरेट और निजी कंपनियों को कर्मचारियों के लिए वर्क फ्रॉम होम (WFH) की सुविधा देने की सलाह दी गई है।
गुरुग्राम देश के बड़े कॉरपोरेट हब में शामिल है और रोजाना बड़ी संख्या में कर्मचारी दिल्ली, गुरुग्राम और आसपास के इलाकों से ऑफिस पहुंचते हैं। ऐसे में जलभराव के बीच यात्रा को लेकर प्रशासन की चिंता बढ़ गई।
शीतला माता रोड पर भी जलभराव
FACE OF URBAN INFRA: Gurugram reportedly has the highest net worth individuals per sq km (along with Mumbai’s Malabar Hill) but clearly NO proper drainage. Another day of rain, familiar water-logging. Citizens will rant on social media but little seems to change on ground. pic.twitter.com/luIzh4vc94
— Rajdeep Sardesai (@sardesairajdeep) August 24, 2026 शीतला माता रोड पर भी भारी बारिश के बाद स्थिति खराब रही। यह इलाका मानसून के दौरान जलभराव के लिए पहले से संवेदनशील माना जाता है।
बारिश के बाद नगर निगम और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौके पर पहुंचे। गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (GMDA), भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) और नगर निगम के अधिकारियों ने जलभराव वाले क्षेत्रों का निरीक्षण किया।
करोड़ों की प्रॉपर्टी के बावजूद जलभराव ने उठाए सवाल
#WATCH | Haryana: Amid heavy rainfall in Gurugram, a traffic snarl was seen at NH-48 in the Narsinghpur area pic.twitter.com/WG8raIbYGo
— ANI (@ANI) August 25, 2026 गुरुग्राम देश के सबसे महंगे रियल एस्टेट बाजारों में शामिल है। गोल्फ कोर्स रोड और आसपास के इलाकों में करोड़ों रुपये कीमत वाले फ्लैट और लग्जरी अपार्टमेंट मौजूद हैं। लेकिन भारी बारिश के बाद जलभराव की तस्वीरों ने शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर पर सवाल खड़े कर दिए।
महंगे अपार्टमेंट और लग्जरी कारों के बीच पानी से भरी सड़कें सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनीं। लोगों ने सवाल उठाया कि अगर बारिश के दौरान घर से बाहर निकलना और शहर में आवागमन मुश्किल हो जाए तो महंगे रियल एस्टेट और बेहतर लाइफस्टाइल का फायदा कितना रह जाता है।
सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स ने गुरुग्राम के ड्रेनेज सिस्टम और सड़कों की स्थिति को लेकर भी सवाल उठाए। बारिश के बाद सामने आई तस्वीरों ने शहर के विकास और जल निकासी व्यवस्था के बीच संतुलन पर नई बहस छेड़ दी है।
इस मानसून में तीसरी बार प्रभावित हुआ गुरुग्राम
इस मानसून में बारिश के कारण गुरुग्राम में परेशानी का यह पहला बड़ा मामला नहीं है। इससे पहले 9 जुलाई को लगातार बारिश के बाद निजी संस्थानों और कॉरपोरेट कार्यालयों के कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम की सलाह दी गई थी।
अगस्त के पहले सप्ताह में भी भारी बारिश के बाद दो दिनों के लिए WFH एडवाइजरी जारी की गई थी। उस दौरान 24 घंटे में करीब 97 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई थी और भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया था।
अब 24 अगस्त की बारिश के बाद एक बार फिर शहर की सड़कों पर जलभराव और ट्रैफिक जाम की स्थिति ने गुरुग्राम के ड्रेनेज और इंफ्रास्ट्रक्चर को सवालों के घेरे में ला दिया है।
₹1,400 करोड़ खर्च पर भी उठे सवाल
भारी बारिश के बाद गुरुग्राम के इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। कांग्रेस नेता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने हरियाणा सरकार पर निशाना साधते हुए शहर की जल निकासी व्यवस्था पर सवाल उठाए।
उन्होंने दावा किया कि गुरुग्राम के इंफ्रास्ट्रक्चर पर करीब ₹1,400 करोड़ खर्च किए जाने के बावजूद बारिश के दौरान शहर जलभराव से जूझ रहा है। हालांकि, यह राजनीतिक दावा है और इसके आंकड़ों की स्वतंत्र पुष्टि अलग से जरूरी है।
फिलहाल भारी बारिश ने एक बार फिर गुरुग्राम की चमकदार तस्वीर के पीछे मौजूद इंफ्रास्ट्रक्चर की चुनौतियों को सामने ला दिया है। स्कूलों को ऑनलाइन करने और कंपनियों को WFH की सलाह से साफ है कि बारिश का असर सिर्फ सड़कों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि शहर की रोजमर्रा की रफ्तार भी प्रभावित हुई है।


