Indian Engineer Arrested in Russia: रूस की राजधानी मॉस्को में कानपुर के रहने वाले एक भारतीय इंजीनियर की कथित गिरफ्तारी का मामला सामने आया है। नोएडा सेक्टर-62 की एक कंपनी के प्रोजेक्ट के सिलसिले में रूस गए चंदन गुप्ता को मॉस्को पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने की बात सामने आई है। उनकी पत्नी स्नेहा गुप्ता ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मदद की अपील की है।
पत्नी का आरोप है कि उनके पति को गलत तरीके से एक मामले में फंसाया गया है और उन्हें जेल भेज दिया गया। साथ ही उन्होंने आशंका जताई है कि चंदन पर रूसी सेना में शामिल होने का दबाव बनाया जा सकता है। हालांकि, रूसी सेना में भर्ती के लिए दबाव बनाए जाने के इस दावे की स्वतंत्र या आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
रेड स्क्वायर के पास पुलिस ने हिरासत में लिया

सरकारी सूत्रों के हवाले से सामने आई जानकारी के मुताबिक, चंदन गुप्ता रूस में Flex Films Rus LLC के लिए काम करते हैं। यह कंपनी भारतीय कंपनी Flex Films की रूस स्थित स्थानीय सब्सिडियरी बताई गई है।
बताया गया है कि 5 सितंबर की रात चंदन अपने दोस्त आशीष के साथ मॉस्को के रेड स्क्वायर परिसर में मौजूद थे। इसी दौरान करीब रात 11:30 बजे मॉस्को पुलिस ने दोनों को हिरासत में ले लिया।
सरकारी सूत्रों के मुताबिक, दोनों पर कथित तौर पर नशे में होने और पास में खड़ी एक एंबुलेंस के शीशे तोड़ने से जुड़े आरोप लगाए गए हैं। फिलहाल दोनों को मॉस्को के बाउमानस्काया पुलिस स्टेशन में हिरासत में रखे जाने की जानकारी सामने आई है।
विदेश मंत्रालय के मुताबिक क्या है मामला?
कानपुर के चंदन गुप्ता को कल रात रूस की पुलिस मॉस्को से उठाकर ले गई। चंदन वहां हाई क्वालीफाइड वीजा पर मॉस्को में रह रहे थे
पत्नी स्नेहा गुप्ता का कहना है कि रूस की सरकार उन्हें जबरन आर्मी में भर्ती कर सकती हैpic.twitter.com/0WdNzQmBLD
— Gaurav Pandey (@gaurav5pandey) September 7, 2026 मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, विदेश मंत्रालय से जुड़े सूत्रों ने चंदन की हिरासत को नशे की हालत और एंबुलेंस को नुकसान पहुंचाने से जुड़े आरोपों से जोड़ा है। यानी उपलब्ध आधिकारिक जानकारी में फिलहाल ऐसा कोई तथ्य सामने नहीं आया है, जिससे यह साबित हो कि चंदन को रूसी सेना में भर्ती कराने के लिए हिरासत में लिया गया था।
यही वजह है कि पत्नी द्वारा लगाए गए सेना में भर्ती के दबाव वाले आरोप और पुलिस की ओर से बताए जा रहे आरोपों को अलग-अलग समझना जरूरी है। मामले की कानूनी प्रक्रिया और जांच के बाद ही पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।
भारतीय दूतावास ने किया हस्तक्षेप
चंदन की गिरफ्तारी की जानकारी सामने आने के बाद मॉस्को स्थित भारतीय दूतावास ने स्थानीय अधिकारियों से संपर्क किया है। बताया गया है कि दूतावास ने दोनों भारतीय नागरिकों की रिहाई का अनुरोध करने के साथ-साथ कांसुलर एक्सेस की मांग भी की है।
कांसुलर एक्सेस मिलने पर भारतीय अधिकारी हिरासत में लिए गए नागरिकों से सीधे संपर्क कर उनकी स्थिति, कानूनी प्रक्रिया और उन्हें उपलब्ध सहायता की जानकारी ले सकते हैं।
सरकारी सूत्रों के अनुसार, भारतीय दूतावास चंदन की पत्नी स्नेहा के भी संपर्क में है और मामले की जानकारी ले रहा है।
रूसी दूतावास ने भी दी प्रतिक्रिया
भारत में रूसी दूतावास की ओर से भी इस मामले पर प्रतिक्रिया सामने आई है। रूसी पक्ष के अनुसार, वह चंदन गुप्ता की पत्नी और स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है।
रूसी दूतावास ने कहा है कि स्थानीय कानून प्रवर्तन एजेंसियां मामले को कानूनी प्रक्रिया के तहत देख रही हैं और जांच कर रही हैं। दूतावास ने चंदन के लिए कांसुलर एक्सेस की मांग किए जाने की भी जानकारी दी है।
इससे संकेत मिलता है कि मामले में भारतीय और रूसी अधिकारी संपर्क में हैं और हिरासत में लिए गए भारतीय नागरिक को लेकर कूटनीतिक स्तर पर बातचीत चल रही है।
पत्नी ने PM मोदी और CM योगी से मांगी मदद
चंदन की पत्नी स्नेहा गुप्ता ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर अपनी स्थिति बताई है। उनके मुताबिक, चंदन नोएडा सेक्टर-62 स्थित एक भारतीय कंपनी से जुड़े हैं और पेशे से इंजीनियर हैं। कंपनी के प्रोजेक्ट के सिलसिले में वह रूस गए थे।
स्नेहा के अनुसार, चंदन Highly Qualified Visa के तहत रूस में रह रहे थे। उनका परिवार मूल रूप से कानपुर, उत्तर प्रदेश का रहने वाला है।
वीडियो में स्नेहा ने दावा किया कि रात में रूसी पुलिस उनके पति को अपने साथ ले गई। उनका कहना है कि चंदन ने ऐसा कोई काम नहीं किया था जिसके आधार पर उन्हें इस तरह हिरासत में लिया जाता।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मामले में हस्तक्षेप करने और अपने पति की सुरक्षित रिहाई में मदद करने की अपील की है।
10 साल के बच्चे के साथ मॉस्को में हैं पत्नी
स्नेहा ने बताया कि वह अपने 10 वर्षीय बच्चे के साथ मॉस्को में हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें स्थानीय भाषा की जानकारी नहीं है और पति की गिरफ्तारी के बाद परिवार के सामने कई मुश्किलें खड़ी हो गई हैं।
उनका कहना है कि वह अपने पति की सुरक्षित वापसी के लिए भारतीय दूतावास से भी लगातार मदद मांग रही हैं। पति के हिरासत में होने के कारण बच्चे के साथ रूस में रहना उनके लिए चिंता का विषय बना हुआ है।
रूसी सेना में भर्ती के दबाव का लगाया आरोप
स्नेहा ने अपने वीडियो में एक गंभीर आशंका भी जताई है। उनका दावा है कि रूस में कुछ लोगों को कथित तौर पर रूसी सेना में भेजे जाने की बातें सामने आई हैं। उन्होंने आशंका व्यक्त की कि उनके पति के साथ भी ऐसा हो सकता है।
हालांकि, चंदन गुप्ता को रूसी सेना में भर्ती करने की कोशिश किए जाने या उन्हें जबरन सेना में भेजे जाने का आरोप फिलहाल आधिकारिक रूप से स्थापित नहीं हुआ है। उपलब्ध सरकारी जानकारी उनकी हिरासत को कथित नशे की हालत और एंबुलेंस के शीशे तोड़े जाने से जुड़े मामले से जोड़ती है।
इसलिए इस दावे को फिलहाल आरोप या आशंका के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।
अब आगे क्या होगा?
मामले में फिलहाल भारतीय दूतावास और रूसी स्थानीय अधिकारियों के बीच संपर्क जारी है। भारतीय पक्ष की ओर से कांसुलर एक्सेस मांगा गया है। इससे चंदन की स्थिति और उनके खिलाफ चल रही कानूनी कार्रवाई के बारे में ज्यादा स्पष्ट जानकारी मिलने की उम्मीद है।
दूसरी ओर, रूसी अधिकारी स्थानीय कानून के तहत मामले की जांच कर रहे हैं। यदि चंदन पर लगाए गए आरोपों की पुष्टि होती है तो आगे की कानूनी प्रक्रिया रूस के स्थानीय कानून के अनुसार चलेगी।
फिलहाल इस पूरे मामले में सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि भारतीय इंजीनियर की हिरासत की जानकारी सामने आई है, लेकिन उन्हें रूसी सेना में भर्ती कराने के दबाव का दावा अभी स्वतंत्र रूप से सत्यापित नहीं हुआ है। भारतीय दूतावास की सक्रियता और कांसुलर एक्सेस मिलने के बाद मामले की स्थिति और स्पष्ट हो सकती है।


