Awarapan 2: इमरान हाशमी और दिशा पाटनी की फिल्म आवारापन 2 इन दिनों चर्चा में है। फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर मजबूत शुरुआत करते हुए इमरान हाशमी की पुरानी “सीरियल किसर” वाली स्क्रीन इमेज से भी अलग पहचान बनाई है। खास बात यह है कि फिल्म में एक भी किसिंग सीन नहीं है। अब फिल्म के राइटर बिलाल सिद्दीकी ने बताया है कि यह फैसला जान-बूझकर लिया गया था।
सिद्दीकी के मुताबिक, कहानी में किसिंग सीन जोड़ना शिवम के भावनात्मक सफर के बिल्कुल विपरीत होता। यही वजह है कि फिल्म की स्क्रिप्ट लिखते समय इस तरह के किसी सीन को शामिल करने की जरूरत महसूस नहीं हुई।
‘आवारापन 2’ में किसिंग सीन क्यों नहीं रखा गया?
NDTV से बातचीत में बिलाल सिद्दीकी ने बताया कि आवारापन 2 में किसिंग सीन न रखना पहले से लिया गया फैसला था। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि 2007 में आई ओरिजिनल आवारापन में भी ऐसा कोई सीन नहीं था।
राइटर के अनुसार, यह केवल पहली फिल्म की निरंतरता बनाए रखने की कोशिश नहीं थी, बल्कि सीक्वल की कहानी और शिवम के किरदार को देखते हुए यह फैसला पूरी तरह स्वाभाविक था।
फिल्म में शिवम आज भी उस महिला की यादों से जुड़ा हुआ है, जिससे वह प्यार करता था और जिसे वह खो चुका है। ऐसे में किसी दूसरी महिला के साथ अचानक रोमांटिक पल दिखाना किरदार की भावनाओं के साथ न्याय नहीं करता।
शिवम के लिए प्रेम का मतलब बदल चुका है
बिलाल सिद्दीकी ने बताया कि शिवम की दिवंगत प्रेमिका अब उसके लिए सिर्फ एक पुराना प्रेम संबंध नहीं है। उसकी यादें शिवम की जिंदगी, सोच और फैसलों का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी हैं।
राइटर के मुताबिक, शिवम ने अपनी प्रेमिका को अपने मन में इतना ऊंचा स्थान दे दिया है कि वह पूरी तरह उससे आगे नहीं बढ़ पाया है। समय बीतने के बावजूद वह उसकी यादों से प्रेरणा लेता है और यही रिश्ता उसके किरदार को आगे बढ़ाता है।
इसलिए कहानी में किसी नए रिश्ते को रोमांटिक अंदाज में दिखाना फिल्म की भावनात्मक दिशा को कमजोर कर सकता था।
शिवम की प्राथमिकता रोमांस नहीं, एक बड़ी लड़ाई है
सिद्दीकी ने यह भी स्पष्ट किया कि आवारापन 2 में शिवम की प्राथमिकता किसी नए रिश्ते की शुरुआत करना नहीं है। उसके सामने एक बड़ी चुनौती और लड़ाई है, जिसके चलते कहानी का फोकस उसके संघर्ष और भावनात्मक यात्रा पर रहता है।
यही कारण है कि स्क्रिप्ट में किसिंग सीन जोड़ने का विचार कभी स्वाभाविक रूप से आया ही नहीं। राइटर ने माना कि जब कहानी और किरदार के हिसाब से किसी सीन का कोई मजबूत आधार नहीं हो, तो सिर्फ दर्शकों की उम्मीद पूरी करने के लिए उसे शामिल करना बनावटी लग सकता है।
इमरान हाशमी की पुरानी इमेज का भी रखा गया ध्यान
इमरान हाशमी का नाम लंबे समय तक बॉलीवुड की बोल्ड और रोमांटिक फिल्मों से जोड़ा जाता रहा है। उनके करियर के एक दौर में किसिंग सीन उनकी स्क्रीन इमेज का अहम हिस्सा बन गए थे। इसलिए आवारापन 2 में भी कुछ दर्शक उनसे इसी तरह की उम्मीद कर सकते थे।
बिलाल सिद्दीकी ने माना कि फिल्म की टीम को इमरान की उस पुरानी पहचान के बारे में पता था। हालांकि, कहानी को प्राथमिकता देते हुए टीम ने वही किया जो शिवम के किरदार के लिए सही लगा।
राइटर ने मजाकिया अंदाज में यह भी कहा कि जो दर्शक इमरान को दोबारा ऐसे अंदाज में देखना चाहते हैं, उन्हें शायद किसी दूसरी फिल्म का इंतजार करना पड़े।
किसिंग सीन के बिना भी बॉक्स ऑफिस पर मजबूत प्रदर्शन
फिल्म में इमरान हाशमी की पुरानी स्क्रीन इमेज से जुड़ा कोई किसिंग सीन नहीं होने के बावजूद आवारापन 2 की कमाई पर इसका कोई नकारात्मक असर नजर नहीं आया। नितिन कक्कड़ के निर्देशन में बनी इस फिल्म में इमरान हाशमी के साथ दिशा पाटनी नजर आई हैं।
फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर करीब 22 करोड़ रुपये की ओपनिंग की, जिसे इमरान हाशमी के करियर की सबसे बड़ी ओपनिंग में से एक बताया जा रहा है। इसके बाद फिल्म ने पहले हफ्ते में भारत में 100 करोड़ रुपये से ज्यादा नेट कलेक्शन का आंकड़ा पार कर लिया।
खास बात यह है कि आवारापन 2 इमरान हाशमी की सोलो मेल लीड वाली पहली फिल्म बन गई है, जिसने भारत में 100 करोड़ रुपये के नेट कलेक्शन का आंकड़ा पार किया है।
कहानी ने तय की इमरान की स्क्रीन इमेज
आवारापन 2 में किसिंग सीन का न होना इस बात को दिखाता है कि फिल्म की टीम ने इमरान हाशमी की पुरानी छवि के बजाय कहानी और किरदार को प्राथमिकता दी। शिवम का दर्द, उसका अधूरा प्रेम और उसकी जिंदगी की बड़ी लड़ाई फिल्म के भावनात्मक केंद्र में हैं।
ऐसे में राइटर बिलाल सिद्दीकी का मानना है कि सिर्फ इमरान की पुरानी “सीरियल किसर” वाली पहचान को ध्यान में रखते हुए कोई रोमांटिक या किसिंग सीन जोड़ना कहानी के साथ नाइंसाफी होती। यही वजह है कि फिल्म में इस तरह के सीन को जगह नहीं दी गई और शिवम की भावनात्मक यात्रा को कहानी का केंद्र बनाए रखा गया।


