Vineet Rai Aavishkaar Group: अगर किसी बिजनेस की शुरुआत लाखों-करोड़ों रुपये की पूंजी से नहीं, बल्कि सिर्फ ₹5,000 की बचत और पत्नी से लिए गए ₹1 लाख के कर्ज से हो और वही कारोबार आगे चलकर करीब $1.3 बिलियन यानी लगभग ₹10,800 करोड़ के बिजनेस ग्रुप का रूप ले ले, तो यह कहानी निश्चित तौर पर प्रेरणा देने वाली है। यह कहानी है Aavishkaar Group के फाउंडर और वाइस चेयरमैन विनीत राय की।
विनीत राय ने पारंपरिक बिजनेस मॉडल के बजाय Impact Investing को अपना रास्ता बनाया। उनका फोकस सिर्फ मुनाफा कमाने पर नहीं रहा, बल्कि ऐसे कारोबार और उद्यमियों में निवेश करने पर रहा, जो समाज के उन हिस्सों तक पहुंच बना सकें, जहां वित्तीय संसाधनों की कमी लंबे समय से बड़ी चुनौती रही है।
करीब 25 साल के सफर में उनका बनाया हुआ Aavishkaar Group माइक्रोफाइनेंस से लेकर एग्रीकल्चर, क्लाइमेट चेंज, MSME फंडिंग और अब Deep-Tech व Artificial Intelligence जैसे क्षेत्रों तक पहुंच चुका है। विनीत राय की कहानी यह भी बताती है कि सही नजरिया, लंबी सोच और जोखिम लेने की क्षमता छोटी शुरुआत को बड़े बिजनेस में बदल सकती है।
सिर्फ ₹5,000 की बचत से शुरू हुआ सफर
विनीत राय की शुरुआती यात्रा कॉरपोरेट बिजनेस से अलग थी। फॉरेस्ट्री की पढ़ाई करने के बाद उन्होंने जमीनी स्तर पर लोगों की समस्याओं को समझने और उनके समाधान के लिए काम करने का फैसला किया।
इसी सोच ने उन्हें Impact Investing की तरफ आकर्षित किया। उनके पास शुरुआत के समय बड़ी पूंजी नहीं थी। उन्होंने अपनी करीब ₹5,000 की बचत लगाई और अपनी पत्नी से लगभग ₹1 लाख उधार लेकर अपने मिशन की शुरुआत की।
उस समय यह फैसला आसान नहीं था। किसी नए और अपेक्षाकृत अनजान मॉडल में पूंजी लगाना अपने आप में बड़ा जोखिम था। लेकिन विनीत राय का मानना था कि भारत के छोटे शहरों और ग्रामीण इलाकों में ऐसे कारोबारियों की कमी नहीं है, जिनके पास कारोबार को आगे बढ़ाने की क्षमता है, लेकिन उन्हें पूंजी और सही मार्गदर्शन नहीं मिल पाता।
यही सोच आगे चलकर Aavishkaar के बिजनेस मॉडल की बुनियाद बनी।
क्या है Impact Investing?
Impact Investing को समझने के लिए इसे केवल निवेश और रिटर्न के नजरिए से देखना पर्याप्त नहीं है। इसका मकसद ऐसे कारोबारों में पूंजी लगाना है, जिनसे वित्तीय रिटर्न के साथ-साथ सामाजिक या पर्यावरणीय प्रभाव भी पैदा हो।
विनीत राय के मुताबिक Impact Investing केवल हाई-रिस्क और हाई-रिटर्न का खेल नहीं है। इसमें उन क्षेत्रों और कारोबारों पर दांव लगाना शामिल है, जहां भविष्य का रिटर्न पूरी तरह स्पष्ट नहीं होता, लेकिन संभावित सामाजिक प्रभाव बहुत बड़ा हो सकता है।
भारत जैसे देश में यह मॉडल खास तौर पर महत्वपूर्ण हो जाता है, क्योंकि छोटे कारोबारियों, किसानों, ग्रामीण उद्यमियों और कम आय वाले वर्गों के लिए पारंपरिक वित्तीय व्यवस्था तक पहुंच हमेशा आसान नहीं रही है।
Aavishkaar ने ग्रामीण भारत से बनाई पहचान
विनीत राय ने ऐसे बिजनेस पर ध्यान केंद्रित किया जिनका सीधा संबंध समाज के कम सुविधा प्राप्त वर्गों से था। माइक्रोफाइनेंस, कृषि, छोटे और मध्यम कारोबार तथा अन्य उभरते क्षेत्रों में निवेश के जरिए Aavishkaar ने एक अलग तरह का इकोसिस्टम तैयार किया।
ग्रुप के मुताबिक, अब तक 87 कंपनियों में निवेश किया जा चुका है, जबकि करीब 40 कंपनियां एक्टिव पोर्टफोलियो का हिस्सा हैं।
इस मॉडल का असर केवल कंपनियों के वैल्यूएशन तक सीमित नहीं रहा। Aavishkaar के इकोसिस्टम से भारत और दूसरे उभरते बाजारों में 14 करोड़ से अधिक लोगों के जीवन पर प्रभाव पड़ने का दावा किया गया है। इसके साथ ही अलग-अलग बिजनेस के विस्तार से रोजगार के अवसर भी पैदा हुए हैं।
यही वजह है कि विनीत राय की कहानी को केवल एक सफल उद्यमी की कहानी नहीं, बल्कि भारत में Impact Investing के विकास की कहानी के तौर पर भी देखा जाता है।
छोटे शहरों के उद्यमियों पर बड़ा भरोसा
विनीत राय की सोच का एक अहम हिस्सा छोटे शहरों से निकलने वाले Entrepreneurs पर भरोसा करना रहा है। भारत में स्टार्टअप और बिजनेस की चर्चा अक्सर मुंबई, दिल्ली, बेंगलुरु या हैदराबाद जैसे बड़े शहरों तक सीमित दिखाई देती है।
लेकिन जयपुर, इंदौर, बनारस और देश के दूसरे छोटे शहरों में भी ऐसे संस्थापक मौजूद हैं, जो स्थानीय समस्याओं को समझते हैं और उनके लिए बिजनेस आधारित समाधान तैयार कर सकते हैं।
विनीत राय का मानना है कि भारत के छोटे शहरों से निकलने वाले उद्यमियों में बड़ा बदलाव लाने की क्षमता है। जरूरत सिर्फ इतनी है कि उन्हें पूंजी, सही नेटवर्क और भरोसा मिले।
Aavishkaar का निवेश मॉडल इसी सोच को काफी हद तक आगे बढ़ाता है।
अब Deep-Tech और AI पर बढ़ा फोकस
समय के साथ Aavishkaar Group के निवेश का दायरा भी काफी बदल गया है। शुरुआती दौर में जहां ग्रामीण अर्थव्यवस्था और वित्तीय समावेशन जैसे क्षेत्रों पर ज्यादा ध्यान था, वहीं अब ग्रुप की नजर Deep-Tech, Artificial Intelligence, Space-Tech और आधुनिक तकनीकों पर भी है।
विनीत राय के मुताबिक, उनके कुल कैपिटल का 50% से अधिक हिस्सा अब Deep-Tech, AI, Space-Tech और नई तकनीकों की दिशा में जा रहा है।
इसके पीछे एक बड़ा कारण टेक्नोलॉजी की स्केलेबिलिटी है। किसी पारंपरिक बिजनेस का प्रभाव एक निश्चित गति से बढ़ सकता है, लेकिन टेक्नोलॉजी आधारित समाधान लाखों-करोड़ों लोगों तक अपेक्षाकृत तेजी से पहुंच सकते हैं।
AI, Deep-Tech और Space-Tech जैसे क्षेत्रों में शुरुआती स्तर पर जोखिम जरूर अधिक हो सकता है, लेकिन सफल होने पर इनका आर्थिक और सामाजिक प्रभाव भी काफी बड़ा हो सकता है।
Aavishkaar Group की बिजनेस रणनीति क्या है?
विनीत राय ने अपने ग्रुप की संरचना को समझाने के लिए एक दिलचस्प उदाहरण दिया है। उनके मुताबिक, Intellecap ग्रुप का ‘दिमाग’ है, जो रणनीति और सोच से जुड़े काम करता है, जबकि Aavishkaar Capital को उन्होंने ‘दिल’ की तरह बताया, जो फंड के जरिए पूंजी को अलग-अलग अवसरों तक पहुंचाता है।
इस तरह ग्रुप ने केवल निवेश करने के बजाय एक ऐसा इकोसिस्टम बनाने की कोशिश की है, जहां उद्यमियों को पूंजी के साथ रणनीतिक सहायता और नेटवर्क भी मिल सके।
यही मॉडल Aavishkaar को पारंपरिक निवेश कंपनियों से अलग पहचान देने में मदद करता है।
₹1 लाख के कर्ज से $1.3 बिलियन तक का सफर
विनीत राय की कहानी का सबसे दिलचस्प हिस्सा शुरुआती पूंजी और आज के बिजनेस स्केल के बीच का अंतर है।
जहां उन्होंने शुरुआत में अपनी ₹5,000 की बचत और पत्नी से लिए ₹1 लाख से काम शुरू किया था, वहीं आज Aavishkaar Group का आकार करीब $1.3 बिलियन यानी लगभग ₹10,800 करोड़ बताया जा रहा है।
यह बदलाव एक दिन में नहीं आया। इसके पीछे वर्षों तक निवेश, कंपनियों के साथ काम, जोखिम उठाने की क्षमता और बदलती अर्थव्यवस्था के अनुसार रणनीति बदलने का लंबा सफर रहा है।
विनीत राय की यात्रा यह भी दिखाती है कि किसी बिजनेस को बड़ा बनाने के लिए सिर्फ शुरुआती पूंजी महत्वपूर्ण नहीं होती। बिजनेस आइडिया, संस्थापक की सोच, बाजार की जरूरत और लंबे समय तक उस मॉडल पर टिके रहने की क्षमता भी उतनी ही महत्वपूर्ण होती है।
2035 तक $10 बिलियन का लक्ष्य
अब विनीत राय के सामने अगला बड़ा लक्ष्य और भी महत्वाकांक्षी है। Aavishkaar Group मौजूदा करीब $1.3 बिलियन के स्तर से बढ़कर 2035 तक $10 बिलियन, यानी लगभग ₹83,000 करोड़ का Impact Investing Group बनने का लक्ष्य रखता है।
अगर यह लक्ष्य हासिल होता है, तो ग्रुप के मौजूदा आकार की तुलना में यह कई गुना बड़ी छलांग होगी।
इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए Deep-Tech, AI, Climate-Tech, Space-Tech और उभरते बाजारों में निवेश की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है। खासकर भारत में टेक्नोलॉजी और उद्यमिता का तेजी से विस्तार ऐसे निवेशकों के लिए नए अवसर पैदा कर रहा है।
विनीत राय की कहानी से क्या सीख मिलती है?
विनीत राय की कहानी को सिर्फ ₹5,000 से ₹10,800 करोड़ तक पहुंचने की कहानी के रूप में देखना आसान है, लेकिन इसके पीछे कुछ महत्वपूर्ण बिजनेस सबक भी छिपे हैं।
पहला सबक है—छोटी पूंजी शुरुआत में बाधा हो सकती है, लेकिन हमेशा अंतिम सीमा नहीं। बड़े बिजनेस अक्सर एक छोटे आइडिया या छोटे प्रयोग से शुरू होते हैं।
दूसरा सबक है—समस्या को समझकर बिजनेस बनाना। Aavishkaar ने ऐसे क्षेत्रों पर ध्यान दिया जहां वित्त और अवसर की कमी थी। यानी बाजार की वास्तविक समस्या को पहचानना बिजनेस मॉडल की मजबूत नींव बन सकता है।
तीसरा सबक है—बदलते समय के साथ खुद को बदलना। Aavishkaar का फोकस सिर्फ माइक्रोफाइनेंस तक सीमित नहीं रहा। ग्रुप ने Agriculture, Climate, MSME से लेकर AI और Deep-Tech जैसे नए क्षेत्रों की ओर कदम बढ़ाया।
चौथा सबक है—लंबी अवधि की सोच। 2035 तक $10 बिलियन का लक्ष्य दिखाता है कि विनीत राय का नजरिया तत्काल नतीजों के बजाय लंबी अवधि के प्रभाव पर केंद्रित है।
सिर्फ बिजनेस नहीं, Impact का भी मॉडल
विनीत राय की कहानी में सबसे अलग बात यह है कि उनके लिए बिजनेस की सफलता का पैमाना केवल कंपनी की वैल्यू या निवेश पर मिलने वाला रिटर्न नहीं है। वह इस बात पर भी जोर देते हैं कि किसी निवेश से कितने लोगों की जिंदगी में सकारात्मक बदलाव आया।
यही Impact Investing की मूल भावना है—Profit के साथ Purpose।
₹5,000 की बचत और ₹1 लाख के पारिवारिक कर्ज से शुरू हुई यह यात्रा आज हजारों करोड़ रुपये के बिजनेस स्केल तक पहुंच चुकी है। अब अगला पड़ाव $10 बिलियन का लक्ष्य है। आने वाले वर्षों में Aavishkaar Group इस लक्ष्य तक कितनी तेजी से पहुंचता है, यह देखने वाली बात होगी। लेकिन विनीत राय की कहानी निश्चित तौर पर उन Entrepreneurs के लिए प्रेरणा है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद बड़ा बदलाव लाने का सपना देखते हैं।
Disclaimer: यह लेख केवल सूचनात्मक उद्देश्य से है। इसमें बताए गए कंपनी के आकार, निवेश और भविष्य के लक्ष्यों से जुड़े आंकड़े उपलब्ध बयानों/रिपोर्टों पर आधारित हैं। निवेश से जुड़ा कोई भी फैसला लेने से पहले कंपनी, फंड और संबंधित निवेश की स्वतंत्र रूप से जांच करें तथा जरूरत पड़ने पर योग्य वित्तीय सलाहकार की सलाह लें। NewsJagran.in किसी भी निवेश में पैसा लगाने की सलाह नहीं देता।


