देश की दूसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी इंफोसिस (Infosys) ने अपने कर्मचारियों के लिए बड़ी घोषणा की है। कंपनी ने बताया है कि वित्त वर्ष 2026-27 के दौरान कर्मचारियों की सैलरी दो चरणों में बढ़ाई जाएगी। अधिकांश कर्मचारियों को अक्टूबर 2026 में वेतन वृद्धि मिलेगी, जबकि वरिष्ठ कर्मचारियों (Senior Employees) की सैलरी जनवरी 2027 में बढ़ाई जाएगी।
इसके साथ ही कंपनी ने यह भी ऐलान किया कि वह इस वित्त वर्ष में 20,000 फ्रेशर्स की भर्ती करेगी। यह जानकारी कंपनी के सीईओ सलील पारेख ने 23 जुलाई को जून तिमाही (Q1 FY27) के नतीजों के बाद आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी।
अक्टूबर में अधिकांश कर्मचारियों को मिलेगा Salary Hike
इंफोसिस के सीईओ सलील पारेख ने कहा कि कंपनी कर्मचारियों की सैलरी बढ़ाने की प्रक्रिया दो चरणों में पूरी करेगी।
- अधिकांश कर्मचारियों की सैलरी अक्टूबर 2026 से बढ़ाई जाएगी।
- वरिष्ठ कर्मचारियों को जनवरी 2027 में वेतन वृद्धि का लाभ मिलेगा।
आईटी सेक्टर में पिछले कुछ समय से लागत नियंत्रण और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच यह फैसला कर्मचारियों के लिए राहत की खबर माना जा रहा है।
जून तिमाही में मुनाफा और रेवेन्यू दोनों बढ़े
इंफोसिस ने जून 2026 तिमाही के मजबूत वित्तीय नतीजे पेश किए।
Q1 FY27 Highlights
- शुद्ध कंसोलिडेटेड मुनाफा: ₹7,769 करोड़
- सालाना आधार पर मुनाफे में वृद्धि: 12.2%
- कुल रेवेन्यू: ₹48,211 करोड़
- रेवेन्यू ग्रोथ: 14% (YoY)
हालांकि मजबूत नतीजों के बावजूद कंपनी ने भविष्य के कारोबार को लेकर सतर्क रुख अपनाया है।
FY27 के लिए घटाया Revenue Growth Guidance
इंफोसिस ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए अपने Revenue Growth Guidance में कटौती की है।
पहले कंपनी को:
- 3% तक ग्रोथ की उम्मीद थी।
अब इसे घटाकर:
- 1.5% कर दिया गया है।
इससे संकेत मिलता है कि वैश्विक आईटी खर्च में सुस्ती और ग्राहकों की सतर्क निवेश रणनीति का असर आने वाले महीनों में कारोबार पर पड़ सकता है।
इस साल होगी 20,000 फ्रेशर्स की भर्ती
इंफोसिस ने कहा कि वह पूरे वित्त वर्ष में 20,000 नए फ्रेशर्स को नौकरी देगी।
कंपनी के अनुसार,
- जून तिमाही में ही 4,000 से अधिक फ्रेशर्स की भर्ती की जा चुकी है।
- यह भर्ती डिजिटल, क्लाउड, एआई और नई तकनीकों से जुड़े प्रोजेक्ट्स को ध्यान में रखकर की जा रही है।
कर्मचारियों की संख्या में मामूली कमी
30 जून 2026 तक इंफोसिस में कुल कर्मचारियों की संख्या:
- 3,28,062
मार्च 2026 के अंत में यह संख्या:
- 3,28,594
यानी तिमाही के दौरान कर्मचारियों की कुल संख्या में मामूली कमी दर्ज की गई।
Attrition Rate बढ़कर 13% हुआ
कंपनी के कर्मचारियों के नौकरी छोड़ने की दर (Attrition Rate) में भी हल्की बढ़ोतरी हुई है।
- मौजूदा एट्रिशन रेट: 13%
- पिछली तिमाही: 12.6%
हालांकि यह दर पिछले वर्षों की तुलना में अभी भी नियंत्रित स्तर पर मानी जा रही है।
नए CEO का भी हुआ ऐलान
इंफोसिस ने 23 जुलाई को अपने अगले सीईओ के नाम की भी घोषणा की।
मौजूदा सीईओ सलील पारेख का कार्यकाल 31 मार्च 2027 तक रहेगा। इसके बाद कंपनी का नेतृत्व नए सीईओ संभालेंगे। यह बदलाव कंपनी की दीर्घकालिक नेतृत्व रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
शेयर प्रदर्शन कैसा रहा?
23 जुलाई को इंफोसिस का शेयर मामूली बढ़त के साथ बंद हुआ।
- बंद भाव: ₹1,052.90
- दैनिक बढ़त: 0.076%
हालांकि पूरे वर्ष की बात करें तो कंपनी का शेयर अभी भी दबाव में है।
- वर्ष 2026 में अब तक गिरावट: करीब 35%
- इसी अवधि में Nifty IT Index लगभग 25% कमजोर हुआ है।
विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक आईटी सेक्टर में एआई आधारित नई तकनीकों, क्लाइंट खर्च में कमी और मांग की सुस्ती के कारण आईटी कंपनियों के शेयरों पर दबाव बना हुआ है।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
जून तिमाही में मजबूत मुनाफा और राजस्व वृद्धि इंफोसिस के लिए सकारात्मक संकेत हैं। वहीं कर्मचारियों की सैलरी बढ़ाने और 20,000 फ्रेशर्स की भर्ती का फैसला कंपनी के दीर्घकालिक विश्वास को दर्शाता है। हालांकि FY27 के लिए रेवेन्यू ग्रोथ गाइडेंस घटाना इस बात का संकेत है कि वैश्विक आईटी बाजार में चुनौतियां अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई हैं। ऐसे में निवेशकों की नजर अब कंपनी के आने वाले तिमाहियों के प्रदर्शन और नए ऑर्डर बुक पर रहेगी।


