Adani Green Energy Q1 Results FY27: अदाणी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड (AGEL) ने वित्त वर्ष 2026-27 (FY27) की पहली तिमाही में शानदार वित्तीय प्रदर्शन दर्ज किया है। कंपनी का EBITDA पहली बार ₹4,122 करोड़ के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है। वहीं, ऑपरेशनल रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता बढ़कर 20,142 मेगावाट हो गई है, जो पिछले साल की तुलना में 27% अधिक है। कंपनी ने खावड़ा प्रोजेक्ट में बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) के विस्तार के साथ अपने 2030 के 50 गीगावाट लक्ष्य की दिशा में भी बड़ा कदम बढ़ाया है।
पहली तिमाही में रिकॉर्ड EBITDA, 33% की शानदार बढ़ोतरी
स्टॉक एक्सचेंज को दी गई जानकारी के अनुसार, जून 2026 तिमाही में कंपनी का EBITDA (ब्याज, कर, मूल्यह्रास और परिशोधन से पहले की आय) सालाना आधार पर 33% बढ़कर ₹4,122 करोड़ हो गया। पिछले वर्ष की समान तिमाही में यह ₹2,944 करोड़ था।
कंपनी का EBITDA मार्जिन 94% रहा, जो यह दर्शाता है कि अदाणी ग्रीन की परिचालन क्षमता और लाभप्रदता लगातार मजबूत हो रही है।
बिजली आपूर्ति से आय 29% बढ़कर ₹4,280 करोड़
कंपनी की बिजली बिक्री से होने वाली आय में भी मजबूत वृद्धि देखने को मिली।
- Q1 FY27 आय: ₹4,280 करोड़
- Q1 FY26 आय: ₹3,094 करोड़
- सालाना वृद्धि: 29%
बढ़ती बिजली मांग और नई परियोजनाओं के चालू होने का सीधा फायदा कंपनी के राजस्व पर दिखाई दिया।
20,142 मेगावाट पहुंची परिचालन क्षमता
अदाणी ग्रीन की कुल ऑपरेशनल रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता अब 20,142 मेगावाट (20.14 GW) हो गई है।
यह पिछले साल की तुलना में 27% की वृद्धि है। कंपनी का कहना है कि नई सौर और पवन ऊर्जा परियोजनाओं के शुरू होने से क्षमता में लगातार विस्तार हो रहा है।
कैश प्रॉफिट भी बढ़कर ₹2,225 करोड़
कंपनी का कैश प्रॉफिट भी मजबूत रहा।
| वित्तीय संकेतक | Q1 FY27 | Q1 FY26 | वृद्धि |
|---|---|---|---|
| EBITDA | ₹4,122 करोड़ | ₹2,944 करोड़ | 33% |
| बिजली आपूर्ति से आय | ₹4,280 करोड़ | ₹3,094 करोड़ | 29% |
| कैश प्रॉफिट | ₹2,225 करोड़ | ₹1,735 करोड़ (लगभग) | 28% |
| EBITDA मार्जिन | 94% | – | मजबूत |
खावड़ा परियोजना में BESS क्षमता का बड़ा विस्तार
कंपनी ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में खावड़ा (गुजरात) में 1,972 मेगावाट बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) क्षमता स्थापित की।
इसके बाद इस परियोजना की कुल स्थापित क्षमता बढ़कर 3,551 मेगावाट हो गई है। कंपनी के अनुसार यह दुनिया में एक ही स्थान पर विकसित सबसे बड़ी BESS परियोजनाओं में शामिल है।
2030 तक 50 GW क्षमता का लक्ष्य
अदाणी ग्रीन ने कहा कि वह FY27 के दौरान 10,000 मेगावाट से अधिक अतिरिक्त BESS क्षमता जोड़ने की दिशा में तेजी से काम कर रही है।
कंपनी का दीर्घकालिक लक्ष्य 2030 तक 50,000 मेगावाट (50 GW) की रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता हासिल करना है।
सीईओ आशीष खन्ना ने क्या कहा?
अदाणी ग्रीन एनर्जी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) आशीष खन्ना ने कहा कि कंपनी ने वित्त वर्ष की शुरुआत मजबूत प्रदर्शन के साथ की है।
उन्होंने कहा कि कंपनी ने 20 गीगावाट परिचालन क्षमता का महत्वपूर्ण आंकड़ा पार कर लिया है। भारत में बिजली की मांग दोबारा तेज होने के बीच कंपनी का बढ़ता रिन्यूएबल एनर्जी पोर्टफोलियो देश की स्वच्छ ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में अहम भूमिका निभा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि कंपनी परिचालन दक्षता और प्रदर्शन के मामले में उद्योग में अग्रणी बनी हुई है।
निवेशकों के लिए इसका क्या मतलब है?
विशेषज्ञों के अनुसार कंपनी के तिमाही नतीजे कई सकारात्मक संकेत देते हैं।
- EBITDA और कैश प्रॉफिट में मजबूत वृद्धि।
- 20 GW क्षमता पार करने से भविष्य की आय में मजबूती की संभावना।
- BESS और ग्रीन एनर्जी प्रोजेक्ट्स पर तेज निवेश।
- भारत में बढ़ती बिजली मांग का सीधा फायदा मिलने की उम्मीद।
- 2030 तक 50 GW लक्ष्य कंपनी की दीर्घकालिक विकास रणनीति को मजबूत बनाता है।
निष्कर्ष
अदाणी ग्रीन एनर्जी ने FY27 की पहली तिमाही में रिकॉर्ड वित्तीय प्रदर्शन करते हुए ₹4,122 करोड़ का अब तक का सबसे बड़ा EBITDA दर्ज किया है। 20 गीगावाट से अधिक ऑपरेशनल क्षमता, बढ़ता कैश प्रॉफिट और खावड़ा में BESS विस्तार यह संकेत देते हैं कि कंपनी भारत के नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में अपनी अग्रणी स्थिति लगातार मजबूत कर रही है। यदि आने वाली तिमाहियों में भी यही रफ्तार बनी रहती है, तो कंपनी अपने 2030 के 50 GW लक्ष्य की दिशा में तेजी से आगे बढ़ सकती है।


