NewsjagranNewsjagranNewsjagran
  • बिजनेस न्यूज़
    बिजनेस न्यूज़Show More
    google-bengaluru-office-cab-driver-free-food-facilities
    Google Bengaluru Office: कैब ड्राइवर बोला- गूगल ऑफिस में मिलता है मेहमानों जैसा सम्मान, 3 टाइम का खाना भी फ्री
    27 अगस्त 2026
    trump-tariff-surgical-strike-india-china-10-countries-reason
    ट्रंप की टैरिफ सर्जिकल स्ट्राइक: भारत-चीन समेत 10 देश निशाने पर, जानिए अमेरिका क्यों बढ़ा रहा दबाव
    27 अगस्त 2026
    crypto-investment-1995-96-mutual-fund-bitdelta-ceo-vikas-sachdeva
    क्रिप्टो आज 1995-96 के म्यूचुअल फंड जैसा, निवेश से पहले समझें ये जोखिम; CEO ने बताया कितना पैसा लगाना चाहिए
    27 अगस्त 2026
    subhash-chandra-22006-crore-claims-99-97-haircut-nclt-case
    Subhash Chandra Case: ₹22,006 करोड़ के दावों पर 99.97% हेयरकट की क्या है पूरी कहानी? समझें NCLT का फैसला
    27 अगस्त 2026
    apple-surprise-and-shine-event-iphone-18-pro-foldable-iphone-ultra-live
    Apple ‘Surprise and Shine’ Event: 9 सितंबर को iPhone 18 Pro से फोल्डेबल iPhone Ultra तक की झलक, ऐसे देखें लाइव
    27 अगस्त 2026
  • कमोडिटी
    कमोडिटीShow More
    gold-price-today-27-august-2026-raksha-bandhan-gold-rate
    Gold Price Today: रक्षाबंधन से पहले सोने की चमक पड़ी फीकी, दिल्ली में 22 कैरेट ₹1,50,240
    27 अगस्त 2026
    crude-oil-price-brent-crude-falls-6-percent-in-two-days-reason
    Crude Oil Price: ब्रेंट क्रूड दो दिन में 6% फिसला, 87 डॉलर के नीचे आया भाव; जानें अचानक बड़ी गिरावट की वजह
    26 अगस्त 2026
    gold-price-outlook-2026-gold-price-target-experts
    Gold Price Outlook: सोने में तेजी की 5 बड़ी वजहें, 2026 में कहां तक पहुंच सकता है भाव
    25 अगस्त 2026
    crude-oil-price-brent-crude-falls-6-percent-in-two-days-reason
    Crude Oil Price: ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भी फिसला कच्चा तेल, ब्रेंट क्रूड 93 डॉलर के नीचे
    24 अगस्त 2026
    gold-silver-price-rise-reasons-sona-chandi-ke-bhav-tezi
    Gold Silver Price: सोना ₹1.62 लाख के पार, चांदी ₹2.46 लाख पर; 3 हफ्ते की तेजी के पीछे ये 6 बड़े कारण
    23 अगस्त 2026
  • शेयर बाज़ार
    शेयर बाज़ारShow More
    lenskart-block-deal-1313-crore-shares-sale-630-price
    Lenskart में ₹1,313 करोड़ की ब्लॉक डील, ₹630 के भाव पर बिक सकते हैं 2.08 करोड़ शेयर
    27 अगस्त 2026
    nbcc-134-crore-5-new-orders-stock-in-focus
    Stock in Focus: NBCC को मिले ₹134 करोड़ के 5 नए ऑर्डर, शेयर पर रहेगी नजर
    27 अगस्त 2026
    stocks-to-watch-28-august-adani-power-lenskart-nbcc-wipro-lic
    Stocks to Watch: 28 अगस्त को Adani Power, Lenskart समेत इन 10 शेयरों पर रहेगी नजर
    27 अगस्त 2026
    ipo-listing-next-week-symbiotic-pharmalab-skyways-air-services-high-tech-engineers-gmp
    अगले हफ्ते बाजार में धमाकेदार एंट्री की तैयारी, इन 3 IPO शेयरों पर टिकी नजर
    27 अगस्त 2026
    bengal-assam-company-dividend-50-rupees-record-date-1-september-2026
    Dividend Stock: ₹50 डिविडेंड के लिए 1 सितंबर से पहले बनना होगा शेयरहोल्डर, जानें रिकॉर्ड डेट और पूरी जानकारी
    27 अगस्त 2026
Search
© 2026 News Jagran Digital Media. All Rights Reserved. | Udyam-HR-05-0178310
Reading: EV Insurance: भारत में EV इंश्योरेंस का 670% बंपर उछाल, छोटे शहरों ने मेट्रो सिटीज को छोड़ा पीछे
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NewsjagranNewsjagran
Font ResizerAa
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Search
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Follow US
© 2026 News Jagran. All Rights Reserved.
बिजनेस न्यूज़

EV Insurance: भारत में EV इंश्योरेंस का 670% बंपर उछाल, छोटे शहरों ने मेट्रो सिटीज को छोड़ा पीछे

Namam Sharma
Last updated: 2026/05/27 at 11:48 अपराह्न
Namam Sharma - Senior Editor – Newsjagran
Share
8 Min Read
ev-insurance-growth-india-tier-2-tier-3-cities-record-surge
SHARE

भारत में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EV) का बाजार अब सिर्फ गाड़ियों की बिक्री तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इंश्योरेंस सेक्टर में भी इसका जबरदस्त असर देखने को मिल रहा है। ऑनलाइन इंश्योरेंस प्लेटफॉर्म Policybazaar की FY26 मोटर इंश्योरेंस ट्रेंड्स रिपोर्ट के अनुसार, देश में EV इंश्योरेंस पॉलिसियों में एक साल के भीतर रिकॉर्ड 670% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। यह भारत के मोटर इंश्योरेंस सेक्टर में सबसे तेजी से बढ़ने वाली कैटेगरी बन चुकी है।

Contents
छोटे शहरों से आई सबसे बड़ी ग्रोथEV इंश्योरेंस में 670% का रिकॉर्ड उछाल क्यों आया?1. महंगी बैटरी और रिपेयर कॉस्ट2. EV फाइनेंसिंग बढ़ना3. नई EV कंपनियों की एंट्री4. सरकार का EV फोकसमहाराष्ट्र बना EV इंश्योरेंस का सबसे बड़ा हबतेलंगाना ने कार इंश्योरेंस ग्रोथ में मारी बाजीकिस ईंधन वाली गाड़ियों का सबसे ज्यादा बीमा हो रहा?कुल बीमित वाहनों में हिस्सेदारीइंश्योरेंस सेक्टर के लिए बड़ा बदलावआगे क्या?

रिपोर्ट से यह भी साफ हुआ है कि अब वाहन बीमा का बाजार सिर्फ दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु जैसे बड़े शहरों तक सीमित नहीं रहा। टियर-2 और टियर-3 शहरों में लोगों की बढ़ती जागरूकता और इंटरनेट पहुंच ने मोटर इंश्योरेंस सेक्टर की तस्वीर बदल दी है।

छोटे शहरों से आई सबसे बड़ी ग्रोथ

कुछ साल पहले तक वाहन बीमा को लेकर जागरूकता मुख्य रूप से महानगरों में ही देखने को मिलती थी। लेकिन अब स्थिति तेजी से बदल रही है। FY26 रिपोर्ट के अनुसार, गैर-महानगरीय भारत में कार इंश्योरेंस अपनाने की दर में 15% की सालाना वृद्धि दर्ज की गई, जबकि मेट्रो शहरों में यह ग्रोथ केवल 8% रही।

देश के कुल कार इंश्योरेंस बाजार में अब टियर-2 और टियर-3 शहरों की हिस्सेदारी बढ़कर 77% तक पहुंच गई है। पिछले साल यह आंकड़ा 75% था। यह बदलाव दिखाता है कि छोटे शहरों में लोग अब केवल वाहन खरीदने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वित्तीय सुरक्षा और इंश्योरेंस को भी गंभीरता से लेने लगे हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि इसके पीछे कई बड़े कारण हैं:

  • इंटरनेट और डिजिटल पेमेंट्स की बढ़ती पहुंच
  • ऑनलाइन पॉलिसी खरीदना और रिन्यू करना आसान होना
  • क्लेम प्रोसेस का डिजिटल होना
  • सड़क दुर्घटनाओं और वाहन सुरक्षा को लेकर बढ़ती जागरूकता
  • नए वाहन खरीदने वालों में फाइनेंस आधारित खरीदारी बढ़ना

अब लोग केवल थर्ड पार्टी इंश्योरेंस नहीं, बल्कि कॉम्प्रिहेंसिव कवर, जीरो डेप्रिसिएशन और बैटरी प्रोटेक्शन जैसे एड-ऑन भी तेजी से ले रहे हैं।

EV इंश्योरेंस में 670% का रिकॉर्ड उछाल क्यों आया?

भारत में EV बिक्री पिछले दो वर्षों में तेजी से बढ़ी है। सरकार की FAME स्कीम, राज्यों की सब्सिडी और पेट्रोल-डीजल की ऊंची कीमतों ने लोगों को इलेक्ट्रिक गाड़ियों की तरफ आकर्षित किया है। अब इसका सीधा असर इंश्योरेंस सेक्टर पर दिखाई दे रहा है।

FY25 की तुलना में FY26 में EV इंश्योरेंस पॉलिसियों में 670% की वृद्धि दर्ज होना इस बात का संकेत है कि EV अब केवल ट्रेंड नहीं, बल्कि तेजी से मुख्यधारा का हिस्सा बन रहे हैं।

हालांकि अभी भी कुल मोटर इंश्योरेंस बाजार में EV की हिस्सेदारी केवल 1% है, लेकिन जिस रफ्तार से यह बढ़ रहा है, उससे आने वाले वर्षों में यह तस्वीर पूरी तरह बदल सकती है।

EV इंश्योरेंस तेजी से बढ़ने के पीछे कुछ अहम कारण हैं:

1. महंगी बैटरी और रिपेयर कॉस्ट

इलेक्ट्रिक गाड़ियों की बैटरी बेहद महंगी होती है। छोटी दुर्घटना में भी रिपेयर बिल लाखों तक पहुंच सकता है। ऐसे में ग्राहक बेहतर इंश्योरेंस कवर लेना पसंद कर रहे हैं।

2. EV फाइनेंसिंग बढ़ना

कई बैंक और NBFC अब EV लोन तेजी से दे रहे हैं। फाइनेंस कंपनियां अक्सर कॉम्प्रिहेंसिव इंश्योरेंस अनिवार्य करती हैं।

3. नई EV कंपनियों की एंट्री

भारतीय बाजार में लगातार नए EV मॉडल लॉन्च हो रहे हैं। इससे बीमा कंपनियों ने भी EV-फोकस्ड प्रोडक्ट्स लॉन्च करने शुरू कर दिए हैं।

4. सरकार का EV फोकस

केंद्र और राज्य सरकारें EV इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के लिए लगातार नई नीतियां ला रही हैं। इससे ग्राहक विश्वास बढ़ा है।

महाराष्ट्र बना EV इंश्योरेंस का सबसे बड़ा हब

रिपोर्ट के अनुसार, महाराष्ट्र देश में EV इंश्योरेंस अपनाने वाला सबसे बड़ा राज्य बनकर उभरा है। मुंबई और पुणे इस ग्रोथ के मुख्य केंद्र रहे। देश की कुल बीमित EV कारों में अकेले महाराष्ट्र की हिस्सेदारी 8% बताई गई है। इसकी सबसे बड़ी वजहें हैं बड़े पैमाने पर EV चार्जिंग नेटवर्क, कॉर्पोरेट और स्टार्टअप इकोसिस्टम, ऊंची फ्यूल कॉस्ट, शहरी ग्राहकों की खरीद क्षमता, राज्य सरकार की EV पॉलिसी पुणे और मुंबई में EV टैक्सी, फ्लीट और प्राइवेट इलेक्ट्रिक कारों की संख्या तेजी से बढ़ रही है।

तेलंगाना ने कार इंश्योरेंस ग्रोथ में मारी बाजी

जहां EV इंश्योरेंस में महाराष्ट्र आगे रहा, वहीं कुल कार इंश्योरेंस ग्रोथ के मामले में तेलंगाना सबसे आगे निकला। राज्य में सालाना आधार पर 30% की मजबूत ग्रोथ दर्ज की गई। हैदराबाद जैसे शहरों में आईटी सेक्टर, बढ़ती कार बिक्री और डिजिटल इंश्योरेंस अपनाने की वजह से यह तेजी देखने को मिली।

किस ईंधन वाली गाड़ियों का सबसे ज्यादा बीमा हो रहा?

भले ही EV इंश्योरेंस तेजी से बढ़ रहा हो, लेकिन भारत का मोटर इंश्योरेंस बाजार अभी भी पेट्रोल वाहनों के कब्जे में है।

कुल बीमित वाहनों में हिस्सेदारी

ईंधन प्रकारहिस्सेदारी
पेट्रोल वाहन68.3%
डीजल वाहन24.7%
CNG वाहन5.8%
EVलगभग 1%

यह आंकड़े बताते हैं कि पेट्रोल वाहन अभी भी बाजार की रीढ़ बने हुए हैं, लेकिन CNG और EV सेगमेंट लगातार तेजी पकड़ रहे हैं।

इंश्योरेंस सेक्टर के लिए बड़ा बदलाव

विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले 5 वर्षों में मोटर इंश्योरेंस इंडस्ट्री पूरी तरह बदल सकती है। अब बीमा कंपनियां केवल बेसिक कवर बेचने के बजाय ग्राहक की जरूरत के हिसाब से कस्टमाइज्ड पॉलिसियां तैयार कर रही हैं।

EV के लिए अब अलग से ये फीचर्स दिए जा रहे हैं बैटरी प्रोटेक्शन कवर, रोडसाइड चार्जिंग सहायता, चार्जर डैमेज कवर, जीरो डेप्रिसिएशन, मोटर प्रोटेक्ट एड-ऑन इससे बीमा बाजार का औसत प्रीमियम भी बढ़ रहा है।

आगे क्या?

भारत में EV बिक्री और डिजिटल इंश्योरेंस दोनों तेजी से बढ़ रहे हैं। ऐसे में मोटर इंश्योरेंस सेक्टर में अगले कुछ वर्षों में और बड़ी छलांग देखने को मिल सकती है। खासतौर पर छोटे शहर इस ग्रोथ के नए इंजन बनकर उभर रहे हैं। अगर पेट्रोल और डीजल की कीमतें ऊंची बनी रहती हैं और सरकार EV सेक्टर को सपोर्ट करती रही, तो आने वाले समय में EV इंश्योरेंस भारत के सबसे बड़े फाइनेंशियल प्रोडक्ट्स में से एक बन सकता है।

Also Read:

  • Petrol Diesel Supply: देश में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं, सरकार ने अफवाहों पर लगाया विराम; बताया क्यों बढ़ रही पेट्रोल पंपों पर भीड़
  • Arvind Panagariya on Falling Rupee: ‘गिरता रुपया गंभीर झटका, लेकिन आर्थिक संकट नहीं’, अर्थशास्त्री का बड़ा बयान

You Might Also Like

Google Bengaluru Office: कैब ड्राइवर बोला- गूगल ऑफिस में मिलता है मेहमानों जैसा सम्मान, 3 टाइम का खाना भी फ्री

ट्रंप की टैरिफ सर्जिकल स्ट्राइक: भारत-चीन समेत 10 देश निशाने पर, जानिए अमेरिका क्यों बढ़ा रहा दबाव

क्रिप्टो आज 1995-96 के म्यूचुअल फंड जैसा, निवेश से पहले समझें ये जोखिम; CEO ने बताया कितना पैसा लगाना चाहिए

Subhash Chandra Case: ₹22,006 करोड़ के दावों पर 99.97% हेयरकट की क्या है पूरी कहानी? समझें NCLT का फैसला

Apple ‘Surprise and Shine’ Event: 9 सितंबर को iPhone 18 Pro से फोल्डेबल iPhone Ultra तक की झलक, ऐसे देखें लाइव

TAGGED: Auto News, Car Insurance, CNG Vehicles, electric vehicle, EV India, EV Insurance, Financial News, India Auto Sector, Insurance News, Maharashtra EV Market, Motor Insurance, Petrol Diesel Vehicles, Policybazaar
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
By Namam Sharma Senior Editor – Newsjagran
Follow:
नमम शर्मा, Newsjagran के सीनियर एडिटर हैं। बिज़नेस न्यूज़, कमोडिटी बाज़ार, सोना-चांदी भाव, पेट्रोल-डीजल रेट और फाइनेंस में 9 साल का अनुभव। हिंदी डिजिटल पत्रकारिता के जानकार।
Previous Article petrol-diesel-supply-no-shortage-government-clarifies-petrol-pump-crowd-reason Petrol Diesel Supply: देश में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं, सरकार ने अफवाहों पर लगाया विराम; बताया क्यों बढ़ रही पेट्रोल पंपों पर भीड़
Next Article crude-oil-price-today-may-2026-price-fall-india-impact Crude Oil Price Today: मई में कच्चे तेल में बड़ी गिरावट, 27 दिन में 13% टूटा भाव; भारत पर क्या होगा असर?

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today

सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें

gold-price-today
Gold Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में 24K, 22K और 18K सोने के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
silver-price-today
Silver Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में चांदी के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
live-petrol-diesel-price
Petrol Diesel Price Today: आज आपके शहर में पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
crude-oil-price-today
Crude Oil Price Today: कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट या तेजी? जानिए आज का लेटेस्ट अपडेट
कमोडिटी फाइनेंस
lpg-price-today
LPG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में घरेलू और कमर्शियल LPG सिलेंडर के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
cng-price-today
CNG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में CNG के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
png-price-today
PNG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में PNG गैस के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
ipo-gmp-today-mainboard-sme
IPO GMP Today: 28 अगस्त को इन IPOs का ग्रे मार्केट प्रीमियम सबसे ज्यादा, GMP से लिस्टिंग पर कितना फायदा?
शेयर बाज़ार फाइनेंस
government-spending-as-percent-of-gdp-kiribati-marshall-islands-ukraine
USD/INR Live Chart: डॉलर बनाम रुपया, आज का एक्सचेंज रेट, लाइव चार्ट और पूरा विश्लेषण
फाइनेंस
bitcoin-price-today-live-chart-hindi
Bitcoin Price Today: लाइव बिटकॉइन प्राइस, चार्ट, मार्केट कैप और निवेश से पहले जानें जरूरी बातें
फाइनेंस

महत्वपूर्ण पृष्ठ

  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार

त्वरित लिंक्स

  • 8 वेतन आयोग
  • सरकारी योजनाएं
  • बिजनेस न्यूज़
  • Advertise With Us
  • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
  • Terms of Service

Discover News Jagran

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer & Affiliate Disclosure
  • Editorial Policy
  • Author Bio & Team
  • Career

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today
NewsjagranNewsjagran
© 2026 News Jagran Digital Media | Google News Approved | MSME: Udyam-HR-05-0178310
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Manage Consent
To provide the best experiences, we use technologies like cookies to store and/or access device information. Consenting to these technologies will allow us to process data such as browsing behaviour or unique IDs on this site. Not consenting or withdrawing consent, may adversely affect certain features and functions.
Functional Always active
The technical storage or access is strictly necessary for the legitimate purpose of enabling the use of a specific service explicitly requested by the subscriber or user, or for the sole purpose of carrying out the transmission of a communication over an electronic communications network.
Preferences
The technical storage or access is necessary for the legitimate purpose of storing preferences that are not requested by the subscriber or user.
Statistics
The technical storage or access that is used exclusively for statistical purposes. The technical storage or access that is used exclusively for anonymous statistical purposes. Without a subpoena, voluntary compliance on the part of your Internet Service Provider, or additional records from a third party, information stored or retrieved for this purpose alone cannot usually be used to identify you.
Marketing
The technical storage or access is required to create user profiles to send advertising, or to track the user on a website or across several websites for similar marketing purposes.
  • Manage options
  • Manage services
  • Manage {vendor_count} vendors
  • Read more about these purposes
View preferences
  • {title}
  • {title}
  • {title}
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?