Meesho Share Price: ई-कॉमर्स कंपनी मीशो (Meesho) के शेयर शुक्रवार (24 जुलाई) को जोरदार दबाव में दिखाई दिए। कंपनी ने जून 2026 तिमाही में घाटे में बड़ी कमी और शानदार रेवेन्यू ग्रोथ दर्ज की, लेकिन इसके बावजूद निवेशकों ने मुनाफावसूली की। बीएसई पर शेयर कारोबार के दौरान करीब 6% तक टूटकर 177.60 रुपये के इंट्राडे लो पर पहुंच गया। कंपनी का मार्केट कैप भी घटकर करीब 85,400 करोड़ रुपये रह गया।
हालांकि वित्तीय नतीजे मजबूत रहे, लेकिन प्रबंधन द्वारा अगले कुछ महीनों के लिए नेट मर्चेंडाइज वैल्यू (NMV) की अपेक्षाकृत धीमी ग्रोथ का संकेत देने से बाजार की धारणा कमजोर हुई। इसके चलते शेयर में बिकवाली का दबाव देखने को मिला।
Q1 FY27 में घाटा आधे से भी कम हुआ
अप्रैल-जून 2026 तिमाही में मीशो का कंसोलिडेटेड शुद्ध घाटा 54% घटकर 132.83 करोड़ रुपये रह गया। पिछले साल की समान अवधि में कंपनी का घाटा 289.35 करोड़ रुपये था।
घाटे में कमी आने की मुख्य वजह कंपनी की बढ़ती बिक्री, बेहतर ऑपरेशनल एफिशिएंसी और ऑर्डर कैंसिलेशन में कमी रही। इससे कंपनी की वित्तीय स्थिति पहले की तुलना में मजबूत हुई है।
रेवेन्यू में 48% की शानदार बढ़ोतरी
मीशो की ऑपरेशंस से कंसोलिडेटेड आय (Revenue from Operations) सालाना आधार पर 48% बढ़कर 3,712.80 करोड़ रुपये पहुंच गई। पिछले साल जून 2025 तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू 2,503.86 करोड़ रुपये था।
कंपनी का कहना है कि प्लेटफॉर्म पर ग्राहकों की बढ़ती संख्या और ऑर्डर वॉल्यूम में सुधार से यह वृद्धि संभव हुई है।
GMV और NMV दोनों में मजबूत ग्रोथ
मीशो के बिजनेस प्रदर्शन में भी मजबूती देखने को मिली।
- ग्रॉस मर्चेंडाइज वैल्यू (GMV) 26% बढ़कर 19,054 करोड़ रुपये रही, जो पिछले वर्ष 15,134 करोड़ रुपये थी।
- नेट मर्चेंडाइज वैल्यू (NMV) यानी सफलतापूर्वक डिलीवर किए गए ऑर्डर्स का मूल्य 34% बढ़कर 11,614 करोड़ रुपये हो गया।
यह संकेत देता है कि कंपनी का वास्तविक डिलीवरी बिजनेस लगातार मजबूत हो रहा है।
खर्च भी तेजी से बढ़ा
हालांकि कंपनी की आय में अच्छी बढ़ोतरी हुई, लेकिन खर्चों में भी उल्लेखनीय इजाफा दर्ज किया गया।
- कुल खर्च बढ़कर 3,959.24 करोड़ रुपये हो गया।
- पिछले साल समान तिमाही में यह 2,777.64 करोड़ रुपये था।
यानी कंपनी अभी भी विस्तार और ग्राहकों को जोड़ने पर आक्रामक निवेश कर रही है।
दूसरी तिमाही के लिए क्या है कंपनी का अनुमान?
मीशो का अनुमान है कि जुलाई-सितंबर 2026 तिमाही में:
- प्लेटफॉर्म पर यूजर्स की संख्या और खर्च में अच्छी बढ़ोतरी जारी रहेगी।
- लेकिन NMV ग्रोथ की रफ्तार कुछ धीमी रह सकती है।
इसी सतर्क आउटलुक को बाजार ने नकारात्मक रूप में लिया, जिससे शेयर पर दबाव बढ़ गया।
दिसंबर 2025 में हुआ था IPO
मीशो की स्थापना 2015 में विदित आत्रे और संजीव बरनवाल ने की थी। कंपनी ने दिसंबर 2025 में शेयर बाजार में दस्तक दी थी।
IPO का आकार 5,421.20 करोड़ रुपये था।
लिस्टिंग के बाद अब तक:
- रिकॉर्ड हाई: 254.65 रुपये
- रिकॉर्ड लो: 125.70 रुपये
- फेस वैल्यू: 1 रुपये
कंपनी फिलहाल BSE 200 Index का हिस्सा है।
ब्रोकरेज की राय
चॉइस ब्रोकिंग ने मीशो के मजबूत तिमाही नतीजों के बाद अपने नजरिए को और सकारात्मक किया है।
- रेटिंग: Buy
- टारगेट प्राइस: 220 रुपये प्रति शेयर
ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी के Q1 नतीजों ने मध्यम अवधि के विकास की संभावनाओं को और मजबूत किया है।
सब्सिडियरी में करेगी 75 करोड़ रुपये का निवेश
मीशो के बोर्ड ने अपनी 100% स्वामित्व वाली सहायक कंपनी Meesho Grocery Private Limited (MGPL) में 75 करोड़ रुपये निवेश करने की मंजूरी दी है।
इस निवेश का उद्देश्य:
- ग्रोसरी कारोबार का विस्तार
- ऑपरेशंस को मजबूत बनाना
- भविष्य की बिजनेस और रेगुलेटरी जरूरतों को पूरा करना
इसके अलावा कंपनी Meesho Payments Private Limited (MPPL) में शेष 0.01% हिस्सेदारी खरीदकर उसे पूरी तरह अपनी 100% स्वामित्व वाली सब्सिडियरी बनाएगी।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत?
मीशो के तिमाही नतीजे यह दिखाते हैं कि कंपनी तेजी से अपनी वित्तीय स्थिति मजबूत कर रही है। घाटे में बड़ी कमी, मजबूत रेवेन्यू ग्रोथ और GMV/NMV में बढ़ोतरी लंबे समय के लिए सकारात्मक संकेत हैं। हालांकि निकट अवधि में प्रबंधन का सतर्क आउटलुक और हालिया तेजी के बाद मुनाफावसूली शेयर पर दबाव बना सकती है। यदि कंपनी आने वाली तिमाहियों में लाभप्रदता की दिशा में लगातार सुधार दिखाती है, तो निवेशकों की धारणा फिर से मजबूत हो सकती है।
Disclaimer: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। इसमें दी गई ब्रोकरेज की राय उनके निजी विश्लेषण पर आधारित है। NewsJagran.in किसी भी निवेश की सलाह नहीं देता। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या प्रमाणित निवेश विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य लें।


