Jharkhand Student Protest: झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर छात्रों का आंदोलन एक बार फिर तेज हो गया है। CGL परीक्षा रद्द करने और परीक्षा में कथित गड़बड़ियों की CBI जांच की मांग को लेकर छात्र आज यानी 10 अगस्त को रांची में झारखंड विधानसभा का घेराव करने की तैयारी में हैं। छात्रों ने सुबह करीब 10 बजे विधानसभा की ओर मार्च करने का ऐलान किया है।
छात्रों के आंदोलन को देखते हुए रांची प्रशासन ने विधानसभा के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। नई विधानसभा के 750 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा लागू की गई है। वहीं, किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए करीब 1,500 सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है। प्रशासन की ओर से ड्रोन के जरिए निगरानी और कंट्रोल रूम से स्थिति पर नजर रखने की व्यवस्था भी की गई है।
इस पूरे विवाद में एक तरफ छात्र CGL परीक्षा को रद्द कराकर कथित अनियमितताओं की CBI जांच की मांग पर कायम हैं, वहीं सरकार का कहना है कि छात्रों की कई मांगों पर सहमति बन चुकी है। ऐसे में आज का विधानसभा घेराव आंदोलन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
Jharkhand Student Protest: क्या है पूरा मामला?
झारखंड में JPSC और JSSC से जुड़ी परीक्षाओं तथा भर्ती प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्र संगठन लंबे समय से विरोध कर रहे हैं। JPSC-JSSC रिफॉर्म्स मंच के बैनर तले आंदोलन 25 जुलाई से जारी है।
प्रदर्शनकारी छात्रों का आरोप है कि परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ियों को लेकर उनकी शिकायतों का उचित समाधान नहीं हुआ है। छात्र CGL परीक्षा को रद्द करने और पूरे मामले की स्वतंत्र जांच की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि जांच ऐसी एजेंसी से कराई जानी चाहिए, जिस पर उन्हें भरोसा हो।
1. सुबह 10 बजे विधानसभा का घेराव
प्रदर्शनकारी छात्रों ने 10 अगस्त को सुबह करीब 10 बजे रांची में विधानसभा घेराव का ऐलान किया है। आंदोलन JPSC-JSSC रिफॉर्म्स मंच के बैनर तले किया जा रहा है। छात्रों की कोशिश विधानसभा तक पहुंचकर अपनी मांगों को सरकार के सामने मजबूती से रखने की है।
2. CGL परीक्षा रद्द करने की मांग
छात्रों की प्रमुख मांग CGL परीक्षा को रद्द करना है। छात्र नेता रविंदर पासवान के अनुसार, इस मांग पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा। प्रदर्शनकारी परीक्षा में कथित गड़बड़ियों की CBI जांच भी चाहते हैं।
छात्रों का कहना है कि जब तक परीक्षा प्रक्रिया पर उठे सवालों का निष्पक्ष समाधान नहीं होता, तब तक भर्ती प्रक्रिया को लेकर उनका विरोध जारी रहेगा।
3. न्यायिक जांच के प्रस्ताव से छात्र असहमत
सरकार की ओर से CGL विवाद की जांच के लिए रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में न्यायिक जांच का प्रस्ताव रखा गया था। हालांकि, प्रदर्शनकारी छात्रों ने इसे स्वीकार नहीं किया है।
छात्रों की मांग है कि मामले की जांच CBI से कराई जाए। यही मुद्दा सरकार और आंदोलनकारी छात्रों के बीच बातचीत में सबसे बड़ा गतिरोध बना हुआ है।
4. विधानसभा के आसपास 1,500 जवान तैनात
विधानसभा घेराव को देखते हुए रांची प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। करीब 1,500 सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है।
सुरक्षा व्यवस्था में रैपिड एक्शन पुलिस, इंडियन रिजर्व बटालियन, जिला पुलिस और क्विक रिस्पॉन्स टीम के जवान शामिल हैं। प्रशासन की ओर से संवेदनशील इलाकों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
5. 750 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा
नई विधानसभा के आसपास कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए 750 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा लागू की गई है। प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने और किसी भी गैर-कानूनी गतिविधि में शामिल नहीं होने की अपील की है।
पुरानी विधानसभा से नई विधानसभा की ओर जाने वाले मार्ग पर भी कई स्थानों पर बैरिकेड लगाए गए हैं। इसका उद्देश्य भीड़ को नियंत्रित करना और किसी अप्रिय स्थिति को रोकना है।
6. विरोध के बीच कई स्कूलों में छुट्टी
विधानसभा के आसपास संभावित भीड़ और सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए रांची के कई स्कूलों ने छुट्टी घोषित की है। प्रशासन को आशंका है कि बड़े पैमाने पर छात्रों के जुटने से इलाके में यातायात और सामान्य गतिविधियां प्रभावित हो सकती हैं।
इसी वजह से कुछ स्कूलों ने विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए छुट्टी का फैसला लिया है।
7. सरकार JPSC की तीन परीक्षाओं पर विचार को तैयार
सरकार और छात्रों के बीच बातचीत में कुछ मुद्दों पर सहमति बनने का दावा किया गया है। सरकार 14वीं JPSC परीक्षा, JPSC बैकलॉग 2023 और JPSC बैकलॉग 2025 से संबंधित परीक्षाओं को रद्द करने पर विचार करने के लिए सहमत हुई है।
सरकार का कहना है कि छात्रों की कई मांगों पर सकारात्मक कदम उठाए गए हैं। हालांकि, CGL परीक्षा को लेकर छात्रों की मुख्य मांग अब भी बनी हुई है।
8. CID जांच और ED जांच का प्रस्ताव
सरकार की ओर से TDPL एजेंसी द्वारा आयोजित परीक्षाओं से जुड़े मामलों की CID जांच के लिए सहमति जताई गई है। यदि जांच में वित्तीय अनियमितता सामने आती है तो ED जांच का प्रस्ताव भी रखा गया है।
इसके साथ ही कथित परीक्षा गड़बड़ियों से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट बनाने का प्रस्ताव भी सामने आया है। सरकार इन कदमों को परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण बता रही है।
9. अब तक 19 गिरफ्तारियां
14वीं JPSC प्रारंभिक परीक्षा के रिजल्ट में कथित गड़बड़ी से जुड़े मामले की जांच जारी है। मामले में CID की जांच भी चल रही है और पूर्व JPSC सदस्य अजीता भट्टाचार्य से पूछताछ की बात सामने आई है।
दिए गए विवरण के मुताबिक, मामले में अब तक 19 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। विवाद के बीच JPSC के चेयरमैन और कई सदस्यों के इस्तीफे की बात भी सामने आई है।
10. CM हेमंत सोरेन ने बातचीत की अपील की, BJP ने सरकार को घेरा
झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने छात्रों से बातचीत के जरिए समस्या का समाधान निकालने की अपील की है। सरकार की ओर से भर्ती और परीक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए छात्रों से सुझाव लेने के उद्देश्य से ‘स्टूडेंट्स वॉइस, विद स्टूडेंट्स’ पहल भी शुरू की गई है।
वहीं, BJP ने छात्रों के विरोध प्रदर्शन को संभालने के तरीके को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधा है। विपक्ष ने विधानसभा के आसपास लगाए गए तार और बैरिकेडिंग को लेकर सवाल उठाए हैं।
आज के विधानसभा घेराव पर रहेगी सबकी नजर
CGL परीक्षा और JPSC-JSSC से जुड़े मुद्दों को लेकर छात्रों का आंदोलन अब महत्वपूर्ण मोड़ पर पहुंच गया है। एक तरफ सरकार बातचीत और जांच से जुड़े कई प्रस्तावों के जरिए छात्रों की मांगों का समाधान निकालने की कोशिश कर रही है, तो दूसरी तरफ प्रदर्शनकारी CGL परीक्षा रद्द करने और CBI जांच की अपनी प्रमुख मांग पर कायम हैं।
ऐसे में 10 अगस्त को होने वाला विधानसभा घेराव यह तय करने में महत्वपूर्ण हो सकता है कि सरकार और छात्रों के बीच गतिरोध आगे किस दिशा में जाता है। प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है और छात्रों से शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अपील की है।


