IIFL Finance Q1 Results: देश की प्रमुख NBFC कंपनी IIFL Finance ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) के शानदार नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 189.3% बढ़कर 675.1 करोड़ रुपये पहुंच गया। मजबूत लोन ग्रोथ, नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) में तेज बढ़ोतरी और प्रावधान (Provision) में कमी की वजह से कंपनी का प्रदर्शन उम्मीद से बेहतर रहा। अब निवेशकों की नजर कंपनी के FY27 ग्रोथ प्लान और शेयर की आगे की चाल पर रहेगी।
जून तिमाही में मुनाफे में जबरदस्त उछाल
IIFL Finance ने जून 2026 तिमाही में 675.1 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया, जबकि पिछले साल की समान तिमाही में कंपनी का मुनाफा 233.4 करोड़ रुपये था। यानी कंपनी के मुनाफे में करीब 189.3 फीसदी की सालाना बढ़ोतरी दर्ज की गई।
यह शानदार प्रदर्शन मुख्य रूप से बेहतर ब्याज आय, लोन बुक के विस्तार और कम प्रावधान के कारण देखने को मिला।
NII में 55% की बढ़ोतरी
कंपनी की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) भी मजबूत रही।
- NII बढ़कर 2,003.9 करोड़ रुपये पहुंची।
- पिछले साल इसी अवधि में NII 1,294.7 करोड़ रुपये थी।
- यानी इसमें 54.8 फीसदी की वृद्धि हुई।
इसके अलावा कंपनी की कुल आय 34 फीसदी बढ़कर 2,202.4 करोड़ रुपये हो गई।
ऑपरेटिंग प्रॉफिट और PBT भी मजबूत
IIFL Finance का ऑपरेटिंग प्रदर्शन भी शानदार रहा।
- Pre-Provision Operating Profit (PPOP) 50% बढ़कर 1,252.4 करोड़ रुपये रहा।
- Profit Before Tax (PBT) 161% बढ़कर 928.6 करोड़ रुपये पहुंच गया।
- वहीं, Provision घटकर 294.2 करोड़ रुपये रह गया, जो पिछले साल 512.5 करोड़ रुपये था।
कम प्रावधान ने कंपनी की लाभप्रदता को बेहतर बनाने में अहम भूमिका निभाई।
गोल्ड लोन कारोबार बना सबसे बड़ा ग्रोथ इंजन
IIFL Finance के लिए इस तिमाही में गोल्ड लोन बिजनेस सबसे बड़ा ग्रोथ ड्राइवर साबित हुआ।
कंपनी का कुल Assets Under Management (AUM) सालाना आधार पर 38% बढ़कर 1.15 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया।
गोल्ड लोन AUM में सबसे तेज वृद्धि दर्ज की गई।
- गोल्ड लोन AUM: 58,406 करोड़ रुपये
- सालाना वृद्धि: 114%
- GNPA: सिर्फ 0.61%
यह दिखाता है कि गोल्ड लोन पोर्टफोलियो में ग्रोथ के साथ एसेट क्वालिटी भी मजबूत बनी हुई है।
अन्य कारोबार में भी बढ़ी हिस्सेदारी
गोल्ड लोन के अलावा अन्य सेगमेंट में भी कंपनी ने अच्छी बढ़त दर्ज की।
- होम फाइनेंस AUM: 41,540 करोड़ रुपये
- MSME लोन पोर्टफोलियो: 10,808 करोड़ रुपये
- माइक्रोफाइनेंस पोर्टफोलियो: 9,473 करोड़ रुपये
इससे साफ है कि कंपनी अपने बिजनेस को कई क्षेत्रों में लगातार विस्तार दे रही है।
एसेट क्वालिटी कैसी रही?
IIFL Finance की एसेट क्वालिटी मजबूत बनी हुई है।
- GNPA: 1.6%
- NNPA: 0.8%
हालांकि दोनों में पिछली तिमाही के मुकाबले 9-9 बेसिस प्वाइंट की मामूली बढ़ोतरी हुई है, लेकिन कंपनी का Provision Coverage Ratio (PCR) बढ़कर 94% हो गया है, जो भविष्य के जोखिमों के लिहाज से सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।
अन्य प्रमुख वित्तीय संकेतक
कंपनी के प्रमुख वित्तीय संकेतक भी मजबूत रहे।
| वित्तीय संकेतक | आंकड़ा |
|---|---|
| RoA | 3.1% |
| RoE | 19.5% |
| बुक वैल्यू | ₹333.9 प्रति शेयर |
| CRAR | 24.3% |
| उपलब्ध लिक्विडिटी | ₹7,148 करोड़ |
मजबूत पूंजी आधार और पर्याप्त लिक्विडिटी कंपनी की भविष्य की ग्रोथ को समर्थन देने में मदद करेगी।
FY27 के लिए कंपनी का रोडमैप
IIFL Finance ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए करीब 25 फीसदी AUM ग्रोथ का लक्ष्य रखा है।
कंपनी की रणनीति में शामिल हैं—
- सिक्योर्ड लेंडिंग कारोबार का विस्तार
- बैंकों के साथ को-लेंडिंग पार्टनरशिप बढ़ाना
- जरूरत पड़ने पर नई इक्विटी जुटाना
- एसेट क्वालिटी को मजबूत बनाए रखना
- लाभदायक ग्रोथ पर फोकस
यदि कंपनी इन लक्ष्यों को हासिल करती है तो आने वाली तिमाहियों में भी मजबूत प्रदर्शन देखने को मिल सकता है।
शेयर बाजार में कैसी रही चाल?
बेहतरीन तिमाही नतीजों के बावजूद बुधवार को IIFL Finance का शेयर 0.97% की गिरावट के साथ 566.55 रुपये पर बंद हुआ। हालांकि पिछले एक साल में इस शेयर ने निवेशकों को करीब 7.12 फीसदी का रिटर्न दिया है। अब बाजार की नजर इस बात पर रहेगी कि मजबूत नतीजों और FY27 के ग्रोथ प्लान का शेयर पर आगे क्या असर पड़ता है।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन होता है। किसी भी निवेश निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें। NewsJagran किसी भी शेयर में निवेश की सलाह नहीं देता।


