Hindustan Zinc Share Price: हिंदुस्तान जिंक के शेयरों में बुधवार, 26 अगस्त को बाजार खुलते ही जोरदार तेजी देखने को मिली। शेयर करीब 5.1% उछलकर ₹623 तक पहुंच गया। हालांकि, बाद में तेजी कुछ कम हुई और दोपहर 12:22 बजे शेयर ₹618.65 पर कारोबार कर रहा था। इस स्तर पर शेयर में पिछले बंद भाव के मुकाबले ₹26.05 यानी 4.40% की बढ़त थी।
हिंदुस्तान जिंक में यह तेजी ऐसे समय आई है जब सरकार ने कंपनी में अपनी हिस्सेदारी बेचने की चर्चाओं पर स्थिति साफ कर दी है। इसके अलावा, विदेशी ब्रोकरेज फर्म जेफरीज (Jefferies) ने भी कंपनी के शेयर पर अपना सकारात्मक रुख बरकरार रखा है और टारगेट प्राइस बढ़ाकर ₹750 कर दिया है।
सरकार ने हिस्सेदारी बेचने की खबरों पर लगाया विराम
हिंदुस्तान जिंक के शेयरों में तेजी की सबसे बड़ी वजह सरकार का ताजा स्पष्टीकरण माना जा रहा है। DIPAM के सचिव अरुणीश चावला ने CNBC-TV18 से बातचीत में कहा कि सरकार फिलहाल हिंदुस्तान जिंक में अपनी हिस्सेदारी बेचने पर विचार नहीं कर रही है।
सरकार के इस बयान से उन अटकलों पर विराम लगा है जिनमें माना जा रहा था कि सरकार कंपनी में अपनी हिस्सेदारी बेचने के लिए Offer for Sale (OFS) ला सकती है। बाजार में इस तरह की खबरों का असर अक्सर शेयर की कीमत पर देखने को मिलता है, क्योंकि सरकारी हिस्सेदारी की बड़ी बिक्री से बाजार में अतिरिक्त सप्लाई आने की आशंका रहती है।
Hindustan Zinc में सरकार की कितनी हिस्सेदारी?
हिंदुस्तान जिंक में सरकार की करीब 27.92% हिस्सेदारी है, जबकि कंपनी की प्रमोटर वेदांता के पास लगभग 60.71% हिस्सेदारी है।
बाजार में पहले ऐसी चर्चा थी कि सरकार अगर अपनी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा बेचती है तो उसे करीब ₹3,500-4,000 करोड़ की रकम मिल सकती है। हालांकि, फिलहाल DIPAM सचिव के बयान के बाद ऐसी संभावनाओं को लेकर अनिश्चितता कम हुई है।
Hindustan Copper OFS के बाद बढ़ी थी अटकलें
हिंदुस्तान जिंक में सरकारी हिस्सेदारी बेचने की चर्चा उस समय तेज हुई जब सरकार ने Hindustan Copper में OFS की प्रक्रिया शुरू की।
हिंदुस्तान कॉपर का OFS 26 अगस्त को रिटेल निवेशकों के लिए खुला। इसके बाद बाजार में यह अनुमान लगाया जाने लगा कि सरकार अन्य सरकारी कंपनियों में भी हिस्सेदारी बिक्री का विकल्प अपना सकती है।
इसी वजह से 25 अगस्त को हिंदुस्तान जिंक के शेयर पर दबाव देखने को मिला था। लेकिन अगले दिन सरकार के स्पष्टीकरण ने निवेशकों की धारणा बदल दी और शेयर में तेज खरीदारी देखने को मिली।
Jefferies ने बढ़ाया Hindustan Zinc का टारगेट
सरकारी हिस्सेदारी बिक्री की अटकलों के बीच एक और सकारात्मक खबर हिंदुस्तान जिंक के निवेशकों के लिए आई है। विदेशी ब्रोकरेज फर्म Jefferies ने शेयर पर अपनी Buy रेटिंग बरकरार रखी है।
ब्रोकरेज ने हिंदुस्तान जिंक का टारगेट प्राइस बढ़ाकर ₹750 प्रति शेयर कर दिया है। 25 अगस्त के क्लोजिंग स्तर के मुकाबले यह करीब 27% तक की संभावित तेजी का संकेत देता है।
Jefferies के मुताबिक, बीते कुछ महीनों में जिंक और चांदी की कीमतों में आई तेजी से कंपनी की कमाई को फायदा हो सकता है।
जिंक और चांदी की कीमतों ने दिया सपोर्ट
हिंदुस्तान जिंक के कारोबार के लिए जिंक और चांदी की कीमतें काफी महत्वपूर्ण हैं। ब्रोकरेज के अनुसार जून तिमाही के औसत स्तर से जिंक की कीमत करीब 15% बढ़ चुकी है।
वहीं, चांदी की कीमत जुलाई के निचले स्तर से करीब 23% ऊपर आ चुकी है। इन कमोडिटी कीमतों में तेजी को देखते हुए Jefferies ने कंपनी के EPS अनुमान में करीब 10-11% की बढ़ोतरी की है।
इसका मतलब है कि अगर जिंक और चांदी की कीमतों में मजबूती बनी रहती है तो हिंदुस्तान जिंक की कमाई और मार्जिन को आगे भी सपोर्ट मिल सकता है।
एक महीने में करीब 18% चढ़ चुका है शेयर
हिंदुस्तान जिंक के शेयर ने हाल के समय में निवेशकों को मजबूत रिटर्न दिया है। कंपनी का शेयर करीब एक महीने में 18% उछल चुका है।
26 अगस्त को शेयर का दिन का हाई ₹623.75 और लो ₹600.15 रहा। दोपहर 12:22 बजे तक NSE पर करीब 1.22 करोड़ शेयरों का कारोबार हो चुका था, जो स्टॉक में बढ़ी हुई निवेशक गतिविधि को दर्शाता है।
हालांकि, शेयर में तेज उछाल के बाद निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि कमोडिटी कंपनियों के प्रदर्शन पर जिंक और चांदी जैसी धातुओं की कीमतों का सीधा असर पड़ता है। इसलिए केवल एक दिन की तेजी के आधार पर निवेश का फैसला करना उचित नहीं होगा।
26 अगस्त को शेयर बाजार का हाल
26 अगस्त को घरेलू शेयर बाजार में दोपहर के समय मिला-जुला कारोबार देखने को मिला। दोपहर करीब 12 बजे Nifty 42 अंक यानी 0.18% गिरकर 24,290 के आसपास कारोबार कर रहा था।
वहीं Sensex करीब 28 अंक की बढ़त के साथ 77,678 के स्तर पर था। बैंक निफ्टी में अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन रहा और यह करीब 0.62% मजबूत था।
ऐसे बाजार माहौल में हिंदुस्तान जिंक जैसे स्टॉक में कंपनी से जुड़ी सकारात्मक खबर के कारण अलग से खरीदारी देखने को मिली।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
हिंदुस्तान जिंक के शेयर में मौजूदा तेजी के पीछे मुख्य रूप से तीन बड़े कारण नजर आ रहे हैं—सरकार की हिस्सेदारी बिक्री से फिलहाल इनकार, जिंक और चांदी की कीमतों में मजबूती और Jefferies का बढ़ा हुआ टारगेट प्राइस।
हालांकि, शेयर पहले ही पिछले एक महीने में करीब 18% चढ़ चुका है। ऐसे में नए निवेशकों को तेजी के बीच जोखिम और वैल्यूएशन को ध्यान में रखकर फैसला लेना चाहिए। Jefferies का ₹750 का टारगेट ब्रोकरेज का अनुमान है, इसकी गारंटी नहीं।
डिस्क्लेमर: यह लेख उपलब्ध बाजार जानकारी और ब्रोकरेज की राय पर आधारित है। इसे निवेश सलाह न समझें। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश का फैसला लेने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें।


