HDB Financial Q1 Results: HDFC Bank की सहायक नॉन-बैंकिंग फाइनेंस कंपनी (NBFC) HDB Financial Services ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (Q1FY27) के शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का शुद्ध मुनाफा (Net Profit) सालाना आधार पर 38.3% बढ़कर ₹785 करोड़ पहुंच गया, जो अब तक का सबसे अधिक तिमाही मुनाफा है। इसके साथ ही नेट इंटरेस्ट इनकम (NII), एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) और एसेट क्वालिटी में भी मजबूत सुधार देखने को मिला। हालांकि, नतीजों के दिन शेयर बाजार में कंपनी का स्टॉक 1.08% की गिरावट के साथ ₹751.95 पर बंद हुआ।
Highlights
- जून तिमाही में शुद्ध मुनाफा 38.3% बढ़कर ₹785 करोड़
- कंपनी ने दर्ज किया अब तक का सबसे बड़ा तिमाही प्रॉफिट
- नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) 19.9% बढ़कर ₹2,509 करोड़
- PBT में 44% की शानदार बढ़ोतरी
- AUM बढ़कर ₹1.22 लाख करोड़ पहुंचा
- ग्रॉस और नेट NPA दोनों में सुधार
- शेयर 1.08% गिरकर ₹751.95 पर बंद
रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा कंपनी का मुनाफा
HDB Financial Services ने जून 2026 तिमाही में ₹785 करोड़ का शुद्ध लाभ दर्ज किया, जबकि पिछले वर्ष की समान अवधि में यह ₹568 करोड़ था। यानी कंपनी के मुनाफे में 38.3% की सालाना बढ़ोतरी हुई है। यह HDB Financial के इतिहास का सबसे अधिक तिमाही मुनाफा भी है।
कंपनी का बेहतर प्रदर्शन मजबूत लोन ग्रोथ, ब्याज आय में बढ़ोतरी और एसेट क्वालिटी में सुधार की वजह से संभव हुआ है।
ब्याज से कमाई (NII) में लगभग 20% की बढ़त
जून तिमाही में कंपनी की नेट इंटरेस्ट इनकम (Net Interest Income – NII) बढ़कर ₹2,509 करोड़ हो गई, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह ₹2,092 करोड़ थी।
| वित्तीय आंकड़ा | Q1FY27 | Q1FY26 | बदलाव |
|---|---|---|---|
| नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) | ₹2,509 करोड़ | ₹2,092 करोड़ | +19.9% |
| कुल आय (Net Total Income) | ₹3,185 करोड़ | ₹2,726 करोड़ | +16.8% |
यह बढ़ोतरी बताती है कि कंपनी की कोर लेंडिंग गतिविधियां लगातार मजबूत बनी हुई हैं।
टैक्स से पहले मुनाफा (PBT) में 44% की छलांग
HDB Financial का Profit Before Tax (PBT) 44% बढ़कर ₹1,055 करोड़ हो गया, जबकि पिछले साल यह ₹733 करोड़ था।
वहीं कंपनी का Pre-Provision Operating Profit (PPOP) भी 25% बढ़कर ₹1,752 करोड़ पहुंच गया। हालांकि लोन लॉस और प्रोविजन में मामूली बढ़ोतरी हुई और यह ₹697 करोड़ रहा।
AUM और लोन बुक दोनों में दोहरे अंक की वृद्धि
30 जून 2026 तक कंपनी का Assets Under Management (AUM) बढ़कर ₹1.22 लाख करोड़ हो गया। पिछले साल यह ₹1.09 लाख करोड़ था।
इसी तरह कंपनी की Gross Loan Book भी बढ़कर ₹1.21 लाख करोड़ पहुंच गई।
| प्रमुख आंकड़े | Q1FY27 | Q1FY26 | वृद्धि |
|---|---|---|---|
| AUM | ₹1.22 लाख करोड़ | ₹1.09 लाख करोड़ | +11.3% |
| ग्रॉस लोन बुक | ₹1.21 लाख करोड़ | ₹1.09 लाख करोड़ (लगभग) | +11.4% |
एसेट क्वालिटी में भी आया सुधार
कंपनी के लिए सबसे सकारात्मक संकेत एसेट क्वालिटी में सुधार रहा।
- ग्रॉस स्टेज-3 (Gross NPA) 2.56% से घटकर 2.34% हो गया।
- नेट स्टेज-3 (Net NPA) 1.11% से घटकर 1.04% पर आ गया।
कम NPA यह दर्शाता है कि कंपनी के लोन पोर्टफोलियो की गुणवत्ता बेहतर हुई है और डिफॉल्ट का जोखिम घटा है।
शेयर बाजार में कैसी रही प्रतिक्रिया?
बेहतर तिमाही नतीजों के बावजूद HDB Financial Services का शेयर बुधवार को 1.08% गिरकर ₹751.95 पर बंद हुआ।
हालांकि, बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि शेयरों में अल्पकालिक उतार-चढ़ाव सामान्य है और निवेशक कंपनी के भविष्य के ग्रोथ आउटलुक तथा ब्याज दरों के माहौल पर भी नजर बनाए हुए हैं।
क्या करती है HDB Financial Services?
HDB Financial Services, HDFC Bank की प्रमुख सहायक NBFC है। कंपनी देशभर में विभिन्न वित्तीय सेवाएं प्रदान करती है, जिनमें शामिल हैं—
- पर्सनल लोन
- गोल्ड लोन
- बिजनेस लोन
- व्हीकल लोन
- एसेट फाइनेंस
- कंज्यूमर फाइनेंस
- BPO एवं कलेक्शन सेवाएं
कंपनी का फोकस रिटेल और MSME ग्राहकों को वित्तीय समाधान उपलब्ध कराने पर है।
निवेशकों के लिए क्या संकेत हैं?
जून तिमाही के नतीजों से साफ है कि HDB Financial Services ने मजबूत ऑपरेटिंग प्रदर्शन किया है। मुनाफे में रिकॉर्ड वृद्धि, NII में सुधार, AUM का विस्तार और NPA में कमी कंपनी की वित्तीय स्थिति को मजबूत बनाते हैं। हालांकि शेयर की चाल पर बाजार की धारणा, ब्याज दरों और व्यापक आर्थिक परिस्थितियों का भी असर बना रहेगा।
Disclaimer: यह लेख केवल सूचना के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश का निर्णय लेने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य करें। NewsJagran किसी भी शेयर में निवेश की सलाह नहीं देता।


