Pension Scheme: बुढ़ापे में हर महीने एक तय आमदनी रहे, इसके लिए सरकार की कई पेंशन योजनाएं चलाई जाती हैं। इनमें अटल पेंशन योजना (APY) और प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना (PM-SYM) प्रमुख हैं। दोनों योजनाओं में 60 साल की उम्र के बाद पेंशन का प्रावधान है, लेकिन इनके नियम, पात्रता और योगदान का तरीका अलग-अलग है।
APY में पात्र व्यक्ति अपनी पसंद के अनुसार ₹1,000 से ₹5,000 तक की गारंटीड मासिक पेंशन चुन सकता है। वहीं PM श्रम योगी मानधन योजना में पात्र असंगठित क्षेत्र के कामगारों को ₹3,000 मासिक पेंशन का प्रावधान है। PM-SYM में सबसे खास बात यह है कि लाभार्थी के योगदान के बराबर केंद्र सरकार भी योगदान करती है।
ऐसे में सवाल है कि APY और PM-SYM में से किस योजना में ज्यादा फायदा है? आइए उम्र और योगदान के हिसाब से दोनों योजनाओं का पूरा कैलकुलेशन समझते हैं।
अटल पेंशन योजना क्या है?
अटल पेंशन योजना में 18 से 40 साल की उम्र के बीच खाता खोला जा सकता है। इसमें 60 साल की उम्र के बाद चुनी गई पेंशन के अनुसार ₹1,000, ₹2,000, ₹3,000, ₹4,000 या ₹5,000 प्रति माह पेंशन का प्रावधान है।
आपको कितना योगदान करना होगा, यह आपकी उम्र और चुनी गई पेंशन पर निर्भर करता है। कम उम्र में योजना से जुड़ने पर मासिक योगदान अपेक्षाकृत कम रहता है, जबकि अधिक उम्र में प्रवेश करने पर योगदान बढ़ जाता है।
ध्यान रखें कि 1 अक्टूबर 2022 से इनकम टैक्स देने वाले व्यक्ति नया APY खाता नहीं खोल सकते।
₹5,000 पेंशन के लिए कितना योगदान?
मान लीजिए आपकी उम्र 18 साल है और आप 60 साल के बाद ₹5,000 महीने की पेंशन चाहते हैं। इस स्थिति में आपके लिए मासिक योगदान ₹210 है।
यानी सालाना योगदान ₹2,520 होगा। 42 साल तक योगदान करने पर आपकी ओर से कुल जमा करीब ₹1.06 लाख होगी। इसके बदले 60 साल की उम्र के बाद ₹5,000 की मासिक पेंशन मिलती है।
खाताधारक की मृत्यु होने पर पति या पत्नी को निर्धारित पेंशन मिलती रहती है। पति या पत्नी दोनों की मृत्यु के बाद संचित पेंशन वेल्थ नॉमिनी को मिलती है।
PM श्रम योगी मानधन योजना क्या है?
प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन (PM-SYM) मुख्य रूप से असंगठित क्षेत्र के कामगारों के लिए बनाई गई पेंशन योजना है।
इसमें 18 से 40 साल की उम्र के ऐसे कामगार शामिल हो सकते हैं जिनकी मासिक आय ₹15,000 या उससे कम है। इसके लिए व्यक्ति EPFO, ESIC या NPS के तहत कवर नहीं होना चाहिए और इनकम टैक्सपेयर भी नहीं होना चाहिए।
योजना के तहत 60 साल की उम्र के बाद ₹3,000 प्रति माह की सुनिश्चित पेंशन मिलती है।
इस योजना की सबसे बड़ी खासियत है कि लाभार्थी जितना योगदान करता है, केंद्र सरकार भी उतनी ही राशि का योगदान करती है।
18 साल की उम्र में PM मानधन का कैलकुलेशन
मान लीजिए कोई व्यक्ति 18 साल की उम्र में PM-SYM से जुड़ता है। उसके लिए मासिक योगदान ₹55 है।
सरकार भी ₹55 का योगदान करेगी। यानी हर महीने खाते में कुल ₹110 का योगदान होगा।
लाभार्थी 42 साल तक अपनी तरफ से ₹55 जमा करेगा। इस हिसाब से उसकी अपनी कुल जमा राशि करीब ₹27,720 होगी। सरकार की ओर से भी इतनी ही राशि का योगदान होगा।
60 साल की उम्र के बाद उसे ₹3,000 प्रति माह की पेंशन मिलेगी।
40 साल की उम्र में जुड़ने पर कितना योगदान?
अगर कोई पात्र व्यक्ति 40 साल की उम्र में PM-SYM से जुड़ता है, तो उसका मासिक योगदान ₹200 होगा। सरकार भी ₹200 का योगदान करेगी।
चूंकि 40 से 60 साल तक केवल 20 साल योगदान करना है, इसलिए व्यक्ति की अपनी तरफ से कुल योगदान करीब ₹48,000 होगा। सरकार की ओर से भी इतनी ही राशि जोड़ी जाएगी।
APY और PM-SYM की सीधी तुलना
| पैमाना | अटल पेंशन योजना | PM श्रम योगी मानधन |
|---|---|---|
| पात्र उम्र | 18-40 साल | 18-40 साल |
| 60 साल के बाद पेंशन | ₹1,000-₹5,000 | ₹3,000 |
| शुरुआती मासिक योगदान | ₹42 से | ₹55 से |
| अधिकतम पेंशन | ₹5,000 | ₹3,000 |
| सरकारी मैचिंग योगदान | नियमित मैचिंग योगदान नहीं | लाभार्थी के योगदान के बराबर |
| मुख्य लक्ष्य | व्यापक सामाजिक सुरक्षा | असंगठित क्षेत्र के कामगार |
| इनकम टैक्सपेयर | नया खाता नहीं खोल सकते | पात्र नहीं |
| पति/पत्नी का लाभ | निर्धारित नियमों के अनुसार पेंशन | निर्धारित नियमों के अनुसार 50% पेंशन |
30 साल की उम्र में कौन सा विकल्प बेहतर?
अब 30 साल की उम्र का उदाहरण लेते हैं।
अगर 30 साल की उम्र में APY में ₹5,000 मासिक पेंशन का विकल्प चुना जाता है, तो मासिक योगदान करीब ₹577 होगा। यानी सालाना करीब ₹6,924। 30 साल तक योगदान करने पर आपकी तरफ से कुल रकम लगभग ₹2.08 लाख होगी।
वहीं PM-SYM में 30 साल की उम्र पर मासिक योगदान ₹105 है। सरकार भी ₹105 जमा करती है। इस तरह लाभार्थी की जेब से सालाना ₹1,260 जाएंगे।
30 साल तक अपनी तरफ से कुल योगदान करीब ₹37,800 होगा और सरकार की ओर से भी इतनी ही राशि का योगदान होगा। 60 साल के बाद ₹3,000 महीने की पेंशन मिलेगी।
तो किस योजना में ज्यादा फायदा?
अगर आपका मुख्य लक्ष्य ज्यादा मासिक पेंशन हासिल करना है और आप APY के लिए पात्र हैं, तो अटल पेंशन योजना ज्यादा आकर्षक हो सकती है। इसमें अधिकतम ₹5,000 की गारंटीड मासिक पेंशन का विकल्प मिलता है।
दूसरी तरफ, अगर आप असंगठित क्षेत्र में काम करते हैं, आपकी मासिक आय ₹15,000 या उससे कम है और आप PM-SYM की पात्रता पूरी करते हैं, तो प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन का सरकारी मैचिंग योगदान इसे खास विकल्प बनाता है।
हालांकि, दोनों योजनाओं की तुलना केवल मासिक पेंशन देखकर नहीं करनी चाहिए। उम्र, पात्रता, योगदान की अवधि, पारिवारिक लाभ और आपकी मौजूदा वित्तीय स्थिति को ध्यान में रखकर फैसला करना बेहतर है।
निष्कर्ष
APY में ₹5,000 तक की अधिकतम पेंशन का विकल्प मिलता है, जबकि PM-SYM में ₹3,000 की पेंशन के साथ सरकारी मैचिंग योगदान मिलता है। इसलिए ज्यादा पेंशन चाहने वाले पात्र व्यक्ति के लिए APY उपयोगी हो सकती है, जबकि पात्र असंगठित कामगार के लिए PM-SYM कम व्यक्तिगत योगदान के कारण आकर्षक हो सकती है।
योजना चुनने से पहले अपनी उम्र और पात्रता की जांच जरूर करें और आधिकारिक नियमों के आधार पर ही निर्णय लें।
Disclaimer: यह जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी भी निवेश, पेंशन, टैक्स, बीमा या अन्य वित्तीय निर्णय से पहले संबंधित आधिकारिक स्रोत या योग्य वित्तीय सलाहकार से सलाह लें। NewsJagran किसी भी वित्तीय उत्पाद या सेवा की सिफारिश नहीं करता।


