IDBI Bank Share Price: IDBI Bank के शेयरों में सोमवार, 24 अगस्त को जोरदार खरीदारी देखने को मिली। कारोबार के दौरान शेयर करीब 10% तक चढ़कर ₹90.80 के स्तर पर पहुंच गया। सरकारी हिस्सेदारी बेचने की प्रक्रिया को लेकर सामने आए नए अपडेट के बीच निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ी है।
IDBI Bank Ltd के शेयरों में 24 अगस्त को जबरदस्त तेजी देखने को मिली। कारोबार के दौरान BSE पर शेयर का भाव पिछले बंद भाव के मुकाबले करीब 10% उछलकर ₹90.80 के हाई तक पहुंच गया। इसके साथ ही बैंक का मार्केट कैपिटलाइजेशन बढ़कर ₹95,700 करोड़ से अधिक हो गया। शेयर में यह लगातार तीसरे कारोबारी दिन की तेजी है।
IDBI Bank में केंद्र सरकार और भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) अपनी हिस्सेदारी घटाने की तैयारी में हैं। सरकार विनिवेश प्रक्रिया के तहत बैंक में अपनी 30.48% हिस्सेदारी बेचने का इरादा रखती है। वहीं LIC अपनी 30.24% हिस्सेदारी बेच सकती है। इस तरह दोनों की कुल 60.72% हिस्सेदारी बिक्री के लिए प्रस्तावित है।
Fairfax दौड़ में सबसे आगे
IDBI Bank की हिस्सेदारी खरीदने की दौड़ में कनाडाई अरबपति प्रेम वत्स की कंपनी Fairfax Financial Holdings Ltd सबसे आगे बताई जा रही है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, Fairfax की सब्सिडियरी Fairfax India Holdings के जरिए यह हिस्सेदारी खरीदी जा सकती है।
21 अगस्त की Reuters रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से बताया गया था कि संभावित सौदे को आसान बनाने के लिए Fairfax Financial को भारत में अपनी बैंकिंग होल्डिंग्स को कंसोलिडेट करने के लिए करीब दो साल तक का समय मिल सकता है।
रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया है कि Fairfax के साथ IDBI Bank की डील लगभग अंतिम चरण में पहुंच सकती है और जल्द ही इससे जुड़ी घोषणा हो सकती है। हालांकि, आधिकारिक घोषणा होने तक इसे अंतिम सौदा नहीं माना जा सकता।
सरकार और LIC को मिल सकते हैं करीब ₹50,000 करोड़
पहले सामने आई जानकारी के मुताबिक, Fairfax के साथ सौदा होने पर सरकार और LIC को मिलाकर करीब ₹50,000 करोड़ या 5 अरब डॉलर से कुछ अधिक रकम मिल सकती है।
Fairfax की ओर से कथित तौर पर यह प्रतिबद्धता भी जताई गई है कि बैंकिंग क्षेत्र में IDBI Bank उसका एकमात्र निवेश होगा। ऐसे में IDBI Bank के अधिग्रहण की स्थिति में Fairfax को CSB Bank में अपनी हिस्सेदारी से जुड़ा फैसला करना होगा।
RBI के नियमों के तहत एक प्रमोटर के लिए दो अलग-अलग बैंकिंग लाइसेंस रखना चुनौतीपूर्ण है। इसी वजह से Fairfax को CSB Bank में अपनी करीब 40% हिस्सेदारी बेचने या उसे IDBI Bank के साथ मर्ज करने जैसे विकल्पों पर आगे बढ़ना पड़ सकता है।
CSB Bank का IDBI Bank में विलय भी एक विकल्प
Reuters के मुताबिक, सूत्रों ने संकेत दिया है कि Fairfax को CSB Bank में अपनी हिस्सेदारी बेचने या उसे IDBI Bank के साथ मिलाने के लिए दो साल तक का समय दिया जा सकता है। हालांकि, अभी यह तय नहीं है कि इनमें से कौन-सा विकल्प अपनाया जाएगा।
Fairfax ने 2018 में एक बेलआउट डील के तहत CSB Bank में 51% हिस्सेदारी खरीदी थी। उस समय बैंक को Catholic Syrian Bank के नाम से जाना जाता था। इसके बाद 2019 में CSB Bank की शेयर बाजार में लिस्टिंग हुई।
IDBI Bank के संभावित अधिग्रहण को लेकर Fairfax ने कथित तौर पर बैंक की मौजूदा पहचान और ब्रांड को बनाए रखने का भरोसा भी दिया है।
IDBI Bank में किसकी कितनी हिस्सेदारी?
मौजूदा शेयरहोल्डिंग के मुताबिक IDBI Bank में LIC की हिस्सेदारी 49.24% है। भारत सरकार के पास 45.48% हिस्सेदारी है, जबकि पब्लिक शेयरहोल्डिंग करीब 5.29% है।
| शेयरधारक | हिस्सेदारी |
|---|---|
| LIC | 49.24% |
| भारत सरकार | 45.48% |
| पब्लिक शेयरहोल्डिंग | 5.29% |
सरकार और LIC मिलकर बैंक की 94.72% हिस्सेदारी रखते हैं। विनिवेश योजना के तहत दोनों की कुल 60.72% हिस्सेदारी बेचने का प्रस्ताव है। इसी वजह से संभावित रणनीतिक खरीदारों की दौड़ पर बाजार की नजर बनी हुई है।
शेयर में तेजी क्यों आई?
IDBI Bank के शेयर में 24 अगस्त की तेजी को मुख्य रूप से बैंक में सरकारी हिस्सेदारी बिक्री से जुड़े संभावित घटनाक्रम और रणनीतिक खरीदार को लेकर सामने आ रही खबरों से जोड़कर देखा जा रहा है। संभावित डील से बैंक के भविष्य के स्वामित्व और कारोबारी रणनीति में बदलाव की उम्मीद बन सकती है।
हालांकि, शेयर में तेजी का मतलब यह नहीं है कि डील निश्चित रूप से पूरी हो गई है। निवेशकों को किसी भी फैसले से पहले कंपनी, सरकार, LIC और नियामकीय संस्थाओं की आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना चाहिए।
निवेशकों के लिए जरूरी बात
IDBI Bank के शेयर में तेजी जरूर देखने को मिली है, लेकिन केवल हिस्सेदारी बिक्री या संभावित अधिग्रहण की खबर के आधार पर निवेश का फैसला करना उचित नहीं है। बैंक के वैल्यूएशन, वित्तीय प्रदर्शन, एसेट क्वालिटी, नियामकीय मंजूरियों और संभावित डील की शर्तों को भी ध्यान में रखना जरूरी है।
Disclaimer: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी शेयर में निवेश करने से पहले अपनी रिसर्च करें और जरूरत पड़ने पर योग्य वित्तीय सलाहकार से सलाह लें। NewsJagran किसी निवेशक को किसी खास शेयर में पैसा लगाने की सलाह नहीं देता।


