Air India New CEO: टाटा ग्रुप की एयर इंडिया ने वैश्विक एविएशन इंडस्ट्री के अनुभवी दिग्गज टेवोल्डे गेबरमरियम (Tewolde Gebremariam) को कंपनी का नया मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) और प्रबंध निदेशक (MD) नियुक्त किया है। वह कैंपबेल विल्सन की जगह लेंगे। इथियोपियन एयरलाइंस को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने वाले गेबरमरियम अब एयर इंडिया के ट्रांसफॉर्मेशन और ग्लोबल विस्तार की अगली पारी का नेतृत्व करेंगे।
एयर इंडिया को मिला नया CEO
टाटा ग्रुप के स्वामित्व वाली एयर इंडिया ने 5 अगस्त को आधिकारिक घोषणा करते हुए बताया कि टेवोल्डे गेबरमरियम कंपनी के नए CEO और MD होंगे। यह नियुक्ति ऐसे समय हुई है जब एयर इंडिया अपने बड़े ट्रांसफॉर्मेशन प्लान के अगले चरण में प्रवेश कर रही है।
कंपनी का कहना है कि लक्ष्य एयर इंडिया को दुनिया की अग्रणी और विश्वस्तरीय एयरलाइन बनाना है। इसके लिए अनुभवी और वैश्विक स्तर पर सफल नेतृत्व की जरूरत थी, जिसे देखते हुए बोर्ड ने टेवोल्डे गेबरमरियम का चयन किया।
व्यापक चयन प्रक्रिया के बाद हुआ फैसला
एयर इंडिया के बोर्ड के अनुसार, नए CEO के चयन के लिए दुनिया भर के आंतरिक और बाहरी उम्मीदवारों का मूल्यांकन किया गया। सभी विकल्पों पर विचार करने के बाद बोर्ड ने सर्वसम्मति से टेवोल्डे गेबरमरियम के नाम को मंजूरी दी।
कंपनी ने कहा कि उनके पास ऑपरेशनल मैनेजमेंट, रणनीतिक योजना और एयरलाइन बिजनेस को वैश्विक स्तर पर विस्तार देने का लंबा अनुभव है, जो एयर इंडिया के अगले विकास चरण के लिए बेहद महत्वपूर्ण होगा।
कौन हैं टेवोल्डे गेबरमरियम?
टेवोल्डे गेबरमरियम इथियोपिया के रहने वाले हैं और उन्हें दुनिया के सबसे सफल एविएशन लीडर्स में गिना जाता है।
उन्होंने:
- अदीस अबाबा यूनिवर्सिटी से इकोनॉमिक्स में स्नातक किया।
- ब्रिटेन की ओपन यूनिवर्सिटी से MBA की डिग्री हासिल की।
- इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन (IATA) के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स सहित कई वैश्विक विमानन संस्थाओं में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं।
उन्होंने वर्ष 1985 में इथियोपियन एयरलाइंस से अपने करियर की शुरुआत ट्रैफिक ऑफिसर के रूप में की थी। इसके बाद उन्होंने कार्गो, सेल्स, मार्केटिंग और ऑपरेशंस जैसे कई विभागों में नेतृत्व किया। वर्ष 2006 में उन्हें कंपनी का COO बनाया गया और 2011 में वे इथियोपियन एयरलाइंस ग्रुप के CEO बने।
उनके नेतृत्व में इथियोपियन एयरलाइंस ने रचा इतिहास
टेवोल्डे गेबरमरियम के नेतृत्व में इथियोपियन एयरलाइंस ने शानदार प्रदर्शन किया।
मुख्य उपलब्धियां:
- कंपनी की सालाना रेवेन्यू 1 अरब डॉलर से बढ़कर 4.5 अरब डॉलर से अधिक पहुंची।
- एयरलाइन का फ्लीट 33 विमानों से बढ़कर करीब 130 विमान हो गया।
- यात्रियों की संख्या 30 लाख से बढ़कर 1.2 करोड़ तक पहुंच गई।
- इथियोपियन एयरलाइंस अफ्रीका की सबसे बड़ी और सबसे अधिक मुनाफा कमाने वाली एयरलाइन बनी।
इन उपलब्धियों ने उन्हें वैश्विक एविएशन इंडस्ट्री के सबसे सफल CEOs में शामिल कर दिया।
एन. चंद्रशेखरन ने क्या कहा?
टाटा संस और एयर इंडिया के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने कहा कि कैंपबेल विल्सन के नेतृत्व में एयर इंडिया ने अपने बदलाव के शुरुआती चरण का महत्वपूर्ण काम पूरा कर लिया है।
उन्होंने कहा कि अब कंपनी तेजी से विस्तार और योजनाओं के क्रियान्वयन के अगले चरण में प्रवेश कर रही है। टेवोल्डे गेबरमरियम का अनुभव और नेतृत्व एयर इंडिया को वैश्विक स्तर पर नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाएगा।
एयर इंडिया के लिए क्यों अहम है यह नियुक्ति?
टाटा ग्रुप ने एयर इंडिया के अधिग्रहण के बाद एयरलाइन के आधुनिकीकरण, नए विमानों की खरीद, बेहतर ग्राहक अनुभव और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क के विस्तार पर लगातार निवेश किया है। ऐसे में टेवोल्डे गेबरमरियम की नियुक्ति कंपनी के लिए एक रणनीतिक कदम मानी जा रही है।
उम्मीद की जा रही है कि उनके नेतृत्व में एयर इंडिया अपनी वैश्विक प्रतिस्पर्धा को और मजबूत करेगी तथा अंतरराष्ट्रीय विमानन बाजार में अपनी स्थिति बेहतर बनाएगी।
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