Bank of Baroda Share Price: सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक बैंक ऑफ बड़ौदा (BoB) के शेयरों पर ब्रोकरेज हाउस नोमुरा (Nomura) ने अपना नजरिया बरकरार रखा है, लेकिन जून तिमाही (Q1 FY27) के अपेक्षा से कमजोर नतीजों के बाद टारगेट प्राइस घटा दिया है। ब्रोकरेज ने शेयर का लक्ष्य ₹300 से घटाकर ₹280 कर दिया है, हालांकि ‘Neutral’ रेटिंग बनाए रखी है। रिपोर्ट के बाद मंगलवार को बैंक का शेयर करीब 2% टूटकर ₹239.20 पर बंद हुआ।
Highlights
- नोमुरा ने BoB का टारगेट प्राइस ₹300 से घटाकर ₹280 किया।
- शेयर पर ‘Neutral’ रेटिंग बरकरार रखी गई।
- जून तिमाही में ऑपरेटिंग प्रदर्शन अनुमान से कमजोर रहा।
- FY27 के EPS अनुमान में 13% तक की कटौती।
- 2026 में अब तक Bank of Baroda का शेयर 20% से अधिक गिर चुका है।
जून तिमाही के नतीजे उम्मीद से कमजोर
नोमुरा की रिपोर्ट के अनुसार, बैंक ऑफ बड़ौदा का प्री-प्रोविजन ऑपरेटिंग प्रॉफिट (PPOP) जून तिमाही में ₹6,480 करोड़ रहा। यह पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में 13% अधिक है, लेकिन मार्च तिमाही के मुकाबले 19% कम रहा। यह आंकड़ा ब्रोकरेज के अनुमान से भी करीब 4% नीचे रहा, जिससे ऑपरेटिंग प्रदर्शन कमजोर माना गया।
ब्रोकरेज का मानना है कि बैंक की आय में अपेक्षित तेजी नहीं दिखी, जिससे निवेशकों की उम्मीदों को झटका लगा।
फीस इनकम में कमजोरी से मुनाफे पर दबाव
रिपोर्ट में कहा गया कि बैंक की फीस आधारित आय (Fee Income) अपेक्षा से कम रही, जिसका सीधा असर मुनाफे पर पड़ा। हालांकि सकारात्मक पक्ष यह रहा कि बैंक का कोर नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) तिमाही-दर-तिमाही लगभग स्थिर बना रहा।
इसके अलावा बैंक को NMC Group के साथ हुए 56.8 अरब रुपये के सेटलमेंट का भी असर झेलना पड़ा, जिससे वित्तीय प्रदर्शन पर अतिरिक्त दबाव आया।
लोन ग्रोथ मजबूत, लेकिन CASA में गिरावट
कमजोर ऑपरेटिंग प्रदर्शन के बावजूद बैंक की क्रेडिट कॉस्ट कम रहने से शुद्ध लाभ को कुछ सहारा मिला।
जून तिमाही के प्रमुख परिचालन आंकड़े:
- ग्रॉस लोन ग्रोथ (YoY): 18%
- एडवांसेज (QoQ): 1% की गिरावट
- डिपॉजिट ग्रोथ (YoY): 14%
- CASA रेशियो: 37.7%, जो पिछली तिमाही से 117 बेसिस प्वाइंट कम है।
CASA अनुपात में गिरावट को बैंक के लिए एक नकारात्मक संकेत माना जा रहा है क्योंकि इससे भविष्य में फंडिंग कॉस्ट बढ़ सकती है।
FY27 के EPS अनुमान में 13% कटौती
नोमुरा ने FY27 के लिए बैंक ऑफ बड़ौदा के प्रति शेयर आय (EPS) के अनुमान में 13% तक कटौती की है। ब्रोकरेज के मुताबिक इसका प्रमुख कारण NMC Group सेटलमेंट का प्रभाव है।
हालांकि अच्छी बात यह है कि FY28 के EPS अनुमान में कोई बदलाव नहीं किया गया है, जिससे संकेत मिलता है कि लंबी अवधि में बैंक की कमाई सामान्य होने की उम्मीद बनी हुई है।
Bank of Baroda Share Price
ब्रोकरेज रिपोर्ट के बाद 28 जुलाई को बैंक ऑफ बड़ौदा का शेयर 1.97% गिरकर ₹239.20 पर बंद हुआ। साल 2026 में अब तक यह शेयर 20% से अधिक की गिरावट दर्ज कर चुका है।
हालांकि मौजूदा बाजार भाव की तुलना में ₹280 का नया टारगेट अभी भी कुछ संभावित बढ़त का संकेत देता है, लेकिन कमजोर तिमाही प्रदर्शन के कारण ब्रोकरेज फिलहाल सतर्क रुख अपनाए हुए है।
बाजार में भी रही कमजोरी
मंगलवार के कारोबार के अंतिम चरण में भारतीय शेयर बाजार भी दबाव में आ गया।
- निफ्टी 50: 10.60 अंक (0.04%) गिरकर 23,985 पर बंद।
- सेंसेक्स: 69 अंक (0.09%) गिरकर 76,765 पर बंद।
बाजार में आखिरी घंटे की बिकवाली का असर बैंकिंग शेयरों पर भी देखने को मिला।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
बैंक ऑफ बड़ौदा की मजबूत लोन ग्रोथ और नियंत्रित क्रेडिट कॉस्ट सकारात्मक पहलू हैं, लेकिन फीस इनकम में कमजोरी, CASA अनुपात में गिरावट और NMC सेटलमेंट का असर निकट अवधि में बैंक के प्रदर्शन पर दबाव बनाए रख सकता है। इसी वजह से नोमुरा ने लक्ष्य मूल्य घटाया है, हालांकि उसने शेयर पर ‘Neutral’ रेटिंग बरकरार रखी है। निवेशकों को आगामी तिमाहियों में बैंक की आय, मार्जिन और जमा वृद्धि पर विशेष नजर रखनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या प्रमाणित निवेश विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें।


