Share Market Today: शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत सपाट से हल्की बढ़त के साथ होने की संभावना है। GIFT Nifty मामूली तेजी का संकेत दे रहा है। हालांकि, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में दोबारा बढ़ोतरी, कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और US-ईरान तनाव के चलते बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
गुरुवार के कारोबारी सत्र में भारतीय शेयर बाजार ने जोरदार वापसी की थी। लगातार सात कारोबारी सत्रों की गिरावट के बाद Nifty ने बढ़त के साथ क्लोजिंग दी। Sensex 628.04 अंक यानी 0.82 फीसदी चढ़कर 77,537.72 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं, Nifty 153.55 अंक यानी 0.64 फीसदी की तेजी के साथ 24,231.85 पर बंद हुआ।
अब शुक्रवार को निवेशकों की नजर ग्लोबल संकेतों, GIFT Nifty, कच्चे तेल की कीमतों और विदेशी निवेशकों की गतिविधियों पर रहेगी।
GIFT Nifty से क्या मिल रहा संकेत?
शुक्रवार सुबह करीब 8:05 बजे GIFT Nifty 25 अंक यानी लगभग 0.10 फीसदी की बढ़त के साथ 24,333.50 के आसपास कारोबार कर रहा था। इससे संकेत मिल रहा है कि भारतीय बाजार की शुरुआत हल्की बढ़त के साथ हो सकती है।
हालांकि, GIFT Nifty में मामूली तेजी के बावजूद ग्लोबल मार्केट से मिले संकेत पूरी तरह मजबूत नहीं हैं। अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी और कच्चे तेल की महंगाई बाजार के लिए चिंता का कारण बनी हुई है।
अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में फिर तेजी
अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में एक बार फिर बढ़ोतरी देखने को मिली है। US 30-वर्षीय ट्रेजरी यील्ड करीब 5.25 फीसदी और 10-वर्षीय यील्ड 4.71 फीसदी के आसपास पहुंच गई।
बॉन्ड यील्ड बढ़ने से शेयर बाजार की वैल्यूएशन पर दबाव बढ़ सकता है। साथ ही, अमेरिकी एसेट्स में निवेश का आकर्षण बढ़ने से उभरते बाजारों में विदेशी निवेश के प्रवाह पर भी असर पड़ सकता है।
वॉल स्ट्रीट में हुई बिकवाली
बढ़ती बॉन्ड यील्ड और महंगे कच्चे तेल की वजह से अमेरिकी शेयर बाजार पर दबाव देखने को मिला। Dow Jones Industrial Average 703.84 अंक यानी 1.32 फीसदी गिरकर 52,759.21 पर बंद हुआ।
S&P 500 में 0.87 फीसदी की गिरावट रही और यह 7,641.16 पर बंद हुआ। Nasdaq Composite भी करीब 1 फीसदी कमजोर होकर 26,067.17 के स्तर पर रहा।
रिटेल दिग्गज Walmart के कमजोर नतीजों ने भी निवेशकों की धारणा पर दबाव डाला। इसके अलावा कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों से महंगाई को लेकर चिंताएं फिर बढ़ गई हैं।
हालांकि, शुक्रवार सुबह अमेरिकी इक्विटी फ्यूचर्स में हल्की मजबूती दिखाई दी। S&P 500 Futures करीब 0.1 फीसदी और Nasdaq Futures लगभग 0.2 फीसदी ऊपर थे।
एशियाई बाजारों में मिला-जुला कारोबार
शुक्रवार को एशियाई शेयर बाजारों में मिला-जुला रुख देखने को मिला। जापान को छोड़कर एशिया-पैसिफिक शेयरों का MSCI इंडेक्स करीब 0.5 फीसदी ऊपर रहा।
दक्षिण कोरिया और ताइवान के बाजारों में भी मामूली बढ़त देखने को मिली। इसके विपरीत जापान का Nikkei करीब 0.8 फीसदी नीचे रहा। साप्ताहिक आधार पर भी जापानी बाजार में कमजोरी बनी हुई है।
इससे संकेत मिलता है कि ग्लोबल निवेशक अभी भी बॉन्ड यील्ड और महंगे कच्चे तेल जैसे जोखिमों को लेकर सतर्क हैं।
कच्चा तेल बना बाजार के लिए बड़ी चिंता
भारतीय शेयर बाजार के लिए कच्चे तेल की कीमतें भी अहम संकेतक हैं। Brent Crude की कीमत एक समय 94.71 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई थी। हालांकि बाद में इसमें थोड़ी नरमी आई और यह करीब 93.12 डॉलर प्रति बैरल पर बंद हुआ।
US Crude भी करीब 0.7 फीसदी गिरकर 86.18 डॉलर प्रति बैरल पर रहा। इसके बावजूद Brent Crude पूरे सप्ताह 5 फीसदी से अधिक मजबूत रहा है।
US-ईरान तनाव और Hormuz Strait को लेकर अनिश्चितता के कारण कच्चे तेल की कीमतों पर दबाव बना हुआ है। अगर तेल लंबे समय तक ऊंचे स्तर पर रहता है तो भारत जैसे बड़े आयातक देश के लिए महंगाई और चालू खाते से जुड़े जोखिम बढ़ सकते हैं।
निफ्टी के लिए 24,265 का स्तर अहम
तकनीकी नजरिए से शुक्रवार को Nifty के लिए 24,265 का स्तर बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार अगर Nifty इस स्तर के ऊपर टिकता है तो रिकवरी 24,400 तक बढ़ सकती है।
वहीं, 24,265 के ऊपर मजबूती कायम नहीं रहने पर इंडेक्स 24,000 से 24,250 के दायरे में कारोबार कर सकता है।
Nifty के लिए 24,000-23,800 का जोन महत्वपूर्ण सपोर्ट माना जा रहा है। दूसरी ओर, ऊपर की तरफ 24,400 के बाद 24,600 का स्तर अगली अहम बाधा हो सकता है।
FII और DII की गतिविधि पर नजर
घरेलू संस्थागत निवेशकों यानी DII ने गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार को सहारा दिया। उन्होंने करीब 3,537 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।
इसके विपरीत विदेशी संस्थागत निवेशक यानी FII नेट सेलर रहे और उन्होंने करीब 583 करोड़ रुपये के शेयर बेचे।
आने वाले सत्र में FII की गतिविधियां बाजार के लिए महत्वपूर्ण रहेंगी। अगर अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में तेजी जारी रहती है तो विदेशी निवेशकों की भारतीय इक्विटी में बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है।
आज बाजार के लिए क्या है संकेत?
कुल मिलाकर शुक्रवार को भारतीय बाजार के लिए संकेत मिश्रित हैं। GIFT Nifty हल्की बढ़त का संकेत दे रहा है और गुरुवार की मजबूत रिकवरी से घरेलू सेंटीमेंट में सुधार हुआ है। लेकिन अमेरिकी बाजार की कमजोरी, बढ़ती ट्रेजरी यील्ड और कच्चे तेल की ऊंची कीमतें तेजी के रास्ते में चुनौती बन सकती हैं।
निवेशकों को आज Nifty के 24,265 के स्तर पर खास नजर रखनी चाहिए। इसके ऊपर टिकाव बाजार में आगे की रिकवरी का रास्ता खोल सकता है, जबकि कमजोरी आने पर 24,000-23,800 का सपोर्ट जोन महत्वपूर्ण रहेगा।
Disclaimer
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