NewsjagranNewsjagranNewsjagran
  • बिजनेस न्यूज़
    बिजनेस न्यूज़Show More
    gautam-adani-agm-2026-future-plan-infrastructure-investment-growth
    ‘जांच हुई लेकिन हम झुके नहीं, रुके नहीं’.. Adani AGM 2026 में बोले गौतम अदाणी, बताया फ्यूचर प्लान
    24 जून 2026
    ration-system-aay-grain-distribution-new-draft-rules-2026
    अंत्योदय अन्न योजना में बड़ा बदलाव! अब परिवार नहीं, व्यक्ति के हिसाब से मिलेगा राशन? जानिए सरकार के नए ड्राफ्ट का पूरा गणित
    24 जून 2026
    1-july-rule-changes-lpg-railway-credit-card-new-rules
    1 जुलाई से बदल जाएंगे कई नियम! LPG, रेलवे और क्रेडिट कार्ड यूजर्स पर पड़ेगा सीधा असर
    24 जून 2026
    farmer-income-amit-shah-orders-nafed-nccf-buy-entire-pulses-oilseeds-produce
    Farmer Income: किसानों को मिलेगा फसल का पूरा दाम! अमित शाह ने NAFED और NCCF को दिया बड़ा आदेश
    24 जून 2026
    fssai-100-percent-pure-label-ban-food-companies-packaging-cost-impact
    FSSAI के एक फैसले से फूड कंपनियों पर करोड़ों का बोझ! पैकेट से ‘100%’ हटाने की असली कीमत क्या है?
    23 जून 2026
  • कमोडिटी
    कमोडिटीShow More
    gold-price-fall-deutsche-bank-report-gold-may-drop-30000-rupees
    सोने में ₹30,000 तक की गिरावट? डॉयचे बैंक की रिपोर्ट ने बढ़ाई चिंता, बताए 3 बड़े कारण
    24 जून 2026
    petrol-diesel-price-today-23-june-2026-crude-oil-falls-brent-price
    Petrol Price Today: US की राहत से 3% टूटा कच्चा तेल, क्या सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल? जानिए आज के नए रेट
    23 जून 2026
    petrol-price-today-22-june-2026-crude-oil-rises-hormuz-tension-petrol-diesel-rate
    Petrol Price Today: होर्मुज पर फिर बढ़ा तनाव, उबलने लगा कच्चा तेल; जानिए आपके शहर में पेट्रोल-डीजल का ताजा रेट
    22 जून 2026
    largest-silver-producer-country-in-world-mexico-india-rank
    चीन-रूस नहीं, इस देश ने निकाली सबसे ज्यादा सिल्वर, बना दुनिया का सबसे बड़ा चांदी उत्पादक; भारत का नंबर जानकर हो जाएंगे हैरान
    20 जून 2026
    petrol-price-today-brent-crude-above-80-dollar-petrol-diesel-rate-20-june-2026
    Petrol Price Today: फिर 80 डॉलर के पार पहुंचा ब्रेंट क्रूड, जानिए आपके शहर में पेट्रोल-डीजल का ताजा रेट
    20 जून 2026
  • शेयर बाज़ार
    शेयर बाज़ारShow More
    vedanta-aluminium-share-price-target-clsa-kotak-citi-buy-rating
    अनिल अग्रवाल की वेदांता एल्युमीनियम पर 3 ब्रोकरेज फर्म को भरोसा, 33% तक रिटर्न की उम्मीद; वैल्यूएशन में दिख रहा बड़ा डिस्काउंट
    24 जून 2026
    yes-bank-board-meeting-29-june-fund-raising-plan-share-news
    Yes Bank Share News: 29 जून को होगी अहम बोर्ड मीटिंग, फंड जुटाने की तैयारी; शेयर पर क्या होगा असर?
    24 जून 2026
    irfc-share-price-falls-after-ofs-government-offers-shares-at-rs-91
    IRFC Share Price: ₹100 के शेयर पर सरकार ने क्यों दिया ₹91 का डिस्काउंट? OFS आते ही 5% टूटा नवरत्न कंपनी का स्टॉक
    24 जून 2026
    jpmorgan-downgrades-hcltech-wipro-tata-technologies-ai-impact
    AI का असर: जेपी मॉर्गन ने HCLTech, विप्रो और टाटा टेक्नोलॉजीज को किया डाउनग्रेड, शेयर टार्गेट भी घटाए
    24 जून 2026
    sbi-mutual-fund-ipo-sebi-approval-after-nse-jio-ipo
    IPO News: NSE और जियो के बाद एक और बड़ा आईपीओ, SBI म्यूचुअल फंड को SEBI की मंजूरी
    23 जून 2026
Search
© 2026 News Jagran Digital Media. All Rights Reserved. | Udyam-HR-05-0178310
Reading: Oracle में 20,000 कर्मचारियों की छंटनी से मचा बवाल, पैकेज पर भड़के कर्मचारी; OpenAI डील बनी बड़ी वजह?
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NewsjagranNewsjagran
Font ResizerAa
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Search
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Follow US
© 2026 News Jagran. All Rights Reserved.
बिजनेस न्यूज़

Oracle में 20,000 कर्मचारियों की छंटनी से मचा बवाल, पैकेज पर भड़के कर्मचारी; OpenAI डील बनी बड़ी वजह?

Namam Sharma
Last updated: 2026/05/10 at 7:09 अपराह्न
Namam Sharma - Senior Editor – Newsjagran
Share
8 Min Read
oracle-layoffs-severance-package-openai-deal-crisis-hindi
SHARE

दुनिया की दिग्गज टेक कंपनियों में शामिल Oracle एक बार फिर बड़े विवादों में घिर गई है। कंपनी द्वारा वैश्विक स्तर पर करीब 20,000 कर्मचारियों की छंटनी किए जाने के बाद अब कर्मचारियों का गुस्सा खुलकर सामने आने लगा है।

Contents
कर्मचारियों को कैसे मिली छंटनी की खबर?Oracle के पैकेज पर क्यों भड़के कर्मचारी?कर्मचारियों ने क्या बड़ा आरोप लगाया?WARN Act को लेकर क्या विवाद है?Notice Pay को लेकर भी विवाददूसरी टेक कंपनियों से तुलना क्यों हो रही?Oracle ने क्या जवाब दिया?OpenAI डील क्यों बन रही चर्चा का कारण?बैंकों पर क्यों बढ़ा दबाव?क्या लागत कम करने के लिए हो रही छंटनी?कर्मचारियों के लिए क्या संकेत?आगे क्या हो सकता है?

निकाले गए कर्मचारियों का आरोप है कि कंपनी ने बिना पर्याप्त नोटिस दिए नौकरी खत्म की, बेहद कमजोर severance package दिया और कर्मचारियों के कानूनी अधिकार सीमित करने की कोशिश की। कई कर्मचारियों ने यह भी आरोप लगाया है कि कंपनी ने अमेरिकी श्रम कानूनों की भावना के खिलाफ काम किया। विशेषज्ञों के अनुसार AI और automation पर बढ़ते खर्च की वजह से दुनिया की कई बड़ी टेक कंपनियां workforce restructuring कर रही हैं।

कर्मचारियों को कैसे मिली छंटनी की खबर?

रिपोर्ट्स के अनुसार 31 मार्च 2026 को अमेरिका, भारत और अन्य देशों में Oracle कर्मचारियों को सुबह-सुबह एक ईमेल मिला। ईमेल में बताया गया कि “संगठनात्मक बदलावों” के तहत उनकी भूमिका समाप्त कर दी गई है और वही उनका आखिरी कार्य दिवस होगा। कई कर्मचारियों ने दावा किया कि उन्हें छंटनी की कोई पहले से जानकारी नहीं थी।

एक पूर्व कर्मचारी के अनुसार जब उसने कंपनी VPN लॉगिन करने की कोशिश की, तो स्क्रीन पर संदेश आया, “This user no longer exists.” यानी कर्मचारी का अकाउंट पहले ही बंद किया जा चुका था। विश्लेषकों का मानना है कि Oracle फिलहाल AI infrastructure business में aggressive expansion strategy पर काम कर रही है।

Oracle के पैकेज पर क्यों भड़के कर्मचारी?

छंटनी के बाद सबसे ज्यादा विवाद Severance Package को लेकर शुरू हुआ। कर्मचारियों का आरोप है कि Oracle का पैकेज Meta, Microsoft और अन्य बड़ी टेक कंपनियों के मुकाबले बेहद कमजोर है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक पहले साल की नौकरी के लिए 4 सप्ताह की सैलरी और उसके बाद हर अतिरिक्त वर्ष पर केवल 1 सप्ताह की सैलरी दी गई। इसकी अधिकतम सीमा 26 सप्ताह रखी गई।

इसके अलावा केवल 1 महीने का COBRA Health Coverage दिया गया।

कर्मचारियों ने क्या बड़ा आरोप लगाया?

कई कर्मचारियों का आरोप है कि पैकेज लेने के लिए उन्हें ऐसे agreement पर साइन करने के लिए कहा गया, जिसमें वे कंपनी पर मुकदमा करने का अधिकार खो देते।

सबसे बड़ा विवाद Restricted Stock Units (RSUs) को लेकर हुआ।

कुछ कर्मचारियों का दावा है कि उनके करोड़ों रुपये के stock benefits कुछ महीनों बाद vest होने वाले थे, लेकिन छंटनी के कारण वे उससे वंचित हो गए।

रिपोर्ट्स के अनुसार एक कर्मचारी को लगभग $1 Million मूल्य के stocks का नुकसान हुआ।

WARN Act को लेकर क्या विवाद है?

अमेरिका में WARN Act के तहत कंपनियों को बड़े स्तर पर छंटनी से 60 दिन पहले नोटिस देना जरूरी होता है।

लेकिन कर्मचारियों का आरोप है कि Oracle ने कई लोगों को “Remote Worker” श्रेणी में डाल दिया ताकि वे इस सुरक्षा के दायरे से बाहर हो जाएं।

रिपोर्ट्स के अनुसार कई कर्मचारी hybrid मॉडल में काम कर रहे थे और उन्हें यह तक पता नहीं था कि कंपनी उन्हें remote category में दिखा रही है।

Notice Pay को लेकर भी विवाद

कर्मचारियों का आरोप है कि जिन लोगों पर WARN Act लागू होता था, उनके Notice Pay को भी severance package में ही जोड़ दिया गया।

यानी कंपनी ने अलग से अतिरिक्त भुगतान नहीं किया।

दूसरी टेक कंपनियों से तुलना क्यों हो रही?

Oracle कर्मचारियों का कहना है कि Meta, Microsoft और Cloudflare जैसी कंपनियों ने छंटनी के दौरान कहीं बेहतर पैकेज दिए थे।

इन कंपनियों ने accelerated stock vesting, लंबा healthcare coverage और बेहतर compensation जैसी सुविधाएं दी थीं। इसी मुद्दे को लेकर कम से कम 90 कर्मचारियों ने एक petition पर हस्ताक्षर किए हैं। उनकी मांग है कि Oracle भी industry-standard package दे।

Oracle ने क्या जवाब दिया?

रिपोर्ट्स के अनुसार कंपनी ने कर्मचारियों से बातचीत करने से इनकार कर दिया और “Take it or leave it” जैसा रुख अपनाया। यानी कर्मचारियों के पास पैकेज स्वीकार करने या बिना किसी लाभ के आगे बढ़ने के अलावा ज्यादा विकल्प नहीं छोड़ा गया।

OpenAI डील क्यों बन रही चर्चा का कारण?

रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि Oracle की वित्तीय सख्ती के पीछे बड़ा कारण OpenAI के साथ विशाल डेटा सेंटर डील हो सकती है।

वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के अनुसार Oracle ने $300 Billion तक के बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश की योजना बनाई है। यह प्रोजेक्ट Texas और Wisconsin में बड़े AI data centers बनाने से जुड़ा बताया जा रहा है।

बैंकों पर क्यों बढ़ा दबाव?

रिपोर्ट्स के अनुसार इस बड़े प्रोजेक्ट के लिए भारी फंडिंग की जरूरत है। लेकिन JPMorgan Chase और अन्य अमेरिकी बैंक इतने बड़े exposure को लेकर सतर्क हो गए हैं। विशेषज्ञों के अनुसार बैंकों की exposure limit होती है, यानी वे किसी एक कंपनी को सीमित स्तर तक ही कर्ज देना पसंद करते हैं। Oracle की विशाल फंडिंग जरूरत ने इस सीमा पर दबाव बढ़ा दिया है।

क्या लागत कम करने के लिए हो रही छंटनी?

विशेषज्ञों का मानना है कि AI infrastructure और data center expansion में बढ़ते खर्च की वजह से बड़ी टेक कंपनियां लागत घटाने, workforce optimize करने और margins बचाने की कोशिश कर रही हैं।

Oracle की छंटनी को भी इसी रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।

कर्मचारियों के लिए क्या संकेत?

यह मामला दिखाता है कि AI boom के दौर में भी टेक सेक्टर पूरी तरह सुरक्षित नहीं है।

विशेषज्ञों के अनुसार कंपनियां अब high-cost teams, overlapping roles और non-core operations पर तेजी से कटौती कर रही हैं।

आगे क्या हो सकता है?

अगर कर्मचारियों का विरोध बढ़ता है, तो Oracle पर legal pressure, labor scrutiny और reputational damage का दबाव बढ़ सकता है।

हालांकि फिलहाल कंपनी अपनी restructuring strategy पर पीछे हटती नहीं दिख रही। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में AI investment race और cost-cutting के बीच संतुलन बनाना बड़ी टेक कंपनियों के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन सकता है। टेक सेक्टर में बढ़ती छंटनी यह संकेत दे रही है कि आने वाले वर्षों में कंपनियां profitability और AI investment के बीच संतुलन बनाने के लिए और आक्रामक फैसले ले सकती हैं।

Also Read:

  • विजय के चुनावी वादों का कितना बड़ा है बिल? DMK पर ₹10 लाख करोड़ कर्ज का आरोप, अब तमिलनाडु के सामने वित्तीय चुनौती
  • कई साल तक ऊंची रह सकती हैं तेल की कीमतें! ADB चीफ इकोनॉमिस्ट की चेतावनी, भारत पर ग्रोथ और महंगाई का डबल दबाव

You Might Also Like

‘जांच हुई लेकिन हम झुके नहीं, रुके नहीं’.. Adani AGM 2026 में बोले गौतम अदाणी, बताया फ्यूचर प्लान

अंत्योदय अन्न योजना में बड़ा बदलाव! अब परिवार नहीं, व्यक्ति के हिसाब से मिलेगा राशन? जानिए सरकार के नए ड्राफ्ट का पूरा गणित

IRFC Share Price: ₹100 के शेयर पर सरकार ने क्यों दिया ₹91 का डिस्काउंट? OFS आते ही 5% टूटा नवरत्न कंपनी का स्टॉक

1 जुलाई से बदल जाएंगे कई नियम! LPG, रेलवे और क्रेडिट कार्ड यूजर्स पर पड़ेगा सीधा असर

Farmer Income: किसानों को मिलेगा फसल का पूरा दाम! अमित शाह ने NAFED और NCCF को दिया बड़ा आदेश

TAGGED: ai industry, Artificial Intelligence, business news, Data Centers, Global economy, NewsJagran, OpenAI, Oracle, Oracle Employees, Oracle layoffs, RSU, Sam Altman, Severance Package, tech layoffs, Tech News, WARN Act, हिंदी बिजनेस न्यूज़
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
By Namam Sharma Senior Editor – Newsjagran
Follow:
नमम शर्मा, Newsjagran के सीनियर एडिटर हैं। बिज़नेस न्यूज़, कमोडिटी बाज़ार, सोना-चांदी भाव, पेट्रोल-डीजल रेट और फाइनेंस में 9 साल का अनुभव। हिंदी डिजिटल पत्रकारिता के जानकार।
Previous Article vijay-promises-cost-tamil-nadu-debt-dmk-tvk-hindi विजय के चुनावी वादों का कितना बड़ा है बिल? DMK पर ₹10 लाख करोड़ कर्ज का आरोप, अब तमिलनाडु के सामने वित्तीय चुनौती
Next Article petrol-diesel-price-today-omc-losses-fuel-price-hike-may-10 Petrol Diesel Price Today: चुनाव खत्म, अब बढ़ेंगे पेट्रोल-डीजल के दाम? तेल कंपनियों को ₹30,000 करोड़ महीना नुकसान

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today

सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें

8वीं वेतन आयोग: सैलरी बढ़ोतरी कब हो सकती है?
8वीं वेतन आयोग: सैलरी बढ़ोतरी कब हो सकती है? (मध्य 2027 या शुरुआत 2028 तक संभावना)
8 वेतन आयोग
AI Risk Scoring – 2026 में Loan Approval Seconds में होगा
AI Risk Scoring – 2026 में Loan Approval Seconds में होगा
फाइनेंस
Autonomous Investment Bots – 24x7 Portfolio Management 2026
Autonomous Investment Bots – 24×7 Portfolio Management 2026
फाइनेंस
AI-Powered Financial Literacy Platforms – 2026 में Gen Z और Millennials के लिए Personalized Learning
AI-Powered Financial Literacy Platforms – 2026 में Gen Z और Millennials के लिए Personalized Learning
फाइनेंस
AI-Powered Retirement Planning – Personalized Pension Strategies 2026
AI-Powered Retirement Planning – Personalized Pension Strategies 2026
फाइनेंस
Digital Gold Bonds – 2026 में Online Gold Investment का नया दौर
Digital Gold Bonds – 2026 में Online Gold Investment का नया दौर
फाइनेंस
Sovereign Wealth Funds – भारत की नई निवेश रणनीतियाँ
Sovereign Wealth Funds – भारत की नई निवेश रणनीतियाँ
फाइनेंस
Hybrid Mutual Funds – Equity और Debt का स्मार्ट कॉम्बिनेशन
Hybrid Mutual Funds – Equity और Debt का स्मार्ट कॉम्बिनेशन
फाइनेंस
Global Inflation Trends 2026 – भारतीय निवेशकों को कैसे प्रभावित करेंगे
Global Inflation Trends 2026 – भारतीय निवेशकों को कैसे प्रभावित करेंगे
फाइनेंस
Family Office Trends – 2026 में Ultra-rich निवेशकों की नई Wealth Management Strategies
Family Office Trends – 2026 में Ultra-rich निवेशकों की नई Wealth Management Strategies
फाइनेंस

महत्वपूर्ण पृष्ठ

  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार

त्वरित लिंक्स

  • 8 वेतन आयोग
  • सरकारी योजनाएं
  • बिजनेस न्यूज़
  • Advertise With Us
  • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
  • Terms of Service

Discover News Jagran

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer & Affiliate Disclosure
  • Editorial Policy
  • Author Bio & Team
  • Career

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today
NewsjagranNewsjagran
© 2026 News Jagran Digital Media | Google News Approved | MSME: Udyam-HR-05-0178310
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Manage Consent
To provide the best experiences, we use technologies like cookies to store and/or access device information. Consenting to these technologies will allow us to process data such as browsing behaviour or unique IDs on this site. Not consenting or withdrawing consent, may adversely affect certain features and functions.
Functional Always active
The technical storage or access is strictly necessary for the legitimate purpose of enabling the use of a specific service explicitly requested by the subscriber or user, or for the sole purpose of carrying out the transmission of a communication over an electronic communications network.
Preferences
The technical storage or access is necessary for the legitimate purpose of storing preferences that are not requested by the subscriber or user.
Statistics
The technical storage or access that is used exclusively for statistical purposes. The technical storage or access that is used exclusively for anonymous statistical purposes. Without a subpoena, voluntary compliance on the part of your Internet Service Provider, or additional records from a third party, information stored or retrieved for this purpose alone cannot usually be used to identify you.
Marketing
The technical storage or access is required to create user profiles to send advertising, or to track the user on a website or across several websites for similar marketing purposes.
  • Manage options
  • Manage services
  • Manage {vendor_count} vendors
  • Read more about these purposes
View preferences
  • {title}
  • {title}
  • {title}
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?