Nifty 50 Changes: भारतीय शेयर बाजार के सबसे प्रमुख बेंचमार्क इंडेक्स Nifty 50 में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। करीब तीन दशक तक इस इंडेक्स का हिस्सा रही दिग्गज आईटी कंपनी Wipro अब Nifty 50 से बाहर हो जाएगी। उसकी जगह स्टॉक एक्सचेंज ऑपरेटर BSE Ltd को Nifty 50 में शामिल किया जाएगा। यह बदलाव 30 सितंबर 2026 से प्रभावी होगा।
NSE की ओर से किए गए इंडेक्स बदलाव के बाद बाजार में Wipro और BSE दोनों शेयरों पर निवेशकों की नजर रहेगी। खास तौर पर Wipro के इंडेक्स से बाहर होने से इंडेक्स को ट्रैक करने वाले पैसिव फंड्स में बिकवाली का दबाव देखने को मिल सकता है, जबकि BSE के Nifty 50 में शामिल होने से कंपनी के शेयर में संस्थागत निवेश बढ़ने की संभावना है।
करीब तीन दशक बाद Nifty 50 से बाहर होगी Wipro
Wipro Nifty 50 के शुरुआती दौर से ही इस प्रमुख इंडेक्स का हिस्सा रही है। हालांकि, अप्रैल से सितंबर 2013 के बीच कंपनी कुछ समय के लिए Nifty 50 से बाहर हुई थी। उस दौरान कंपनी के नॉन-आईटी कारोबार के डीमर्जर की प्रक्रिया के चलते इंडेक्स में बदलाव किया गया था।
इसके बाद Wipro ने दोबारा Nifty 50 में जगह बनाई और लंबे समय तक इस बेंचमार्क इंडेक्स का हिस्सा बनी रही। अब सितंबर 2026 में होने वाला बदलाव कंपनी के लिए एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।
Nifty 50 से बाहर होने का मतलब यह नहीं है कि कंपनी के कारोबार या शेयर में कोई तत्काल खराबी आ गई है। इंडेक्स में कंपनियों का चयन कई मानकों, जैसे मार्केट कैपिटलाइजेशन, लिक्विडिटी और अन्य इंडेक्स पात्रता मानदंडों के आधार पर किया जाता है। समय-समय पर इन मानकों के अनुसार इंडेक्स की समीक्षा की जाती है।
Wipro में कितनी बिकवाली का अनुमान?
Wipro के Nifty 50 से बाहर होने का असर उन फंड्स पर पड़ सकता है जो Nifty 50 को ट्रैक करते हैं। Nuvama के अनुमान के मुताबिक, Wipro के इंडेक्स से बाहर होने के बाद Nifty 50 को ट्रैक करने वाले फंड्स की ओर से करीब 246 मिलियन डॉलर, यानी लगभग 2,000 करोड़ रुपये की बिकवाली देखने को मिल सकती है।
इस तरह की इंडेक्स रीबैलेंसिंग में पैसिव फंड्स को अपने पोर्टफोलियो का वजन नए इंडेक्स के मुताबिक बदलना पड़ता है। इसलिए इंडेक्स में किसी स्टॉक का शामिल होना या बाहर होना उस शेयर में एकमुश्त खरीद या बिक्री को बढ़ा सकता है।
हालांकि, इसका वास्तविक असर बाजार की स्थिति, शेयर की कीमत और इंडेक्स में संबंधित स्टॉक के वेटेज समेत कई कारकों पर निर्भर करेगा।
BSE के शेयर में आ सकता है बड़ा निवेश
दूसरी तरफ, Nifty 50 में BSE की एंट्री कंपनी के लिए बड़ा मील का पत्थर मानी जा रही है। Nuvama के अनुमान के अनुसार, BSE के इंडेक्स में शामिल होने से करीब 741 मिलियन डॉलर यानी लगभग 6,000 करोड़ रुपये का निवेश आने की संभावना है।
BSE के शेयर ने पिछले कुछ वर्षों में निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, पिछले पांच वर्षों में कंपनी के शेयर में 2,600% से ज्यादा की तेजी आई है।
भारतीय शेयर बाजार में ट्रेडिंग गतिविधियों में बढ़ोतरी, डेरिवेटिव्स कारोबार का विस्तार और निवेशकों की बढ़ती भागीदारी से BSE को फायदा मिला है। कंपनी की इंडेक्स में एंट्री से उसकी संस्थागत निवेशकों के बीच मौजूदगी और बढ़ सकती है।
Nifty 50 में बदलाव का निवेशकों पर क्या असर?
Nifty 50 देश के सबसे ज्यादा ट्रैक किए जाने वाले शेयर बाजार सूचकांकों में से एक है। इसमें होने वाले बदलाव का असर सिर्फ संबंधित कंपनियों के शेयरों तक सीमित नहीं रहता, बल्कि इंडेक्स फंड्स, ETF और अन्य पैसिव निवेश उत्पादों पर भी पड़ सकता है।
Wipro के बाहर होने से Nifty 50 को ट्रैक करने वाले फंड्स को अपने पोर्टफोलियो में Wipro की हिस्सेदारी कम या पूरी तरह खत्म करनी होगी। वहीं, BSE को इंडेक्स में शामिल करने के बाद संबंधित फंड्स को BSE के शेयर खरीदने पड़ सकते हैं।
यही वजह है कि इंडेक्स रीबैलेंसिंग की तारीख के आसपास दोनों शेयरों में ट्रेडिंग वॉल्यूम बढ़ सकता है।
Nifty 500 में भी बड़े बदलाव
Nifty 50 के अलावा NSE ने Nifty 500 में भी कई बदलाव किए हैं। इंडेक्स की समीक्षा के बाद कई कंपनियां बाहर होंगी, जबकि कुछ नए नामों को जगह दी जाएगी।
Nifty 500 से बाहर होने वाली कंपनियों में 3M India, Aditya Birla Fashion and Retail, Aditya Birla Lifestyle Brands, Bayer Cropscience, Blue Dart Express, Chalet Hotels, Go Digit General Insurance, Indegene, Jubilant Pharmova, Latent View Analytics, Sonata Software और Travel Food Services शामिल हैं।
वहीं, Nifty 500 में शामिल होने वाली कंपनियों की सूची में Aether Industries, Avanti Feeds, Azad Engineering, Black Box, Brookfield India REIT, Embassy Office Parks REIT, Fractal Analytics, INOX India, Kirloskar Brothers, MTAR Technologies, Sansera Engineering, Sterlite Technologies और Vedanta Aluminium समेत कई नाम शामिल हैं।
किन शेयरों पर रहेगी बाजार की नजर?
Nifty 50 और Nifty 500 में होने वाले बदलावों के बाद संबंधित शेयरों में निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ सकती है। खास तौर पर Wipro और BSE पर बाजार की नजर रहेगी, क्योंकि एक कंपनी इंडेक्स से बाहर हो रही है जबकि दूसरी को पहली बार Nifty 50 में जगह मिलने जा रही है।
हालांकि, सिर्फ इंडेक्स में शामिल होने या बाहर होने के आधार पर किसी शेयर में निवेश का फैसला करना उचित नहीं है। कंपनी की वैल्यूएशन, कमाई, भविष्य की ग्रोथ, सेक्टर की स्थिति और बाजार के जोखिम जैसे पहलुओं का भी विश्लेषण करना जरूरी है।
Disclaimer
यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी शेयर में निवेश करने से पहले कंपनी के फंडामेंटल, वैल्यूएशन और अपनी जोखिम क्षमता का आकलन करें। निवेश का फैसला लेने से पहले वित्तीय सलाहकार से सलाह लेना उचित है। NewsJagran.in किसी भी शेयर में निवेश करने की सलाह या गारंटी नहीं देता है।


