जून महीने में रिकॉर्ड गर्मी और कमजोर बारिश के बाद जुलाई की शुरुआत के साथ ही दक्षिण-पश्चिम मानसून ने जोरदार वापसी की है। देश के कई राज्यों में अच्छी बारिश होने से किसानों, कारोबारियों और उद्योगों के साथ-साथ शेयर बाजार में भी सकारात्मक माहौल देखने को मिल रहा है। ऐसे में निवेशकों की नजर उन सेक्टर्स पर है, जिन्हें हर साल अच्छे मानसून का सीधा फायदा मिलता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आने वाले हफ्तों में मानसून सामान्य या उससे बेहतर रहता है, तो कृषि, एफएमसीजी और ऑटो सेक्टर की कई कंपनियों के कारोबार में तेजी आ सकती है। इसका असर उनके शेयरों पर भी देखने को मिल सकता है।
जून में बारिश की भारी कमी, जुलाई में हुई मजबूत वापसी
वर्ष 1901 के बाद इस बार का जून महीना देश के सबसे गर्म जून महीनों में शामिल रहा। वहीं पिछले 17 वर्षों में जून के दौरान सबसे कम बारिश दर्ज की गई। हालांकि जुलाई की शुरुआत में मानसून सक्रिय होने के बाद स्थिति तेजी से बदली है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा आंकड़ों के अनुसार 4 जून से 5 जुलाई के बीच देश में बारिश की कमी घटकर लगभग 28% रह गई है, जबकि एक सप्ताह पहले यह आंकड़ा करीब 45% था। पश्चिमी, मध्य और पूर्वी भारत में सक्रिय मानसूनी सिस्टम के चलते आने वाले दिनों में भी अच्छी बारिश की संभावना जताई गई है।
मानसून भारत की अर्थव्यवस्था के लिए बेहद अहम माना जाता है क्योंकि देश की कुल वार्षिक वर्षा का लगभग 70 प्रतिशत हिस्सा इसी सीजन में होता है। कृषि उत्पादन, ग्रामीण आय और ग्रामीण मांग काफी हद तक मानसून पर निर्भर करती है।
क्यों बढ़ जाती है मानसून के दौरान इन सेक्टर्स की चमक?
अच्छी बारिश का असर केवल खेती तक सीमित नहीं रहता। जब किसानों की आय बढ़ती है तो ग्रामीण क्षेत्रों में खर्च करने की क्षमता भी बढ़ती है। इससे खाद-बीज कंपनियों, उपभोक्ता सामान बनाने वाली कंपनियों और ऑटोमोबाइल कंपनियों की बिक्री में सुधार देखने को मिलता है।
इसी वजह से हर साल मानसून के दौरान कुछ सेक्टर्स निवेशकों के लिए आकर्षण का केंद्र बन जाते हैं।
1. एग्रीकल्चर और एग्रोकेमिकल सेक्टर
बारिश अच्छी होने पर किसानों द्वारा उर्वरक, कीटनाशक और बीजों की मांग बढ़ जाती है। इससे इस सेक्टर की कंपनियों के कारोबार में मजबूती आती है।
इन शेयरों पर नजर रखी जा सकती है:
- Paradeep Phosphates
- Coromandel International
- UPL
- Rallis India
- Kaveri Seed Company
अगर खरीफ सीजन की बुवाई मजबूत रहती है तो इन कंपनियों की बिक्री और मुनाफे में सुधार देखने को मिल सकता है।
2. ऑटो सेक्टर
ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होने का सबसे बड़ा फायदा ऑटो कंपनियों को मिलता है। किसानों की आय बढ़ने पर सबसे पहले दोपहिया वाहन, ट्रैक्टर और एंट्री-लेवल कारों की मांग में तेजी आती है।
इस सेक्टर के प्रमुख शेयर:
- Hero MotoCorp
- Bajaj Auto
- Maruti Suzuki
- Escorts Kubota
- Eicher Motors
विशेषज्ञों के अनुसार यदि मानसून पूरे सीजन में सामान्य बना रहता है तो ग्रामीण बिक्री में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिल सकता है।
3. एफएमसीजी सेक्टर
अच्छी बारिश का असर गांवों में उपभोक्ता खर्च पर भी दिखाई देता है। खाद्य पदार्थों, पर्सनल केयर और घरेलू उपयोग की वस्तुओं की मांग बढ़ने से एफएमसीजी कंपनियों को फायदा मिलता है।
इन कंपनियों के शेयरों पर निवेशकों की नजर रह सकती है:
- Hindustan Unilever (HUL)
- Marico
- Dabur India
इन कंपनियों की ग्रामीण बाजार में मजबूत पकड़ होने के कारण मानसून के दौरान इनके कारोबार में सकारात्मक असर देखने को मिलता है।
निवेशकों के लिए क्या है रणनीति?
मानसून आधारित निवेश पूरी तरह सीजनल थीम पर आधारित होता है। इसलिए केवल बारिश के आधार पर निवेश का फैसला लेना उचित नहीं माना जाता। निवेशकों को संबंधित कंपनियों के तिमाही नतीजों, वैल्यूएशन, मांग, कच्चे माल की लागत और प्रबंधन की भविष्य की रणनीति पर भी नजर रखनी चाहिए।
यदि मानसून पूरे सीजन में सामान्य रहता है तो कृषि, ऑटो और एफएमसीजी सेक्टर के शेयरों में बेहतर प्रदर्शन देखने को मिल सकता है। हालांकि किसी भी शेयर में निवेश से पहले अपने वित्तीय लक्ष्य और जोखिम क्षमता का आकलन करना जरूरी है।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन होता है। किसी भी निवेश निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें। NewsJagran किसी भी शेयर में निवेश की सलाह नहीं देता।


