उत्तर प्रदेश के संभल जिले के चंदौसी में मिशन शक्ति 5.0 के तहत एक महत्वपूर्ण जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम शुक्रवार को सुशीला भारतीया म्युनिसिपल गर्ल्स कॉलेज में आयोजित हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में छात्राओं ने भाग लिया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्राओं को सुरक्षा, अधिकारों और आत्मरक्षा के प्रति जागरूक करना था, ताकि वे किसी भी प्रकार की असुरक्षा या आपात स्थिति में सही कदम उठा सकें।
छात्राओं को दी गई ‘गुड टच-बैड टच’ की जानकारी

कार्यक्रम के दौरान मिशन शक्ति टीम ने छात्राओं को ‘गुड टच’ और ‘बैड टच’ के बारे में विस्तार से समझाया। अधिकारियों ने बताया कि इसका उद्देश्य बच्चियों और युवतियों को सुरक्षित और असुरक्षित व्यवहार के बीच अंतर पहचानने में सक्षम बनाना है।
टीम ने छात्राओं को यह भी बताया कि किसी भी अनुचित व्यवहार की स्थिति में चुप रहने के बजाय तुरंत अपनी आवाज उठाना बेहद जरूरी है। इससे वे खुद को सुरक्षित रख सकती हैं और किसी भी संभावित खतरे से बच सकती हैं।
साइबर सुरक्षा और सरकारी योजनाओं की जानकारी
जागरूकता कार्यक्रम में छात्राओं को साइबर अपराध से बचाव के उपायों के बारे में भी जानकारी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि आज के डिजिटल युग में ऑनलाइन फ्रॉड, सोशल मीडिया हैकिंग और साइबर बुलिंग जैसे मामलों से सतर्क रहना बेहद जरूरी है।
इसके साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई, ताकि छात्राएं इन योजनाओं का लाभ उठाकर अपने भविष्य को बेहतर बना सकें।
महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी
मिशन शक्ति टीम ने छात्राओं को कई महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी भी दी, जो आपात स्थिति में बेहद उपयोगी हो सकते हैं।
इनमें प्रमुख नंबर शामिल हैं:
- 1090 – महिला हेल्पलाइन
- 112 – पुलिस आपात सेवा
- 102 – स्वास्थ्य सेवा
- 108 – एम्बुलेंस सेवा
- 1930 – साइबर क्राइम हेल्पलाइन
अधिकारियों ने बताया कि किसी भी आपात स्थिति में इन नंबरों पर तुरंत संपर्क किया जा सकता है।
महिला सुरक्षा और आत्मनिर्भरता पर जोर
कार्यक्रम में मिशन शक्ति टीम ने छात्राओं को घरेलू हिंसा और अन्य सामाजिक बुराइयों के खिलाफ आवाज उठाने के लिए प्रेरित किया।
अधिकारियों ने कहा कि महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहना चाहिए और आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए। आत्मविश्वास और शिक्षा ही सशक्त समाज की नींव है।
कार्यक्रम में मौजूद अधिकारी और टीम
इस जागरूकता कार्यक्रम में कई अधिकारी और पुलिसकर्मी मौजूद रहे। इनमें एसआई आरती सिसोदिया, हेड कांस्टेबल कुसुम, महिला कांस्टेबल गीता, कांस्टेबल सुमन और प्रीति सहित मिशन शक्ति टीम के अन्य सदस्य शामिल थे।
सभी ने मिलकर छात्राओं को सुरक्षा और जागरूकता से जुड़े महत्वपूर्ण संदेश दिए।
मिशन शक्ति अभियान का उद्देश्य
मिशन शक्ति 5.0 अभियान का उद्देश्य राज्य में महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षित वातावरण प्रदान करना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।
इस अभियान के तहत स्कूलों और कॉलेजों में लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि छात्राएं सामाजिक और डिजिटल दोनों स्तरों पर सुरक्षित रह सकें।
निष्कर्ष
चंदौसी में आयोजित यह मिशन शक्ति कार्यक्रम छात्राओं के लिए एक महत्वपूर्ण जागरूकता पहल साबित हुआ।
Mission Shakti Uttar Pradesh के तहत आयोजित इस कार्यक्रम ने छात्राओं को न केवल सुरक्षा के प्रति जागरूक किया, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए भी प्रेरित किया।
इस तरह के कार्यक्रम भविष्य में महिला सशक्तिकरण और सुरक्षा को और मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएंगे।
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