Maruti Suzuki Q1 Results: देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 11% घटकर ₹3,352 करोड़ रहा, जबकि मजबूत बिक्री के दम पर रेवेन्यू 36% बढ़कर ₹52,456 करोड़ पहुंच गया। हालांकि, स्टील समेत अन्य कच्चे माल की बढ़ती कीमतों और कुल खर्च में तेज बढ़ोतरी के कारण कंपनी के मुनाफे पर दबाव देखने को मिला।
Maruti Suzuki Q1 Results: प्रमुख आंकड़े
| पैरामीटर | Q1 FY27 | सालाना बदलाव |
|---|---|---|
| नेट प्रॉफिट | ₹3,352 करोड़ | 11% की गिरावट |
| रेवेन्यू | ₹52,456 करोड़ | 36% की बढ़ोतरी |
| नेट सेल्स | ₹49,959 करोड़ | 36% की बढ़ोतरी |
| कुल खर्च | ₹48,988 करोड़ | 40.5% की बढ़ोतरी |
| सेल्स वॉल्यूम | – | 29.3% की बढ़ोतरी |
बढ़ते खर्च ने घटाया मुनाफा
मारुति सुजुकी की आय में मजबूत बढ़ोतरी के बावजूद कंपनी का मुनाफा घटा है। इसकी सबसे बड़ी वजह उत्पादन लागत में तेज उछाल रही। जून तिमाही में कुल खर्च 40.5% बढ़कर ₹48,988 करोड़ पहुंच गया।
कंपनी ने बताया कि स्टील, एल्यूमिनियम और अन्य कच्चे माल की कीमतों में लगातार वृद्धि हुई। इसके अलावा मध्यपूर्व में जारी भू-राजनीतिक तनाव के कारण कमोडिटी की कीमतों में तेजी आई, जिससे लागत और बढ़ गई। इसी वजह से ऑपरेटिंग मार्जिन पर दबाव बना रहा।
GST कटौती के बाद बढ़ी वाहनों की मांग
कंपनी के अनुसार GST में कमी के बाद यात्री वाहनों की मांग में सुधार देखने को मिला। मांग बढ़ने के कारण कंपनी ने कुछ मॉडलों की कीमतों में भी बढ़ोतरी की, लेकिन बढ़ी हुई लागत की भरपाई पूरी तरह नहीं हो सकी।
बिक्री में शानदार बढ़ोतरी
मारुति सुजुकी ने जून तिमाही में बिक्री के मोर्चे पर मजबूत प्रदर्शन किया।
- कुल सेल्स वॉल्यूम 29.3% बढ़ा
- घरेलू कार बिक्री 34.1% बढ़ी
- SUV बिक्री 44.6% बढ़ी
- एक्सपोर्ट 28.6% बढ़ा
- घरेलू बाजार हिस्सेदारी 41.2% रही, जो पिछले साल की तुलना में 2.3 प्रतिशत अंक अधिक है।
SUV सेगमेंट में मजबूत मांग कंपनी की ग्रोथ का बड़ा आधार रही।
खारखौदा प्लांट से मिला उत्पादन बढ़ाने का फायदा
हरियाणा के सोनीपत स्थित खारखौदा में कंपनी के नए प्लांट में उत्पादन शुरू होने का फायदा जून तिमाही के नतीजों में दिखाई दिया। अतिरिक्त उत्पादन क्षमता के कारण कंपनी घरेलू मांग को बेहतर तरीके से पूरा कर सकी और बिक्री में तेजी दर्ज की।
4 CBG प्रोजेक्ट्स को मिली मंजूरी
मारुति सुजुकी के बोर्ड ने चार Compressed Bio Gas (CBG) प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी है। इन परियोजनाओं के पहले चरण के लिए ₹561 करोड़ के निवेश को स्वीकृति दी गई है। कंपनी का लक्ष्य वैकल्पिक ईंधन और ग्रीन मोबिलिटी को बढ़ावा देना है।
शेयर पर क्या होगा असर?
मारुति सुजुकी ने अपने तिमाही नतीजे 31 जुलाई को शेयर बाजार बंद होने के बाद जारी किए। ऐसे में इन नतीजों का असर 3 अगस्त को बाजार खुलने पर शेयर में देखने को मिल सकता है।
31 जुलाई को कंपनी का शेयर 0.37% की बढ़त के साथ ₹14,240 पर बंद हुआ। हालांकि, साल 2026 में अब तक कंपनी का शेयर करीब 15% कमजोर हो चुका है।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
मारुति सुजुकी की पहली तिमाही में बिक्री और रेवेन्यू मजबूत रहे हैं, लेकिन कच्चे माल की बढ़ती कीमतों ने मुनाफे को प्रभावित किया है। यदि आने वाली तिमाहियों में कमोडिटी कीमतों में राहत मिलती है और SUV की मांग मजबूत बनी रहती है, तो कंपनी के मार्जिन में सुधार देखने को मिल सकता है। फिलहाल निवेशकों की नजर प्रबंधन के भविष्य के आउटलुक और लागत नियंत्रण की रणनीति पर रहेगी।


