Market Outlook: भारतीय शेयर बाजार में सोमवार, 24 अगस्त को शुरुआती तेजी के बाद बिकवाली देखने को मिली। सेंसेक्स और निफ्टी दोनों गिरावट के साथ बंद हुए। निफ्टी जहां 24,200 के आसपास बना रहा, वहीं सेंसेक्स 77,400 के नीचे बंद हुआ। बाजार में ऊपरी स्तरों पर लगातार मुनाफावसूली का दबाव देखने को मिल रहा है। ऐसे में अब निवेशकों की नजर मंगलवार, 25 अगस्त के कारोबार पर है।
टेक्निकल चार्ट की बात करें तो बाजार की शुरुआत सकारात्मक रहने के बावजूद ऊपरी स्तरों पर बिकवाली हावी रही। डेली चार्ट पर बनी बेयरिश कैंडल और इंट्राडे चार्ट पर नजर आ रहे रिवर्सल पैटर्न बाजार में आगे कमजोरी के संकेत दे रहे हैं। हालांकि, 24,000 के आसपास निफ्टी को मजबूत सपोर्ट मिल सकता है।
सेंसेक्स और निफ्टी गिरावट के साथ बंद
24 अगस्त को कारोबार के अंत में सेंसेक्स 171.72 अंक यानी 0.22 फीसदी की गिरावट के साथ 77,369.11 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 32.95 अंक यानी 0.14 फीसदी फिसलकर 24,219.05 पर बंद हुआ।
सोमवार के कारोबार में बाजार की चौड़ाई भी कमजोर रही। करीब 1,970 शेयर बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि 2,278 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। करीब 199 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ। इससे संकेत मिलता है कि व्यापक बाजार में भी बिकवाली का दबाव बना हुआ था।
इन शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट
निफ्टी के प्रमुख गिरावट वाले शेयरों में SBI Life Insurance, Bajaj Finance, Bajaj Finserv, Bharat Electronics और Adani Ports शामिल रहे। इन शेयरों पर ऊपरी स्तरों से बिकवाली का दबाव देखने को मिला।
दूसरी तरफ, तेजी वाले प्रमुख शेयरों में Hindalco, JSW Steel, Dr. Reddy’s Laboratories, Tata Steel और HCL Technologies शामिल रहे। खास तौर पर मेटल शेयरों में मजबूत खरीदारी देखने को मिली।
सेक्टरों का कैसा रहा प्रदर्शन?
सोमवार को IT, एनर्जी, मेटल और रियल्टी को छोड़कर ज्यादातर सेक्टोरल इंडेक्स गिरावट में बंद हुए। PSU बैंक इंडेक्स में करीब 1 फीसदी की कमजोरी रही। वहीं प्राइवेट बैंक, मीडिया और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स इंडेक्स में लगभग 0.3-0.5 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई।
ब्रॉडर मार्केट में निफ्टी मिडकैप इंडेक्स करीब 0.13 फीसदी चढ़ा, जबकि स्मॉलकैप इंडेक्स में 0.26 फीसदी की गिरावट रही। इससे पता चलता है कि बाजार में निवेशकों का रुझान पूरी तरह सकारात्मक नहीं था और चुनिंदा सेक्टरों व शेयरों में ही खरीदारी देखने को मिली।
25 अगस्त को कैसी रह सकती है निफ्टी की चाल?
कोटक सिक्योरिटीज के हेड इक्विटी रिसर्च श्रीकांत चौहान के मुताबिक, सोमवार को बेंचमार्क इंडेक्स में ऊपरी स्तरों पर प्रॉफिट बुकिंग देखने को मिली। निफ्टी करीब 33 अंक गिरकर बंद हुआ, जबकि सेंसेक्स में 171 अंकों की कमजोरी रही।
उनके अनुसार टेक्निकल तौर पर बाजार की शुरुआत सकारात्मक रही, लेकिन ऊपरी स्तरों पर लगातार बिकवाली का दबाव देखने को मिला। डेली चार्ट पर बेयरिश कैंडल और इंट्राडे चार्ट पर रिवर्सल पैटर्न मौजूदा स्तरों से और कमजोरी की संभावना की ओर इशारा कर रहे हैं।
24,250 का स्तर बेहद अहम
श्रीकांत चौहान के मुताबिक, 24,250 का स्तर निफ्टी के लिए तत्काल रेजिस्टेंस जोन के तौर पर काम करेगा। जब तक निफ्टी इस स्तर के नीचे कारोबार करता है, तब तक बाजार में कमजोरी का दबाव बना रह सकता है।
अगर निफ्टी में कमजोरी बढ़ती है तो 24,000 से 23,950 का स्तर अगला महत्वपूर्ण सपोर्ट जोन हो सकता है। वहीं, अगर इंडेक्स 24,250 के ऊपर मजबूती से टिकने में सफल रहता है तो बाजार में रिकवरी देखने को मिल सकती है। ऐसी स्थिति में निफ्टी 24,350-24,400 के स्तर तक पहुंच सकता है।
ईरान पर अमेरिकी प्रतिबंधों का भी रहेगा असर
LKP Securities के सीनियर टेक्निकल एनालिस्ट रूपक डे के अनुसार, सोमवार को बाजार की शुरुआत अच्छी रहने के बावजूद बाद में इंडेक्स नीचे आ गया। इसकी एक वजह ईरान पर नए अमेरिकी प्रतिबंधों से पहले ट्रेडर्स द्वारा अपनी पोजीशन को हल्का करना भी रही।
इंट्राडे कारोबार के दौरान निफ्टी 24,200 के सपोर्ट स्तर से नीचे चला गया था, हालांकि क्लोजिंग तक इंडेक्स ने इस स्तर को दोबारा हासिल कर लिया।
25 अगस्त को बाजार में उतार-चढ़ाव बढ़ने की संभावना जताई जा रही है। ट्रेडर्स की नजर ईरान पर लगाए जाने वाले नए अमेरिकी प्रतिबंधों और उसके संभावित जवाब पर रहेगी। इसके अलावा NSE की मंथली F&O एक्सपायरी भी बाजार के लिए अहम इवेंट है। इन दोनों घटनाक्रमों के कारण मंगलवार को बाजार में तेज उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
रूपक डे के मुताबिक, निफ्टी के लिए नीचे की तरफ 24,200 और 24,000 महत्वपूर्ण सपोर्ट स्तर हैं। वहीं ऊपर की तरफ 24,350 अहम रेजिस्टेंस है। यदि निफ्टी 24,350 के ऊपर मजबूती से निकलता है तो इसमें अच्छी तेजी देखने को मिल सकती है।
बैंक निफ्टी में भी कंसोलिडेशन
बैंक निफ्टी की बात करें तो LKP Securities के टेक्निकल एनालिस्ट वत्सल भुवा के मुताबिक, इंडेक्स सोमवार को डेली चार्ट पर बेयरिश कैंडलस्टिक के साथ बंद हुआ। यह ऊपरी स्तरों पर लगातार बिकवाली के दबाव का संकेत देता है।
बैंक निफ्टी फिलहाल कंसोलिडेशन फेज में है। इसका मतलब है कि बाजार में फिलहाल किसी स्पष्ट दिशा को लेकर निश्चितता नहीं है। ऐसे में किसी बड़े ब्रेकआउट या ब्रेकडाउन के बिना इंडेक्स एक सीमित दायरे में कारोबार कर सकता है।
57,300-58,000 की रेंज अहम
बैंक निफ्टी के लिए 57,300 का स्तर तत्काल सपोर्ट के तौर पर देखा जा रहा है, जो सोमवार के निचले स्तर के आसपास है। वहीं 58,000 के आसपास रेजिस्टेंस है। यह स्तर गिरती हुई ट्रेंडलाइन के साथ भी मेल खाता है।
जब तक बैंक निफ्टी इस रेंज से बाहर कोई स्पष्ट ब्रेकआउट या ब्रेकडाउन नहीं देता, तब तक सीमित दायरे में कारोबार की संभावना बनी रहेगी। ऐसे में ट्रेडर्स को 57,300-58,000 की रेंज में सख्त स्टॉप-लॉस के साथ ही ट्रेडिंग रणनीति बनाने की सलाह दी गई है।
25 अगस्त के लिए निवेशकों की नजर इन स्तरों पर
| इंडेक्स | सपोर्ट | रेजिस्टेंस |
|---|---|---|
| निफ्टी | 24,200-24,000 | 24,350-24,400 |
| बैंक निफ्टी | 57,300 | 58,000 |
कुल मिलाकर, 25 अगस्त को घरेलू बाजार में वोलैटिलिटी यानी उतार-चढ़ाव बढ़ा हुआ रह सकता है। निफ्टी के लिए 24,200 और 24,000 के स्तर महत्वपूर्ण सपोर्ट हैं, जबकि 24,250 और उसके बाद 24,350-24,400 के स्तर निर्णायक रेजिस्टेंस की भूमिका निभा सकते हैं। निवेशकों को ग्लोबल संकेतों, ईरान से जुड़े घटनाक्रम और F&O एक्सपायरी के बीच सावधानी से कारोबार करने की जरूरत होगी।
डिस्क्लेमर: इस लेख में बाजार विशेषज्ञों द्वारा व्यक्त विचार और टेक्निकल स्तर दिए गए हैं। ये निवेश की सलाह नहीं हैं। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश या ट्रेडिंग का निर्णय लेने से पहले अपने सर्टिफाइड वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें।


