Kangana Ranaut: बिहार की युवा विधायक और लोक गायिका मैथिली ठाकुर के लग्जरी कार में नजर आने के बाद सोशल मीडिया पर शुरू हुई बहस अब राजनीतिक और सार्वजनिक जीवन से जुड़े लोगों की जीवनशैली तक पहुंच गई है। अभिनेत्री और BJP सांसद कंगना रनौत ने मैथिली ठाकुर का समर्थन करते हुए कहा कि जनसेवा से जुड़े लोगों को भी अपनी पसंद की जिंदगी जीने और अपने करियर से कमाई का इस्तेमाल करने का अधिकार है।
रोल्स-रॉयस को लेकर ट्रोल हुईं मैथिली ठाकुर
मैथिली ठाकुर कुछ दिन पहले मुंबई के मशहूर लालबागचा राजा पंडाल पहुंची थीं। इस दौरान वह नीले रंग की Rolls-Royce Cullinan लग्जरी SUV में नजर आईं। उनकी कार का वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद कई यूजर्स ने उनकी महंगी कार को लेकर सवाल उठाए।
सोशल मीडिया पर कुछ लोगों ने यह सवाल भी उठाया कि राजनीतिक करियर शुरू करने के करीब एक साल के भीतर ही मैथिली के पास इतनी महंगी कार कैसे आई। रिपोर्ट्स में Rolls-Royce Cullinan की मुंबई में ऑन-रोड कीमत 13 करोड़ रुपये से अधिक तक बताई जाती है, हालांकि वास्तविक कीमत वेरिएंट, कस्टमाइजेशन और अन्य शुल्क के आधार पर अलग हो सकती है।
मैथिली ठाकुर के समर्थकों ने इसके जवाब में उनकी गायन से जुड़ी लोकप्रियता और लंबे समय से चले आ रहे प्रोफेशनल करियर का हवाला दिया। वहीं, आलोचकों ने उनकी राजनीतिक भूमिका को लेकर सवाल खड़े किए।
कंगना रनौत ने किया मैथिली ठाकुर का समर्थन
कंगना रनौत ने इंस्टाग्राम स्टोरी के जरिए मैथिली ठाकुर के समर्थन में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि राजनेताओं के सार्वजनिक जीवन का मतलब यह नहीं है कि उन्हें अपनी निजी जिंदगी में सुविधाओं या अच्छी जीवनशैली से दूरी बनाए रखनी चाहिए।
कंगना ने लिखा कि कुछ लोगों को तब परेशानी होती है, जब वे किसी राजनेता को अच्छी जिंदगी जीते हुए देखते हैं। उन्होंने मैथिली ठाकुर का जिक्र करते हुए सवाल किया कि अगर कोई जनप्रतिनिधि अपने करियर और लोकप्रियता से कमाता है और लग्जरी कार इस्तेमाल करता है तो उसे लगातार ट्रोल क्यों किया जाना चाहिए।
कंगना के मुताबिक, समाज सेवा या राजनीति में काम करने वाले लोगों की भी अपनी निजी जिंदगी और करियर होता है। उन्होंने यह भी कहा कि जनप्रतिनिधियों से हमेशा साधारण या गरीब जीवन जीने की उम्मीद करना उचित नहीं है।
मैथिली ठाकुर कौन हैं?
मैथिली ठाकुर बिहार की लोकप्रिय लोक गायिका हैं, जिन्होंने संगीत की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई है। वह मैथिली, भोजपुरी और हिंदी के साथ-साथ भक्ति संगीत और भारतीय शास्त्रीय संगीत से जुड़े गीतों के लिए जानी जाती हैं।
मैथिली ठाकुर का संबंध बिहार के मधुबनी जिले के बेनीपट्टी से है। उनके पिता रमेश ठाकुर संगीत शिक्षक हैं। उन्होंने कम उम्र से ही अपने पिता और दादा से संगीत की शिक्षा हासिल करनी शुरू कर दी थी।
बाद में उनका परिवार संगीत की बेहतर ट्रेनिंग और करियर के लिए दिल्ली आ गया। वर्ष 2017 में रियलिटी सिंगिंग शो ‘राइजिंग स्टार इंडिया’ में हिस्सा लेने के बाद मैथिली को व्यापक पहचान मिली। इसके बाद उन्होंने YouTube और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए अपनी मजबूत ऑडियंस बनाई।
उनकी लोकप्रियता केवल पारंपरिक लोक संगीत तक सीमित नहीं रही। वह भजन, लोकगीत और अलग-अलग भारतीय संगीत शैलियों में भी प्रस्तुतियां देती रही हैं।
गायिका से राजनीति तक का सफर
मैथिली ठाकुर ने 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में BJP के उम्मीदवार के रूप में चुनावी राजनीति में कदम रखा। उन्होंने RJD के वरिष्ठ नेता बिनोद मिश्रा को हराकर विधानसभा में जगह बनाई।
उनकी राजनीतिक पृष्ठभूमि को देखते हुए उनके पास पहले से ही एक बड़ा सार्वजनिक और डिजिटल फॉलोइंग बेस था। चुनाव के बाद वह बिहार की सबसे युवा विधायकों में शामिल हुईं।
यही वजह है कि उनकी निजी जिंदगी, सोशल मीडिया गतिविधियां और सार्वजनिक कार्यक्रम भी अक्सर चर्चा में रहते हैं।
महंगी कार पर विवाद ने क्या सवाल खड़े किए?
मैथिली ठाकुर की Rolls-Royce में तस्वीर सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर मुख्य बहस उनकी कार की कीमत को लेकर रही। एक पक्ष का कहना था कि एक जनप्रतिनिधि की इतनी महंगी कार सार्वजनिक सवालों का विषय बन सकती है। वहीं, दूसरा पक्ष यह तर्क दे रहा है कि किसी व्यक्ति की निजी संपत्ति या पेशेवर कमाई को केवल उसके राजनीतिक पद के आधार पर नहीं देखा जाना चाहिए।
ऐसे मामलों में कार की कीमत या व्यक्ति की संपत्ति को लेकर सोशल मीडिया पर किए गए दावों और आधिकारिक तौर पर घोषित संपत्ति के बीच अंतर करना भी जरूरी है। किसी लग्जरी कार में नजर आना अपने आप में यह साबित नहीं करता कि वाहन व्यक्ति की व्यक्तिगत संपत्ति है या उसकी खरीद किस स्रोत से हुई है।
कंगना पहले भी कलाकारों के समर्थन में बोल चुकी हैं
कंगना रनौत इससे पहले भी कलाकारों को लेकर सोशल मीडिया पर अपनी राय जाहिर करती रही हैं। हाल ही में उन्होंने अभिनेत्री तृषा कृष्णन से जुड़े एक विवाद पर भी प्रतिक्रिया दी थी।
चेन्नई में स्वतंत्रता दिवस 2026 के एक समारोह में शामिल होने के बाद तृषा विवादों में आई थीं। इस मामले का नाम लिए बिना कंगना ने कहा था कि जब किसी विवाद में महिला और पुरुष दोनों पक्ष शामिल हों, तब भी कई बार सार्वजनिक आलोचना और चरित्र पर सवाल मुख्य रूप से महिला के खिलाफ दिखाई देते हैं।
मैथिली ठाकुर के मामले में भी कंगना ने इसी तरह सोशल मीडिया ट्रोलिंग पर सवाल उठाते हुए कहा कि सार्वजनिक जीवन में रहने वाले लोगों को अपनी निजी जिंदगी और करियर के लिए भी जगह मिलनी चाहिए।
Source: उपलब्ध मीडिया रिपोर्ट्स और सार्वजनिक बयानों पर आधारित।
डिस्क्लेमर: सोशल मीडिया पर किसी व्यक्ति की संपत्ति, कार के स्वामित्व या उसकी कीमत को लेकर किए गए दावों की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है।


