Integrated Proteins Stock Split: इंटीग्रेटेड प्रोटीन्स लिमिटेड के शेयरधारकों के लिए अहम खबर है। कंपनी अपने शेयरों का 10:1 स्टॉक स्प्लिट करने जा रही है। इसके तहत ₹10 फेस वैल्यू वाला एक इक्विटी शेयर ₹1 फेस वैल्यू वाले 10 शेयरों में विभाजित हो जाएगा। कंपनी ने इसके लिए 4 सितंबर 2026 को रिकॉर्ड डेट तय की है। स्टॉक स्प्लिट की खबर के बीच 1 सितंबर को कंपनी का शेयर BSE पर 5% बढ़कर ₹148.05 के अपर सर्किट पर पहुंच गया।
10 शेयरों में बदलेगा 1 शेयर
इंटीग्रेटेड प्रोटीन्स के स्टॉक स्प्लिट के बाद निवेशकों के पास मौजूद शेयरों की संख्या 10 गुना हो जाएगी। हालांकि, सिर्फ शेयरों की संख्या बढ़ने से निवेश की कुल वैल्यू अपने आप नहीं बढ़ती। स्प्लिट के बाद शेयर की कीमत भी उसी अनुपात में एडजस्ट होती है।
कंपनी ने बताया है कि 4 सितंबर 2026 रिकॉर्ड डेट होगी। इस तारीख को कंपनी के रजिस्टर ऑफ मेंबर्स या डिपॉजिटरीज के रिकॉर्ड में जिन निवेशकों के नाम शेयरधारक के तौर पर दर्ज होंगे, वे स्टॉक स्प्लिट के लिए पात्र होंगे।
उदाहरण के तौर पर, अगर किसी निवेशक के पास रिकॉर्ड डेट पर 100 शेयर हैं, तो स्टॉक स्प्लिट के बाद उसके पास 1,000 शेयर हो जाएंगे। वहीं, शेयर की कीमत भी स्प्लिट अनुपात के अनुसार समायोजित होगी।
1 सितंबर को अपर सर्किट पर पहुंचा शेयर
स्टॉक स्प्लिट की खबर के बीच इंटीग्रेटेड प्रोटीन्स के शेयर में मंगलवार, 1 सितंबर को जोरदार तेजी देखने को मिली। BSE पर शेयर 5% बढ़कर ₹148.05 पर अपर सर्किट में पहुंच गया।
कंपनी का मार्केट कैप करीब ₹284 करोड़ से अधिक है। शेयर ने पिछले कुछ समय में निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया है। स्टॉक में एक सप्ताह में करीब 13% और छह महीनों में लगभग 295% की तेजी दर्ज हुई है।
साल 2026 में अब तक शेयर की कीमत करीब 330% बढ़ चुकी है। वहीं, तीन साल की अवधि में स्टॉक लगभग 940% और पांच साल में करीब 4,300% चढ़ा है।
कंपनी के शेयर का BSE पर 52 सप्ताह का एडजस्टेड हाई करीब ₹158.30 और एडजस्टेड लो ₹20.71 रहा है।
क्या कारोबार करती है Integrated Proteins?
इंटीग्रेटेड प्रोटीन्स तिलहनों की प्रोसेसिंग और वेजिटेबल ऑयल से जुड़े कारोबार में सक्रिय कंपनी है। कंपनी को इस क्षेत्र में 33 साल से ज्यादा का अनुभव है।
कंपनी सोयाबीन, मूंगफली, कपास के बीज, सरसों/राई के बीज और सूरजमुखी के बीज सहित विभिन्न तिलहनों से तेल निकालने, बीजों की क्रशिंग, तेल निर्माण और प्रोसेसिंग का काम करती है। इसके अलावा कंपनी मेवों और अनाज से जुड़े उत्पादों के कारोबार में भी मौजूद है।
कंपनी विभिन्न प्रकार के एडिबल और नॉन-एडिबल वेजिटेबल ऑयल का उत्पादन, रिफाइनिंग और प्रोसेसिंग करती है। इसके साथ ही तेल की खली की बिक्री भी उसके कारोबार का हिस्सा है। कंपनी इन उत्पादों की खरीद-बिक्री के साथ-साथ आयात और निर्यात गतिविधियों में भी शामिल है।
जून तिमाही में कैसा रहा प्रदर्शन?
अप्रैल-जून 2026 तिमाही में कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू ₹10.55 करोड़ रहा। इसी अवधि में कंपनी ने करीब ₹36 लाख का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया।
हालांकि, उपलब्ध आंकड़ों में EPS से जुड़ी संख्या में स्रोत सामग्री के अनुसार विसंगति दिखाई देती है। इसलिए निवेशकों को कंपनी की आधिकारिक वित्तीय रिपोर्ट से EPS के आंकड़े की पुष्टि करनी चाहिए।
वित्त वर्ष 2026 में कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू करीब ₹9.94 करोड़ और शुद्ध मुनाफा लगभग ₹23 लाख रहा।
निवेशकों को क्या समझना चाहिए?
स्टॉक स्प्लिट को आम तौर पर कंपनी के शेयर को छोटे फेस वैल्यू वाले ज्यादा शेयरों में बांटने की प्रक्रिया के तौर पर देखा जाता है। इससे शेयर की मार्केट कीमत कम हो सकती है और छोटे निवेशकों के लिए शेयर अपेक्षाकृत सस्ता नजर आ सकता है।
हालांकि, स्टॉक स्प्लिट अपने आप में कंपनी के फंडामेंटल या निवेश की वैल्यू नहीं बढ़ाता। निवेश का फैसला करते समय कंपनी की बिक्री, मुनाफा, कैश फ्लो, वैल्यूएशन, कारोबार की संभावनाओं और शेयर की कीमत में आई तेज तेजी जैसे पहलुओं को भी देखना जरूरी है।
Integrated Proteins के शेयर में पिछले कुछ वर्षों में बहुत तेज रैली देखने को मिली है। इसलिए हालिया शानदार रिटर्न को भविष्य के रिटर्न की गारंटी नहीं माना जा सकता।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सूचना के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी शेयर में निवेश करने से पहले कंपनी के आधिकारिक दस्तावेजों और वित्तीय आंकड़ों की जांच करें तथा जरूरत पड़ने पर योग्य वित्तीय सलाहकार से सलाह लें। NewsJagran.in किसी भी निवेश या खरीद-बिक्री की सलाह नहीं देता।


