नई दिल्ली: निफ्टी की वीकली एक्सपायरी के दिन भारतीय शेयर बाजार ने हल्की कमजोरी के साथ शुरुआत की, लेकिन शुरुआती कारोबार में ही खरीदार सक्रिय हो गए और प्रमुख सूचकांक हरे निशान में पहुंच गए। बाजार में सबसे ज्यादा मजबूती सरकारी बैंक शेयरों में देखने को मिली, जहां लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में खरीदारी का जोर बना रहा। दूसरी ओर, HDFC बैंक, सन फार्मा और कुछ बड़े निजी बैंकिंग शेयरों में बिकवाली का दबाव दिखाई दिया।
शुरुआती कारोबार में बाजार ने दिखाई मजबूती
गुरुवार को निफ्टी की शुरुआत करीब 24,216 के स्तर पर हुई। शुरुआती उतार-चढ़ाव के बाद इंडेक्स ने 24,262 का इंट्राडे हाई छू लिया। वहीं, बैंक निफ्टी लगभग 232 अंकों की बढ़त के साथ 58,178 के स्तर पर कारोबार करता नजर आया।
बाजार की चौड़ाई भी सकारात्मक रही। निफ्टी-50 में 34 शेयर बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे, जबकि 15 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। इससे संकेत मिला कि निवेशकों का रुझान फिलहाल खरीदारी की ओर बना हुआ है।
सरकारी बैंक शेयरों में लगातार दूसरे दिन तेजी
आज के कारोबार की सबसे बड़ी खासियत सरकारी बैंक शेयरों का मजबूत प्रदर्शन रहा। निफ्टी पीएसयू बैंक इंडेक्स करीब 1% की बढ़त के साथ कारोबार करता दिखा। इस इंडेक्स में केनरा बैंक सबसे बड़ा गेनर रहा।
सरकारी बैंकों में खरीदारी की वजह बेहतर वैल्यूएशन, मजबूत तिमाही नतीजों की उम्मीद और निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी को माना जा रहा है। पिछले कारोबारी सत्र में भी पीएसयू बैंक शेयरों ने बाजार से बेहतर प्रदर्शन किया था और आज भी यह रुझान जारी रहा।
इन सेक्टर्स में दिखी खरीदारी
बाजार में कई सेक्टोरल इंडेक्स हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। इनमें प्रमुख रूप से शामिल रहे—
- मेटल
- आईटी
- मीडिया
- कमोडिटी
- एफएमसीजी
- सरकारी बैंक
इन सेक्टर्स में खरीदारी से यह संकेत मिला कि निवेशक केवल बैंकिंग ही नहीं बल्कि व्यापक बाजार में भी चुनिंदा खरीदारी कर रहे हैं।
इन सेक्टर्स पर रहा दबाव
दूसरी ओर कुछ सेक्टरों में कमजोरी भी देखने को मिली। इनमें शामिल रहे—
- फार्मा
- हेल्थकेयर
- रियल्टी
- कंज्यूमर ड्यूरेबल्स
इन सेक्टरों के कई बड़े शेयर लाल निशान में कारोबार करते दिखाई दिए।
निफ्टी-50 के टॉप गेनर और लूजर
सबसे ज्यादा बढ़ने वाले शेयर
- टेक महिंद्रा
- श्रीराम फाइनेंस
- नेस्ले इंडिया
- अल्ट्राटेक सीमेंट
- आईसीआईसीआई बैंक
सबसे ज्यादा गिरने वाले शेयर
- HDFC बैंक
- सन फार्मा
- मारुति सुजुकी
- एक्सिस बैंक
- इटरनल
विशेष रूप से HDFC बैंक में लगातार बिकवाली का दबाव बना रहा, जिसका असर बैंकिंग इंडेक्स पर भी सीमित रूप से देखने को मिला। हालांकि सरकारी बैंक शेयरों की मजबूती ने बैंक निफ्टी को सहारा दिया।
तिमाही नतीजों के बाद पेटीएम में उतार-चढ़ाव
फिनटेक कंपनी पेटीएम के शेयर तिमाही नतीजों के बाद शुरुआती कारोबार में करीब 1% तक फिसल गए। हालांकि निचले स्तरों से अच्छी रिकवरी देखने को मिली और शेयर बाद में हरे निशान में कारोबार करने लगे।
कंपनी ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में मजबूत प्रदर्शन किया। प्रमुख आंकड़े इस प्रकार रहे—
- तिमाही राजस्व बाजार अनुमान से बेहतर रहा।
- कंपनी ने मुनाफे में भी मजबूत सुधार दर्ज किया।
- जून तिमाही में ₹203 करोड़ का EBITDA हासिल किया, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 182% अधिक है।
- यह कंपनी का अब तक का सबसे ऊंचा तिमाही EBITDA है।
ब्रोकरेज की राय
पेटीएम के नतीजों के बाद ब्रोकरेज फर्मों की राय अलग-अलग रही।
- Citi ने कंपनी पर अपना सकारात्मक रुख बरकरार रखते हुए लक्ष्य मूल्य (Target Price) बढ़ा दिया।
- वहीं CLSA ने ‘Underperform’ रेटिंग कायम रखी। ब्रोकरेज का मानना है कि हालिया तेजी में शेयर पहले ही अधिकांश सकारात्मक उम्मीदों को कीमत में शामिल कर चुका है।
निवेशकों के लिए संकेत
वीकली एक्सपायरी के दिन बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। फिलहाल सरकारी बैंक, आईटी और मेटल शेयरों में मजबूती दिखाई दे रही है, जबकि निजी बैंकिंग और फार्मा शेयरों में चुनिंदा दबाव देखने को मिल रहा है। ऐसे में निवेशकों की नजर दिनभर विदेशी निवेशकों के रुख, सेक्टोरल मूवमेंट और एक्सपायरी से जुड़े डेरिवेटिव संकेतों पर रहेगी।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या प्रमाणित निवेश सलाहकार से परामर्श अवश्य करें।


