NewsjagranNewsjagranNewsjagran
  • बिजनेस न्यूज़
    बिजनेस न्यूज़Show More
    what-is-hindu-rate-of-growth-pm-modi-congress-economic-history
    What is Hindu Rate of Growth: हिंदू ग्रोथ रेट क्या है जिसका जिक्र कर पीएम मोदी ने पिछली कांग्रेस सरकार को लताड़ा
    11 जून 2026
    vande-bharat-anantnag-stoppage-jammu-srinagar-train-stop
    Vande Bharat Anantnag Stoppage: अब अनंतनाग में भी रुकेगी वंदे भारत एक्सप्रेस, रेलवे का बड़ा ऐलान, ऐसे होगा फायदा
    10 जून 2026
    textile-sector-pli-scheme-third-round-rs-2339-crore-investment
    Textile Sector: PLI योजना के तीसरे दौर में 22 नई कंपनियों को मंजूरी, ₹2339 करोड़ निवेश से टेक्सटाइल उद्योग को मिलेगा बड़ा सहारा
    10 जून 2026
    nepal-indian-mango-import-no-ban-export-continues
    Nepal Indian Mango Import: भारतीय आमों के आयात पर कोई रोक नहीं, नेपाल ने किया साफ; 2005 टन निर्यात जारी
    10 जून 2026
    best-fuel-credit-cards-indianoil-bpcl-hpcl-comparison
    IndianOil, BPCL या HPCL? कैशबैक, लाउंज एक्सेस और फ्री मूवी टिकट वाले 7 बेस्ट फ्यूल क्रेडिट कार्ड्स, जानिए किसमें है सबसे ज्यादा फायदा
    10 जून 2026
  • कमोडिटी
    कमोडिटीShow More
    gold-silver-price-today-10-june-2026-gold-falls-rs4300-silver-drops-rs10000
    Gold Silver Price Today: सोना ₹4,300 लुढ़का, चांदी ₹10,000 टूटी, खरीदारी का मौका या अभी और गिरेंगे भाव?
    10 जून 2026
    petrol-price-today-9-june-2026-petrol-diesel-rate-noida-delhi-crude-oil-price
    Petrol Price Today: क्रूड के भाव में नरमी नहीं, नोएडा में आज पेट्रोल ₹102 और डीजल ₹97 के पार, जानिए आज का भाव
    9 जून 2026
    petrol-diesel-cng-lpg-supply-delhi-fuel-stock-76-days-india
    Petrol Diesel CNG LPG Supply: दिल्ली में ईंधन की कोई कमी नहीं, देश में 76 दिन का फ्यूल स्टॉक मौजूद- सरकार
    8 जून 2026
    petrol-diesel-price-today-8-june-2026-city-wise-rates
    Petrol Diesel Price Today: फिर उबलने लगा क्रूड ऑयल, लेकिन राहत बरकरार; बेंगलुरु में पेट्रोल ₹110 और डीजल ₹98 के पार, जानिए आपके शहर का ताजा रेट
    8 जून 2026
    petrol-diesel-rate-today-7-june-2026-crude-oil-price-fall-no-relief
    Petrol Diesel Rate Today: क्रूड 93 डॉलर पर आया, फिर भी नहीं मिली राहत; जानिए क्यों नहीं घट रहे पेट्रोल-डीजल के दाम
    7 जून 2026
  • शेयर बाज़ार
    शेयर बाज़ारShow More
    elitecon-international-share-price-fmcg-expansion-rs700-crore-investment-fy2030-revenue-target
    ₹423 का शेयर ₹27 पर आया, अब ₹700 Cr का दांव; नजर ₹20 हजार करोड़ की कमाई पर, यूके-दुबई तक फैला कारोबार
    10 जून 2026
    share-market-closing-sensex-flat-nifty-falls-last-hour-selling-pressure
    Share Market Closing: आखिरी घंटे में पलटा खेल, 700 अंक की बढ़त गंवाकर फ्लैट बंद हुआ सेंसेक्स
    10 जून 2026
    merritronix-share-gives-over-120-percent-return-after-ipo-listing-hits-upper-circuit
    ₹149 का IPO, ₹283 पर लिस्टिंग… 3 दिन में 120% रिटर्न, लगातार अपर सर्किट छू रहा यह शेयर
    10 जून 2026
    adani-energy-solutions-intellismart-acquisition-rs-3050-crore-smart-meter-business
    जिस पर जेफरीज बुलिश, अदाणी की उस कंपनी ने खेला ₹3050 करोड़ का दांव; UP-MP समेत 5 राज्यों में स्मार्ट मीटर का बड़ा विस्तार
    9 जून 2026
    share-market-today-sensex-jumps-395-points-nifty-crosses-23200-banking-rally
    Share Market Today: शेयर बाजार में लौटी रौनक, सेंसेक्स 395 अंक चढ़ा, निफ्टी 23,200 के पार; बैंकिंग शेयरों ने संभाला मोर्चा
    9 जून 2026
Search
© 2026 News Jagran Digital Media. All Rights Reserved. | Udyam-HR-05-0178310
Reading: वित्तीय क्षेत्र में साइबर सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने दी सख्त चेतावनी
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NewsjagranNewsjagran
Font ResizerAa
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Search
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Follow US
© 2026 News Jagran. All Rights Reserved.
बिजनेस न्यूज़

वित्तीय क्षेत्र में साइबर सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने दी सख्त चेतावनी

Namam Sharma
Last updated: 2026/04/26 at 3:51 अपराह्न
Namam Sharma - Senior Editor – Newsjagran
Share
8 Min Read
financial-sector-cybersecurity-warning-nirmala-sitharaman-ai-cyberattacks-sebi-kyc-reforms-hindi
SHARE

भारत के वित्तीय बाजारों में डिजिटलाइजेशन की तेज़ रफ्तार के बीच साइबर सुरक्षा एक गंभीर चुनौती बनती जा रही है। इसी संदर्भ में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को वित्तीय क्षेत्र से जुड़े सभी संस्थानों को “अत्यधिक सतर्क” रहने की चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित तकनीकें अब साइबर हमलों को पहले से कहीं अधिक तेज, जटिल और खतरनाक बना रही हैं।

Contents
AI आधारित साइबर हमलों की नई चुनौती“हमले के उपकरण तेजी से बदल रहे हैं” – वित्त मंत्रीभारतीय बाजार पर बड़ा खतरा क्यों?SEBI को वैश्विक सहयोग बढ़ाने की सलाहएकीकृत KYC प्रणाली पर जोरफिनफ्लुएंसर और फर्जी निवेश सलाह पर सख्तीनिवेशक शिक्षा को बताया जरूरीम्यूनिसिपल बॉन्ड और कॉरपोरेट बॉन्ड पर फोकस“सिर्फ बड़ा नहीं, बेहतर बाजार चाहिए”विशेषज्ञों की राय: नई डिजिटल लड़ाई की शुरुआतनिष्कर्ष: डिजिटल सुरक्षा अब राष्ट्रीय प्राथमिकता

मुंबई में आयोजित पूंजी बाजार नियामक संस्था SEBI के 28वें स्थापना दिवस समारोह में बोलते हुए वित्त मंत्री ने यह साफ संकेत दिया कि भारत का वित्तीय ढांचा अब केवल पारंपरिक खतरों से नहीं, बल्कि अत्याधुनिक डिजिटल हमलों से भी जूझ रहा है।


AI आधारित साइबर हमलों की नई चुनौती

वित्त मंत्री ने अपने संबोधन में किसी विशेष प्लेटफॉर्म का नाम नहीं लिया, लेकिन उनका इशारा हाल ही में विकसित AI तकनीकों की ओर माना जा रहा है, जो साइबर अपराधियों के लिए नए रास्ते खोल रही हैं।

उन्होंने कहा कि आधुनिक AI टूल्स सिस्टम की कमजोरियों को स्वचालित रूप से पहचान सकते हैं और उन्हें तेजी से एक्सप्लॉइट कर सकते हैं। यह तकनीक न केवल डेटा चोरी को आसान बनाती है, बल्कि सिस्टम में घुसपैठ करने के लिए कोड स्तर पर भी बदलाव कर सकती है।

विशेषज्ञों के अनुसार, यह स्थिति पारंपरिक साइबर सुरक्षा मॉडल को कमजोर कर सकती है क्योंकि अब हमलावर और रक्षक दोनों ही AI तकनीकों का उपयोग कर रहे हैं।


“हमले के उपकरण तेजी से बदल रहे हैं” – वित्त मंत्री

सीतारमण ने स्पष्ट कहा कि आज साइबर हमले पहले से कहीं अधिक विकसित और गतिशील हो गए हैं। उन्होंने कहा:

“हमले के उपकरण बहुत तेज गति से बदल रहे हैं, और रक्षा तंत्र को उससे भी तेज गति से विकसित होना होगा।”

उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब दुनिया भर के वित्तीय संस्थान AI आधारित साइबर जोखिमों को लेकर अपनी रणनीति दोबारा तैयार कर रहे हैं।


भारतीय बाजार पर बड़ा खतरा क्यों?

वित्त मंत्री ने चेतावनी दी कि यदि किसी बड़े स्टॉक एक्सचेंज, डिपॉजिटरी या प्रमुख ब्रोकिंग प्लेटफॉर्म पर सफल साइबर हमला होता है, तो इसका असर पूरे देश की वित्तीय स्थिरता पर पड़ सकता है।

इससे:

  • बाजार की गतिविधियाँ बाधित हो सकती हैं
  • निवेशकों की संपत्ति प्रभावित हो सकती है
  • और जनता का भरोसा वित्तीय प्रणाली से कमजोर हो सकता है

भारत जैसे तेजी से डिजिटल हो रहे देश में यह जोखिम और भी गंभीर हो जाता है, क्योंकि यहां करोड़ों निवेशक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर निर्भर हैं।


SEBI को वैश्विक सहयोग बढ़ाने की सलाह

वित्त मंत्री ने SEBI को सुझाव दिया कि उसे दुनिया भर के नियामकों के साथ नियमित संवाद को संस्थागत रूप देना चाहिए।

उन्होंने कहा कि भारत के नियमों को केवल दूसरे देशों की नकल नहीं करना चाहिए, बल्कि उन्हें वैश्विक अनुभवों के आधार पर मजबूत और अनुकूल बनाना चाहिए।

उनके अनुसार, जब भारतीय नियामक वैश्विक स्तर पर अधिक समझे जाएंगे, तो विदेशी निवेशकों का भरोसा भी भारतीय बाजारों में बढ़ेगा।


एकीकृत KYC प्रणाली पर जोर

सीतारमण ने वित्तीय प्रणाली में “कॉमन KYC” (Know Your Customer) प्रणाली को लागू करने पर भी जोर दिया।

वर्तमान में अलग-अलग वित्तीय सेवाओं के लिए ग्राहकों को बार-बार KYC प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है, जिससे समय और संसाधन दोनों की बर्बादी होती है।

उन्होंने कहा कि:

“कोई भी नागरिक अलग-अलग वित्तीय उत्पादों के लिए बार-बार सत्यापन प्रक्रिया से नहीं गुजरना चाहिए।”

यह कदम भारत में डिजिटल वित्तीय सेवाओं को और अधिक सुगम और सुरक्षित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।


फिनफ्लुएंसर और फर्जी निवेश सलाह पर सख्ती

वित्त मंत्री ने SEBI द्वारा हाल ही में की गई कार्रवाई का समर्थन किया, जिसमें अनधिकृत वित्तीय सलाह देने वाले “फिनफ्लुएंसर्स” के खिलाफ कदम उठाए गए हैं।

उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर फर्जी निवेश सलाह और AI आधारित डीपफेक वीडियो तेजी से फैल रहे हैं, जो आम निवेशकों को गुमराह कर सकते हैं।

इन वीडियो और ऐप्स में कई बार सार्वजनिक हस्तियों की नकली आवाज़ और चेहरे का उपयोग करके झूठे निवेश दावे किए जाते हैं।


निवेशक शिक्षा को बताया जरूरी

सीतारमण ने SEBI से आग्रह किया कि वह निवेशक जागरूकता अभियानों में अधिक निवेश करे।

उन्होंने सुझाव दिया कि यह अभियान केवल अंग्रेजी में नहीं, बल्कि क्षेत्रीय भाषाओं में भी चलाए जाने चाहिए ताकि ग्रामीण और छोटे शहरों के निवेशक भी जागरूक हो सकें।

इसके अलावा उन्होंने यह भी कहा कि फर्जी सामग्री को तेजी से हटाने के लिए “रैपिड रिस्पॉन्स सिस्टम” विकसित किया जाना चाहिए।


म्यूनिसिपल बॉन्ड और कॉरपोरेट बॉन्ड पर फोकस

वित्त मंत्री ने भारत के बॉन्ड बाजार को मजबूत करने की जरूरत पर भी जोर दिया।

उन्होंने कहा कि शहरी विकास परियोजनाओं को केवल सरकारी बजट पर निर्भर नहीं रहना चाहिए, बल्कि म्यूनिसिपल बॉन्ड जैसे वित्तीय उपकरणों का अधिक उपयोग किया जाना चाहिए।

इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि कॉरपोरेट बॉन्ड बाजार को मजबूत करने के लिए क्रेडिट एन्हांसमेंट तंत्र विकसित किया जाना चाहिए, ताकि केवल उच्च रेटिंग वाली कंपनियाँ ही नहीं बल्कि मध्यम श्रेणी की कंपनियाँ भी पूंजी बाजार तक पहुंच बना सकें।


“सिर्फ बड़ा नहीं, बेहतर बाजार चाहिए”

अपने संबोधन में वित्त मंत्री ने एक महत्वपूर्ण संदेश दिया:

“हमें केवल बड़े बाजार नहीं, बल्कि बेहतर बाजार चाहिए।”

उन्होंने कहा कि यदि किसी बाजार में सिर्फ आकार बढ़ता है लेकिन पारदर्शिता और निवेशक सुरक्षा कमजोर रहती है, तो वह दीर्घकालिक रूप से टिकाऊ नहीं हो सकता।

उनके अनुसार:

  • आकार बिना गुणवत्ता के जोखिम पैदा करता है
  • मात्रा बिना सुरक्षा के शोषण बन सकती है
  • और विकास बिना शासन के अस्थिर हो जाता है

विशेषज्ञों की राय: नई डिजिटल लड़ाई की शुरुआत

वित्तीय और साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह चेतावनी एक बड़े बदलाव का संकेत है।

भारत का वित्तीय ढांचा तेजी से डिजिटल हो रहा है, लेकिन उसी गति से साइबर खतरों की जटिलता भी बढ़ रही है।

AI आधारित साइबर हमले भविष्य में बैंकिंग, स्टॉक मार्केट और डिजिटल पेमेंट सिस्टम के लिए सबसे बड़ा खतरा बन सकते हैं।


निष्कर्ष: डिजिटल सुरक्षा अब राष्ट्रीय प्राथमिकता

वित्त मंत्री का यह बयान स्पष्ट करता है कि आने वाले समय में साइबर सुरक्षा केवल तकनीकी मुद्दा नहीं, बल्कि एक राष्ट्रीय आर्थिक सुरक्षा का विषय बन जाएगा।

भारत जैसे डिजिटल अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ते देश में वित्तीय स्थिरता और निवेशक विश्वास बनाए रखने के लिए मजबूत साइबर सुरक्षा ढांचा बेहद जरूरी है।

SEBI और अन्य वित्तीय संस्थानों के लिए अब चुनौती केवल बाजार को बढ़ाना नहीं, बल्कि उसे सुरक्षित, पारदर्शी और विश्वसनीय बनाना भी है।

Also Read:

  • क्या ट्रंप पर ईरान ने कराई हत्या की साजिश? व्हाइट हाउस हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति ने बताया पूरा सच
  • भारतीय प्रमुख बंदरगाहों ने FY26 में रिकॉर्ड 915.17 मिलियन टन कार्गो हैंडल किया, समुद्री अर्थव्यवस्था में मजबूत ग्रोथ: सर्बानंद सोनोवाल

You Might Also Like

What is Hindu Rate of Growth: हिंदू ग्रोथ रेट क्या है जिसका जिक्र कर पीएम मोदी ने पिछली कांग्रेस सरकार को लताड़ा

Vande Bharat Anantnag Stoppage: अब अनंतनाग में भी रुकेगी वंदे भारत एक्सप्रेस, रेलवे का बड़ा ऐलान, ऐसे होगा फायदा

Textile Sector: PLI योजना के तीसरे दौर में 22 नई कंपनियों को मंजूरी, ₹2339 करोड़ निवेश से टेक्सटाइल उद्योग को मिलेगा बड़ा सहारा

Nepal Indian Mango Import: भारतीय आमों के आयात पर कोई रोक नहीं, नेपाल ने किया साफ; 2005 टन निर्यात जारी

IndianOil, BPCL या HPCL? कैशबैक, लाउंज एक्सेस और फ्री मूवी टिकट वाले 7 बेस्ट फ्यूल क्रेडिट कार्ड्स, जानिए किसमें है सबसे ज्यादा फायदा

TAGGED: Artificial Intelligence, Banking Security, capital markets, Cybersecurity, Digital Fraud, Financial Sector, India Economy, investor protection, KYC Reform, nirmala sitharaman, SEBI
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
By Namam Sharma Senior Editor – Newsjagran
Follow:
नमम शर्मा, Newsjagran के सीनियर एडिटर हैं। बिज़नेस न्यूज़, कमोडिटी बाज़ार, सोना-चांदी भाव, पेट्रोल-डीजल रेट और फाइनेंस में 9 साल का अनुभव। हिंदी डिजिटल पत्रकारिता के जानकार।
Previous Article aai-engineers-body-opposes-atc-privatisation-air-traffic-control-services-india-hindi AAI इंजीनियर्स संगठन ने ATC सेवाओं के निजीकरण पर उठाए गंभीर सवाल, कहा– यह भारत की एयरस्पेस सुरक्षा के लिए जोखिम हो सकता है
Next Article kedarnath-dham-yatra-2026-124000-pilgrims-four-days-hindi केदारनाथ धाम में चार दिनों में 1.24 लाख से अधिक श्रद्धालुओं की भीड़, 2026 यात्रा ने पकड़ी तेज रफ्तार

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today

Recent Posts

  • What is Hindu Rate of Growth: हिंदू ग्रोथ रेट क्या है जिसका जिक्र कर पीएम मोदी ने पिछली कांग्रेस सरकार को लताड़ा
  • Vande Bharat Anantnag Stoppage: अब अनंतनाग में भी रुकेगी वंदे भारत एक्सप्रेस, रेलवे का बड़ा ऐलान, ऐसे होगा फायदा
  • Textile Sector: PLI योजना के तीसरे दौर में 22 नई कंपनियों को मंजूरी, ₹2339 करोड़ निवेश से टेक्सटाइल उद्योग को मिलेगा बड़ा सहारा
  • Nepal Indian Mango Import: भारतीय आमों के आयात पर कोई रोक नहीं, नेपाल ने किया साफ; 2005 टन निर्यात जारी
  • IndianOil, BPCL या HPCL? कैशबैक, लाउंज एक्सेस और फ्री मूवी टिकट वाले 7 बेस्ट फ्यूल क्रेडिट कार्ड्स, जानिए किसमें है सबसे ज्यादा फायदा

महत्वपूर्ण पृष्ठ

  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार

त्वरित लिंक्स

  • 8 वेतन आयोग
  • सरकारी योजनाएं
  • बिजनेस न्यूज़
  • Advertise With Us
  • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
  • Terms of Service

Discover News Jagran

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer & Affiliate Disclosure
  • Editorial Policy
  • Author Bio & Team
  • Career

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today
NewsjagranNewsjagran
© 2026 News Jagran Digital Media | Google News Approved | MSME: Udyam-HR-05-0178310
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Manage Consent
To provide the best experiences, we use technologies like cookies to store and/or access device information. Consenting to these technologies will allow us to process data such as browsing behaviour or unique IDs on this site. Not consenting or withdrawing consent, may adversely affect certain features and functions.
Functional Always active
The technical storage or access is strictly necessary for the legitimate purpose of enabling the use of a specific service explicitly requested by the subscriber or user, or for the sole purpose of carrying out the transmission of a communication over an electronic communications network.
Preferences
The technical storage or access is necessary for the legitimate purpose of storing preferences that are not requested by the subscriber or user.
Statistics
The technical storage or access that is used exclusively for statistical purposes. The technical storage or access that is used exclusively for anonymous statistical purposes. Without a subpoena, voluntary compliance on the part of your Internet Service Provider, or additional records from a third party, information stored or retrieved for this purpose alone cannot usually be used to identify you.
Marketing
The technical storage or access is required to create user profiles to send advertising, or to track the user on a website or across several websites for similar marketing purposes.
  • Manage options
  • Manage services
  • Manage {vendor_count} vendors
  • Read more about these purposes
View preferences
  • {title}
  • {title}
  • {title}
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?