OpenAI ने ChatGPT में एक बड़ा नया फीचर लॉन्च किया है, जो आने वाले समय में डिजिटल बैंकिंग और पर्सनल फाइनेंस की दुनिया बदल सकता है। अब ChatGPT आपके बैंक अकाउंट, क्रेडिट कार्ड और निवेश खातों से जुड़कर आपकी कमाई, खर्च, निवेश और सब्सक्रिप्शन को समझने में मदद करेगा। फिलहाल यह फीचर केवल अमेरिका में उपलब्ध है और इसे सबसे पहले ChatGPT Pro यूजर्स के लिए जारी किया गया है, जो हर महीने 200 डॉलर का सब्सक्रिप्शन लेते हैं। कंपनी का कहना है कि आने वाले समय में यह फीचर Plus यूजर्स और बाद में बाकी सभी यूजर्स तक भी पहुंचाया जाएगा।
AI अब सिर्फ सवालों के जवाब देने वाला टूल नहीं रह गया है। OpenAI इसे धीरे-धीरे एक “पर्सनल डिजिटल असिस्टेंट” बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। नया फाइनेंस फीचर उसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
आखिर यह नया फीचर काम कैसे करेगा?

जैसे ही कोई यूजर अपना बैंक या निवेश खाता ChatGPT से कनेक्ट करेगा, AI उसके खर्च और पैसों से जुड़ी गतिविधियों का एक डैशबोर्ड तैयार करेगा। इसमें यह दिखेगा कि पैसा कहां खर्च हो रहा है, कौन-कौन सी सब्सक्रिप्शन एक्टिव हैं, कौन से बिल आने वाले हैं और निवेश की स्थिति कैसी है।
OpenAI ने इसके लिए वित्तीय डेटा नेटवर्क कंपनी Plaid के साथ इंटीग्रेशन किया है। Plaid अमेरिका के हजारों बैंकों और फाइनेंशियल संस्थानों को जोड़ने वाला बड़ा प्लेटफॉर्म है। इसके जरिए ChatGPT 12,000 से ज्यादा संस्थानों से जुड़ सकता है। इनमें JPMorgan Chase, Fidelity, Robinhood, American Express, Capital One और Charles Schwab जैसी बड़ी कंपनियां शामिल हैं।
यूजर्स ChatGPT से क्या-क्या पूछ सकेंगे?
इस फीचर के बाद ChatGPT सिर्फ खर्च की लिस्ट नहीं दिखाएगा, बल्कि पैसों को लेकर विश्लेषण भी करेगा। उदाहरण के लिए यूजर पूछ सकता है:
- क्या इस महीने मेरा खर्च सामान्य से ज्यादा है?
- क्या मैं अगले पांच साल में घर खरीद सकता हूं?
- कौन सी सब्सक्रिप्शन का पैसा अभी भी कट रहा है?
- मेरे निवेश का प्रदर्शन कैसा है?
- किन जगहों पर खर्च कम किया जा सकता है?
OpenAI के मुताबिक यह सिस्टम GPT-5.5 Thinking मॉडल पर काम करेगा, जिसे खासतौर पर जटिल तर्क और विश्लेषण के लिए डिजाइन किया गया है। वहीं Pro यूजर्स को GPT-5.5 Pro मॉडल मिलेगा, जो बड़े और कठिन फाइनेंशियल सवालों को बेहतर तरीके से समझ पाएगा।
सिर्फ खर्च नहीं, पूरी वित्तीय तस्वीर समझेगा AI
अब तक ज्यादातर फाइनेंस ऐप्स केवल ट्रांजैक्शन हिस्ट्री दिखाते थे। लेकिन ChatGPT का लक्ष्य “conversation-based finance management” बनाना है। यानी यूजर सीधे सामान्य भाषा में सवाल पूछ सकेगा और AI जवाब देगा।
मान लीजिए कोई यूजर पूछता है:
“अगर मैं हर महीने 20 हजार रुपये बचाऊं तो 10 साल में कितनी संपत्ति बना सकता हूं?”
या
“मेरे क्रेडिट कार्ड खर्च को देखकर बताओ कि कहां फिजूल खर्च ज्यादा हो रहा है।”
ऐसे सवालों का जवाब AI डेटा के आधार पर देगा। यही चीज इसे पारंपरिक बैंकिंग ऐप्स से अलग बनाती है।
क्या ChatGPT आपके पैसे तक पहुंच पाएगा?
यह सवाल सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है। OpenAI के मुताबिक ChatGPT केवल वित्तीय डेटा पढ़ सकेगा। यह आपके बैंक खाते से पैसा ट्रांसफर नहीं कर पाएगा और न ही पूरा अकाउंट नंबर देख सकेगा।
कंपनी का कहना है कि AI केवल इन चीजों तक पहुंच रखेगा:
- बैलेंस
- ट्रांजैक्शन हिस्ट्री
- निवेश जानकारी
- देनदारियां
- क्रेडिट कार्ड खर्च
लेकिन यह इन चीजों तक पहुंच नहीं पाएगा पूरा बैंक अकाउंट नंबर, पैसा ट्रांसफर करना, भुगतान करना, बैंकिंग OTP
अगर यूजर अकाउंट हटाना चाहे तो क्या होगा?
OpenAI ने दावा किया है कि यूजर कभी भी अपना बैंक अकाउंट डिस्कनेक्ट कर सकता है। ऐसा करने के बाद सिंक किया गया डेटा 30 दिनों के भीतर डिलीट कर दिया जाएगा।
इसके अलावा एक नया विकल्प “Financial Memories” भी दिया गया है। इसमें ChatGPT आपकी वित्तीय आदतों या जानकारी को याद रख सकता है, जैसे होम लोन, निवेश लक्ष्य, कर्ज, बचत योजनाएं अगर यूजर चाहे तो इन “financial memories” को भी डिलीट कर सकता है।
Temporary Chats में डेटा इस्तेमाल नहीं होगा
कंपनी ने स्पष्ट किया है कि Temporary Chat मोड में की गई बातचीत आपके बैंक डेटा से नहीं जुड़ेगी। यानी अगर कोई यूजर ज्यादा निजी बातचीत करना चाहता है तो वह temporary mode का इस्तेमाल कर सकता है।
यह फीचर प्राइवेसी चिंताओं को कम करने की कोशिश माना जा रहा है, क्योंकि AI और बैंकिंग डेटा का संयोजन लोगों के लिए संवेदनशील विषय है।
OpenAI ने हाल ही में खरीदी थी फाइनेंस स्टार्टअप कंपनी
दिलचस्प बात यह है कि यह फीचर OpenAI द्वारा पर्सनल फाइनेंस स्टार्टअप “Hiro” को खरीदने के कुछ ही समय बाद आया है। रिपोर्ट्स के अनुसार Hiro की टीम ने इस नए फीचर के निर्माण में अहम भूमिका निभाई है।
हालांकि OpenAI ने इस डील की रकम सार्वजनिक नहीं की है।
आगे क्या आने वाला है?
OpenAI ने संकेत दिए हैं कि जल्द ही Intuit सपोर्ट भी जोड़ा जाएगा। Intuit वही कंपनी है जो TurboTax और Credit Karma जैसे लोकप्रिय फाइनेंस प्लेटफॉर्म चलाती है।
इसके बाद ChatGPT यूजर्स को ये सुविधाएं भी मिल सकती हैं स्टॉक बेचने पर टैक्स अनुमान, क्रेडिट कार्ड अप्रूवल की संभावना, टैक्स प्लानिंग, बेहतर निवेश सलाह, खर्च का AI आधारित विश्लेषण
भारत में कब आएगा यह फीचर?
फिलहाल यह फीचर केवल अमेरिका के Pro यूजर्स के लिए उपलब्ध है। भारत में इसे कब लॉन्च किया जाएगा, इस पर OpenAI ने आधिकारिक तारीख नहीं दी है। लेकिन टेक इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स का मानना है कि यदि यह फीचर सफल रहता है तो अगले कुछ महीनों में इसे दूसरे देशों में भी जारी किया जा सकता है।
भारत जैसे तेजी से डिजिटल भुगतान अपनाने वाले बाजार में यह फीचर काफी लोकप्रिय हो सकता है। हालांकि यहां डेटा प्राइवेसी और बैंकिंग नियमों के कारण OpenAI को अतिरिक्त मंजूरी की जरूरत पड़ सकती है।
AI बैंकिंग का नया दौर शुरू?
यह फीचर दिखाता है कि आने वाले समय में AI केवल चैटबॉट नहीं रहेगा, बल्कि लोगों की रोजमर्रा की आर्थिक जिंदगी का हिस्सा बन सकता है। जहां एक तरफ यह खर्च समझने और निवेश योजना बनाने में मदद करेगा, वहीं दूसरी तरफ डेटा सुरक्षा और प्राइवेसी को लेकर नए सवाल भी खड़े करेगा।
अगर OpenAI इस फीचर को सुरक्षित और भरोसेमंद तरीके से लागू कर पाता है, तो यह भविष्य की AI आधारित बैंकिंग का बड़ा कदम साबित हो सकता है।
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