Borosil Renewables Share Price: सोलर ग्लास बनाने वाली बोरोसिल रिन्यूएबल्स के शेयरों में गुरुवार को जबरदस्त तेजी देखने को मिली। कंपनी के शेयर इंट्राडे में करीब 11% तक उछलकर 659.25 रुपये के स्तर पर पहुंच गए। इस तेजी की वजह प्रमोटर्स द्वारा संभावित हिस्सेदारी बिक्री और रणनीतिक निवेशक के साथ चल रही शुरुआती बातचीत की खबर मानी जा रही है।
Highlights
- रणनीतिक निवेश की चर्चा से शेयर में 11% तक उछाल
- प्रमोटर्स बेच सकते हैं आंशिक या पूरी हिस्सेदारी
- एक महीने में शेयर ने दिया 25% का रिटर्न
- मार्केट कैप 9,200 करोड़ रुपये के पार पहुंचा
- मार्च 2026 तक प्रमोटर्स की हिस्सेदारी 58.77% रही
- पुणे R&D सेंटर को DSIR से मिली मान्यता
रणनीतिक निवेशक से बातचीत, हिस्सेदारी बिक्री की संभावना
CNBC-TV18 की रिपोर्ट के मुताबिक, Borosil Renewables रणनीतिक निवेश के लिए संभावित निवेशकों से बातचीत कर रही है। फिलहाल यह बातचीत शुरुआती चरण में है। सूत्रों के अनुसार यदि यह प्रक्रिया आगे बढ़ती है तो कंपनी के प्रमोटर्स अपनी कुछ हिस्सेदारी या पूरी हिस्सेदारी बेचने पर विचार कर सकते हैं।
हालांकि, अभी किसी भी डील को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और यह भी संभव है कि बातचीत अंतिम समझौते तक न पहुंचे। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि यदि कोई सौदा होता है तो कंपनी का संभावित वैल्यूएशन मौजूदा बाजार मूल्यांकन से कम हो सकता है।
शेयर में शानदार तेजी, मार्केट कैप 9,200 करोड़ रुपये के पार
रणनीतिक निवेश की खबर के बाद कंपनी के शेयरों में जोरदार खरीदारी देखने को मिली। बीएसई पर शेयर 659.25 रुपये के उच्च स्तर तक पहुंच गया।
तेजी के बाद कंपनी का मार्केट कैप 9,200 करोड़ रुपये से अधिक हो गया। कंपनी के शेयर की फेस वैल्यू 1 रुपये है और यह BSE 1000 Index का हिस्सा है।
शेयर का प्रदर्शन
- पिछले 1 महीने में लगभग 25% की तेजी
- पिछले 3 महीनों में करीब 46% का रिटर्न
- 52 सप्ताह का उच्च स्तर: 720.85 रुपये
- 52 सप्ताह का निचला स्तर: 374.70 रुपये
मार्च 2026 के अंत तक कंपनी में प्रमोटर्स की हिस्सेदारी 58.77% थी।
पुणे R&D यूनिट को मिली DSIR की मान्यता
जून 2026 में कंपनी ने बताया था कि हिंजेवाड़ी (पुणे) स्थित उसकी इन-हाउस रिसर्च एंड डेवलपमेंट (R&D) यूनिट को डिपार्टमेंट ऑफ साइंटिफिक एंड इंडस्ट्रियल रिसर्च (DSIR) से आधिकारिक मान्यता मिल गई है।
यह मान्यता 31 मार्च 2029 तक वैध रहेगी। इसके तहत कंपनी को R&D गतिविधियों में उपयोग होने वाले उपकरण, मशीनरी, स्पेयर पार्ट्स और कंज्यूमेबल्स के आयात या खरीद पर कस्टम ड्यूटी में छूट का लाभ मिलेगा। इससे कंपनी की रिसर्च क्षमता और लागत दक्षता दोनों में सुधार होने की उम्मीद है।
वित्तीय प्रदर्शन कैसा रहा?
जनवरी-मार्च 2026 तिमाही में कंपनी का प्रदर्शन मजबूत रहा।
- स्टैंडअलोन रेवेन्यू: 437.62 करोड़ रुपये
- स्टैंडअलोन शुद्ध मुनाफा: 169 करोड़ रुपये
वहीं पूरे वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी ने:
- कुल स्टैंडअलोन रेवेन्यू: 1,534.83 करोड़ रुपये
- शुद्ध मुनाफा: 20.74 करोड़ रुपये
दर्ज किया।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
यदि कंपनी रणनीतिक निवेशक लाने में सफल रहती है तो इससे भविष्य में पूंजी, तकनीक और विस्तार योजनाओं को मजबूती मिल सकती है। हालांकि, प्रमोटर हिस्सेदारी बिक्री और संभावित डील को लेकर अभी केवल शुरुआती स्तर की चर्चा चल रही है। इसलिए निवेशकों को किसी भी निवेश निर्णय से पहले कंपनी की आधिकारिक घोषणाओं और आगे आने वाले अपडेट पर नजर बनाए रखनी चाहिए।
Disclaimer: यह लेख केवल सूचना के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या प्रमाणित निवेश विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें।


