ONGC New Chairman: सरकारी तेल एवं गैस कंपनी ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉरपोरेशन (ONGC) के अगले चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर (CMD) के चयन की प्रक्रिया तेज हो गई है। इस शीर्ष पद के लिए आधा दर्जन से अधिक वरिष्ठ अधिकारियों ने आवेदन किया है। उम्मीदवारों की सूची में ऑयल इंडिया लिमिटेड (OIL) के CMD रंजीत रथ का नाम भी शामिल है। वह लगातार दूसरे साल ONGC की शीर्ष जिम्मेदारी हासिल करने की दौड़ में हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ONGC के मौजूदा CMD अरुण कुमार सिंह का कार्यकाल 6 दिसंबर 2026 को समाप्त होने वाला है। ऐसे में 7 दिसंबर 2026 से यह पद खाली हो जाएगा। सरकार ने इस बार पद के लिए पात्रता नियमों में भी बदलाव किया है, जिससे वरिष्ठ अधिकारियों के लिए आवेदन का दायरा बढ़ा है।
रंजीत रथ फिर दौड़ में शामिल
54 वर्षीय रंजीत रथ अगस्त 2022 से ऑयल इंडिया लिमिटेड के CMD के रूप में कंपनी का नेतृत्व कर रहे हैं। इससे पहले भी वह ONGC CMD के पद के लिए चयन प्रक्रिया में शामिल हुए थे। हालांकि, पिछले साल सरकार ने मौजूदा ONGC प्रमुख अरुण कुमार सिंह का कार्यकाल एक साल बढ़ाने का फैसला किया था।
अब सिंह का विस्तारित कार्यकाल दिसंबर 2026 में समाप्त होने जा रहा है। इसलिए ONGC के नए प्रमुख की नियुक्ति के लिए दोबारा प्रक्रिया शुरू की गई है और रथ ने भी इस बार अपना दावा पेश किया है।
रंजीत रथ का अनुभव भारत के तेल एवं गैस क्षेत्र में महत्वपूर्ण माना जाता है। ऑयल इंडिया देश की प्रमुख सरकारी तेल एवं गैस कंपनियों में शामिल है और ऐसे में OIL के मौजूदा CMD का ONGC की शीर्ष कुर्सी के लिए आवेदन करना इस चयन प्रक्रिया को खास बनाता है।
ONGC CMD पद के लिए कौन-कौन मैदान में?
इस पद के लिए केवल रंजीत रथ ही नहीं, बल्कि ONGC और उसकी सहयोगी कंपनियों के कई वरिष्ठ अधिकारियों ने आवेदन किया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार प्रमुख नाम इस प्रकार हैं:
- रंजीत रथ — CMD, Oil India Limited
- राजर्षि गुप्ता — Managing Director, ONGC Videsh Limited (OVL)
- विक्रम सक्सेना — Director, Technology & Field Services, ONGC
- सत्यम कुमार — Director, Strategy & Corporate Affairs, ONGC
- दुलाल हलदर — Director, Operations, ONGC Videsh Limited
- देवेंद्र कुमार — Director (Finance), MRPL
- एस.पी. श्रीवास्तव — Director (Marketing), Indian Oil Corporation (IOC)
इस तरह मुकाबले में ONGC समूह के अनुभवी अधिकारियों के साथ-साथ देश की अन्य प्रमुख सरकारी तेल कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हैं।
राजर्षि गुप्ता के लिए बदली पात्रता
ONGC Videsh Limited के MD राजर्षि गुप्ता भी इस दौड़ में महत्वपूर्ण उम्मीदवार हैं। सरकार द्वारा अधिकतम आयु सीमा बढ़ाकर 59 वर्ष किए जाने के बाद वह इस पद के लिए पात्र हो गए हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, गुप्ता जुलाई 2027 में रिटायर होने वाले हैं और आवेदन करने वाले आंतरिक उम्मीदवारों में सबसे वरिष्ठ हैं। नई उम्र सीमा उनके लिए इस चयन प्रक्रिया में बने रहने का महत्वपूर्ण आधार है।
सरकार ने बदले ONGC CMD पद के नियम
ONGC के अगले CMD के चयन के लिए सरकार ने पात्रता नियमों में कुछ अहम बदलाव किए हैं। सबसे बड़ा बदलाव अधिकतम उम्र सीमा से जुड़ा है।
पहले की तुलना में अब उम्मीदवार की अधिकतम उम्र 59 वर्ष निर्धारित की गई है। उम्र की गणना पद खाली होने की तारीख यानी 7 दिसंबर 2026 के आधार पर की जाएगी।
इसके अलावा चुने गए उम्मीदवार को शुरुआत में 3 साल का फिक्स्ड कार्यकाल दिया जाएगा। प्रदर्शन की समीक्षा के बाद इस कार्यकाल को अधिकतम 2 साल तक और बढ़ाया जा सकता है।
हालांकि, 60 वर्ष की उम्र पूरी करने के बाद किसी भी तरह की सेवा या कार्यकाल का विस्तार कॉन्ट्रैक्ट के आधार पर किया जाएगा।
इस बार PESB के बजाय अलग चयन प्रक्रिया
ONGC के नए CMD के चयन में एक और बड़ा बदलाव किया गया है। सामान्य तौर पर सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों के शीर्ष पदों के लिए Public Enterprises Selection Board (PESB) की प्रक्रिया महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। लेकिन इस बार ONGC CMD पद के लिए उम्मीदवार का चयन पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की ओर से गठित Search-cum-Selection Committee करेगी।
यानी उम्मीदवारों के अनुभव, योग्यता और नेतृत्व क्षमता का आकलन इसी विशेष समिति के जरिए किया जाएगा।
7 दिसंबर से खाली होगी ONGC की कमान
ONGC भारत की सबसे बड़ी तेल एवं गैस उत्पादक कंपनियों में से एक है और देश की ऊर्जा सुरक्षा में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है। इसलिए कंपनी के CMD की नियुक्ति को सिर्फ एक प्रशासनिक बदलाव के तौर पर नहीं देखा जा रहा है।
मौजूदा CMD अरुण कुमार सिंह का कार्यकाल 6 दिसंबर 2026 को समाप्त होगा। इसके अगले दिन यानी 7 दिसंबर 2026 से नए CMD को जिम्मेदारी संभालनी होगी।
चूंकि इस पद के लिए कई अनुभवी अधिकारियों ने आवेदन किया है, इसलिए अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि सरकार द्वारा गठित Search-cum-Selection Committee किस उम्मीदवार के नाम की सिफारिश करती है।
रंजीत रथ के सामने कड़ी चुनौती
रंजीत रथ के पास सरकारी तेल क्षेत्र में नेतृत्व का अनुभव है और वह लगातार दूसरी बार ONGC CMD की दौड़ में शामिल हुए हैं। लेकिन इस बार मुकाबला आसान नहीं है। ONGC समूह के भीतर से कई वरिष्ठ निदेशक और OVL के शीर्ष अधिकारी भी आवेदन कर चुके हैं।
इसके अलावा MRPL और IOC जैसे बड़े सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के वरिष्ठ अधिकारी भी इस दौड़ में हैं। ऐसे में अंतिम चयन में उम्मीदवार का अनुभव, कंपनी संचालन की समझ, नेतृत्व क्षमता और तेल एवं गैस क्षेत्र में रणनीतिक दृष्टिकोण महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
फिलहाल चयन प्रक्रिया आगे बढ़ रही है और अंतिम फैसला Search-cum-Selection Committee की सिफारिश तथा सरकार की मंजूरी के बाद होगा। नए CMD के सामने ONGC के उत्पादन, घरेलू ऊर्जा सुरक्षा, अंतरराष्ट्रीय तेल एवं गैस परिसंपत्तियों और कंपनी की भविष्य की रणनीति को आगे बढ़ाने की बड़ी जिम्मेदारी होगी।


