Asian Stock Market Today: 6 अगस्त को एशियाई शेयर बाजारों में तेज गिरावट देखने को मिली। वॉल स्ट्रीट में टेक्नोलॉजी शेयरों की हालिया तेजी थमने और निवेशकों के सतर्क रुख का असर एशियाई बाजारों पर साफ दिखाई दिया। सबसे ज्यादा दबाव दक्षिण कोरिया के कोस्पी (Kospi) पर रहा, जो 4.69% टूट गया। वहीं जापान का निक्केई (Nikkei 225) भी करीब 2% फिसल गया। दूसरी ओर, कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और सोने की कीमतों में लगातार चौथे दिन तेजी दर्ज की गई।
एशियाई शेयर बाजारों में क्यों आई बड़ी गिरावट?
गुरुवार, 6 अगस्त को एशियाई बाजारों में व्यापक बिकवाली देखने को मिली। दक्षिण कोरिया का कोस्पी इंडेक्स 4.69% गिर गया, जबकि जापान का निक्केई 225 करीब 1.88% नीचे आ गया। जापान का टॉपिक्स (Topix) भी 0.22% कमजोर रहा।
इसके अलावा,
- MSCI Asia Pacific Index 0.2% फिसला।
- हैंग सेंग फ्यूचर्स 0.9% नीचे रहे।
इन आंकड़ों से साफ है कि निवेशकों ने पूरे एशिया में जोखिम वाले निवेश से दूरी बनाई और सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख किया।
वॉल स्ट्रीट में मिला-जुला कारोबार
अमेरिकी शेयर बाजार में बुधवार को मिश्रित कारोबार देखने को मिला। डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज रिकॉर्ड ऊंचाई पर बंद हुआ, लेकिन टेक्नोलॉजी शेयरों में मुनाफावसूली के कारण S&P 500 और नैस्डैक दबाव में रहे।
प्रमुख अमेरिकी इंडेक्स
- Dow Jones Futures: 92 अंक (0.2%) की बढ़त
- S&P 500 Futures: 0.2% ऊपर
- Nasdaq 100 Futures: लगभग स्थिर
पिछले कारोबारी सत्र में:
- Dow Jones 263.24 अंक (0.49%) चढ़कर रिकॉर्ड क्लोजिंग स्तर पर पहुंचा।
- S&P 500 0.17% गिरा।
- Nasdaq Composite 0.83% फिसला।
टेक शेयरों पर दबाव
हालांकि कई कंपनियों ने मजबूत तिमाही नतीजे पेश किए, लेकिन निवेशकों ने मुनाफावसूली को प्राथमिकता दी।
- SpaceX के शेयर लगभग 14% गिर गए।
- Sandisk के शेयर आफ्टर-आवर्स ट्रेडिंग में 7.5% टूटे।
- Western Digital के शेयर 11% तक लुढ़क गए।
विश्लेषकों का मानना है कि चिप और टेक्नोलॉजी सेक्टर में कमजोरी ने एशियाई बाजारों की धारणा पर भी नकारात्मक असर डाला।
कच्चे तेल की कीमतों में आई नरमी
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई। निवेशकों की नजर ईरान और ओमान के बीच चल रही बातचीत पर है, जिससे अमेरिका-ईरान तनाव कम होने और होर्मुज जलडमरूमध्य के दोबारा खुलने की उम्मीद बढ़ी है।
क्रूड ऑयल का ताजा भाव
| क्रूड ऑयल | कीमत |
|---|---|
| ब्रेंट क्रूड | 79.08 डॉलर प्रति बैरल (-0.5%) |
| WTI क्रूड | 74.69 डॉलर प्रति बैरल (-0.7%) |
यदि होर्मुज जलडमरूमध्य सामान्य रूप से खुल जाता है, तो वैश्विक तेल आपूर्ति में सुधार होने की संभावना है, जिससे कीमतों पर दबाव बना रह सकता है।
अमेरिका-ईरान तनाव पर बाजार की नजर
रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान और ओमान के बीच एक प्रस्तावित समझौते पर बातचीत चल रही है। इसका उद्देश्य अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करना है।
हालांकि अमेरिकी प्रशासन की ओर से इस प्रस्ताव पर आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर जल्द कोई समझौता संभव हो सकता है।
दूसरी ओर, ईरान ने खाड़ी देशों को चेतावनी दी है कि यदि अमेरिका की ओर से नया सैन्य हमला हुआ तो वह क्षेत्र के महत्वपूर्ण ऊर्जा ढांचे को निशाना बना सकता है। ऐसे भू-राजनीतिक घटनाक्रम निवेशकों की चिंता बढ़ा रहे हैं।
सोने की कीमत सात सप्ताह के उच्च स्तर पर
बाजार में अनिश्चितता बढ़ने के बीच निवेशकों ने सुरक्षित निवेश विकल्प के रूप में सोने की खरीदारी जारी रखी।
Gold Price Today
- स्पॉट गोल्ड: 4,285.69 डॉलर प्रति औंस
- लगातार चौथे कारोबारी सत्र में तेजी।
- यह 18 जून के बाद का सबसे ऊंचा स्तर है।
कमजोर अमेरिकी डॉलर और ट्रेजरी यील्ड में गिरावट ने सोने की कीमतों को अतिरिक्त समर्थन दिया।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
एशियाई बाजारों में आई यह गिरावट बताती है कि वैश्विक निवेशक फिलहाल सतर्क रुख अपना रहे हैं। टेक्नोलॉजी सेक्टर में कमजोरी, अमेरिका-ईरान से जुड़े भू-राजनीतिक घटनाक्रम और कॉर्पोरेट अर्निंग्स के बीच बाजार की दिशा तय होगी। वहीं, तेल और सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव आने वाले दिनों में वैश्विक बाजारों की चाल को प्रभावित कर सकता है।
डिस्क्लेमर: शेयर बाजार और कमोडिटी बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। निवेश करने से पहले किसी प्रमाणित वित्तीय सलाहकार की सलाह अवश्य लें।


