NewsjagranNewsjagranNewsjagran
  • बिजनेस न्यूज़
    बिजनेस न्यूज़Show More
    pm-kisan-yojana-24th-kist-ekyc-mandatory-mobile-se-kaise-kare
    PM Kisan Yojana की 24वीं किस्त के लिए eKYC जरूरी, मोबाइल से ऐसे करें पूरा
    19 अगस्त 2026
    10-lakh-investment-80000-monthly-profit-low-competition-business
    ₹10 लाख लगाकर हर महीने ₹80,000 तक कमाई? कम प्रतिस्पर्धा वाले 2 बिजनेस, जानें निवेश और मुनाफे का गणित
    19 अगस्त 2026
    rbi-global-uncertainty-crude-oil-price-inflation-interest-rate-warning
    RBI की चेतावनी: वैश्विक अनिश्चितता और कच्चे तेल की कीमतें अर्थव्यवस्था के लिए खतरा
    19 अगस्त 2026
    ambani-adani-anil-agarwal-net-worth-comparison
    अंबानी, अदाणी या अनिल अग्रवाल, किसके पास कितनी दौलत? एल्युमीनियम किंग की नेट वर्थ इनसे 19 गुना कम
    19 अगस्त 2026
    global-fuel-crisis-india-america-refineries-profit
    Global Fuel Crisis: युद्ध के बीच भारत-अमेरिका की रिफाइनरियों की बल्ले-बल्ले, बढ़ते निर्यात से बढ़ी कमाई
    19 अगस्त 2026
  • कमोडिटी
    कमोडिटीShow More
    gold-price-today-19-august-2026-10-cities-gold-rate
    Gold Price Today: महंगा होता जा रहा गोल्ड, लगातार तीसरे दिन बढ़ी चमक, चेक करें 10 शहरों में 24 से 18 कैरट का भाव
    19 अगस्त 2026
    gold-silver-price-india-mcx-gold-silver-rate-fall
    Gold Price Today: लगातार दूसरे दिन चमका गोल्ड, दिल्ली से पटना तक 10 शहरों में सबसे सस्ता बिक रहा यहां
    18 अगस्त 2026
    gold-silver-price-fed-interest-rate-expectations-dollar-weakness
    Gold Silver Price: सोने-चांदी में तेजी कायम, जानिए ग्लोबल संकेत क्यों हैं अहम?
    17 अगस्त 2026
    gold-price-today-gold-silver-price-dollar-fed-rate-update
    Gold Price Today: सोना एक हफ्ते में ₹3490 तक महंगा, वैश्विक कीमत 0.9% बढ़ी
    16 अगस्त 2026
    purani-jewellery-bechne-par-tax-50000-profit-tax-calculation
    स्वतंत्रता दिवस पर सोना हुआ सस्ता, 24 और 22 कैरेट गोल्ड के भाव में गिरावट; चांदी भी फिसली
    15 अगस्त 2026
  • शेयर बाज़ार
    शेयर बाज़ारShow More
    moderna-share-price-cancer-therapy-trial-137-percent-jump
    Moderna Share Price: कैंसर थेरेपी के ट्रायल में बड़ी कामयाबी, एक दिन में 137% चढ़ा शेयर
    19 अगस्त 2026
    stocks-to-watch-20-august-hyundai-oil-india-heg-aditya-infotech
    Stocks to Watch: हुंडई से ऑयल इंडिया तक, 20 अगस्त को इन 10 शेयरों पर रहेगी बाजार की नजर
    19 अगस्त 2026
    ipo-returns-2026-small-ipo-stocks-149-percent-return
    IPO Returns: इस साल 5 छोटे IPO ने किया बड़ा धमाका, 149% तक चढ़े स्टॉक्स
    19 अगस्त 2026
    solar-panel-cost-20-percent-increase-icra-report
    Solar Panel Cost: अब सोलर पैनल लगवाना महंगा होगा! ICRA ने कहा- 20% तक बढ़ सकती है लागत
    19 अगस्त 2026
    nifty-50-seven-consecutive-session-fall-24000-support-expert-opinion
    Nifty 50 लगातार सातवें सत्र गिरा, क्या 24,000 के नीचे जाएगा इंडेक्स? जानिए एक्सपर्ट्स की राय
    19 अगस्त 2026
Search
© 2026 News Jagran Digital Media. All Rights Reserved. | Udyam-HR-05-0178310
Reading: India vs China: चीन की नई चाल से भारतीय इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्री में हाहाकार, सरकार से लगाई मदद की गुहार
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NewsjagranNewsjagran
Font ResizerAa
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Search
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Follow US
© 2026 News Jagran. All Rights Reserved.
बिजनेस न्यूज़

India vs China: चीन की नई चाल से भारतीय इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्री में हाहाकार, सरकार से लगाई मदद की गुहार

Namam Sharma
Last updated: 2026/06/27 at 11:43 अपराह्न
Namam Sharma - Senior Editor – Newsjagran
Share
8 Min Read
india-vs-china-electronics-supply-chain-crisis-india-manufacturing
SHARE

भारत दुनिया का अगला बड़ा इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग हब बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट्स और सेमीकंडक्टर सप्लाई चेन में भारत की बढ़ती भूमिका ने कई ग्लोबल कंपनियों का ध्यान अपनी ओर खींचा है। लेकिन अब चीन ने ऐसी चाल चली है जिसने भारतीय इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्री की चिंता बढ़ा दी है।

Contents
क्या है चीन का नया कदम?भारत क्यों है सबसे ज्यादा प्रभावित?ऐपल और ग्लोबल कंपनियों की बढ़ी चिंतासरकार से मदद की मांग क्यों?प्रेस नोट 3 से क्या है कनेक्शन?चीन भारत से ज्यादा वियतनाम पर नरमी क्यों दिखा सकता है?भारत के लिए आगे की चुनौती क्या?ग्लोबल सप्लाई चेन की लड़ाई तेजनिष्कर्ष

चीन ने हाल के महीनों में सप्लाई चेन से जुड़े नियमों को काफी सख्त कर दिया है। इससे भारत में निवेश कर रही कंपनियों और चीन से बाहर मैन्युफैक्चरिंग शिफ्ट करने की योजना बना रही ग्लोबल कंपनियों के सामने नई मुश्किलें खड़ी हो गई हैं। इंडस्ट्री से जुड़े लोगों का कहना है कि अगर स्थिति जल्द नहीं सुधरी तो भारत का “चाइना प्लस वन” अवसर प्रभावित हो सकता है।

क्या है चीन का नया कदम?

दरअसल, चीन ने अप्रैल 2026 में सप्लाई चेन और मैन्युफैक्चरिंग ट्रांसफर से जुड़े कई नए रेगुलेटरी नियम लागू किए हैं। इन नियमों के तहत:

  • चीन से बाहर सप्लाई चेन शिफ्ट करने वाली कंपनियों पर निगरानी बढ़ाई गई है।
  • कई संवेदनशील कंपोनेंट्स और मशीनरी के एक्सपोर्ट पर सख्ती की गई है।
  • कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों को व्यक्तिगत रूप से जवाबदेह बनाया गया है।
  • कुछ मामलों में सरकारी मंजूरी के बिना सप्लाई चेन ट्रांसफर मुश्किल हो सकता है।

इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्री से जुड़े सूत्रों का कहना है कि इन कदमों का सीधा असर भारत, वियतनाम और मैक्सिको जैसे देशों पर पड़ सकता है जहां ग्लोबल कंपनियां चीन से बाहर उत्पादन बढ़ाने की कोशिश कर रही हैं।

भारत क्यों है सबसे ज्यादा प्रभावित?

भारत इस समय तेजी से इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग बढ़ा रहा है। खासकर: स्मार्टफोन असेंबली, आईफोन मैन्युफैक्चरिंग, इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट्स, डिस्प्ले यूनिट्स, टेलीकॉम उपकरण जैसे सेक्टर्स में बड़े निवेश हो रहे हैं।

लेकिन समस्या यह है कि भारत अभी भी कई जरूरी कंपोनेंट्स के लिए चीन पर निर्भर है। इनमें शामिल हैं: प्रिसिजन मशीनरी, इलेक्ट्रॉनिक चिप्स, बैटरी कंपोनेंट्स, डिस्प्ले पार्ट्स, इंडस्ट्रियल इक्विपमेंट, स्पेशलाइज्ड केमिकल्स.

इंडस्ट्री अधिकारियों का कहना है कि भारत लोकल सप्लाई चेन बनाने की दिशा में काम जरूर कर रहा है, लेकिन फिलहाल पूरी तरह आत्मनिर्भर बनने में समय लगेगा। ऐसे में चीन की नई सख्ती उत्पादन और एक्सपोर्ट दोनों को प्रभावित कर सकती है।

ऐपल और ग्लोबल कंपनियों की बढ़ी चिंता

रिपोर्ट्स के मुताबिक चीन के इस कदम से सबसे ज्यादा असर उन कंपनियों पर पड़ सकता है जो “चाइना प्लस वन” रणनीति के तहत भारत में निवेश बढ़ा रही हैं। इसमें सबसे बड़ा नाम Apple का है। भारत में इस समय: आईफोन असेंबली तेजी से बढ़ रही है, ऐपल सप्लायर्स नए प्लांट लगा रहे हैं, एक्सपोर्ट रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच रहा है

लेकिन चीन नहीं चाहता कि ग्लोबल सप्लाई चेन तेजी से भारत की ओर शिफ्ट हो। यही वजह है कि वह रेगुलेटरी कंट्रोल बढ़ाकर कंपनियों पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहा है।

सूत्रों के मुताबिक कई भारतीय कंपनियां चीन की कंपनियों के साथ जॉइंट वेंचर पर काम कर रही थीं। अब नए नियमों के बाद इन योजनाओं पर भी असर पड़ सकता है।

सरकार से मदद की मांग क्यों?

इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्री ने केंद्र सरकार से तुरंत हस्तक्षेप की मांग की है। इंडस्ट्री का कहना है कि अगर चीन की सख्ती लंबे समय तक जारी रही तो: सप्लाई चेन बाधित हो सकती है, उत्पादन लागत बढ़ सकती है, एक्सपोर्ट प्रभावित हो सकता है, नए निवेश धीमे पड़ सकते हैं

एक सरकारी अधिकारी ने कहा कि सरकार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और इंडस्ट्री से लगातार बातचीत की जा रही है। जरूरत पड़ने पर नीतिगत स्तर पर कदम उठाए जा सकते हैं।

प्रेस नोट 3 से क्या है कनेक्शन?

भारत सरकार ने हाल ही में “प्रेस नोट 3” के कुछ नियमों में ढील देने के संकेत दिए थे। यह नियम पड़ोसी देशों, खासकर चीन से आने वाले निवेश पर लागू होता है।

कोविड के बाद भारत ने चीन से आने वाले निवेश पर सख्ती कर दी थी। लेकिन अब मैन्युफैक्चरिंग और सप्लाई चेन निवेश बढ़ाने के लिए कुछ मामलों में नरमी दिखाई जा रही है।

इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स का मानना है कि चीन का नया कदम उसी का जवाब हो सकता है। चीन नहीं चाहता कि भारत ग्लोबल कंपनियों के लिए उसका मजबूत विकल्प बने।

चीन भारत से ज्यादा वियतनाम पर नरमी क्यों दिखा सकता है?

इंडस्ट्री सूत्रों का मानना है कि चीन भारत के मुकाबले वियतनाम के प्रति ज्यादा नरम रुख अपना सकता है। इसकी वजहें हैं: वियतनाम का छोटा बाजार, चीन के साथ मजबूत व्यापारिक संबंध, कम रणनीतिक प्रतिस्पर्धा

जबकि भारत: बड़ा उपभोक्ता बाजार है, तेजी से मैन्युफैक्चरिंग बढ़ा रहा है, पश्चिमी देशों के लिए वैकल्पिक सप्लाई चेन बन रहा है. यही वजह है कि चीन भारत की प्रगति को लेकर ज्यादा सतर्क दिखाई दे रहा है।

भारत के लिए आगे की चुनौती क्या?

भारत के सामने अब दोहरी चुनौती है। पहली, चीन पर निर्भरता कम करना। दूसरी, घरेलू सप्लाई चेन को तेजी से मजबूत बनाना। इसके लिए भारत को: लोकल कंपोनेंट मैन्युफैक्चरिंग बढ़ानी होगी, सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम मजबूत करना होगा, इलेक्ट्रॉनिक क्लस्टर्स विकसित करने होंगे, रिसर्च और टेक्नोलॉजी निवेश बढ़ाना होगा

अगर भारत अगले 5-7 वर्षों में मजबूत लोकल सप्लाई चेन तैयार कर लेता है तो चीन की ऐसी रणनीतियों का असर काफी कम हो सकता है।

ग्लोबल सप्लाई चेन की लड़ाई तेज

दुनिया इस समय सप्लाई चेन के नए दौर से गुजर रही है। अमेरिका और यूरोप की कई कंपनियां चीन पर अत्यधिक निर्भरता कम करना चाहती हैं। भारत इस मौके का फायदा उठाने की कोशिश कर रहा है।

लेकिन चीन भी आसानी से अपना दबदबा छोड़ने के मूड में नहीं है। इसलिए आने वाले समय में: ट्रेड पॉलिसी, सप्लाई चेन कंट्रोल, टेक्नोलॉजी ट्रांसफर, निवेश नियम को लेकर प्रतिस्पर्धा और तेज हो सकती है।

निष्कर्ष

भारत इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग में तेजी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन चीन की नई रणनीति ने चुनौतियां बढ़ा दी हैं। चीन सप्लाई चेन और निवेश पर कंट्रोल के जरिए ग्लोबल कंपनियों की “चाइना प्लस वन” रणनीति को धीमा करना चाहता है।

हालांकि, एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह स्थिति भारत के लिए एक बड़ा सबक भी है। अगर भारत मजबूत घरेलू सप्लाई चेन और कंपोनेंट मैन्युफैक्चरिंग विकसित कर लेता है, तो आने वाले वर्षों में वह चीन की निर्भरता को काफी हद तक कम कर सकता है।

लेटेस्ट रेट्स और मार्केट अपडेट्स के लिए NewsJagran पर आज का सोने का भाव, आज का चांदी का भाव, आज का पेट्रोल-डीजल भाव, आज का LPG रेट, CNG रेट, PNG रेट, कच्चे तेल का भाव, डॉलर-रुपया रेट और IPO GMP Today देखें।

You Might Also Like

PM Kisan Yojana की 24वीं किस्त के लिए eKYC जरूरी, मोबाइल से ऐसे करें पूरा

₹10 लाख लगाकर हर महीने ₹80,000 तक कमाई? कम प्रतिस्पर्धा वाले 2 बिजनेस, जानें निवेश और मुनाफे का गणित

RBI की चेतावनी: वैश्विक अनिश्चितता और कच्चे तेल की कीमतें अर्थव्यवस्था के लिए खतरा

अंबानी, अदाणी या अनिल अग्रवाल, किसके पास कितनी दौलत? एल्युमीनियम किंग की नेट वर्थ इनसे 19 गुना कम

Global Fuel Crisis: युद्ध के बीच भारत-अमेरिका की रिफाइनरियों की बल्ले-बल्ले, बढ़ते निर्यात से बढ़ी कमाई

TAGGED: Apple Supplier India, business news, china plus one, Chinese Restrictions, electronics manufacturing, export news, India China News, India manufacturing, Supply Chain Crisis, Technology News
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
By Namam Sharma Senior Editor – Newsjagran
Follow:
नमम शर्मा, Newsjagran के सीनियर एडिटर हैं। बिज़नेस न्यूज़, कमोडिटी बाज़ार, सोना-चांदी भाव, पेट्रोल-डीजल रेट और फाइनेंस में 9 साल का अनुभव। हिंदी डिजिटल पत्रकारिता के जानकार।
Previous Article ola-electric-share-falls-after-q4-results-support-resistance-levels Ola Electric Share: नतीजों के बाद 4% टूटे ओला इलेक्ट्रिक के शेयर, अब कितना और गिर सकता है स्टॉक?
Next Article itc-q4-results-fy26-cigarette-tax-impact-brokerage-view कैसे रहेंगे ITC के Q4 रिजल्ट? तंबाकू पर बढ़े टैक्स का कंपनी के मुनाफे पर कितना होगा असर, ब्रोकरेज ने बताया

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today

सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें

gold-price-today
Gold Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में 24K, 22K और 18K सोने के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
silver-price-today
Silver Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में चांदी के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
ipo-gmp-today-mainboard-sme
IPO GMP Today: इन IPOs के ग्रे मार्केट प्रीमियम में तेजी, Tempsens Instruments और Augmont Enterprises पर खास नजर
शेयर बाज़ार फाइनेंस
live-petrol-diesel-price
Petrol Diesel Price Today: आज आपके शहर में पेट्रोल-डीजल के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
lpg-price-today
LPG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में घरेलू और कमर्शियल LPG सिलेंडर के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
png-price-today
PNG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में PNG गैस के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
crude-oil-price-today
Crude Oil Price Today: कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट या तेजी? जानिए आज का लेटेस्ट अपडेट
कमोडिटी फाइनेंस
cng-price-today
CNG Price Today: आज भारत के प्रमुख शहरों में CNG के ताजा रेट
कमोडिटी फाइनेंस
government-spending-as-percent-of-gdp-kiribati-marshall-islands-ukraine
USD/INR Live Chart: डॉलर बनाम रुपया, आज का एक्सचेंज रेट, लाइव चार्ट और पूरा विश्लेषण
फाइनेंस
bitcoin-price-today-live-chart-hindi
Bitcoin Price Today: लाइव बिटकॉइन प्राइस, चार्ट, मार्केट कैप और निवेश से पहले जानें जरूरी बातें
फाइनेंस

महत्वपूर्ण पृष्ठ

  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार

त्वरित लिंक्स

  • 8 वेतन आयोग
  • सरकारी योजनाएं
  • बिजनेस न्यूज़
  • Advertise With Us
  • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
  • Terms of Service

Discover News Jagran

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer & Affiliate Disclosure
  • Editorial Policy
  • Author Bio & Team
  • Career

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today
NewsjagranNewsjagran
© 2026 News Jagran Digital Media | Google News Approved | MSME: Udyam-HR-05-0178310
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Manage Consent
To provide the best experiences, we use technologies like cookies to store and/or access device information. Consenting to these technologies will allow us to process data such as browsing behaviour or unique IDs on this site. Not consenting or withdrawing consent, may adversely affect certain features and functions.
Functional Always active
The technical storage or access is strictly necessary for the legitimate purpose of enabling the use of a specific service explicitly requested by the subscriber or user, or for the sole purpose of carrying out the transmission of a communication over an electronic communications network.
Preferences
The technical storage or access is necessary for the legitimate purpose of storing preferences that are not requested by the subscriber or user.
Statistics
The technical storage or access that is used exclusively for statistical purposes. The technical storage or access that is used exclusively for anonymous statistical purposes. Without a subpoena, voluntary compliance on the part of your Internet Service Provider, or additional records from a third party, information stored or retrieved for this purpose alone cannot usually be used to identify you.
Marketing
The technical storage or access is required to create user profiles to send advertising, or to track the user on a website or across several websites for similar marketing purposes.
  • Manage options
  • Manage services
  • Manage {vendor_count} vendors
  • Read more about these purposes
View preferences
  • {title}
  • {title}
  • {title}
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?