UPPSC PCS Mains 2026: उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) ने पीसीएस मुख्य परीक्षा की मूल्यांकन प्रक्रिया में बड़ा बदलाव करने का फैसला लिया है। अब मुख्य परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं की जांच पारंपरिक तरीके से नहीं बल्कि ऑनलाइन डिजिटल प्रणाली के माध्यम से की जाएगी। आयोग का दावा है कि नई व्यवस्था से परीक्षा मूल्यांकन प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, निष्पक्ष और प्रभावी बनेगी।
उत्तर प्रदेश में पीसीएस (Provincial Civil Service) परीक्षा की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए यह अहम खबर है। यूपीपीएससी ने भर्ती प्रक्रिया में तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ावा देते हुए मुख्य परीक्षा की कॉपियों के मूल्यांकन को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लाने की तैयारी शुरू कर दी है।
UPPSC PCS Mains की कॉपियों की होगी ऑनलाइन जांच
अब तक यूपीपीएससी पीसीएस मुख्य परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन ऑफलाइन तरीके से किया जाता था। परीक्षकों को अभ्यर्थियों की पूरी कॉपियां जांचने के लिए दी जाती थीं। लेकिन नई व्यवस्था में पूरी प्रक्रिया को बदल दिया जाएगा।
नई ऑनलाइन मूल्यांकन प्रणाली के तहत उत्तर पुस्तिकाओं को स्कैन कर डिजिटल फॉर्म में विशेषज्ञ परीक्षकों को उपलब्ध कराया जाएगा। परीक्षक आयोग के निर्धारित पोर्टल के माध्यम से कॉपियों की जांच करेंगे।
आयोग के अनुसार, इस बदलाव का उद्देश्य मूल्यांकन में होने वाली असमानताओं को कम करना और सभी उम्मीदवारों को समान अवसर उपलब्ध कराना है।
हर प्रश्न की जांच करेंगे अलग-अलग विशेषज्ञ
नई व्यवस्था की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि एक परीक्षक पूरी उत्तर पुस्तिका की जांच नहीं करेगा। इसके बजाय विशेषज्ञों को प्रश्न आधारित मूल्यांकन की जिम्मेदारी दी जाएगी।
उदाहरण के तौर पर अगर किसी विशेषज्ञ को किसी विषय के पहले प्रश्न की जांच का जिम्मा दिया गया है तो वह सभी अभ्यर्थियों की उत्तर पुस्तिका में केवल उसी प्रश्न का मूल्यांकन करेगा।
इससे सभी उम्मीदवारों के उत्तरों का मूल्यांकन एक समान मानकों के आधार पर होगा। आयोग का मानना है कि इससे अलग-अलग परीक्षकों द्वारा अंक देने में होने वाला अंतर कम होगा और मेरिट अधिक निष्पक्ष तरीके से तैयार की जा सकेगी।
मॉडल आंसर के आधार पर होगा मूल्यांकन
ऑनलाइन मूल्यांकन प्रणाली में परीक्षकों को केवल डिजिटल कॉपियां ही नहीं दी जाएंगी, बल्कि संबंधित प्रश्नों के लिए संभावित उत्तर यानी मॉडल आंसर भी उपलब्ध कराया जाएगा।
मॉडल आंसर की मदद से परीक्षक यह तय कर सकेंगे कि किसी उत्तर में कितने अंक दिए जाने चाहिए। इससे मूल्यांकन प्रक्रिया में एकरूपता आएगी।
यूपीपीएससी का कहना है कि डिजिटल मूल्यांकन से कॉपियों की जांच में तेजी आएगी और रिजल्ट प्रक्रिया को भी समय पर पूरा करने में मदद मिलेगी।
RO-ARO भर्ती 2026 का विज्ञापन जल्द संभव
यूपीपीएससी की समीक्षा अधिकारी (RO) और सहायक समीक्षा अधिकारी (ARO) भर्ती 2026 को लेकर भी बड़ा अपडेट सामने आया है। आयोग अगस्त के अंतिम सप्ताह तक इस भर्ती का विज्ञापन जारी करने की तैयारी कर रहा है।
इस बार एआरओ पदों की संख्या पहले की तुलना में अधिक रहने की संभावना है। हाल ही में बड़ी संख्या में सहायक समीक्षा अधिकारियों को पदोन्नति देकर समीक्षा अधिकारी बनाया गया है। इसके कारण एआरओ के कई पद खाली हुए हैं।
इसके अलावा विभिन्न सरकारी विभागों से भी नए रिक्त पदों की जानकारी आयोग को मिलने की उम्मीद है। माना जा रहा है कि इस भर्ती में करीब 500 पदों पर नियुक्ति के लिए नोटिफिकेशन जारी किया जा सकता है।
सीधी भर्ती के नियमों में भी हुआ बदलाव
यूपीपीएससी ने अपनी सीधी भर्ती प्रक्रिया में भी बदलाव किया है। आयोग ने ‘लोक सेवा आयोग सीधी भर्ती (स्क्रीनिंग) 2025 नियमावली’ लागू कर दी है।
नई चयन प्रक्रिया के अनुसार कुल 500 अंकों के आधार पर उम्मीदवारों का चयन किया जाएगा।
नई चयन प्रणाली:
- लिखित परीक्षा: 450 अंक
- इंटरव्यू: 50 अंक
- लिखित परीक्षा का वेटेज: 75 प्रतिशत
- इंटरव्यू का वेटेज: 25 प्रतिशत
लिखित परीक्षा में प्रत्येक प्रश्न के लिए तीन अंक निर्धारित होंगे। अंतिम मेरिट सूची लिखित परीक्षा और इंटरव्यू दोनों के संयुक्त अंकों के आधार पर तैयार की जाएगी।
उम्मीदवारों को मिलेगा निष्पक्ष मूल्यांकन का लाभ
यूपीपीएससी का मानना है कि नई डिजिटल व्यवस्था से परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी। ऑनलाइन मूल्यांकन से कॉपियों की जांच में मानवीय त्रुटियों को कम किया जा सकेगा और सभी अभ्यर्थियों को समान अवसर मिलेगा।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह बदलाव देश की अन्य बड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं में अपनाई जा रही डिजिटल मूल्यांकन प्रणाली की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
UPPSC PCS Mains 2026 से जुड़े इस बदलाव के बाद अभ्यर्थियों को परीक्षा तैयारी के साथ-साथ उत्तर लेखन शैली पर भी विशेष ध्यान देना होगा, क्योंकि अब मूल्यांकन अधिक मानकीकृत तरीके से किया जाएगा।


