NewsjagranNewsjagranNewsjagran
  • बिजनेस न्यूज़
    बिजनेस न्यूज़Show More
    spicejet-flight-safety-concerns-broken-seats-ac-failure-passenger-complaints
    टूटी खिड़कियां, खराब AC और जर्जर सीटें… स्पाइसजेट की फ्लाइट में यात्रियों का बुरा हाल, सेफ्टी पर फिर उठे सवाल
    15 जून 2026
    desh-me-edible-oil-import-13-39-lakh-ton-kya-khane-ka-tel-hoga-mahanga
    देश में 13.39 लाख टन तक पहुंचा खाद्य तेलों का आयात, क्या फिर महंगा होगा खाने का तेल? किसानों और उपभोक्ताओं पर पड़ सकता है बड़ा असर
    15 जून 2026
    gold-investment-complete-guide-2026-gold-etf-sgb-digital-gold
    Gold Investment Complete Guide 2026: Gold ETF, Digital Gold, SGB, Hallmark Gold और निवेश की पूरी जानकारी
    15 जून 2026
    personal-finance-complete-guide-2026-budget-savings-investment
    Personal Finance Complete Guide 2026: Budget, Savings, Insurance, Investment, Retirement Planning और Financial Freedom की पूरी जानकारी
    15 जून 2026
    government-schemes-complete-guide-2026-pm-kisan-pmay-ayushman
    Government Schemes Complete Guide 2026: PM Kisan, PMAY, Ayushman Bharat, APY, PMJJBY, PMSBY और सभी सरकारी योजनाओं की पूरी जानकारी
    15 जून 2026
  • कमोडिटी
    कमोडिटीShow More
    gold-silver-price-today-15-june-2026-gold-recovers-silver-under-pressure
    Gold-Silver Price Today: उतार-चढ़ाव के बीच संभला सोना, चांदी अब भी दबाव में; जानिए आपके शहर में क्या है गोल्ड-सिल्वर का भाव?
    15 जून 2026
    petrol-price-today-crude-oil-falls-petrol-diesel-rate-13-june-2026
    Petrol Price Today: क्रूड ऑयल 2 महीने के निचले स्तर पर, फिर भी नहीं मिली राहत! जानिए आपके शहर में पेट्रोल-डीजल का ताजा रेट
    13 जून 2026
    gold-silver-price-today-12-june-2026-gold-rate-silver-price-india
    Gold-Silver Price Today: सोना-चांदी के दामों में फिर मची हलचल! जानिए आज कितने बदले आपके शहर के भाव
    12 जून 2026
    gold-silver-price-crash-gold-falls-rs-15765-silver-rs-53810-in-one-month
    Gold Silver Price Crash: फिर औंधे मुंह गिरी कीमतें! सोना एक महीने में ₹15,765 टूटा, चांदी ₹53,810 सस्ती; जानिए कहां पहुंच गए भाव
    11 जून 2026
    gold-silver-price-today-10-june-2026-gold-falls-rs4300-silver-drops-rs10000
    Gold Silver Price Today: सोना ₹4,300 लुढ़का, चांदी ₹10,000 टूटी, खरीदारी का मौका या अभी और गिरेंगे भाव?
    10 जून 2026
  • शेयर बाज़ार
    शेयर बाज़ारShow More
    spacex-share-kaise-kharide-american-stock-market-me-investment-kaise-kare
    SpaceX Share Kaise Kharidein? भारत से अमेरिकी शेयर बाजार में निवेश करने का पूरा तरीका, जानें क्या हैं नियम
    15 जून 2026
    vedanta-demerger-listing-vedanta-power-oil-gas-lower-circuit-share-price-analysis
    Vedanta Demerger Listing: 2 कंपनियों में लोअर सर्किट, फिर भी अनिल अग्रवाल के शेयरधारकों की हुई कमाई; जानिए किस स्टॉक ने दिखाया दम
    15 जून 2026
    vedanta-four-companies-listing-value-unlocking-shareholders-gain-anil-agarwal
    वेदांता की 4 कंपनियों की धमाकेदार लिस्टिंग! वैल्यू अनलॉकिंग ने कराई शेयरहोल्डर्स की भारी कमाई; ₹20 से ₹522 तक रहा भाव
    15 जून 2026
    stock-market-complete-guide-2026-share-market-nifty-sensex-dividend
    Stock Market Complete Guide 2026: Share Market, Nifty, Sensex, IPO, Dividend, Bonus Share और निवेश की पूरी जानकारी
    15 जून 2026
    mutual-fund-complete-guide-2026-sip-elss-large-cap-small-cap
    Mutual Fund Complete Guide 2026: SIP, ELSS, Large Cap, Small Cap, Debt Fund और निवेश की पूरी जानकारी
    15 जून 2026
Search
© 2026 News Jagran Digital Media. All Rights Reserved. | Udyam-HR-05-0178310
Reading: RBI Dividend: क्या इस बार टूट जाएगा ₹2.69 लाख करोड़ का रिकॉर्ड? पश्चिम एशिया संकट के बीच सरकार के लिए बड़ा सहारा बन सकता है RBI
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NewsjagranNewsjagran
Font ResizerAa
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Search
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Follow US
© 2026 News Jagran. All Rights Reserved.
बिजनेस न्यूज़

RBI Dividend: क्या इस बार टूट जाएगा ₹2.69 लाख करोड़ का रिकॉर्ड? पश्चिम एशिया संकट के बीच सरकार के लिए बड़ा सहारा बन सकता है RBI

Namam Sharma
Last updated: 2026/05/13 at 3:05 अपराह्न
Namam Sharma - Senior Editor – Newsjagran
Share
8 Min Read
rbi-dividend-record-surplus-government-middle-east-crisis-hindi
SHARE

भारत सरकार को इस साल भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) से अब तक का सबसे बड़ा डिविडेंड मिल सकता है। पश्चिम एशिया में जारी तनाव, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच यह रकम सरकार के लिए बड़ी राहत साबित हो सकती है। माना जा रहा है कि RBI इस महीने होने वाली अपनी केंद्रीय बोर्ड बैठक में डिविडेंड ट्रांसफर की अंतिम राशि को मंजूरी दे सकता है।

Contents
क्यों बढ़ सकता है RBI का डिविडेंड?सरकार के लिए क्यों अहम है यह पैसा?पश्चिम एशिया संकट ने क्यों बढ़ाई चिंता?Fiscal Deficit पर कितना असर पड़ेगा?RBI का Economic Capital Framework क्या है?क्या यह रिकॉर्ड फिर टूट सकता है?Why It Mattersआगे क्या देखना होगा?

पिछले वित्त वर्ष 2024-25 में RBI ने केंद्र सरकार को रिकॉर्ड 2.69 लाख करोड़ रुपये का डिविडेंड ट्रांसफर किया था। यह उससे पिछले वर्ष के 2.11 लाख करोड़ रुपये की तुलना में करीब 27 फीसदी अधिक था। अब संकेत मिल रहे हैं कि इस बार यह आंकड़ा और ऊपर जा सकता है।

क्यों बढ़ सकता है RBI का डिविडेंड?

RBI की कमाई कई स्रोतों से होती है। इसमें विदेशी मुद्रा भंडार पर मिलने वाला रिटर्न, सरकारी बॉन्ड से आय, डॉलर की खरीद-बिक्री से होने वाला लाभ और बैंकिंग सिस्टम में लिक्विडिटी मैनेजमेंट शामिल हैं। पिछले एक साल में वैश्विक स्तर पर ब्याज दरें ऊंची बनी रहीं, जिससे केंद्रीय बैंकों की निवेश आय में बढ़ोतरी देखने को मिली।

इसके अलावा डॉलर के मुकाबले रुपये में उतार-चढ़ाव और विदेशी मुद्रा भंडार के सक्रिय प्रबंधन से भी RBI की आय मजबूत हुई है। यही वजह है कि बाजार विशेषज्ञों को उम्मीद है कि इस बार केंद्रीय बैंक सरकार को बड़ा सरप्लस ट्रांसफर कर सकता है।

सरकार के लिए क्यों अहम है यह पैसा?

सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के बजट में RBI, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और अन्य वित्तीय संस्थानों से कुल 3.16 लाख करोड़ रुपये डिविडेंड और सरप्लस मिलने का अनुमान लगाया है। यह पिछले वित्त वर्ष की तुलना में करीब 3.75 फीसदी अधिक है।

साथ ही सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (PSBs) ने वित्त वर्ष 2025-26 में रिकॉर्ड 1.98 लाख करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया है। यह पिछले साल की तुलना में 11.1 फीसदी ज्यादा है। इससे सरकार की गैर-कर आय (Non-Tax Revenue) को मजबूत समर्थन मिलेगा।

बजट दस्तावेजों के अनुसार, सरकार ने सार्वजनिक उपक्रमों और अन्य निवेशों से 75,000 करोड़ रुपये डिविडेंड मिलने का अनुमान लगाया है, जबकि चालू वित्त वर्ष में यह आंकड़ा 71,000 करोड़ रुपये था।

पश्चिम एशिया संकट ने क्यों बढ़ाई चिंता?

इस समय वैश्विक बाजारों की सबसे बड़ी चिंता पश्चिम एशिया में बढ़ता तनाव है। तेल उत्पादक देशों के बीच संघर्ष की आशंका के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें लगातार ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं।

भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है। ऐसे में तेल महंगा होने का सीधा असर सरकार के आयात बिल, चालू खाते के घाटे और महंगाई पर पड़ता है। यदि कच्चे तेल की कीमतें लंबे समय तक ऊंची रहती हैं तो सरकार पर सब्सिडी और खर्च का दबाव बढ़ सकता है।

यही वजह है कि RBI से मिलने वाला अतिरिक्त डिविडेंड सरकार के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे सरकार को राजकोषीय घाटा नियंत्रित रखने और इंफ्रास्ट्रक्चर खर्च जारी रखने में मदद मिल सकती है।

Fiscal Deficit पर कितना असर पड़ेगा?

भारत सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 में राजकोषीय घाटे को GDP के नियंत्रित स्तर पर रखने का लक्ष्य तय किया है। लेकिन वैश्विक संकट, महंगे कच्चे तेल और कमजोर बाहरी मांग के बीच यह लक्ष्य हासिल करना आसान नहीं माना जा रहा।

अगर RBI बड़ा डिविडेंड देता है, तो सरकार को अतिरिक्त उधारी कम करनी पड़ सकती है। इससे बॉन्ड यील्ड पर दबाव घटेगा और ब्याज लागत को नियंत्रित करने में भी मदद मिलेगी।

अर्थशास्त्रियों का मानना है कि RBI का बड़ा सरप्लस ट्रांसफर सरकार को चुनावी और पूंजीगत खर्च दोनों संतुलित करने में मदद कर सकता है।

RBI का Economic Capital Framework क्या है?

RBI सरकार को कितना डिविडेंड देगा, यह उसके संशोधित Economic Capital Framework (ECF) के आधार पर तय होता है। यह फ्रेमवर्क पूर्व RBI गवर्नर बिमल जालान समिति की सिफारिशों के बाद लागू किया गया था।

इसके तहत RBI को अपनी बैलेंस शीट में Contingent Risk Buffer (CRB) बनाए रखना होता है। यह RBI की कुल बैलेंस शीट का 4.5% से 7.5% के बीच होना चाहिए। इस सीमा से ऊपर बचने वाली अतिरिक्त राशि सरकार को सरप्लस के रूप में ट्रांसफर की जाती है।

यदि इस साल RBI की आय मजबूत रहती है और जोखिम प्रावधान अपेक्षाकृत कम रहता है, तो सरकार को रिकॉर्ड डिविडेंड मिलने की संभावना बढ़ जाएगी।

क्या यह रिकॉर्ड फिर टूट सकता है?

विशेषज्ञों का मानना है कि कई फैक्टर इस बार RBI के पक्ष में दिखाई दे रहे हैं:

  • ऊंची वैश्विक ब्याज दरें
  • विदेशी मुद्रा भंडार से बेहतर रिटर्न
  • डॉलर-रुपया उतार-चढ़ाव से ट्रेडिंग लाभ
  • मजबूत बैंकिंग सेक्टर
  • सरकारी बॉन्ड होल्डिंग से आय

इन कारणों से RBI की बैलेंस शीट मजबूत हुई है। हालांकि अंतिम फैसला केंद्रीय बोर्ड बैठक के बाद ही स्पष्ट होगा।

Why It Matters

RBI का डिविडेंड सिर्फ एक अकाउंटिंग एंट्री नहीं होता, बल्कि यह सरकार की आर्थिक रणनीति पर सीधा असर डालता है। अगर सरकार को बड़ा सरप्लस मिलता है तो उसे टैक्स बढ़ाने या अतिरिक्त उधारी लेने की जरूरत कम पड़ सकती है।

इसका फायदा इंफ्रास्ट्रक्चर, रेलवे, रक्षा, ग्रामीण योजनाओं और सामाजिक कल्याण कार्यक्रमों पर खर्च जारी रखने में मिल सकता है। साथ ही इससे वैश्विक निवेशकों के बीच भारत की वित्तीय स्थिति को लेकर भरोसा भी मजबूत होता है।

आगे क्या देखना होगा?

अब बाजार की नजर RBI की आगामी बोर्ड बैठक पर रहेगी। निवेशक यह देखना चाहेंगे कि:

  • RBI कितना डिविडेंड ट्रांसफर करता है
  • Contingent Risk Buffer कितना रखा जाता है
  • विदेशी मुद्रा भंडार और तेल कीमतों पर RBI का क्या आकलन है
  • सरकार इस अतिरिक्त आय का उपयोग कैसे करती है

अगर डिविडेंड अनुमान से ज्यादा रहा, तो यह सरकार के लिए वित्तीय मोर्चे पर बड़ी राहत मानी जाएगी।

Also Read:

  • Vande Bharat News: आधे किराये में सफर करा रहा था Vande Bharat का TTE, वीडियो वायरल होते ही रेलवे ने किया सस्पेंड
  • Rupee vs Dollar: सोने पर इम्पोर्ट ड्यूटी बढ़ने के बावजूद टूटा रुपया, डॉलर के मुकाबले रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंची भारतीय करेंसी

You Might Also Like

टूटी खिड़कियां, खराब AC और जर्जर सीटें… स्पाइसजेट की फ्लाइट में यात्रियों का बुरा हाल, सेफ्टी पर फिर उठे सवाल

देश में 13.39 लाख टन तक पहुंचा खाद्य तेलों का आयात, क्या फिर महंगा होगा खाने का तेल? किसानों और उपभोक्ताओं पर पड़ सकता है बड़ा असर

Gold Investment Complete Guide 2026: Gold ETF, Digital Gold, SGB, Hallmark Gold और निवेश की पूरी जानकारी

Personal Finance Complete Guide 2026: Budget, Savings, Insurance, Investment, Retirement Planning और Financial Freedom की पूरी जानकारी

Government Schemes Complete Guide 2026: PM Kisan, PMAY, Ayushman Bharat, APY, PMJJBY, PMSBY और सभी सरकारी योजनाओं की पूरी जानकारी

TAGGED: banking sector, budget 2026, Business News Hindi, Crude Oil Prices, Economic Capital Framework, finance news Hindi, Fiscal Deficit, Government Revenue, indian economy, Middle East Crisis, Non Tax Revenue, Public Sector Banks, RBI Dividend, RBI news, RBI Surplus
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
By Namam Sharma Senior Editor – Newsjagran
Follow:
नमम शर्मा, Newsjagran के सीनियर एडिटर हैं। बिज़नेस न्यूज़, कमोडिटी बाज़ार, सोना-चांदी भाव, पेट्रोल-डीजल रेट और फाइनेंस में 9 साल का अनुभव। हिंदी डिजिटल पत्रकारिता के जानकार।
Previous Article vande-bharat-tte-suspended-cheap-travel-video-viral Vande Bharat News: आधे किराये में सफर करा रहा था Vande Bharat का TTE, वीडियो वायरल होते ही रेलवे ने किया सस्पेंड
Next Article petrol-diesel-price-rbi-governor-signal-middle-east-crisis-hindi Petrol-Diesel Price: सोने पर ड्यूटी बढ़ाने के बाद अब पेट्रोल-डीजल महंगा होगा? RBI गवर्नर के बयान से बढ़ी चिंता

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today

सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें

credit-card-on-2000-fd-for-low-cibil-score
Credit Card: खराब CIBIL स्कोर वालों के लिए राहत! सिर्फ ₹2,000 की FD पर मिलेगा क्रेडिट कार्ड, साथ में 7% तक ब्याज का फायदा
फाइनेंस
success-story-dr-himanshu-gandhi-mother-sparsh-150-crore-brand
Success Story: शॉर्टकट नहीं, बरगद जैसा बनने की चाहत थी, छोड़ दी सरकारी नौकरी, बना डाला ₹150 करोड़ का ब्रांड
फाइनेंस
green-sm-india-office-gurugram-noida-urban-vault-partnership
Green SM Taxi: वियतनामी टैक्सी कंपनी का पहला बड़ा दफ्तर गुरुग्राम में, नोएडा भी बनेगा ऑपरेशन सेंटर
फाइनेंस
elon-musk-18-dollar-job-se-duniya-ke-pahle-trillionaire-banane-tak-ka-safar
$18 प्रति घंटे की नौकरी से दुनिया के पहले ट्रिलियनेयर तक: एलन मस्क ने कैसे लिखी इतिहास की सबसे बड़ी दौलत की कहानी?
फाइनेंस
what-is-hindu-rate-of-growth-pm-modi-congress-economic-history
What is Hindu Rate of Growth: हिंदू ग्रोथ रेट क्या है जिसका जिक्र कर पीएम मोदी ने पिछली कांग्रेस सरकार को लताड़ा
फाइनेंस
rbi-action-mogaveera-cooperative-bank-withdrawal-limit-1-lakh
RBI का बड़ा एक्शन: इस बैंक के ग्राहकों को झटका, खाते से सिर्फ ₹1 लाख ही निकाल सकेंगे, जानिए पूरा मामला
फाइनेंस
sahara-news-sebi-ne-supreme-court-ka-rukh-kiya
Sahara News: सहारा से जुड़े ₹14,106 करोड़ के मामले में नया मोड़, कर्मचारियों को मिली राहत के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंची SEBI
फाइनेंस
9-karat-gold-jewellery-demand-rising-in-india
9 Karat Gold: 9 कैरेट का सोना बन रहा है लोगों की पहली पसंद, जानिए क्यों बढ़ रही है इसकी डिमांड?
फाइनेंस
vedanta-demerger-four-new-companies-listing-date-15-june-2026
Vedanta Demerger: वेदांता की 4 नई कंपनियों की लिस्टिंग 15 जून को, निवेशकों के लिए क्या होगा बड़ा बदलाव?
फाइनेंस
credit-card-use-na-karna-credit-score-effect-hindi
Credit Card का इस्तेमाल न करना भी पड़ सकता है भारी: जानें कैसे बिगड़ सकता है आपका Credit Score
फाइनेंस

महत्वपूर्ण पृष्ठ

  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार

त्वरित लिंक्स

  • 8 वेतन आयोग
  • सरकारी योजनाएं
  • बिजनेस न्यूज़
  • Advertise With Us
  • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
  • Terms of Service

Discover News Jagran

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer & Affiliate Disclosure
  • Editorial Policy
  • Author Bio & Team
  • Career

आज के लाइव रेट्स

  • आज का सोने का भाव
  • आज का चांदी का भाव
  • आज का पेट्रोल-डीजल भाव
  • आज का LPG रेट
  • CNG रेट
  • PNG रेट
  • कच्चे तेल का भाव
  • डॉलर-रुपया रेट
  • IPO GMP Today
NewsjagranNewsjagran
© 2026 News Jagran Digital Media | Google News Approved | MSME: Udyam-HR-05-0178310
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Manage Consent
To provide the best experiences, we use technologies like cookies to store and/or access device information. Consenting to these technologies will allow us to process data such as browsing behaviour or unique IDs on this site. Not consenting or withdrawing consent, may adversely affect certain features and functions.
Functional Always active
The technical storage or access is strictly necessary for the legitimate purpose of enabling the use of a specific service explicitly requested by the subscriber or user, or for the sole purpose of carrying out the transmission of a communication over an electronic communications network.
Preferences
The technical storage or access is necessary for the legitimate purpose of storing preferences that are not requested by the subscriber or user.
Statistics
The technical storage or access that is used exclusively for statistical purposes. The technical storage or access that is used exclusively for anonymous statistical purposes. Without a subpoena, voluntary compliance on the part of your Internet Service Provider, or additional records from a third party, information stored or retrieved for this purpose alone cannot usually be used to identify you.
Marketing
The technical storage or access is required to create user profiles to send advertising, or to track the user on a website or across several websites for similar marketing purposes.
  • Manage options
  • Manage services
  • Manage {vendor_count} vendors
  • Read more about these purposes
View preferences
  • {title}
  • {title}
  • {title}
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?