नई दिल्ली: भारतीय फिनटेक सेक्टर के चर्चित उद्यमी और CRED के संस्थापक कुणाल शाह एक बार फिर सुर्खियों में हैं। Meta द्वारा CRED में बड़े निवेश के बाद उन्हें WhatsApp का नया ग्लोबल CEO नियुक्त किए जाने की खबर ने कारोबारी जगत में हलचल मचा दी है। दिलचस्प बात यह है कि न तो उनके पास इंजीनियरिंग की डिग्री है और न ही उन्होंने अपना MBA पूरा किया, फिर भी आज वह भारत के सबसे सफल स्टार्टअप फाउंडर्स में गिने जाते हैं। उनकी अनुमानित नेटवर्थ हजारों करोड़ रुपये में पहुंच चुकी है।
कारोबारी परिवार से आते हैं कुणाल शाह
मुंबई में जन्मे कुणाल शाह का संबंध एक गुजराती कारोबारी परिवार से है। उनके पिता फार्मास्युटिकल्स के थोक व्यापार से जुड़े थे। बचपन से ही उन्होंने कारोबार और पैसों की समझ विकसित कर ली थी। आर्थिक जिम्मेदारियों को समझते हुए उन्होंने कम उम्र में ही काम करना शुरू कर दिया था।
कुणाल ने मुंबई के विल्सन कॉलेज से दर्शनशास्त्र (Philosophy) में स्नातक की पढ़ाई की। इसके बाद उन्होंने NMIMS से MBA शुरू किया, लेकिन बीच में ही पढ़ाई छोड़ दी। हालांकि, शिक्षा अधूरी रहने के बावजूद उनकी सीखने की भूख कभी कम नहीं हुई और यही उन्हें स्टार्टअप की दुनिया में आगे ले गई।
फ्रीचार्ज से मिली पहली बड़ी सफलता
कुणाल शाह ने अपने उद्यमी सफर की शुरुआत PaisaBack नाम के प्लेटफॉर्म से की थी। इसके बाद साल 2010 में उन्होंने FreeCharge की सह-स्थापना की। उस समय डिजिटल पेमेंट्स का बाजार शुरुआती दौर में था, लेकिन FreeCharge ने तेजी से लोकप्रियता हासिल की।
साल 2015 में ई-कॉमर्स कंपनी Snapdeal ने FreeCharge को करीब 2,800 करोड़ रुपये में खरीद लिया। उस दौर में यह भारतीय स्टार्टअप इकोसिस्टम के सबसे बड़े अधिग्रहणों में से एक माना गया था। इस डील ने कुणाल शाह को देश के प्रमुख उद्यमियों की सूची में ला खड़ा किया।
CRED ने बदली पहचान
FreeCharge से बाहर निकलने के बाद कुणाल शाह ने साल 2018 में CRED की शुरुआत की। यह प्लेटफॉर्म अच्छे क्रेडिट स्कोर वाले ग्राहकों को क्रेडिट कार्ड बिल भुगतान पर रिवॉर्ड और विशेष सुविधाएं प्रदान करता है।
आज CRED भारत के सबसे चर्चित फिनटेक स्टार्टअप्स में शामिल है। कंपनी की वैल्यूएशन 37,000 करोड़ रुपये से अधिक बताई जाती है। इसके 1.7 करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं और वित्त वर्ष 2024-25 में कंपनी का राजस्व 2,735 करोड़ रुपये तक पहुंच गया।
हाल ही में Meta ने CRED में करीब 90 करोड़ डॉलर (लगभग 8,550 करोड़ रुपये) का निवेश किया है। इस निवेश के तहत Meta को कंपनी में लगभग 20 प्रतिशत हिस्सेदारी मिली है। इस डील के बाद CRED की पोस्ट-मनी वैल्यूएशन करीब 4.5 अरब डॉलर आंकी गई है।
WhatsApp की कमान संभालेंगे कुणाल शाह
Meta के निवेश के साथ ही कुणाल शाह ने CRED में अपनी दैनिक परिचालन जिम्मेदारियों से हटने का फैसला किया है। अब वह WhatsApp के ग्लोबल CEO के रूप में नई भूमिका निभाएंगे। टेक और फिनटेक दोनों क्षेत्रों में उनके अनुभव को देखते हुए यह नियुक्ति काफी अहम मानी जा रही है।
कितनी है कुणाल शाह की नेटवर्थ?
विभिन्न रिपोर्ट्स के अनुसार वर्ष 2026 में कुणाल शाह की अनुमानित नेटवर्थ करीब 15,000 करोड़ रुपये है। उनकी संपत्ति का बड़ा हिस्सा CRED में हिस्सेदारी, FreeCharge की बिक्री से प्राप्त पूंजी और 200 से अधिक स्टार्टअप्स में किए गए एंजेल निवेशों से जुड़ा हुआ है।
कुणाल शाह की खास बात यह भी है कि वह अपनी अधिकांश संपत्ति इक्विटी यानी “पेपर वेल्थ” के रूप में रखते हैं। वह लंबे समय तक CRED से बेहद कम या प्रतीकात्मक वेतन लेने के लिए भी चर्चा में रहे हैं।
बिना बड़ी डिग्री के बनाई अरबों की दौलत
कुणाल शाह की कहानी उन युवाओं के लिए प्रेरणा है जो मानते हैं कि सफलता केवल बड़ी डिग्री या प्रतिष्ठित संस्थान से ही मिल सकती है। दर्शनशास्त्र के छात्र से लेकर भारत के सबसे सफल स्टार्टअप फाउंडर्स में शामिल होने तक का उनका सफर दिखाता है कि सही सोच, जोखिम लेने का साहस और लगातार सीखने की क्षमता किसी भी व्यक्ति को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकती है।


