नई दिल्ली। शेयर बाजार में कुछ ऐसे स्टॉक होते हैं जो निवेशकों को चौंका देने वाला रिटर्न देते हैं और किर्लोस्कर ऑयल इंजिन्स लिमिटेड (KOEL) का नाम फिलहाल इसी सूची में शामिल हो गया है। सोमवार, 22 जून को कंपनी के शेयरों में 20 फीसदी का अपर सर्किट लगा और यह ₹2,389.80 के स्तर पर पहुंच गया। इस तेजी के पीछे कंपनी को मिला बड़ा ऑर्डर और ब्रोकरेज हाउस JM Financial की ओर से किया गया रेटिंग अपग्रेड प्रमुख वजह मानी जा रही है।
खास बात यह है कि कंपनी के शेयरों ने सिर्फ छह महीनों में निवेशकों का पैसा लगभग दोगुना कर दिया है। साल 2026 की शुरुआत से अब तक यह शेयर करीब 96 फीसदी की तेजी दिखा चुका है।
20% अपर सर्किट, निवेशकों में उत्साह
सोमवार के कारोबारी सत्र में KOEL के शेयरों में जबरदस्त खरीदारी देखने को मिली। बाजार खुलने के कुछ ही समय बाद शेयर 20 फीसदी के अपर सर्किट पर पहुंच गया। इस तेजी के बाद कंपनी का मार्केट कैप भी मजबूत हुआ और निवेशकों का भरोसा और बढ़ गया।
विश्लेषकों का मानना है कि डेटा सेंटर और पावर इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में बढ़ती मांग का फायदा कंपनी को आने वाले वर्षों में भी मिल सकता है।
HyperNext से मिला बड़ा ऑर्डर
कंपनी ने एक्सचेंज फाइलिंग में बताया कि उसे डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी HyperNext से 192 मेगावाट बिजली उत्पादन क्षमता का बड़ा ऑर्डर प्राप्त हुआ है।
इस ऑर्डर के तहत KOEL अपनी 2500 kVA Optiprime Dual Core पावर सिस्टम की 96 यूनिट्स सप्लाई करेगी। कंपनी के अनुसार यह भारत में हाइपरस्केल डेटा सेंटर सेक्टर के लिए सबसे बड़े हाई-कैपेसिटी पावर सिस्टम डिप्लॉयमेंट्स में से एक है।
HyperNext के ग्रुप CEO हर्ष मैकवान ने कहा कि डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के विस्तार के साथ भरोसेमंद और उच्च प्रदर्शन वाले पावर सिस्टम की जरूरत बढ़ रही है। KOEL का Optiprime समाधान बड़े डेटा सेंटरों की आवश्यकताओं को पूरा करने में सक्षम है।
JM Financial ने बढ़ाया भरोसा
कंपनी को लेकर ब्रोकरेज फर्म JM Financial भी काफी सकारात्मक नजर आ रही है। ब्रोकरेज ने स्टॉक की रेटिंग को “Add” से बढ़ाकर “Buy” कर दिया है।
साथ ही टारगेट प्राइस को ₹1,955 से बढ़ाकर ₹2,430 कर दिया गया है। ब्रोकरेज का मानना है कि डेटा सेंटर, पावर बैकअप और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में बढ़ती मांग कंपनी की कमाई को मजबूत कर सकती है।
6 साल में बना मल्टीबैगर
KOEL ने लंबी अवधि के निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया है। साल 2020 में कंपनी का शेयर करीब ₹145 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं अब इसकी कीमत ₹2,400 के करीब पहुंच चुकी है।
इस हिसाब से शेयर ने लगभग छह वर्षों में 1,500 फीसदी से अधिक का रिटर्न दिया है। यानी यदि किसी निवेशक ने 2020 में इस शेयर में ₹1 लाख लगाए होते और निवेश बनाए रखा होता, तो उसकी रकम आज करीब ₹16 लाख से अधिक हो सकती थी।
2026 में ही लगभग दोगुना हुआ निवेश
इस साल की शुरुआत में KOEL का शेयर करीब ₹1,220 के आसपास था। वर्तमान स्तर को देखते हुए शेयर ने जनवरी से जून 2026 के बीच लगभग 96 फीसदी का रिटर्न दिया है।
यानी छह महीनों के भीतर ही निवेशकों की पूंजी लगभग दोगुनी हो गई। यही वजह है कि यह शेयर इस साल के सबसे चर्चित मल्टीबैगर शेयरों में शामिल हो गया है।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत?
डेटा सेंटर, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और पावर बैकअप सिस्टम की मांग लगातार बढ़ रही है। ऐसे में KOEL जैसी कंपनियों को भविष्य में नए ऑर्डर मिलने की संभावना बनी रह सकती है। हालांकि, तेज रैली के बाद निवेशकों को किसी भी निवेश निर्णय से पहले कंपनी के वैल्यूएशन, जोखिम और विशेषज्ञों की सलाह पर जरूर विचार करना चाहिए।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश से पहले किसी योग्य वित्तीय सलाहकार से परामर्श अवश्य करें।


