Gold Loan Stocks: आईआईएफएल फाइनेंस, मुथूट फाइनेंस और मण्णपुरम फाइनेंस के शेयरों में 21 अगस्त को जोरदार तेजी देखने को मिली। विदेशी ब्रोकरेज फर्म जेपी मॉर्गन ने तीनों कंपनियों की कवरेज शुरू करते हुए इन्हें ‘ओवरवेट’ रेटिंग दी है। ब्रोकरेज ने इन शेयरों के लिए आकर्षक टारगेट प्राइस भी तय किए हैं।
गोल्ड लोन कंपनियों के शेयरों में शुक्रवार, 21 अगस्त को जबरदस्त खरीदारी देखने को मिली। इस तेजी की बड़ी वजह विदेशी ब्रोकरेज फर्म जेपी मॉर्गन की रिपोर्ट रही। ब्रोकरेज ने IIFL Finance, Muthoot Finance और Manappuram Finance की कवरेज शुरू करते हुए तीनों शेयरों पर ‘ओवरवेट’ रेटिंग दी है।
ब्रोकरेज की सकारात्मक राय के बाद इन कंपनियों के शेयरों में करीब 2 से 8 फीसदी तक की तेजी आई। इनमें सबसे ज्यादा उछाल आईआईएफएल फाइनेंस के शेयर में देखने को मिला। निवेशकों की नजर अब इस बात पर है कि क्या इन शेयरों में आगे भी तेजी जारी रह सकती है।
IIFL Finance के शेयर में 18% तक तेजी की गुंजाइश
आईआईएफएल फाइनेंस के शेयर में शुक्रवार को सबसे ज्यादा तेजी देखने को मिली। कंपनी का शेयर 7.26 फीसदी चढ़कर 682.90 रुपये पर पहुंच गया।
जेपी मॉर्गन ने आईआईएफएल फाइनेंस के शेयर के लिए 750 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है। इस हिसाब से मौजूदा स्तर से शेयर में करीब 18 फीसदी की संभावित तेजी की गुंजाइश बनती है।
ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी अभी अपने टर्नअराउंड के शुरुआती दौर में है। जैसे-जैसे कंपनी की मुनाफा कमाने की क्षमता में सुधार होगा, शेयर की री-रेटिंग हो सकती है।
आईआईएफएल फाइनेंस के शेयर ने पिछले एक साल में भी निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया है। इस अवधि में शेयर करीब 48 फीसदी से ज्यादा मजबूत हुआ है।
Muthoot Finance पर भी JP Morgan की पॉजिटिव राय
गोल्ड लोन सेक्टर की प्रमुख कंपनी मुथूट फाइनेंस पर भी जेपी मॉर्गन का रुख सकारात्मक है। ब्रोकरेज ने कंपनी के शेयर के लिए 3,400 रुपये का टारगेट प्राइस तय किया है।
21 अगस्त को मुथूट फाइनेंस का शेयर 2.29 फीसदी की तेजी के साथ 3,038 रुपये पर बंद हुआ। इस स्तर से ब्रोकरेज का टारगेट करीब 14 फीसदी ऊपर है।
जेपी मॉर्गन के मुताबिक, इस साल मुथूट फाइनेंस का प्रदर्शन गोल्ड लोन सेक्टर की कुछ दूसरी कंपनियों की तुलना में कमजोर रहा है। ऐसे में शेयर में आगे कैच-अप की संभावना देखी जा रही है।
हालांकि, पिछले एक साल की बात करें तो मुथूट फाइनेंस के शेयर में करीब 13.54 फीसदी की तेजी आ चुकी है।
Manappuram Finance में 13% तक तेजी का अनुमान
मण्णपुरम फाइनेंस के शेयर को लेकर भी जेपी मॉर्गन बुलिश नजर आ रहा है। ब्रोकरेज ने इसके लिए 395 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है।
21 अगस्त को कंपनी का शेयर 2.35 फीसदी चढ़कर 357.45 रुपये पर बंद हुआ। इस भाव के मुकाबले जेपी मॉर्गन का टारगेट करीब 13 फीसदी ज्यादा है।
ब्रोकरेज के मुताबिक, कंपनी के जून तिमाही के नतीजों में टर्नअराउंड के संकेत दिखाई दिए हैं। यही वजह है कि कंपनी के शेयर में आगे सुधार की संभावना जताई गई है।
मण्णपुरम फाइनेंस के शेयर ने भी पिछले एक साल में अच्छा प्रदर्शन किया है और इस दौरान इसमें करीब 35 फीसदी की तेजी आई है।
बाजार सपाट रहा, फिर भी गोल्ड लोन शेयरों में खरीदारी
गोल्ड लोन कंपनियों के शेयरों में यह तेजी ऐसे समय आई, जब भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांक लगभग सपाट रहे।
21 अगस्त को निफ्टी 0.08 फीसदी यानी करीब 20 अंक चढ़कर 24,252 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं सेंसेक्स सिर्फ 3 अंक की मामूली बढ़त के साथ 77,540 पर क्लोज हुआ। दूसरी ओर, बैंक निफ्टी में करीब 0.46 फीसदी की तेजी रही।
इससे साफ है कि शुक्रवार को व्यापक बाजार में बहुत ज्यादा मजबूती नहीं थी, लेकिन जेपी मॉर्गन की सकारात्मक रिपोर्ट के बाद गोल्ड लोन कंपनियों के शेयरों में अलग से खरीदारी देखने को मिली।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत?
जेपी मॉर्गन की रिपोर्ट से गोल्ड लोन सेक्टर को लेकर निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ है। खासतौर पर IIFL Finance में टर्नअराउंड, Muthoot Finance में संभावित कैच-अप और Manappuram Finance में सुधार के संकेत ब्रोकरेज की पसंद के प्रमुख कारणों में शामिल हैं।
हालांकि, किसी भी शेयर में तेजी की संभावना का मतलब यह नहीं है कि शेयर निश्चित रूप से ऊपर ही जाएगा। ब्रोकरेज के टारगेट अनुमान होते हैं और वास्तविक प्रदर्शन कंपनी के नतीजों, गोल्ड की कीमत, लोन ग्रोथ, एसेट क्वालिटी और बाजार की परिस्थितियों पर निर्भर कर सकता है।
इसलिए निवेशकों को केवल ब्रोकरेज की रिपोर्ट के आधार पर फैसला लेने के बजाय कंपनी के फंडामेंटल्स और अपने जोखिम प्रोफाइल को भी ध्यान में रखना चाहिए।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। इसमें दिए गए शेयरों से जुड़े टारगेट और ब्रोकरेज की राय को निवेश की सलाह न समझें। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश करने से पहले प्रमाणित वित्तीय सलाहकार से सलाह जरूर लें।


