Godfrey Phillips Q1 Results: सिगरेट और तंबाकू उत्पाद बनाने वाली कंपनी गॉडफ्रे फिलिप्स इंडिया (Godfrey Phillips India) ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) के कमजोर नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर करीब 44% घटकर ₹189.39 करोड़ रह गया। बढ़ी हुई एक्साइज ड्यूटी और मार्जिन पर दबाव के कारण कंपनी के प्रदर्शन पर असर पड़ा। हालांकि, बोर्ड ने शेयरधारकों के लिए फाइनल डिविडेंड की रिकॉर्ड डेट भी घोषित कर दी है। सोमवार को कंपनी का शेयर 4.03% की तेजी के साथ ₹2,215.40 पर बंद हुआ।
44% गिरा कंपनी का शुद्ध मुनाफा
गॉडफ्रे फिलिप्स इंडिया ने जून तिमाही में ₹189.39 करोड़ का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया, जबकि पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में कंपनी का मुनाफा ₹356.31 करोड़ था। यानी सालाना आधार पर कंपनी के मुनाफे में 44.3% की गिरावट आई।
वहीं, कंपनी की कुल आय (Revenue) भी कमजोर रही। जून तिमाही में रेवेन्यू 18.9% घटकर ₹1,205.5 करोड़ रह गया, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में यह ₹1,486.2 करोड़ था।
ऑपरेटिंग प्रदर्शन भी रहा कमजोर
कंपनी के ऑपरेटिंग प्रदर्शन में भी गिरावट देखने को मिली।
- EBITDA: ₹337.6 करोड़ से घटकर ₹181.44 करोड़
- गिरावट: 46.3%
- EBITDA Margin: 22.7% से घटकर 15.1%
मार्जिन में आई इस बड़ी गिरावट से साफ है कि लागत बढ़ने और टैक्स का असर कंपनी की प्रॉफिटेबिलिटी पर पड़ा है।
एक्साइज ड्यूटी बढ़ने से बढ़ा दबाव
गॉडफ्रे फिलिप्स भारत में Philip Morris International के लाइसेंस के तहत Marlboro सिगरेट का निर्माण और बिक्री करती है।
जून तिमाही में कंपनी का एक्साइज ड्यूटी खर्च करीब आठ गुना बढ़कर ₹3,600 करोड़ तक पहुंच गया। सरकार ने 1 फरवरी से सिगरेट पर नई एक्साइज ड्यूटी लागू की थी, जिसके तहत सिगरेट की लंबाई के आधार पर प्रति 1,000 सिगरेट ₹2,050 से ₹8,500 तक एक्साइज ड्यूटी तय की गई।
इस टैक्स बढ़ोतरी का असर सीधे कंपनी के मार्जिन और मुनाफे पर देखने को मिला। साथ ही, देशभर के करोड़ों धूम्रपान करने वाले उपभोक्ताओं के लिए सिगरेट की कीमतें भी बढ़ गईं।
मुख्य कारोबार से आय में मजबूती
हालांकि, कंपनी के मुख्य सिगरेट, तंबाकू और संबंधित उत्पादों के कारोबार से मिलने वाला रेवेन्यू दोगुने से अधिक बढ़कर ₹3,780 करोड़ पहुंच गया। यह कंपनी का सबसे बड़ा बिजनेस सेगमेंट है और कुल कारोबार में इसकी सबसे अधिक हिस्सेदारी है।
डिविडेंड के लिए रिकॉर्ड डेट घोषित
गॉडफ्रे फिलिप्स इंडिया के बोर्ड ने वित्त वर्ष 2025-26 के फाइनल डिविडेंड के लिए 11 अगस्त 2026 को रिकॉर्ड डेट तय की है।
जो निवेशक इस तारीख तक कंपनी के रिकॉर्ड में शेयरधारक के रूप में दर्ज होंगे, वे फाइनल डिविडेंड पाने के पात्र होंगे।
शेयर में रही तेजी
कमजोर तिमाही नतीजों से पहले सोमवार के कारोबार में कंपनी के शेयर ने मजबूती दिखाई।
- क्लोजिंग प्राइस: ₹2,215.40
- दैनिक बढ़त: 4.03%
- एक दिन में तेजी: ₹85.80
अब बाजार की नजर इस बात पर रहेगी कि कमजोर तिमाही नतीजों और बढ़ी हुई एक्साइज ड्यूटी के प्रभाव के बावजूद आने वाली तिमाहियों में कंपनी अपने मार्जिन को कितना सुधार पाती है।
कंपनी का कारोबार
गॉडफ्रे फिलिप्स इंडिया देश की प्रमुख तंबाकू कंपनियों में से एक है। कंपनी Four Square, Red & White, Cavanders, Stellar और Marlboro जैसे लोकप्रिय सिगरेट ब्रांडों का कारोबार करती है। इसके अलावा कंपनी पान मसाला, कन्फेक्शनरी और रिटेल बिजनेस में भी सक्रिय है।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
जून तिमाही के नतीजे बताते हैं कि बढ़ी हुई एक्साइज ड्यूटी का असर कंपनी के मुनाफे और मार्जिन पर साफ दिखाई दिया है। हालांकि, मुख्य कारोबार से आय में मजबूती बनी हुई है और डिविडेंड की घोषणा शेयरधारकों के लिए सकारात्मक संकेत मानी जा सकती है। आने वाली तिमाहियों में लागत नियंत्रण, टैक्स का प्रभाव और बिक्री की रफ्तार कंपनी के शेयर की दिशा तय करेंगे।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन होता है। किसी भी निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें। NewsJagran किसी भी शेयर में निवेश की सलाह नहीं देता।


