NewsjagranNewsjagranNewsjagran
  • बिजनेस न्यूज़
    बिजनेस न्यूज़Show More
    rbi-mpc-meeting-2026-repo-rate-emi-careedge-report
    RBI MPC Meeting: क्या आपकी EMI बढ़ेगी या मिलेगी राहत? CareEdge की रिपोर्ट में ब्याज दरों को लेकर बड़ा अनुमान
    1 जून 2026
    america-natural-gas-price-rise-may-2026
    अमेरिका में भी महंगाई की मार, नैचुरल गैस के दाम छू रहे आसमान! मई में 18.9% बढ़ी कीमत, गर्मी और सप्लाई संकट बना वजह
    1 जून 2026
    siti-networks-bankruptcy-story-1206-crore-loan-defaultsiti-networks-bankruptcy-story-1206-crore-loan-default
    याद है SITI Networks, जो हर घर में पहुंचाती थी केबल; आज ₹1206 करोड़ का कर्ज, दिवालिया प्रक्रिया में फंसी कंपनी
    1 जून 2026
    murali-divi-success-story-divis-laboratories-founder-net-worth
    दो बार 12वीं में फेल, 13 बच्चों में सबसे छोटे… आज ₹83,000 करोड़ की संपत्ति के मालिक; जानिए ₹1.76 लाख करोड़ की कंपनी बनाने वाले डॉ. मुरली डीवी की कहानी
    1 जून 2026
    warren-buffett-biggest-mistake-berkshire-hathaway-96-lakh-crore-empire-story
    वॉरेन बफेट की ‘सबसे बड़ी बेवकूफी’ कैसे बन गई ₹96 लाख करोड़ का साम्राज्य? 64 साल पुरानी कहानी से निवेशकों को क्या सीख मिलती है
    1 जून 2026
  • कमोडिटी
    कमोडिटीShow More
    petrol-diesel-atf-export-duty-cut-from-1-june-will-fuel-price-decrease
    Petrol Diesel Export Duty Cut: पेट्रोल, डीजल और ATF पर घटा निर्यात शुल्क, 1 जून से लागू होंगी नई दरें; क्या आम लोगों को मिलेगा सस्ता ईंधन?
    31 मई 2026
    cng-prices-hike-mgl-cng-png-price-increase-mumbai-may-2026
    CNG Prices Hike: सीएनजी ₹2 प्रति किलो महंगी, PNG के दाम भी बढ़े; जानिए आम लोगों की जेब पर कितना पड़ेगा असर
    30 मई 2026
    gold-silver-price-today-30-may-2026-gold-rate-silver-price-city-wise
    Gold Silver Price Today: चांदी में 5,000 रुपये की जबरदस्त छलांग, सोना भी चमका, जानिए आपके शहर में आज का भाव
    30 मई 2026
    gold-silver-price-today-may-29-gold-silver-rate-fall-city-wise-price
    Gold Silver Price Today May 29: सोना ₹700 और चांदी ₹1,500 से ज्यादा सस्ती, क्या खरीदारी का सही मौका आ गया?
    29 मई 2026
    crude-oil-price-today
    Crude Oil Price Today: कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट या तेजी? जानिए आज का लेटेस्ट अपडेट
    28 मई 2026
  • शेयर बाज़ार
    शेयर बाज़ारShow More
    share-market-crash-sensex-falls-508-points-nifty-below-23400-experts-view
    Share Market Crash: सेंसेक्स 508 अंक टूटा, निफ्टी 23,400 के नीचे; क्या और बढ़ेगी गिरावट? जानिए एक्सपर्ट की राय
    1 जून 2026
    anand-rathi-top-5-stock-picks-indigo-max-healthcare-target-price
    IndiGo से लेकर मैक्स हेल्थकेयर तक… आनंद राठी रिसर्च के टॉप 5 शेयर; 61% तक अपसाइड का दावा, जानिए टारगेट प्राइस
    1 जून 2026
    inox-wind-share-price-falls-after-q4-results-target-rs-70
    Inox Wind Share: बुरी तरह टूटा 90 रुपये वाला शेयर, Q4 नतीजों के बाद 8% की गिरावट; एक्सपर्ट ने दिया ₹70 का नया टारगेट
    1 जून 2026
    wockhardt-share-price-jumps-19-percent-after-usfda-zaynich-approval
    कोविड वैक्सीन बनाने वाली 59 साल पुरानी कंपनी का शेयर 19% उछला, USFDA की मंजूरी से बना नया रिकॉर्ड
    1 जून 2026
    nmdc-steel-share-price-fy26-profit-record-production-sales
    NMDC Steel Share Price: घाटे से मुनाफे में आई कंपनी, रिकॉर्ड उत्पादन-बिक्री से शेयर में 15% की बंपर तेजी
    1 जून 2026
Search
© 2026 News Jagran Digital Media. All Rights Reserved. | Udyam-HR-05-0178310
Reading: Crude Palm Oil Import Duty: पाम ऑयल पर इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाने की मांग तेज, क्या किसानों की आय में होगा बड़ा बदलाव?
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NewsjagranNewsjagran
Font ResizerAa
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Search
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Follow US
© 2026 News Jagran. All Rights Reserved.
बिजनेस न्यूज़

Crude Palm Oil Import Duty: पाम ऑयल पर इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाने की मांग तेज, क्या किसानों की आय में होगा बड़ा बदलाव?

Namam Sharma
Last updated: 2026/06/01 at 11:53 पूर्वाह्न
Namam Sharma - Senior Editor – Newsjagran
Share
7 Min Read
crude-palm-oil-import-duty-hike-demand-farmers-benefit-india
SHARE

नई दिल्ली। देश में खाद्य तेलों की बढ़ती खपत और आयात पर निर्भरता के बीच कच्चे पाम तेल (Crude Palm Oil) पर आयात शुल्क बढ़ाने की मांग एक बार फिर तेज हो गई है। तेलंगाना सरकार ने केंद्र सरकार से आग्रह किया है कि कच्चे पाम तेल पर लगने वाले आयात शुल्क को बढ़ाया जाए ताकि घरेलू किसानों को बेहतर कीमत मिल सके और देश में पाम ऑयल उत्पादन को बढ़ावा दिया जा सके।

Contents
आखिर क्यों बढ़ी आयात शुल्क बढ़ाने की मांग?44% ड्यूटी से 16.50% तक कैसे पहुंचा शुल्क?किसानों को क्या होगा फायदा?भारत में पाम ऑयल उत्पादन बढ़ाने पर क्यों है जोर?तेलंगाना क्यों बना पाम ऑयल उत्पादन का केंद्र?क्या उपभोक्ताओं पर भी पड़ेगा असर?आगे क्या हो सकता है?

तेलंगाना के कृषि मंत्री तुम्मला नागेश्वर राव ने केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान को पत्र लिखकर इस मुद्दे को उठाया है। उनका कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में आयात शुल्क में कमी आने से विदेशी पाम ऑयल सस्ता हो गया है, जिससे भारतीय किसानों को अपनी उपज का उचित मूल्य नहीं मिल पा रहा।

आखिर क्यों बढ़ी आयात शुल्क बढ़ाने की मांग?

भारत दुनिया का सबसे बड़ा खाद्य तेल आयातक देश है। देश अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा इंडोनेशिया, मलेशिया और अन्य देशों से आयात करता है। इनमें पाम ऑयल की हिस्सेदारी सबसे अधिक होती है क्योंकि यह अन्य खाद्य तेलों की तुलना में सस्ता पड़ता है। हालांकि, जब आयात शुल्क कम होता है तो विदेशी पाम ऑयल भारतीय बाजार में कम कीमत पर उपलब्ध हो जाता है। इससे घरेलू स्तर पर उत्पादित पाम ऑयल की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता प्रभावित होती है और किसानों को कम दाम मिलने लगते हैं। तेलंगाना सरकार का तर्क है कि यदि आयात शुल्क बढ़ाया जाता है तो विदेशी तेल महंगा होगा, जिससे घरेलू उत्पादकों को बाजार में बेहतर अवसर मिलेंगे और किसानों की आय बढ़ेगी।

44% ड्यूटी से 16.50% तक कैसे पहुंचा शुल्क?

राज्य सरकार ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि वर्ष 2018 में कच्चे पाम तेल पर प्रभावी आयात शुल्क लगभग 44 प्रतिशत था। उस समय किसानों को बेहतर कीमतें मिल रही थीं और पाम ऑयल की खेती तेजी से बढ़ रही थी। लेकिन बाद के वर्षों में खाद्य तेलों की महंगाई को नियंत्रित करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ने कई बार आयात शुल्क में कटौती की। परिणामस्वरूप वर्तमान प्रभावी शुल्क दर घटकर लगभग 16.50 प्रतिशत रह गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि शुल्क में कमी का फायदा उपभोक्ताओं को कम कीमत के रूप में जरूर मिला, लेकिन इसका असर किसानों की आय पर भी पड़ा है।

किसानों को क्या होगा फायदा?

कृषि मंत्री के अनुसार पाम ऑयल की खेती किसानों के लिए पारंपरिक फसलों की तुलना में अधिक लाभदायक साबित हो सकती है। पाम ऑयल की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि एक बार पौधे लगाने के बाद लगभग 25 से 30 वर्षों तक उत्पादन मिलता रहता है। इससे किसानों को लंबे समय तक स्थिर आय का स्रोत प्राप्त होता है। तेलंगाना सरकार के अनुसार: किसानों को प्रति एकड़ ₹2 लाख से ₹3 लाख तक की वार्षिक आय मिल सकती है। ताजे फलों के गुच्छों (FFB) की मौजूदा कीमत लगभग ₹23,500 प्रति टन है। पाम ऑयल की उत्पादकता कई अन्य तिलहन फसलों से अधिक मानी जाती है। यदि आयात शुल्क बढ़ता है तो घरेलू बाजार में कीमतों को समर्थन मिल सकता है और किसानों को बेहतर रिटर्न प्राप्त हो सकता है।

भारत में पाम ऑयल उत्पादन बढ़ाने पर क्यों है जोर?

भारत हर साल खाद्य तेलों के आयात पर अरबों डॉलर खर्च करता है। सरकार लंबे समय से इस आयात निर्भरता को कम करने की कोशिश कर रही है। इसी उद्देश्य से राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन–ऑयल पाम (NMEO-OP) जैसी योजनाएं शुरू की गई हैं। इस मिशन का लक्ष्य देश में पाम ऑयल की खेती का विस्तार करना और घरेलू उत्पादन बढ़ाना है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि भारत घरेलू स्तर पर पाम ऑयल उत्पादन बढ़ाने में सफल होता है तो खाद्य तेल आयात बिल कम होगा। किसानों की आय बढ़ेगी। ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन होगा। विदेशी मुद्रा की बचत होगी।

तेलंगाना क्यों बना पाम ऑयल उत्पादन का केंद्र?

तेलंगाना ने पिछले कुछ वर्षों में पाम ऑयल खेती को तेजी से बढ़ावा दिया है। राज्य सरकार के अनुसार देश के कुल पाम ऑयल क्षेत्रफल में लगभग 36 प्रतिशत हिस्सेदारी तेलंगाना की है। राज्य सरकार का लक्ष्य 2026-27 तक अतिरिक्त 34,000 हेक्टेयर क्षेत्र को पाम ऑयल खेती के तहत लाना है। इसके लिए किसानों को पौधे, तकनीकी सहायता और प्रसंस्करण सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। यही वजह है कि राज्य सरकार पाम ऑयल किसानों के हितों की रक्षा के लिए आयात शुल्क बढ़ाने की मांग कर रही है।

क्या उपभोक्ताओं पर भी पड़ेगा असर?

आयात शुल्क बढ़ाने का एक दूसरा पहलू भी है। यदि विदेशी पाम ऑयल महंगा होता है तो खाद्य तेलों की खुदरा कीमतों में कुछ बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। हालांकि सरकार को किसानों और उपभोक्ताओं दोनों के हितों के बीच संतुलन बनाना होगा। यदि शुल्क बहुत अधिक बढ़ाया जाता है तो खाद्य तेल महंगे हो सकते हैं, जबकि कम शुल्क किसानों को नुकसान पहुंचा सकता है। इसी कारण केंद्र सरकार आमतौर पर अंतरराष्ट्रीय कीमतों, घरेलू उत्पादन और महंगाई को ध्यान में रखकर आयात शुल्क तय करती है।

आगे क्या हो सकता है?

तेलंगाना सरकार की मांग ऐसे समय आई है जब देश खाद्य तेलों में आत्मनिर्भरता बढ़ाने की दिशा में काम कर रहा है। यदि केंद्र सरकार इस प्रस्ताव पर सकारात्मक निर्णय लेती है तो पाम ऑयल किसानों को राहत मिल सकती है और घरेलू उत्पादन को नया प्रोत्साहन मिल सकता है। आने वाले महीनों में केंद्र सरकार का फैसला यह तय करेगा कि भारत आयातित खाद्य तेलों पर निर्भरता कम करने की दिशा में कितना बड़ा कदम उठाता है। फिलहाल किसानों और उद्योग जगत की नजर इस मांग पर केंद्र सरकार की प्रतिक्रिया पर टिकी हुई है।

Also Read:

  • कोविड वैक्सीन बनाने वाली 59 साल पुरानी कंपनी का शेयर 19% उछला, USFDA की मंजूरी से बना नया रिकॉर्ड
  • NMDC Steel Share Price: घाटे से मुनाफे में आई कंपनी, रिकॉर्ड उत्पादन-बिक्री से शेयर में 15% की बंपर तेजी

You Might Also Like

RBI MPC Meeting: क्या आपकी EMI बढ़ेगी या मिलेगी राहत? CareEdge की रिपोर्ट में ब्याज दरों को लेकर बड़ा अनुमान

अमेरिका में भी महंगाई की मार, नैचुरल गैस के दाम छू रहे आसमान! मई में 18.9% बढ़ी कीमत, गर्मी और सप्लाई संकट बना वजह

याद है SITI Networks, जो हर घर में पहुंचाती थी केबल; आज ₹1206 करोड़ का कर्ज, दिवालिया प्रक्रिया में फंसी कंपनी

दो बार 12वीं में फेल, 13 बच्चों में सबसे छोटे… आज ₹83,000 करोड़ की संपत्ति के मालिक; जानिए ₹1.76 लाख करोड़ की कंपनी बनाने वाले डॉ. मुरली डीवी की कहानी

वॉरेन बफेट की ‘सबसे बड़ी बेवकूफी’ कैसे बन गई ₹96 लाख करोड़ का साम्राज्य? 64 साल पुरानी कहानी से निवेशकों को क्या सीख मिलती है

TAGGED: Agriculture News, Crude Palm Oil, Edible Oil Prices, Import Duty Hike, Oilseed Farming, Palm Oil Cultivation, Palm Oil Farmers, Palm Oil Import Duty, shivraj singh chouhan, Telangana Government
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
By Namam Sharma Senior Editor – Newsjagran
Follow:
नमम शर्मा, Newsjagran के सीनियर एडिटर हैं। बिज़नेस न्यूज़, कमोडिटी बाज़ार, सोना-चांदी भाव, पेट्रोल-डीजल रेट और फाइनेंस में 9 साल का अनुभव। हिंदी डिजिटल पत्रकारिता के जानकार।
Previous Article wockhardt-share-price-jumps-19-percent-after-usfda-zaynich-approval कोविड वैक्सीन बनाने वाली 59 साल पुरानी कंपनी का शेयर 19% उछला, USFDA की मंजूरी से बना नया रिकॉर्ड
Next Article inox-wind-share-price-falls-after-q4-results-target-rs-70 Inox Wind Share: बुरी तरह टूटा 90 रुपये वाला शेयर, Q4 नतीजों के बाद 8% की गिरावट; एक्सपर्ट ने दिया ₹70 का नया टारगेट

Recent Posts

  • Share Market Crash: सेंसेक्स 508 अंक टूटा, निफ्टी 23,400 के नीचे; क्या और बढ़ेगी गिरावट? जानिए एक्सपर्ट की राय
  • RBI MPC Meeting: क्या आपकी EMI बढ़ेगी या मिलेगी राहत? CareEdge की रिपोर्ट में ब्याज दरों को लेकर बड़ा अनुमान
  • अमेरिका में भी महंगाई की मार, नैचुरल गैस के दाम छू रहे आसमान! मई में 18.9% बढ़ी कीमत, गर्मी और सप्लाई संकट बना वजह
  • IndiGo से लेकर मैक्स हेल्थकेयर तक… आनंद राठी रिसर्च के टॉप 5 शेयर; 61% तक अपसाइड का दावा, जानिए टारगेट प्राइस
  • याद है SITI Networks, जो हर घर में पहुंचाती थी केबल; आज ₹1206 करोड़ का कर्ज, दिवालिया प्रक्रिया में फंसी कंपनी

Recent Comments

  1. Rhy 🌷 (@__rhythem17) – हिमाचल की Tech + Travel स्टार, जिनका कंटेंट हर फॉलोअर्स को आकर्षित करता है पर Namam Sharma
  2. Vaishnavi Singh aka Vanshi (@chawal.to.choorma) – Bold, Confident और Trendy Instagram Star पर Namam Sharma
  3. Vaishnavi Singh aka Vanshi (@chawal.to.choorma) – Bold, Confident और Trendy Instagram Star पर Supriya Singh
  4. Rhy 🌷 (@__rhythem17) – हिमाचल की Tech + Travel स्टार, जिनका कंटेंट हर फॉलोअर्स को आकर्षित करता है पर Chaman Singh
  5. Saba (@thewordmuse_) Profile: 1.2M+ Followers वाली Urdu Poetry & Voice Artist Influencer की पूरी कहानी पर Namam Sharma

महत्वपूर्ण पृष्ठ

  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार

त्वरित लिंक्स

  • 8 वेतन आयोग
  • सरकारी योजनाएं
  • बिजनेस न्यूज़
  • Advertise With Us
  • अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
  • Terms of Service

Discover News Jagran

  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Disclaimer & Affiliate Disclosure
  • Editorial Policy
  • Author Bio & Team
  • Career

Latest News

share-market-crash-sensex-falls-508-points-nifty-below-23400-experts-view
Share Market Crash: सेंसेक्स 508 अंक टूटा, निफ्टी 23,400 के नीचे; क्या और बढ़ेगी गिरावट? जानिए एक्सपर्ट की राय
शेयर बाज़ार 1 जून 2026
rbi-mpc-meeting-2026-repo-rate-emi-careedge-report
RBI MPC Meeting: क्या आपकी EMI बढ़ेगी या मिलेगी राहत? CareEdge की रिपोर्ट में ब्याज दरों को लेकर बड़ा अनुमान
बिजनेस न्यूज़ 1 जून 2026
america-natural-gas-price-rise-may-2026
अमेरिका में भी महंगाई की मार, नैचुरल गैस के दाम छू रहे आसमान! मई में 18.9% बढ़ी कीमत, गर्मी और सप्लाई संकट बना वजह
बिजनेस न्यूज़ 1 जून 2026
anand-rathi-top-5-stock-picks-indigo-max-healthcare-target-price
IndiGo से लेकर मैक्स हेल्थकेयर तक… आनंद राठी रिसर्च के टॉप 5 शेयर; 61% तक अपसाइड का दावा, जानिए टारगेट प्राइस
शेयर बाज़ार 1 जून 2026
NewsjagranNewsjagran
© 2026 News Jagran Digital Media | Google News Approved | MSME: Udyam-HR-05-0178310
  • बिजनेस न्यूज़
  • कमोडिटी
  • शेयर बाज़ार
Manage Consent
To provide the best experiences, we use technologies like cookies to store and/or access device information. Consenting to these technologies will allow us to process data such as browsing behaviour or unique IDs on this site. Not consenting or withdrawing consent, may adversely affect certain features and functions.
Functional Always active
The technical storage or access is strictly necessary for the legitimate purpose of enabling the use of a specific service explicitly requested by the subscriber or user, or for the sole purpose of carrying out the transmission of a communication over an electronic communications network.
Preferences
The technical storage or access is necessary for the legitimate purpose of storing preferences that are not requested by the subscriber or user.
Statistics
The technical storage or access that is used exclusively for statistical purposes. The technical storage or access that is used exclusively for anonymous statistical purposes. Without a subpoena, voluntary compliance on the part of your Internet Service Provider, or additional records from a third party, information stored or retrieved for this purpose alone cannot usually be used to identify you.
Marketing
The technical storage or access is required to create user profiles to send advertising, or to track the user on a website or across several websites for similar marketing purposes.
  • Manage options
  • Manage services
  • Manage {vendor_count} vendors
  • Read more about these purposes
View preferences
  • {title}
  • {title}
  • {title}
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?