Bihar Viral Video: बिहार के पश्चिम चंपारण से सामने आए एक वायरल वीडियो ने रेलवे की कार्यप्रणाली को लेकर सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी है। वीडियो में एक परिवार रेलवे क्रॉसिंग के पास खड़ा दिखाई देता है और कुछ देर बाद एक ट्रेन वहां रुकती नजर आती है। इसके बाद परिवार के चार सदस्य ट्रेन में सवार हो जाते हैं। वीडियो वायरल होने के बाद लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर रेलवे क्रॉसिंग के पास ट्रेन इस तरह क्यों रुकी और क्या यात्रियों को वहां से चढ़ने की अनुमति थी?
बिहार के पश्चिम चंपारण जिले से सामने आया एक वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में रेलवे क्रॉसिंग के पास खड़ा एक परिवार अचानक ट्रेन में सवार होता दिखाई दे रहा है। इस पूरे घटनाक्रम को देखकर मौके पर मौजूद लोग भी हैरान रह गए। किसी व्यक्ति ने इस घटना का वीडियो रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर डाल दिया, जिसके बाद यह चर्चा का विषय बन गया।
वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। कुछ यूजर्स इसे रेलवे व्यवस्था की लापरवाही बता रहे हैं, जबकि कुछ लोगों ने घटना की पूरी जांच की मांग की है। हालांकि, वीडियो में दिखाई दे रही घटना के पीछे की वास्तविक वजह और ट्रेन के वहां रुकने का आधिकारिक कारण अभी स्पष्ट नहीं है।
कुमारबाग रेलवे स्टेशन के पास का बताया जा रहा है मामला
बताया जा रहा है कि यह घटना 8 अगस्त को पश्चिम चंपारण के कुमारबाग रेलवे स्टेशन के आसपास हुई। वीडियो में रेलवे क्रॉसिंग बंद दिखाई देती है और दूसरी तरफ कई वाहन ट्रेन के गुजरने का इंतजार कर रहे हैं। इसी दौरान चार लोगों का एक परिवार क्रॉसिंग के पास मौजूद दिखाई देता है।
वीडियो रिकॉर्ड करने वाले व्यक्ति के मुताबिक, परिवार काफी देर से वहां ट्रेन का इंतजार कर रहा था। दावा किया गया कि वे करीब एक घंटे से मौके पर मौजूद थे। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
कुमारबाग स्टेशन मुजफ्फरपुर-नरकटियागंज रेल रूट पर स्थित है। इस रूट पर मुजफ्फरपुर-नरकटियागंज MEMU का परिचालन होता है। उपलब्ध ट्रेन रिकॉर्ड में कुमारबाग को इस रेल रूट के स्टेशनों में शामिल किया गया है।
फोन पर बात करने के बाद रुकी ट्रेन?
वायरल वीडियो में परिवार के एक सदस्य को फोन पर बात करते हुए देखा जा सकता है। वीडियो रिकॉर्ड करने वाले शख्स ने अंदाजा लगाया कि शायद वह किसी परिचित से संपर्क कर रहा था।
इसके कुछ समय बाद एक ट्रेन वहां से गुजरती दिखाई देती है। वीडियो के मुताबिक, ट्रेन की रफ्तार कम होती है और वह रेलवे क्रॉसिंग के पास रुक जाती है। इसके बाद परिवार के चार सदस्य तेजी से ट्रेन के एक कोच के दरवाजे की तरफ जाते हैं और उसमें चढ़ जाते हैं।
यही हिस्सा वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने वाली सबसे बड़ी वजह बना। आमतौर पर यात्री ट्रेन में चढ़ने के लिए निर्धारित स्टेशन या हॉल्ट का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में रेलवे क्रॉसिंग के पास ट्रेन रुकने और वहां से लोगों के सवार होने का दृश्य लोगों को असामान्य लगा।
गेटमैन के सामने हुआ पूरा घटनाक्रम
वीडियो में रेलवे क्रॉसिंग पर तैनात गेटमैन भी दिखाई देता है। ट्रेन के रुकने के बाद परिवार के सदस्यों को उसके कोच में चढ़ते हुए देखा जा सकता है।
इसी वजह से सोशल मीडिया यूजर्स का सवाल है कि अगर ट्रेन का वहां रुकना किसी परिचालन कारण से नहीं था और केवल यात्रियों को चढ़ाने के लिए ट्रेन रोकी गई, तो ऐसा किसके निर्देश पर हुआ?
हालांकि, केवल वायरल वीडियो के आधार पर यह निष्कर्ष निकालना सही नहीं होगा कि ट्रेन को विशेष रूप से उसी परिवार को चढ़ाने के लिए रोका गया था। ट्रेन के रुकने की वास्तविक वजह रेलवे की आधिकारिक जांच या संबंधित अधिकारियों के बयान से ही स्पष्ट हो सकती है।
सोशल मीडिया पर यूजर्स बोले- ‘ट्रेन को टेंपो बना दिया’
वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दीं। कुछ लोगों ने घटना को लेकर नाराजगी जताई, तो कुछ ने इसे मजाकिया अंदाज में लिया।
एक यूजर ने टिप्पणी करते हुए लिखा, “ट्रेन को टेंपो बना दिया।” वहीं कुछ अन्य यूजर्स ने कहा कि अगर ट्रेन वास्तव में किसी परिवार को चढ़ाने के लिए रोकी गई थी, तो यह रेलवे के नियमों और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है।
कुछ लोगों ने लोको पायलट और रेलवे कर्मचारियों की भूमिका पर भी सवाल उठाए। कुछ टिप्पणियों में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई।
रेलवे से जांच और जवाब की मांग
वायरल वीडियो के बाद कई सोशल मीडिया यूजर्स ने रेलवे और रेल मंत्रालय को टैग करते हुए पूरे मामले की जांच की मांग की है। लोगों का सवाल है कि रेलवे क्रॉसिंग पर ट्रेन रुकने की अनुमति किन परिस्थितियों में दी जा सकती है और क्या वहां से यात्रियों को ट्रेन में सवार कराया जा सकता है?
एक यूजर ने सवाल उठाया कि अगर ट्रेन को किसी तकनीकी या परिचालन वजह से रुकना नहीं था, तो क्रॉसिंग पर यात्रियों को चढ़ाने के लिए ट्रेन रोकने की अनुमति किसने दी।
वहीं, कुछ लोगों ने यह भी कहा कि वायरल वीडियो के आधार पर तुरंत किसी कर्मचारी या लोको पायलट को दोषी ठहराना उचित नहीं होगा। पहले यह पता लगना जरूरी है कि ट्रेन वहां क्यों रुकी थी और परिवार के लोग किस परिस्थिति में ट्रेन में सवार हुए।
वायरल वीडियो से उठे कई सवाल
इस पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल यही है कि ट्रेन रेलवे क्रॉसिंग के पास आखिर क्यों रुकी? क्या ट्रेन किसी परिचालन कारण से रुकी थी या वास्तव में यात्रियों को सवार कराने के लिए उसे वहां रोका गया था?
दूसरा सवाल यह है कि अगर ट्रेन का वहां रुकना तय था, तो परिवार के सदस्यों को उसी स्थान से ट्रेन में चढ़ने की अनुमति क्यों मिली? वहीं, अगर ट्रेन अनियोजित रूप से रुकी थी, तो इसके पीछे क्या वजह थी?
फिलहाल सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के आधार पर कई तरह के दावे किए जा रहे हैं, लेकिन घटना की पूरी तस्वीर आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही साफ होगी।
वीडियो की सत्यता और पूरी घटना की पुष्टि जरूरी
वायरल वीडियो में जो घटनाक्रम दिखाई दे रहा है, वह निश्चित तौर पर असामान्य नजर आता है। लेकिन वीडियो के आधार पर यह कहना जल्दबाजी होगी कि ट्रेन को केवल परिवार को चढ़ाने के लिए ही रोका गया था।
रेलवे की ओर से इस मामले में आधिकारिक स्पष्टीकरण या जांच की जानकारी सामने आती है तो यह स्पष्ट हो सकेगा कि ट्रेन वहां किस कारण रुकी थी और परिवार के सदस्यों के ट्रेन में सवार होने की परिस्थितियां क्या थीं।
फिलहाल यह वीडियो सोशल मीडिया पर रेलवे व्यवस्था और सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर रहा है। लोगों की नजर अब इस बात पर है कि संबंधित रेलवे अधिकारी इस मामले में क्या जवाब देते हैं।


