Colgate-Palmolive India Leadership Change: कोलगेट-पामोलिव इंडिया में बड़ा नेतृत्व परिवर्तन होने जा रहा है। कंपनी ने मनीष आनंदानी को नया मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) और चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) नियुक्त करने का ऐलान किया है। वह 28 सितंबर 2026 से यह जिम्मेदारी संभालेंगे। मौजूदा MD-CEO प्रभा नरसिम्हन 27 सितंबर को अपने पद से हटेंगी और इसके बाद उन्हें कोलगेट-पामोलिव के एशिया-पैसिफिक डिवीजन में मार्केटिंग की एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट की जिम्मेदारी मिलेगी।
यह बदलाव ऐसे समय में हुआ है जब कोलगेट-पामोलिव इंडिया प्रीमियम प्रोडक्ट्स, ई-कॉमर्स और क्विक-कॉमर्स जैसे क्षेत्रों पर ज्यादा फोकस कर रही है। कंपनी भारत में अपने अगले ग्रोथ फेज की तैयारी कर रही है। ऐसे में मनीष आनंदानी का करीब तीन दशक का FMCG और कंज्यूमर बिजनेस अनुभव कंपनी के लिए अहम माना जा रहा है।
Highlights
- मनीष आनंदानी 28 सितंबर 2026 से Colgate-Palmolive India के MD-CEO बनेंगे।
- उनके पास करीब 30 साल का अनुभव है।
- वह इससे पहले Kenvue India और South Asia के Managing Director रह चुके हैं।
- आनंदानी ने इससे पहले 2005 से 2018 तक Colgate-Palmolive में काम किया था।
- प्रभा नरसिम्हन को Asia-Pacific Division में EVP-Marketing बनाया गया है।
- मनीष आनंदानी की सैलरी अभी सार्वजनिक रूप से घोषित नहीं हुई है।
कौन हैं मनीष आनंदानी?
मनीष आनंदानी FMCG और कंज्यूमर हेल्थ सेक्टर के अनुभवी बिजनेस लीडर हैं। उनके करियर का अनुभव सेल्स, मार्केटिंग, जनरल मैनेजमेंट, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, ई-कॉमर्स और मार्केट एक्सपेंशन जैसे क्षेत्रों में फैला हुआ है। Colgate-Palmolive India के मुताबिक, उनके पास करीब 30 साल का समृद्ध अनुभव है।
Colgate में वापसी उनके करियर के लिए भी खास मानी जा रही है, क्योंकि वह इससे पहले कंपनी में लगभग 13 साल काम कर चुके हैं। उन्होंने 2005 में Colgate-Palmolive के साथ अपना सफर शुरू किया था और 2018 तक अलग-अलग महत्वपूर्ण पदों पर जिम्मेदारियां संभालीं।
उनका करियर PepsiCo India से शुरू हुआ था। इसके बाद उन्होंने Colgate-Palmolive और Johnson & Johnson Consumer Health जैसे बड़े ग्लोबल ब्रांड्स में काम किया। बाद में Johnson & Johnson Consumer Health के कंज्यूमर हेल्थ बिजनेस के अलग होने के बाद यही कारोबार Kenvue के नाम से सामने आया।
Colgate में 13 साल तक संभालीं कई जिम्मेदारियां
मनीष आनंदानी का Colgate-Palmolive से पुराना संबंध है। कंपनी के मुताबिक, उन्होंने 2005 से 2018 के बीच 13 साल Colgate में काम किया। इस दौरान उन्होंने भारत, इंडोचाइना और कॉरपोरेट ऑफिस में कई महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाईं। उनका अंतिम प्रमुख कार्यकाल Global Customer Development से जुड़ा था, जहां वे Worldwide Director के पद तक पहुंचे।
उनके अनुभव का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने रिटेल, शॉपर मार्केटिंग, कस्टमर डेवलपमेंट, ई-कॉमर्स और मार्केटिंग से जुड़े क्षेत्रों में काम किया है। यही वजह है कि कंपनी की मौजूदा डिजिटल और प्रीमियमाइजेशन रणनीति के लिहाज से उनका अनुभव काफी उपयोगी माना जा रहा है।
Kenvue में भी रहे MD
Colgate में अपने पहले कार्यकाल के बाद मनीष आनंदानी Johnson & Johnson Consumer Health से जुड़े। बाद में इसी कारोबार से Kenvue अस्तित्व में आया। उन्होंने Kenvue में भारत और दक्षिण एशिया के Managing Director के रूप में जिम्मेदारी संभाली।
इससे पहले Kenvue में उन्होंने भारत के अलावा दूसरे इंटरनेशनल मार्केट्स में भी नेतृत्व की भूमिका निभाई। उनके अनुभव में डिजिटल-फर्स्ट सेल्स, ई-कॉमर्स और ओम्नीचैनल बिजनेस को बढ़ाना भी शामिल रहा है।
यानी Colgate में उनकी वापसी केवल पुराने कर्मचारी की वापसी नहीं है, बल्कि एक ऐसे वरिष्ठ अधिकारी की वापसी है, जिसने FMCG और कंज्यूमर हेल्थ के बदलते बिजनेस मॉडल को काफी करीब से देखा है।
पढ़ाई में भी मजबूत है बैकग्राउंड
मनीष आनंदानी ने Electronics में डिग्री हासिल की है। इसके बाद उन्होंने अमेरिका के न्यू हैम्पशायर स्थित Tuck School of Business से Marketing और Leadership में MBA किया। उनके शैक्षणिक बैकग्राउंड के साथ-साथ उनका प्रोफेशनल अनुभव भी सेल्स और मार्केटिंग से लेकर डिजिटल बिजनेस तक फैला हुआ है।
आज FMCG कंपनियों के लिए डिजिटल कॉमर्स, क्विक-कॉमर्स, डेटा और कंज्यूमर इनसाइट्स तेजी से महत्वपूर्ण हो रहे हैं। आनंदानी के करियर में इन क्षेत्रों में काम करने का अनुभव रहा है।
कितने साल का अनुभव है?
Colgate-Palmolive India के आधिकारिक बयान के अनुसार, मनीष आनंदानी के पास करीब 30 साल का अनुभव है। उनका अनुभव मुख्य रूप से सेल्स, मार्केटिंग, जनरल मैनेजमेंट और सीनियर लीडरशिप भूमिकाओं में रहा है।
उनके करियर की खास बात यह है कि उन्होंने एक ही तरह के बिजनेस मॉडल तक खुद को सीमित नहीं रखा। FMCG, कंज्यूमर हेल्थ, रिटेल, ई-कॉमर्स और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन जैसे अलग-अलग क्षेत्रों में काम करने का अनुभव उन्हें मिला है।
कितनी होगी मनीष आनंदानी की सैलरी?
अब सबसे बड़ा सवाल है कि Colgate के नए MD-CEO मनीष आनंदानी को कितनी सैलरी मिलेगी?
फिलहाल कंपनी ने मनीष आनंदानी के लिए किसी निश्चित वार्षिक वेतन पैकेज की सार्वजनिक घोषणा नहीं की है। इसलिए उनकी सैलरी को लेकर कोई निश्चित आंकड़ा बताना सही नहीं होगा।
हालांकि, तुलना के लिए Colgate-Palmolive India की पिछली वार्षिक रिपोर्ट में प्रभा नरसिम्हन के पारिश्रमिक की जानकारी उपलब्ध है। वित्त वर्ष 2025-26 में उन्हें मिला कुल पारिश्रमिक कंपनी की रिपोर्ट में दर्ज है।
मीडिया रिपोर्ट्स में भी प्रभा नरसिम्हन के सालाना पैकेज को करीब ₹12 करोड़ से अधिक बताया गया है। हालांकि, किसी MD-CEO का कुल पारिश्रमिक केवल बेस सैलरी नहीं होता। इसमें फिक्स्ड पे, परफॉर्मेंस आधारित इंसेंटिव, बोनस, रिटायरल बेनिफिट और अन्य घटक शामिल हो सकते हैं। इसलिए मनीष आनंदानी की सैलरी को प्रभा नरसिम्हन के पैकेज के आधार पर सीधे तय मानना उचित नहीं होगा।
सीधी बात: मनीष आनंदानी की सटीक सैलरी की आधिकारिक जानकारी आने के बाद ही उनका पूरा पैकेज स्पष्ट होगा।
प्रभा नरसिम्हन को मिला प्रमोशन
Colgate-Palmolive India की मौजूदा MD-CEO प्रभा नरसिम्हन 27 सितंबर 2026 को भारत में अपने पद से हटेंगी। इसके अगले दिन यानी 28 सितंबर 2026 से मनीष आनंदानी MD और CEO की जिम्मेदारी संभालेंगे।
प्रभा नरसिम्हन को Colgate-Palmolive के Asia-Pacific Division में Executive Vice President – Marketing बनाया गया है। यह नियुक्ति 27 सितंबर को भारत में उनका कार्यकाल समाप्त होने के बाद प्रभावी होगी।
प्रभा ने सितंबर 2022 में Colgate-Palmolive India के MD-CEO का पद संभाला था। कंपनी के मुताबिक, उनके करीब चार साल के कार्यकाल में प्रीमियम पोर्टफोलियो, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, क्विक-कॉमर्स और कैटेगरी एक्सपेंशन पर जोर बढ़ा।
Colgate के लिए क्यों अहम है यह बदलाव?
Colgate-Palmolive India इस समय अपने कारोबार में प्रीमियमाइजेशन और डिजिटल कॉमर्स को तेजी से बढ़ाने पर ध्यान दे रही है। कंपनी के अनुसार, ई-कॉमर्स और क्विक-कॉमर्स उसके लिए ग्रोथ के महत्वपूर्ण इंजन बन चुके हैं। कंपनी ने बताया है कि ई-कॉमर्स चैनल में प्रीमियम प्रोडक्ट्स की हिस्सेदारी 50 फीसदी से ज्यादा है।
ऐसे समय में मनीष आनंदानी की नियुक्ति महत्वपूर्ण हो जाती है। उन्हें डिजिटल और ई-कॉमर्स ट्रांसफॉर्मेशन, कस्टमर डेवलपमेंट और मार्केट एक्सपेंशन का अनुभव है। साथ ही, Colgate के पुराने सिस्टम और बिजनेस को समझने की वजह से कंपनी में उनका आना एक तरह से होमकमिंग भी है।
अब आगे क्या चुनौती होगी?
मनीष आनंदानी के सामने सबसे बड़ी चुनौती Colgate-Palmolive India की मजबूत स्थिति को बनाए रखते हुए नए ग्रोथ इंजन तैयार करना होगी। भारत के ओरल केयर बाजार में पारंपरिक टूथपेस्ट और टूथब्रश के साथ-साथ प्रीमियम और स्पेशलाइज्ड प्रोडक्ट्स की मांग बढ़ रही है।
इसके अलावा, ई-कॉमर्स और क्विक-कॉमर्स के बढ़ते प्रभाव के बीच कंपनियों को अपने डिस्ट्रीब्यूशन और मार्केटिंग मॉडल में भी लगातार बदलाव करना पड़ रहा है। आनंदानी के पिछले अनुभव को देखते हुए डिजिटल कॉमर्स और कंज्यूमर-केंद्रित रणनीति उनके कार्यकाल का अहम हिस्सा हो सकती है।
निष्कर्ष
Colgate-Palmolive India में मनीष आनंदानी की नियुक्ति एक महत्वपूर्ण नेतृत्व बदलाव है। 28 सितंबर 2026 से वह कंपनी के MD और CEO की कमान संभालेंगे। करीब 30 साल के अनुभव, Colgate में पहले 13 साल के कार्यकाल और Kenvue में वरिष्ठ नेतृत्व की भूमिका के कारण वह कंपनी के कारोबार और FMCG सेक्टर की बारीकियों से अच्छी तरह परिचित हैं।
वहीं, प्रभा नरसिम्हन का Asia-Pacific स्तर पर प्रमोशन भी Colgate के लिए बड़ा कदम है। अब बाजार की नजर इस बात पर होगी कि आनंदानी कंपनी की प्रीमियमाइजेशन, डिजिटल कॉमर्स और मार्केट एक्सपेंशन की रणनीति को किस तरह आगे बढ़ाते हैं।
नोट: मनीष आनंदानी की नियुक्ति 28 सितंबर 2026 से प्रभावी होगी। उनकी सटीक सैलरी या कुल वार्षिक पैकेज की आधिकारिक घोषणा फिलहाल उपलब्ध नहीं है, इसलिए वायरल या मीडिया में बताए जा रहे किसी अनुमानित आंकड़े को निश्चित वेतन नहीं माना जाना चाहिए।


