EPFO News: करोड़ों पीएफ खाताधारकों के बीच पिछले कई महीनों से यह चर्चा थी कि 1 अगस्त 2026 से कर्मचारी भविष्य निधि (PF) का पैसा सीधे ATM और UPI के जरिए निकाला जा सकेगा। सोशल मीडिया पर इसको लेकर कई दावे भी किए जा रहे थे। अब इन अटकलों पर कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के केंद्रीय भविष्य निधि आयुक्त (CPFC) रमेश कृष्णमूर्ति ने आधिकारिक स्थिति स्पष्ट कर दी है।
उन्होंने बताया कि ATM से PF निकासी की सुविधा अभी शुरू नहीं हुई है, लेकिन इसे अगले एक महीने के भीतर लागू करने का लक्ष्य रखा गया है। वहीं UPI आधारित PF क्लेम सुविधा फिलहाल तकनीकी कारणों से टाल दी गई है।
Highlights
- ATM से PF निकासी की सुविधा अगले एक महीने में शुरू होने की उम्मीद।
- UPI आधारित PF क्लेम सेवा तकनीकी समस्याओं के कारण फिलहाल स्थगित।
- EPFO की ब्याज दर फिलहाल 8.25% ही रहेगी।
- CITES 2.01 सिस्टम अपग्रेड के बाद कई तकनीकी दिक्कतें सामने आईं।
- करोड़ों कर्मचारियों को जल्द डिजिटल और तेज सेवाएं मिलने की उम्मीद।
क्या 1 अगस्त से ATM से निकलने लगा PF का पैसा?
पिछले कुछ समय से यह खबर वायरल हो रही थी कि 1 अगस्त से EPFO सदस्य अपने पीएफ खाते से सीधे ATM कार्ड या UPI के जरिए पैसे निकाल सकेंगे। इससे करोड़ों कर्मचारियों में उत्साह था क्योंकि इससे क्लेम प्रक्रिया काफी आसान हो जाती।
हालांकि, EPFO ने स्पष्ट किया है कि यह सुविधा अभी लागू नहीं हुई है। केंद्रीय भविष्य निधि आयुक्त रमेश कृष्णमूर्ति के अनुसार ATM आधारित निकासी प्रणाली अंतिम चरण में है और इसे अगले एक महीने के भीतर शुरू किए जाने की उम्मीद है।
यदि यह सुविधा शुरू होती है तो पीएफ निकासी के लिए लंबी ऑनलाइन प्रक्रिया और इंतजार काफी हद तक कम हो सकता है।
UPI से PF निकालने में क्यों हो रही देरी?
EPFO की योजना थी कि सदस्य UPI के माध्यम से भी अपने PF क्लेम का भुगतान प्राप्त कर सकें। लेकिन डिजिटल प्लेटफॉर्म के अपग्रेड के दौरान कई तकनीकी समस्याएं सामने आ गईं।
इसी वजह से UPI आधारित क्लेम सुविधा की लॉन्चिंग फिलहाल आगे बढ़ा दी गई है। EPFO का कहना है कि पहले सभी तकनीकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा, उसके बाद ही नई सुविधा शुरू होगी।
CITES 2.01 अपग्रेड क्या है?
EPFO अपने पूरे डिजिटल सिस्टम को आधुनिक बनाने के लिए CITES 2.01 (Centralised IT Enabled Services) नाम का नया आईटी प्लेटफॉर्म लागू कर रहा है।
इस सिस्टम का उद्देश्य है—
- PF सेवाओं को पूरी तरह डिजिटल बनाना।
- क्लेम प्रोसेसिंग को तेज करना।
- ऑनलाइन सेवाओं को अधिक सुरक्षित बनाना।
- सदस्यों को बेहतर यूजर एक्सपीरियंस देना।
- भविष्य में UPI और ATM जैसी सुविधाओं को जोड़ना।
हालांकि नए सिस्टम के लागू होने के बाद शुरुआती चरण में कई तकनीकी समस्याएं भी सामने आईं।
सदस्यों को किन समस्याओं का सामना करना पड़ा?
CITES 2.01 लागू होने के बाद कई पीएफ खाताधारकों ने शिकायतें दर्ज कराईं। प्रमुख समस्याएं थीं—
- पुराने EPF अकाउंट का डेटा दिखाई नहीं देना।
- पोर्टल पर लॉगिन करने में परेशानी।
- वेबसाइट का बहुत धीमा चलना।
- PF क्लेम की प्रोसेसिंग में देरी।
- ऑनलाइन सेवाओं में बार-बार तकनीकी त्रुटियां।
इन्हीं कारणों से EPFO ने पहले सिस्टम को स्थिर करने का फैसला किया और UPI क्लेम सुविधा को कुछ समय के लिए टाल दिया।
क्या बढ़ेगी EPFO की ब्याज दर?
हाल ही में EPFO ने वित्त वर्ष के लिए 8.25% ब्याज करोड़ों खाताधारकों के खातों में जमा किया है। 3 जुलाई तक लगभग 34 करोड़ सदस्यों के खातों में ब्याज की राशि ट्रांसफर की जा चुकी थी।
महंगाई को देखते हुए कई कर्मचारी ब्याज दर बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। हालांकि इस सवाल पर EPFO कमिश्नर ने साफ कहा कि फिलहाल ब्याज दर बढ़ाने को लेकर कोई फैसला नहीं हुआ है। अभी सदस्यों को 8.25% की दर से ही ब्याज मिलता रहेगा।
ATM से PF निकासी शुरू होने पर क्या होंगे फायदे?
जब यह सुविधा लागू होगी, तब कर्मचारियों को कई बड़े लाभ मिल सकते हैं—
- जरूरत पड़ने पर तुरंत PF निकासी।
- क्लेम प्रक्रिया में कम समय।
- बैंक ट्रांसफर का इंतजार कम।
- डिजिटल और आसान सेवा।
- कर्मचारियों के लिए बेहतर सुविधा और पारदर्शिता।
हालांकि यह सुविधा शुरू होने के बाद भी निकासी EPFO के नियमों और पात्रता शर्तों के अनुसार ही होगी।
निष्कर्ष
फिलहाल 1 अगस्त से ATM या UPI के जरिए PF निकासी शुरू होने की खबर सही नहीं है। EPFO ने स्पष्ट किया है कि ATM आधारित सुविधा अगले एक महीने में शुरू होने की उम्मीद है, जबकि UPI क्लेम सेवा तकनीकी समस्याओं के समाधान के बाद ही लॉन्च होगी। वहीं ब्याज दर को लेकर भी अभी कोई नया फैसला नहीं लिया गया है और खाताधारकों को फिलहाल 8.25% की दर से ही ब्याज मिलता रहेगा।


