Market Outlook: भारतीय शेयर बाजार में 16 जुलाई का कारोबारी सत्र उतार-चढ़ाव से भरा रहा, लेकिन आखिरकार सेंसेक्स और निफ्टी लगभग सपाट स्तर पर बंद हुए। आईटी और कंज्यूमर सेक्टर के शेयरों में खरीदारी देखने को मिली, जबकि बैंकिंग और रियल्टी शेयरों पर बिकवाली का दबाव रहा। अब निवेशकों की नजर 17 जुलाई के कारोबार, जून तिमाही के कॉर्पोरेट नतीजों, विदेशी संकेतों और तकनीकी स्तरों पर रहेगी।
सपाट बंद हुए सेंसेक्स और निफ्टी
गुरुवार को बीएसई सेंसेक्स महज 1.44 अंक की बढ़त के साथ 77,186.87 पर बंद हुआ। वहीं एनएसई निफ्टी 50 5.75 अंक (0.02%) की मामूली गिरावट के साथ 24,072.75 पर बंद हुआ।
मार्केट ब्रेड्थ कमजोर रही। कारोबार के दौरान:
- 1,947 शेयरों में तेजी रही।
- 2,119 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई।
- 194 शेयर बिना बदलाव के बंद हुए।
यह संकेत देता है कि बाजार में निवेशकों का रुख अभी भी सतर्क बना हुआ है।
इन शेयरों में रही सबसे ज्यादा हलचल
दिन के कारोबार में कुछ बड़े शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिली।
तेजी वाले शेयर
- इंटरग्लोब एविएशन (+1.8%)
- विप्रो (+1.7%)
- बजाज फाइनेंस (+1.6%)
- HCL टेक्नोलॉजीज (+1.6%)
- मारुति सुजुकी (+1.4%)
गिरावट वाले शेयर
- एटरनल (-2.8%)
- SBI लाइफ इंश्योरेंस (-2.3%)
- भारत इलेक्ट्रॉनिक्स (-0.9%)
- HDFC बैंक (-0.8%)
- श्रीराम फाइनेंस (-0.8%)
सेक्टरवार प्रदर्शन
सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो आईटी और कंज्यूमर शेयरों ने बाजार को सहारा दिया, जबकि बैंकिंग और रियल्टी में कमजोरी रही।
बढ़त वाले सेक्टर
- निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स (+1.5%)
- निफ्टी मीडिया (+1%)
- निफ्टी आईटी (+0.7%)
- निफ्टी ऑटो (+0.4%)
- निफ्टी FMCG (+0.25%)
कमजोर सेक्टर
- निफ्टी रियल्टी (-1%)
- निफ्टी PSU बैंक (-0.5%)
- निफ्टी मेटल (-0.3%)
- निफ्टी प्राइवेट बैंक (-0.3%)
- निफ्टी बैंक (-0.3%)
ब्रॉडर मार्केट भी रहा कमजोर
बेंचमार्क इंडेक्स के मुकाबले मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों का प्रदर्शन कमजोर रहा।
- निफ्टी मिडकैप 100 में 0.4% की गिरावट आई।
- निफ्टी स्मॉलकैप 100 लगभग सपाट बंद हुआ।
इससे साफ है कि बाजार में व्यापक खरीदारी का माहौल अभी नहीं बना है।
विनोद नायर ने बताया बाजार क्यों रहा सुस्त
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के हेड ऑफ रिसर्च विनोद नायर के अनुसार, बाजार पर कई घरेलू और वैश्विक कारकों का असर देखने को मिला।
उनके मुताबिक,
- भू-राजनीतिक तनावों ने निवेशकों को सतर्क रखा।
- कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव बना रहा।
- एशियाई बाजारों से कमजोर संकेत मिले।
- महंगाई को लेकर चिंता बनी रही, जिससे बैंकिंग और रियल्टी सेक्टर दबाव में रहे।
- दूसरी ओर, कुछ पेट्रोकेमिकल्स पर आयात शुल्क दोबारा लागू होने और बेहतर तिमाही नतीजों के कारण केमिकल सेक्टर में मजबूती देखने को मिली।
- अमेरिका की अपेक्षा से कम महंगाई दर ने वैश्विक बाजारों को कुछ राहत दी और ब्याज दरों को लेकर चिंता कम हुई।
उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में निवेशकों की नजर कॉर्पोरेट रिजल्ट, मैनेजमेंट की गाइडेंस, मानसून की प्रगति, महंगाई के आंकड़ों और वैश्विक घटनाक्रम पर रहेगी।
17 जुलाई के लिए निफ्टी का टेक्निकल आउटलुक
LKP सिक्योरिटीज के टेक्निकल एनालिस्ट वत्सल भुवा के अनुसार, निफ्टी फिलहाल सीमित दायरे में कारोबार कर रहा है और बाजार का रुख अभी न्यूट्रल बना हुआ है।
अहम सपोर्ट
- 23,950–24,000 का जोन मजबूत सपोर्ट माना जा रहा है।
प्रमुख रेजिस्टेंस
- 24,250–24,300 पहला बड़ा रेजिस्टेंस।
- इसके ऊपर 24,500 अगली बड़ी बाधा होगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऑप्शन चेन डेटा में 24,000 स्ट्राइक पर सबसे ज्यादा पुट राइटिंग देखने को मिल रही है, जिससे यह स्तर मजबूत सपोर्ट के रूप में उभर रहा है।
ऐसे में फिलहाल गिरावट पर खरीदारी (Buy on Dips) और ऊंचे स्तरों पर मुनाफावसूली (Sell on Rise) की रणनीति बेहतर मानी जा रही है।
बैंक निफ्टी के लिए क्या है संकेत?
वत्सल भुवा के मुताबिक बैंक निफ्टी अभी भी कंसोलिडेशन फेज में है। डेली चार्ट पर छोटी कैंडल बनने से बाजार में अनिश्चितता दिखाई दे रही है।
बैंक निफ्टी सपोर्ट
- 56,800–57,000
बैंक निफ्टी रेजिस्टेंस
- 58,200
जब तक बैंक निफ्टी इस रेंज से बाहर नहीं निकलता, तब तक सीमित दायरे में कारोबार जारी रहने की संभावना है।
SBI सिक्योरिटीज की राय
SBI सिक्योरिटीज के हेड-टेक्निकल एवं डेरिवेटिव्स रिसर्च सुदीप शाह का कहना है कि निफ्टी के लिए 23,960–23,930 के बीच मौजूद 50-डे EMA सबसे महत्वपूर्ण सपोर्ट रहेगा।
अगर 23,930 टूटा तो…
- प्रॉफिट बुकिंग बढ़ सकती है।
- निफ्टी 23,780 तक फिसल सकता है।
ऊपर की ओर क्या रहेगा अहम?
- 24,160–24,200 की रेंज मजबूत रेजिस्टेंस बनी हुई है।
- यदि निफ्टी इस स्तर के ऊपर टिकने में सफल रहता है, तो बाजार में नई तेजी देखने को मिल सकती है।
17 जुलाई के लिए किन बातों पर रहेगी बाजार की नजर?
- जून तिमाही के कॉर्पोरेट नतीजे
- विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की गतिविधियां
- कच्चे तेल की कीमतें
- अमेरिकी और एशियाई बाजारों के संकेत
- मानसून की प्रगति
- तकनीकी स्तरों पर निफ्टी और बैंक निफ्टी की चाल
निष्कर्ष
16 जुलाई को बाजार भले ही सपाट बंद हुआ हो, लेकिन तकनीकी संकेत बताते हैं कि निफ्टी अभी भी एक सीमित दायरे में कारोबार कर रहा है। 23,930-24,000 का जोन सबसे अहम सपोर्ट माना जा रहा है, जबकि 24,160-24,300 के ऊपर मजबूत ब्रेकआउट मिलने पर ही बाजार में नई तेजी देखने को मिल सकती है। ऐसे में 17 जुलाई के कारोबारी सत्र में निवेशकों को तकनीकी स्तरों, तिमाही नतीजों और वैश्विक संकेतों पर विशेष नजर रखनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। NewsJagran.in किसी भी निवेश की सलाह नहीं देता। निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या प्रमाणित निवेश विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य लें।


