Kusumgar Share Price: कुसुमगर लिमिटेड के शेयरों ने शेयर बाजार में शानदार शुरुआत करते हुए आईपीओ निवेशकों को पहले ही दिन जोरदार रिटर्न दिया। कंपनी का शेयर इश्यू प्राइस ₹419 के मुकाबले करीब 37% प्रीमियम पर लिस्ट हुआ और कारोबार के दौरान इसमें तेजी जारी रही। दोपहर 1:45 बजे तक शेयर 42.24% की तेजी के साथ ₹595 पर कारोबार करता दिखा, जबकि इंट्राडे में यह इश्यू प्राइस से लगभग 49% तक उछल गया। ऐसे में निवेशकों के मन में सबसे बड़ा सवाल है कि अब इस शेयर में प्रॉफिट बुक करना चाहिए या लंबी अवधि के लिए होल्ड करना चाहिए?
पहले ही दिन दमदार लिस्टिंग, निवेशकों को शानदार रिटर्न
कुसुमगर के ₹650 करोड़ के आईपीओ को बाजार से जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला था। 15 जुलाई को शेयरों की लिस्टिंग होते ही खरीदारी का दबाव देखने को मिला और शेयर लगातार ऊंचाई पर पहुंचता गया। जिन निवेशकों को आईपीओ में शेयर आवंटित हुए, उन्हें पहले ही दिन शानदार लिस्टिंग गेन हासिल हुआ।
135.80 गुना सब्सक्राइब हुआ था IPO
कुसुमगर का आईपीओ 8 जुलाई से 10 जुलाई तक निवेश के लिए खुला था। निवेशकों ने इस इश्यू पर जबरदस्त भरोसा दिखाया और यह कुल 135.80 गुना सब्सक्राइब हुआ।
सब्सक्रिप्शन का विवरण इस प्रकार रहा—
- QIB (Qualified Institutional Buyers): 299.51 गुना (एंकर निवेशकों को छोड़कर)
- NII (Non-Institutional Investors): 174.28 गुना
- रिटेल निवेशक: 27.97 गुना
- कर्मचारी श्रेणी: 11.09 गुना
इतनी मजबूत सब्सक्रिप्शन ने लिस्टिंग से पहले ही बाजार में सकारात्मक माहौल बना दिया था।
क्या करती है Kusumgar कंपनी?
कुसुमगर एडवांस्ड इंजीनियर्ड फैब्रिक्स बनाने वाली प्रमुख भारतीय कंपनियों में शामिल है। कंपनी का कारोबार कई हाई-टेक सेक्टरों में फैला हुआ है।
कंपनी के प्रमुख बिजनेस सेगमेंट—
- एयरोस्पेस और डिफेंस
- इंडस्ट्रियल एप्लिकेशन
- ऑटोमोटिव इंडस्ट्री
- आउटडोर और लाइफस्टाइल प्रोडक्ट्स
कंपनी के पास गुजरात में 6 मैन्युफैक्चरिंग प्लांट और उत्तर प्रदेश में 1 फैब्रिकेशन यूनिट है।
डिफेंस सेक्टर के लिए बनाती है हाई-टेक प्रोडक्ट्स
कुसुमगर भारतीय रक्षा क्षेत्र के लिए कई विशेष उत्पाद तैयार करती है, जिनमें शामिल हैं—
- पैराशूट सिस्टम
- स्टील्थ सॉल्यूशंस
- रैपिड डिप्लॉयमेंट सिस्टम
- स्पेशल इंजीनियर्ड फैब्रिक्स
इसके अलावा कंपनी ऑटोमोबाइल और गारमेंट उद्योग के लिए भी तकनीकी फैब्रिक्स का निर्माण करती है।
डिफेंस और एयरोस्पेस सेक्टर में लंबी अवधि की संभावनाएं
स्वस्तिका इन्वेस्टमार्ट की वेल्थ हेड शिवानी नयाती के अनुसार, कंपनी की शानदार लिस्टिंग के पीछे डिफेंस सेक्टर में निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी बड़ी वजह है।
उनका कहना है कि कुसुमगर ऐसे स्पेशलाइज्ड इंजीनियर्ड फैब्रिक्स सेगमेंट में काम करती है, जहां नई कंपनियों के लिए प्रवेश आसान नहीं है। भारत में डिफेंस और एयरोस्पेस सेक्टर में सरकारी निवेश बढ़ने से इस उद्योग की लंबी अवधि की ग्रोथ मजबूत मानी जा रही है।
लेकिन वित्तीय प्रदर्शन पर भी रखें नजर
हालांकि कंपनी के बिजनेस मॉडल में संभावनाएं हैं, लेकिन पिछले तीन वर्षों का वित्तीय प्रदर्शन कुछ कमजोर रहा है।
मुख्य चुनौतियां—
- राजस्व (Revenue) में गिरावट
- EPS (Earnings Per Share) में कमी
- Return on Net Worth (RONW) में गिरावट
विशेषज्ञों का मानना है कि वित्त वर्ष 2025 की कमाई में CFF पैराशूट ऑर्डर का महत्वपूर्ण योगदान रहा। साथ ही यह आईपीओ पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) था, यानी कंपनी को इस इश्यू से नई पूंजी प्राप्त नहीं हुई।
निवेशकों को क्या करना चाहिए?
शिवानी नयाती के मुताबिक, जिन निवेशकों को आईपीओ में शेयर मिले हैं, वे फिलहाल पूरी तरह बाहर निकलने की बजाय आंशिक प्रॉफिट बुकिंग पर विचार कर सकते हैं।
उनकी सलाह—
- शेयर होल्ड किया जा सकता है।
- ₹520 का स्टॉप-लॉस बनाए रखें।
- कुछ हिस्से में मुनाफावसूली कर सकते हैं।
- मौजूदा ऊंचे स्तर पर नई खरीदारी से बचें।
- बेहतर एंट्री प्राइस मिलने का इंतजार करें।
निष्कर्ष
कुसुमगर ने अपनी शानदार लिस्टिंग से आईपीओ निवेशकों को बेहतरीन रिटर्न दिया है। कंपनी डिफेंस और एयरोस्पेस जैसे तेजी से बढ़ते सेक्टर में काम करती है, जो भविष्य के लिए सकारात्मक संकेत देता है। हालांकि, पिछले वर्षों के वित्तीय प्रदर्शन और मौजूदा वैल्यूएशन को देखते हुए नए निवेशकों को जल्दबाजी से बचना चाहिए। जिन निवेशकों को आईपीओ आवंटित हुआ है, वे जोखिम प्रबंधन के साथ आंशिक मुनाफावसूली और बाकी निवेश को होल्ड करने की रणनीति अपना सकते हैं।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन है। निवेश का कोई भी निर्णय लेने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या प्रमाणित निवेश विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें।


