Adani Property: अदाणी ग्रुप ने भारतीय रियल एस्टेट सेक्टर में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। GROHE-Hurun India Real Estate 150 List 2026 के अनुसार, गौतम अदाणी और उनका परिवार पहली बार देश के सबसे अमीर रियल एस्टेट उद्यमी बन गए हैं। इस उपलब्धि के साथ उन्होंने लंबे समय से शीर्ष स्थान पर काबिज DLF के चेयरमैन राजीव सिंह और उनके परिवार को पीछे छोड़ दिया है। यह बदलाव भारतीय प्रॉपर्टी बाजार में तेजी से बदलते कारोबारी परिदृश्य को भी दर्शाता है।
अदाणी प्रॉपर्टीज बनी सबसे मूल्यवान रियल एस्टेट कंपनी
रिपोर्ट के मुताबिक, Adani Properties अब भारत की सबसे मूल्यवान रियल एस्टेट कंपनी बन गई है। कंपनी ने रेजिडेंशियल, कमर्शियल, मिक्स्ड-यूज डेवलपमेंट और बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में तेज विस्तार के दम पर यह मुकाम हासिल किया है।
अदाणी परिवार की अनुमानित रियल एस्टेट संपत्ति करीब 90,400 करोड़ रुपये पहुंच गई है, जो पिछले साल के मुकाबले 73% अधिक है। इसी तेजी के चलते उन्हें भारत का सबसे बड़ा रियल एस्टेट कारोबारी माना गया है।
DLF के राजीव सिंह दूसरे स्थान पर पहुंचे
कई वर्षों तक भारत के सबसे बड़े रियल एस्टेट कारोबारी रहे DLF के चेयरमैन राजीव सिंह और उनका परिवार इस बार दूसरे स्थान पर आ गए हैं।
रिपोर्ट के अनुसार उनकी संपत्ति घटकर 90,200 करोड़ रुपये रह गई, जो पिछले वर्ष की तुलना में 29% कम है। विशेषज्ञों के मुताबिक, शेयर बाजार में आई गिरावट और रियल एस्टेट कंपनियों के वैल्यूएशन में बदलाव इसका प्रमुख कारण रहे।
हालांकि, मार्केट कैपिटलाइजेशन के आधार पर DLF अब भी देश की सबसे बड़ी लिस्टेड रेजिडेंशियल रियल एस्टेट कंपनी बनी हुई है।
तीसरे स्थान पर रहे मंगल प्रभात लोढ़ा
मुंबई स्थित लोढ़ा डेवलपर्स के प्रमुख मंगल प्रभात लोढ़ा और उनका परिवार इस सूची में तीसरे स्थान पर रहे।
- अनुमानित संपत्ति: 67,700 करोड़ रुपये
- सालाना गिरावट: 27%
- रैंक: तीसरा स्थान
हालांकि वैल्यूएशन में कमी आई है, लेकिन कंपनी ने बिक्री और नए प्रोजेक्ट्स के विस्तार में अपनी मजबूत स्थिति बनाए रखी है।
इंफ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टेट का बढ़ता तालमेल
नई Hurun रिपोर्ट बताती है कि अब केवल पारंपरिक बिल्डर ही नहीं, बल्कि बड़े कॉर्पोरेट समूह भी रियल एस्टेट सेक्टर में तेजी से अपनी मौजूदगी बढ़ा रहे हैं।
अदाणी ग्रुप ने शहरी विकास की रणनीति के तहत कई क्षेत्रों में निवेश बढ़ाया है, जिनमें शामिल हैं—
- इंटीग्रेटेड टाउनशिप
- कमर्शियल प्रोजेक्ट्स
- मिक्स्ड-यूज डेवलपमेंट
- लॉजिस्टिक्स पार्क
- स्मार्ट अर्बन इंफ्रास्ट्रक्चर
यही वजह है कि कंपनी ने कम समय में रियल एस्टेट कारोबार में मजबूत पहचान बनाई है।
भारतीय प्रॉपर्टी बाजार के लिए क्या संकेत हैं?
विशेषज्ञों का मानना है कि यह बदलाव केवल रैंकिंग का मामला नहीं है, बल्कि भारतीय रियल एस्टेट सेक्टर में नए बिजनेस मॉडल की शुरुआत का संकेत भी है। अब बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर समूह शहरों के विकास, स्मार्ट टाउनशिप और बड़े कमर्शियल प्रोजेक्ट्स पर अधिक फोकस कर रहे हैं। इससे आने वाले वर्षों में प्रतिस्पर्धा और निवेश दोनों बढ़ने की संभावना है।
निष्कर्ष
GROHE-Hurun India Real Estate 150 List 2026 में शीर्ष स्थान हासिल कर गौतम अदाणी और उनका परिवार पहली बार भारत के सबसे बड़े रियल एस्टेट उद्यमी बन गए हैं। Adani Properties की तेज़ ग्रोथ ने DLF जैसी दिग्गज कंपनी को पीछे छोड़ दिया है। यह उपलब्धि दिखाती है कि इंफ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टेट के एकीकृत मॉडल के दम पर अदाणी ग्रुप भारतीय प्रॉपर्टी बाजार में तेजी से अपनी पकड़ मजबूत कर रहा है।


