भारतीय शेयर बाजार ने सप्ताह के कारोबारी सत्र का समापन लगातार तीसरे दिन बढ़त के साथ किया। वैश्विक संकेतों में सुधार, पश्चिम एशिया में तनाव कम होने की उम्मीद और आईटी सेक्टर में मजबूत खरीदारी ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया। कारोबार के दौरान बीएसई सेंसेक्स 600 अंकों से अधिक उछला, जबकि एनएसई निफ्टी 24,300 अंक के स्तर के पार पहुंच गया। हालांकि दिन के अंत में बाजार ने कुछ बढ़त गंवाई, फिर भी प्रमुख सूचकांक मजबूत बढ़त के साथ बंद होने में सफल रहे।
आईटी कंपनियों में शानदार तेजी देखने को मिली, जिसमें एचसीएल टेक, टेक महिंद्रा, इन्फोसिस और टीसीएस जैसे दिग्गज शेयरों ने बाजार की तेजी को मजबूती दी। वहीं बैंकिंग और कुछ सरकारी कंपनियों के शेयरों में हल्की कमजोरी देखने को मिली।
बाजार बंद होने पर क्या रहा हाल?
दिन के अंत में बीएसई सेंसेक्स 261.79 अंक (0.34%) की बढ़त के साथ 77,763.91 अंक पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 50 इंडेक्स 95.15 अंक (0.39%) चढ़कर 24,270.85 अंक पर पहुंच गया।
कारोबार के शुरुआती घंटों में बाजार में जबरदस्त खरीदारी देखने को मिली थी। सेंसेक्स एक समय 600 अंक से अधिक मजबूत हो गया था, जबकि निफ्टी 24,300 अंक के ऊपर कारोबार करता दिखाई दिया। हालांकि मुनाफावसूली के चलते अंतिम घंटों में कुछ बढ़त कम हुई, लेकिन बाजार लगातार तीसरे दिन सकारात्मक दायरे में बंद हुआ।
HCL Tech बना दिन का सबसे बड़ा स्टार
सेंसेक्स में शामिल 30 कंपनियों में से 24 शेयर हरे निशान में बंद हुए, जो बाजार की व्यापक मजबूती को दर्शाता है।
सबसे अधिक तेजी एचसीएल टेक में रही, जिसका शेयर लगभग 4.73% उछल गया। इसके अलावा आईटी सेक्टर की अन्य प्रमुख कंपनियों में भी अच्छी खरीदारी देखने को मिली।
तेजी वाले प्रमुख शेयरों में शामिल रहे:
- HCL Tech
- Tech Mahindra
- Infosys
- Tata Consultancy Services (TCS)
- Tata Steel
- Bajaj Finserv
विश्लेषकों का मानना है कि वैश्विक टेक शेयरों में सुधार और अमेरिकी बाजार से मिले सकारात्मक संकेतों का लाभ भारतीय आईटी कंपनियों को मिला।
इन शेयरों में रही कमजोरी
जहां आईटी शेयरों ने बाजार को ऊपर खींचा, वहीं कुछ बड़े शेयर दबाव में रहे।
गिरावट वाले प्रमुख शेयर:
- Mahindra & Mahindra
- NTPC
- Axis Bank
- IndiGo
- Power Grid
- State Bank of India (SBI)
बैंकिंग और पीएसयू सेक्टर में सीमित बिकवाली के कारण इन शेयरों में दबाव देखने को मिला।
ब्रॉडर मार्केट का प्रदर्शन भी रहा मजबूत
केवल बड़ी कंपनियां ही नहीं, बल्कि मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी निवेशकों की खरीदारी जारी रही।
- निफ्टी मिडकैप इंडेक्स लगभग 0.21% मजबूत हुआ।
- निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स करीब 0.47% की बढ़त के साथ बंद हुआ।
यह संकेत देता है कि बाजार में केवल चुनिंदा शेयरों में नहीं बल्कि व्यापक स्तर पर निवेशकों का भरोसा बना हुआ है।
सेक्टरवार प्रदर्शन
आज के कारोबार में विभिन्न सेक्टरों का प्रदर्शन अलग-अलग रहा।
सबसे अधिक तेजी वाले सेक्टर
- आईटी
- मेटल
आईटी सेक्टर में वैश्विक मांग को लेकर सकारात्मक उम्मीदों ने खरीदारी को बढ़ावा दिया, जबकि धातु कंपनियों में कमोडिटी कीमतों और चीन से जुड़े सकारात्मक संकेतों का असर देखने को मिला।
कमजोर रहने वाले सेक्टर
- बैंकिंग
- पीएसयू बैंक
इन सेक्टरों में निवेशकों ने सीमित मुनाफावसूली की, जिसके चलते प्रदर्शन अन्य सेक्टरों की तुलना में कमजोर रहा।
बाजार में तेजी की प्रमुख वजहें
1. पश्चिम एशिया में तनाव कम होने की उम्मीद
वैश्विक निवेशक लंबे समय से पश्चिम एशिया की स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। क्षेत्र में शांति की उम्मीद बढ़ने से निवेशकों की जोखिम लेने की क्षमता में सुधार आया, जिसका सकारात्मक असर भारतीय बाजार पर भी पड़ा।
2. आईटी शेयरों में जोरदार खरीदारी
अमेरिकी बाजारों से मिले सकारात्मक संकेतों और टेक्नोलॉजी कंपनियों के बेहतर आउटलुक के चलते भारतीय आईटी कंपनियों में निवेश बढ़ा।
3. विदेशी निवेशकों का भरोसा
हाल के दिनों में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की गतिविधियों में सुधार देखा गया है। इससे बाजार में सकारात्मक माहौल बना हुआ है।
4. घरेलू अर्थव्यवस्था की मजबूती
मजबूत जीएसटी संग्रह, नियंत्रित महंगाई और बेहतर आर्थिक गतिविधियां भारतीय शेयर बाजार को समर्थन दे रही हैं।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
लगातार तीसरे दिन बाजार में तेजी इस बात का संकेत है कि फिलहाल निवेशकों का सेंटीमेंट सकारात्मक बना हुआ है। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि बाजार अब महत्वपूर्ण तकनीकी स्तरों के करीब पहुंच चुका है। ऐसे में आगे की दिशा वैश्विक संकेतों, विदेशी निवेशकों की गतिविधियों और कंपनियों के पहली तिमाही (Q1) के नतीजों पर निर्भर करेगी।
यदि आईटी सेक्टर में मजबूती बनी रहती है और बैंकिंग शेयर भी इसमें शामिल होते हैं, तो आने वाले सत्रों में निफ्टी नए स्तरों की ओर बढ़ सकता है। वहीं किसी भी वैश्विक नकारात्मक खबर या मुनाफावसूली की स्थिति में बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
आगे किन बातों पर रहेगी बाजार की नजर?
- पहली तिमाही (Q1) कंपनियों के वित्तीय नतीजे
- विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की खरीद-बिक्री
- वैश्विक बाजारों का रुख
- कच्चे तेल की कीमतें
- रुपये की चाल
- अमेरिकी फेडरल रिजर्व से जुड़े संकेत
निष्कर्ष
भारतीय शेयर बाजार ने लगातार तीसरे कारोबारी दिन मजबूती के साथ बंद होकर निवेशकों का विश्वास कायम रखा। सेंसेक्स 262 अंक और निफ्टी 95 अंक की बढ़त के साथ बंद हुए। एचसीएल टेक सहित आईटी शेयरों में शानदार तेजी बाजार की सबसे बड़ी खासियत रही, जबकि बैंकिंग और कुछ सरकारी शेयरों में हल्का दबाव देखने को मिला। यदि वैश्विक परिस्थितियां अनुकूल बनी रहती हैं और कंपनियों के तिमाही नतीजे उम्मीद के मुताबिक आते हैं, तो आने वाले दिनों में बाजार की तेजी आगे भी जारी रह सकती है।


